मोरैना जिले के जौरा में एक ऑडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसने पुलिस व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इस वायरल ऑडियो में यह आरोप लगाया गया है कि रेत के अवैध कारोबार के बंद होने के बाद जुए का धंधा फल-फूल रहा है और उससे नियमित वसूली की जा रही है। वायरल ऑडियो में कथित तौर पर जुए का फड़ संचालित करने वाला व्यक्ति गंगाराम, जौरा के सिग्नल पुरा क्षेत्र में जुए के अड्डे से कुछ आरक्षकों को नियमित रूप से पैसे देने की बात स्वीकार करता सुनाई दे रहा है। इस ऑडियो के सामने आने के बाद इलाके में चर्चाओं का बाज़ार गर्म है और लोग पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं। हालांकि, इस वायरल ऑडियो की सत्यता की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है और यह भी स्पष्ट नहीं है कि यह ऑडियो कब का है या कितना पुराना है। यदि यह ऑडियो सही पाया जाता है, तो यह पुलिस और अवैध गतिविधियों के बीच कथित गठजोड़ की गंभीर आशंकाओं को जन्म देता है। फिलहाल, पुलिस विभाग की ओर से इस मामले में कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।
मोरैना जिले के जौरा में एक ऑडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसने पुलिस व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इस वायरल ऑडियो में यह आरोप लगाया गया है कि रेत के अवैध कारोबार के बंद होने के बाद जुए का धंधा फल-फूल रहा है और उससे नियमित वसूली की जा रही है। वायरल ऑडियो में कथित तौर पर जुए का फड़ संचालित करने वाला व्यक्ति गंगाराम, जौरा के सिग्नल पुरा क्षेत्र में जुए के अड्डे से कुछ आरक्षकों को नियमित रूप से पैसे देने की बात स्वीकार करता सुनाई दे रहा है। इस ऑडियो के सामने आने के बाद इलाके में चर्चाओं का बाज़ार गर्म है और लोग पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं। हालांकि, इस वायरल ऑडियो की सत्यता की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है और यह भी स्पष्ट नहीं है कि यह ऑडियो कब का है या कितना पुराना है। यदि यह ऑडियो सही पाया जाता है, तो यह पुलिस और अवैध गतिविधियों के बीच कथित गठजोड़ की गंभीर आशंकाओं को जन्म देता है। फिलहाल, पुलिस विभाग की ओर से इस मामले में कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।
- मोरैना जिले के जौरा में एक ऑडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसने पुलिस व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इस वायरल ऑडियो में यह आरोप लगाया गया है कि रेत के अवैध कारोबार के बंद होने के बाद जुए का धंधा फल-फूल रहा है और उससे नियमित वसूली की जा रही है। वायरल ऑडियो में कथित तौर पर जुए का फड़ संचालित करने वाला व्यक्ति गंगाराम, जौरा के सिग्नल पुरा क्षेत्र में जुए के अड्डे से कुछ आरक्षकों को नियमित रूप से पैसे देने की बात स्वीकार करता सुनाई दे रहा है। इस ऑडियो के सामने आने के बाद इलाके में चर्चाओं का बाज़ार गर्म है और लोग पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं। हालांकि, इस वायरल ऑडियो की सत्यता की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है और यह भी स्पष्ट नहीं है कि यह ऑडियो कब का है या कितना पुराना है। यदि यह ऑडियो सही पाया जाता है, तो यह पुलिस और अवैध गतिविधियों के बीच कथित गठजोड़ की गंभीर आशंकाओं को जन्म देता है। फिलहाल, पुलिस विभाग की ओर से इस मामले में कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।1
- मोरैना जिले के सैथरी गांव में तोमर परिवार द्वारा श्रीमद् भागवत कथा का आयोजन किया गया है, जिसके उपलक्ष्य में दिनांक 24 मई को एक भव्य कलश यात्रा निकाली गई। यह कलश यात्रा सैथरी गांव के मुख्य मार्ग से होते हुए आगे बढ़ी, जिसमें बड़ी संख्या में ग्रामीण पुरुष और महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इस धूमधाम भरी कलश यात्रा के साथ ही श्रीमद् भागवत कथा का विधिवत प्रारंभ हो गया है।1
- मोरैना जिले के सबलगढ़ में MS रोड पर लक्ष्मी टॉकीज के सामने एक एक्सीडेंट हो गया। इस दुर्घटना में एक व्यक्ति घायल हो गया। एक्सीडेंट एक बोलेरो गाड़ी से हुआ है, जिस पर उत्तर प्रदेश की नंबर प्लेट लगी हुई थी।1
- सैपऊ उपखंड के परौआ गांव में अज्ञात चोरों ने ट्रांसफार्मर चोरी करने की कोशिश की, लेकिन वे अपने मंसूबों में कामयाब नहीं हो सके। चोरों ने ट्रांसफार्मर को पोल से नीचे गिरा दिया और उसे अपनी मैक्स गाड़ी में लोड करने की तैयारी कर रहे थे। इसी दौरान, ट्रांसफार्मर गिरने की आवाज सुनकर ग्रामीण जाग गए। ग्रामीणों की आवाज सुनकर चोर मौके का फायदा उठाकर अपनी मैक्स गाड़ी के साथ फरार हो गए। इस दौरान, ट्रांसफार्मर का तेल मौके पर ही जमीन पर फैल गया। ग्रामीणों की सतर्कता के कारण चोर चोरी की इस घटना को अंजाम देने में असफल रहे।1
- आम आदमी पार्टी (आप) की सरमथुरा, धौलपुर इकाई के जिला अध्यक्ष (ST अनुसूचित जनजाति) भरत सिंह मीणा ने सरमथुरा नगर पालिका अधिशासी अधिकारी को एक ज्ञापन सौंपकर सार्वजनिक शौचालयों और बाथरूमों पर लगे ताले तुरंत खुलवाने की मांग की है। ज्ञापन में कहा गया है कि नगर पालिका द्वारा निर्मित ये सार्वजनिक सुविधाएं वर्तमान में बंद पड़ी हैं, जिससे आम नागरिकों, महिलाओं, बुजुर्गों और राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ज्ञापन में बताया गया है कि शौचालय की अचानक आवश्यकता पड़ने पर बंद सुविधाएं बड़ी समस्या बन जाती हैं, खासकर महिलाओं और बच्चियों को सामाजिक एवं स्वास्थ्य संबंधी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। इसे स्वच्छ भारत मिशन और आम जनता की मूलभूत सुविधाओं के विपरीत बताते हुए, श्री मीणा ने कहा कि जनता के टैक्स के पैसों से बने शौचालयों को बंद रखना प्रशासन की लापरवाही को दर्शाता है। उन्होंने जोर दिया कि यदि शौचालय बने हैं, तो उनका उपयोग जनता के लिए नियमित रूप से खुला रहना चाहिए। भरत सिंह मीणा ने तत्काल प्रभाव से सार्वजनिक शौचालय एवं बाथरूम के ताले खुलवाकर उन्हें आम जनता के उपयोग हेतु चालू करवाने और उनकी नियमित सफाई एवं देखरेख की उचित व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र समाधान नहीं किया गया, तो आम जनता के साथ लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन करने के लिए बाध्य होना पड़ेगा।1
- धौलपुर जिले में चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत, सरमथुरा थाना पुलिस ने पिछले दिनों गुम हुए मोबाइल फोन उनके वास्तविक मालिकों को लौटा दिए हैं। यह कार्रवाई जिला पुलिस अधीक्षक विकास सांगवान के निर्देश पर पूरे जिले में चलाए जा रहे एक विशेष अभियान के तहत की गई है। सरमथुरा थाना प्रभारी हरेंद्र सिंह के नेतृत्व में थाना पुलिस ने कुल 29 गुम हुए मोबाइल फोन उनके सही मालिकों को सौंपे। अपने मोबाइल फोन वापस पाकर लोगों के चेहरे खुशी से खिल उठे, और उन्होंने पुलिस का धन्यवाद व्यक्त किया।1
- मध्य प्रदेश के मुरैना में मंगलवार सुबह दो छात्रों पर गोली चलने की घटना के संबंध में नई जानकारी सामने आई है। पहले ऐसी खबरें थीं कि किसी बदमाश ने जानबूझकर छात्रों पर गोली चलाई है, लेकिन अब यह स्पष्ट हुआ है कि यह एक दुर्घटना थी। दरअसल, चलती स्कूटर पर गन लोड करने के दौरान अनजाने में फायरिंग हो गई, जिससे यह घटना हुई।1
- मध्य प्रदेश के मुरैना जिले में पोरसा थाना में पदस्थ सब-इंस्पेक्टर (एसआई) रामावतार सिंह को रिश्वत लेते हुए एक वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस अधीक्षक द्वारा निलंबित कर दिया गया है। एसआई रामावतार सिंह पर आरोप है कि उन्होंने एक व्यक्ति से जमानत और केस में राहत दिलाने के नाम पर पैसे लिए। सोशल मीडिया पर वायरल हुए दो वीडियो के सामने आने के बाद पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। बताया गया है कि ये दोनों वीडियो कुछ माह पुराने हैं, लेकिन अब इनके सामने आने से मामला चर्चा का विषय बन गया है। पहले वीडियो में एक युवक एसआई को पैसे देते हुए दिख रहा है, जहां युवक कह रहा है कि वह पहले ही 9 हजार रुपये दे चुका है और अब 500 रुपये लेकर आया है, लेकिन एसआई पूरे 1 हजार रुपये लेने की बात पर अड़े दिखते हैं। इस वीडियो में कथित तौर पर पैसों का लेन-देन खुलेआम होता नजर आ रहा है। दूसरे वीडियो में एक मामले में जमानत कराने के लिए 5 हजार रुपये मांगे जाने की बात सामने आई है, जिसमें युवक केवल 2 हजार रुपये ही दे पाता है, जिस पर एसआई कथित तौर पर पैसे वापस लौटाते हुए दिखते हैं। इस घटना के सामने आने के बाद पुलिस अधीक्षक ने तत्काल कार्रवाई करते हुए एसआई को निलंबित कर दिया है।1