कासिमाबाद में बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा का शहादत दिवस श्रद्धापूर्वक संपन्न, सामाजिक न्याय के संघर्ष को आगे बढ़ाने का लिया संकल्प गाजीपुर | वंदे भारत लाइव टीवी न्यूज़ गाजीपुर। सामाजिक न्याय के महानायक, शोषितों-वंचितों की बुलंद आवाज एवं क्रांतिकारी विचारक बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा जी का शहादत दिवस शुक्रवार, 5 सितंबर को जहूराबाद विधानसभा क्षेत्र के कासिमाबाद स्थित अपनी जनता पार्टी कार्यालय में श्रद्धा, सम्मान और संकल्प के साथ मनाया गया। इस अवसर पर उपस्थित नेताओं एवं कार्यकर्ताओं ने बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा जी के संघर्षपूर्ण जीवन, उनके क्रांतिकारी विचारों तथा सामाजिक न्याय के लिए दिए गए योगदान को याद करते हुए भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। कार्यक्रम में अपनी जनता पार्टी के प्रदेश सचिव रामध्यान कुशवाहा, जिलाध्यक्ष अनिल कुमार भारती, जिला मीडिया प्रभारी जितेन्द्र सिंह कुशवाहा, जहूराबाद विधानसभा अध्यक्ष कमलेश कुशवाहा तथा बाराचवर ब्लॉक अध्यक्ष संजय कुमार भारती सहित अनेक पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे। इस दौरान राजाराम कन्नौजिया, उमेश कुशवाहा, रामऔतार कुशवाहा, अंबिका कुशवाहा सहित अन्य लोगों ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा जी के विचारों को जन-जन तक पहुंचाना आज समय की आवश्यकता है। “अन्याय के खिलाफ संघर्ष की मशाल बुझती नहीं, बल्कि पीढ़ियों को रोशन करती है।” वक्ताओं ने कहा कि बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा जी केवल एक नेता नहीं, बल्कि उस व्यवस्था के खिलाफ उठी एक क्रांतिकारी आवाज थे, जिसने शोषित, वंचित और मेहनतकश समाज को अपने अधिकारों एवं सम्मान के लिए संघर्ष करना सिखाया। “बिहार के लेनिन” के नाम से प्रसिद्ध बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा जी ने सामाजिक बराबरी, सम्मान और अधिकारों पर आधारित समाज का सपना देखा था। उनका संघर्ष सामाजिक न्याय और समानता की लड़ाई लड़ने वाले लोगों के लिए सदैव प्रेरणास्रोत बना रहेगा। उपस्थित लोगों ने लिया संकल्प— शोषण के खिलाफ आवाज बुलंद करेंगे। अन्याय के सामने कभी नहीं झुकेंगे। सामाजिक बराबरी और सम्मान की लड़ाई को आगे बढ़ाएंगे। बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा जी के विचारों को जन-जन तक पहुंचाएंगे। कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थित लोगों ने बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा जी को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उनके संघर्ष और विचारों को नमन किया। वंदे भारत लाइव टीवी न्यूज़, गाजीपुर से खास बातचीत में अपनी जनता पार्टी के जिला मीडिया प्रभारी जितेन्द्र सिंह कुशवाहा ने कहा कि बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा जी के विचार आज भी सामाजिक न्याय और समानता की लड़ाई लड़ने वाले लोगों के लिए प्रेरणास्रोत हैं। उन्होंने कहा कि उनके बताए मार्ग पर चलकर शोषित, वंचित एवं मेहनतकश समाज के अधिकारों की लड़ाई को और मजबूती के साथ आगे बढ़ाया जाएगा। बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा जी का संघर्ष अमर रहे! उनके विचार अमर रहें! सामाजिक न्याय की लड़ाई जारी रहे! ✊🔥 (2 फरवरी 1922 – 5 सितंबर 1974) 📺 वंदे भारत लाइव टीवी न्यूज़ | गाजीपुर
कासिमाबाद में बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा का शहादत दिवस श्रद्धापूर्वक संपन्न, सामाजिक न्याय के संघर्ष को आगे बढ़ाने का लिया संकल्प गाजीपुर | वंदे भारत लाइव टीवी न्यूज़ गाजीपुर। सामाजिक न्याय के महानायक, शोषितों-वंचितों की बुलंद आवाज एवं क्रांतिकारी विचारक बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा जी का शहादत दिवस शुक्रवार, 5 सितंबर को जहूराबाद विधानसभा क्षेत्र के कासिमाबाद स्थित अपनी जनता पार्टी कार्यालय में श्रद्धा, सम्मान और संकल्प के साथ मनाया गया। इस अवसर पर उपस्थित नेताओं एवं कार्यकर्ताओं ने बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा जी के संघर्षपूर्ण जीवन, उनके क्रांतिकारी विचारों तथा सामाजिक न्याय के लिए दिए गए योगदान को याद करते हुए भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। कार्यक्रम में अपनी जनता पार्टी के प्रदेश सचिव रामध्यान कुशवाहा, जिलाध्यक्ष अनिल कुमार भारती, जिला मीडिया प्रभारी जितेन्द्र सिंह कुशवाहा, जहूराबाद विधानसभा अध्यक्ष कमलेश कुशवाहा तथा बाराचवर ब्लॉक अध्यक्ष संजय कुमार भारती सहित अनेक पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे। इस दौरान
राजाराम कन्नौजिया, उमेश कुशवाहा, रामऔतार कुशवाहा, अंबिका कुशवाहा सहित अन्य लोगों ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा जी के विचारों को जन-जन तक पहुंचाना आज समय की आवश्यकता है। “अन्याय के खिलाफ संघर्ष की मशाल बुझती नहीं, बल्कि पीढ़ियों को रोशन करती है।” वक्ताओं ने कहा कि बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा जी केवल एक नेता नहीं, बल्कि उस व्यवस्था के खिलाफ उठी एक क्रांतिकारी आवाज थे, जिसने शोषित, वंचित और मेहनतकश समाज को अपने अधिकारों एवं सम्मान के लिए संघर्ष करना सिखाया। “बिहार के लेनिन” के नाम से प्रसिद्ध बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा जी ने सामाजिक बराबरी, सम्मान और अधिकारों पर आधारित समाज का सपना देखा था। उनका संघर्ष सामाजिक न्याय और समानता की लड़ाई लड़ने वाले लोगों के लिए सदैव प्रेरणास्रोत बना रहेगा। उपस्थित लोगों ने लिया संकल्प— शोषण के खिलाफ आवाज बुलंद करेंगे। अन्याय के सामने कभी नहीं झुकेंगे। सामाजिक बराबरी
और सम्मान की लड़ाई को आगे बढ़ाएंगे। बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा जी के विचारों को जन-जन तक पहुंचाएंगे। कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थित लोगों ने बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा जी को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उनके संघर्ष और विचारों को नमन किया। वंदे भारत लाइव टीवी न्यूज़, गाजीपुर से खास बातचीत में अपनी जनता पार्टी के जिला मीडिया प्रभारी जितेन्द्र सिंह कुशवाहा ने कहा कि बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा जी के विचार आज भी सामाजिक न्याय और समानता की लड़ाई लड़ने वाले लोगों के लिए प्रेरणास्रोत हैं। उन्होंने कहा कि उनके बताए मार्ग पर चलकर शोषित, वंचित एवं मेहनतकश समाज के अधिकारों की लड़ाई को और मजबूती के साथ आगे बढ़ाया जाएगा। बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा जी का संघर्ष अमर रहे! उनके विचार अमर रहें! सामाजिक न्याय की लड़ाई जारी रहे! ✊🔥 (2 फरवरी 1922 – 5 सितंबर 1974) 📺 वंदे भारत लाइव टीवी न्यूज़ | गाजीपुर
- गाजीपुर में पीजी कॉलेज में शिक्षक दिवस के अवसर पर शिक्षक सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। गाजीपुर में पीजी कॉलेज में शिक्षक दिवस के अवसर पर शिक्षक सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। समारोह में नवागत शिक्षक अमृता सिंह और मिथिलेश सिंह के साथ सेवानिवृत्त शिक्षक डॉ. लवजी सिंह और डॉ. रामनारायण तिवारी को सम्मानित किया गया। वहीं, विज्ञान संकाय के प्राध्यापक डॉ. मयंक श्रीवास्तव को उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट लाने के लिए विशेष सम्मान दिया गया। इस दौरान प्राचार्य प्रोफेसर डॉ. राघवेन्द्र कुमार पाण्डेय ने कहा कि शिक्षक समाज को दिशा प्रदान करता है, इसलिए वह राष्ट्र निर्माता होता है। उन्होंने कहा कि शिक्षक अपने ज्ञान से विद्यार्थियों के जीवन में सही मार्ग दिखाने का काम करता है। कार्यक्रम में कॉलेज के शिक्षक, कर्मचारी और विद्यार्थी मौजूद रहे। इस दौरान महाविद्यालय के संस्थापक की शताब्दी जयंती के तहत आयोजित होने वाले विभिन्न शैक्षणिक और सांस्कृतिक कार्यक्रमों पर भी चर्चा हुई।3
- 🇮🇳 भारत ने पाकिस्तान को दिया मुंहतोड़ जवाब, देशभर में गूंजा राष्ट्रगौरव नई दिल्ली। भारत ने पाकिस्तान की ओर से की गई किसी भी उकसावेपूर्ण कार्रवाई का दृढ़ता और प्रभावी तरीके से जवाब देते हुए एक बार फिर स्पष्ट कर दिया है कि देश की सुरक्षा और संप्रभुता से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। भारतीय सुरक्षा बलों की सतर्कता, साहस और रणनीतिक क्षमता ने देशवासियों का मनोबल बढ़ाया है। भारत की जवाबी कार्रवाई को लेकर देशभर में राष्ट्रभक्ति और एकजुटता का माहौल देखने को मिल रहा है। नागरिकों ने भारतीय सेना एवं सुरक्षा बलों के साहस और कर्तव्यनिष्ठा को नमन करते हुए कहा कि देश की रक्षा के लिए पूरा भारत एकजुट है। भारतीय सुरक्षा बलों ने हमेशा की तरह संयम, साहस और जिम्मेदारी का परिचय देते हुए देश की सीमाओं की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है। भारत का स्पष्ट संदेश है कि शांति की इच्छा के बावजूद देश की सुरक्षा के साथ किसी भी प्रकार का खिलवाड़ स्वीकार नहीं किया जाएगा। मानवाधिकार सुरक्षा एवं संरक्षण ऑर्गनाइजेशन की ओर से भारतीय सेना एवं सभी सुरक्षा बलों के वीर जवानों को राष्ट्र की सुरक्षा के प्रति उनके समर्पण के लिए नमन एवं हार्दिक अभिनंदन। रिपोर्टर — सूर्य प्रकाश पाण्डेय मानवाधिकार सुरक्षा एवं संरक्षण ऑर्गनाइजेशन1
- कासिमाबाद में बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा का शहादत दिवस श्रद्धापूर्वक संपन्न, सामाजिक न्याय के संघर्ष को आगे बढ़ाने का लिया संकल्प गाजीपुर | वंदे भारत लाइव टीवी न्यूज़ गाजीपुर। सामाजिक न्याय के महानायक, शोषितों-वंचितों की बुलंद आवाज एवं क्रांतिकारी विचारक बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा जी का शहादत दिवस शुक्रवार, 5 सितंबर को जहूराबाद विधानसभा क्षेत्र के कासिमाबाद स्थित अपनी जनता पार्टी कार्यालय में श्रद्धा, सम्मान और संकल्प के साथ मनाया गया। इस अवसर पर उपस्थित नेताओं एवं कार्यकर्ताओं ने बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा जी के संघर्षपूर्ण जीवन, उनके क्रांतिकारी विचारों तथा सामाजिक न्याय के लिए दिए गए योगदान को याद करते हुए भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। कार्यक्रम में अपनी जनता पार्टी के प्रदेश सचिव रामध्यान कुशवाहा, जिलाध्यक्ष अनिल कुमार भारती, जिला मीडिया प्रभारी जितेन्द्र सिंह कुशवाहा, जहूराबाद विधानसभा अध्यक्ष कमलेश कुशवाहा तथा बाराचवर ब्लॉक अध्यक्ष संजय कुमार भारती सहित अनेक पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे। इस दौरान राजाराम कन्नौजिया, उमेश कुशवाहा, रामऔतार कुशवाहा, अंबिका कुशवाहा सहित अन्य लोगों ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा जी के विचारों को जन-जन तक पहुंचाना आज समय की आवश्यकता है। “अन्याय के खिलाफ संघर्ष की मशाल बुझती नहीं, बल्कि पीढ़ियों को रोशन करती है।” वक्ताओं ने कहा कि बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा जी केवल एक नेता नहीं, बल्कि उस व्यवस्था के खिलाफ उठी एक क्रांतिकारी आवाज थे, जिसने शोषित, वंचित और मेहनतकश समाज को अपने अधिकारों एवं सम्मान के लिए संघर्ष करना सिखाया। “बिहार के लेनिन” के नाम से प्रसिद्ध बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा जी ने सामाजिक बराबरी, सम्मान और अधिकारों पर आधारित समाज का सपना देखा था। उनका संघर्ष सामाजिक न्याय और समानता की लड़ाई लड़ने वाले लोगों के लिए सदैव प्रेरणास्रोत बना रहेगा। उपस्थित लोगों ने लिया संकल्प— शोषण के खिलाफ आवाज बुलंद करेंगे। अन्याय के सामने कभी नहीं झुकेंगे। सामाजिक बराबरी और सम्मान की लड़ाई को आगे बढ़ाएंगे। बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा जी के विचारों को जन-जन तक पहुंचाएंगे। कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थित लोगों ने बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा जी को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उनके संघर्ष और विचारों को नमन किया। वंदे भारत लाइव टीवी न्यूज़, गाजीपुर से खास बातचीत में अपनी जनता पार्टी के जिला मीडिया प्रभारी जितेन्द्र सिंह कुशवाहा ने कहा कि बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा जी के विचार आज भी सामाजिक न्याय और समानता की लड़ाई लड़ने वाले लोगों के लिए प्रेरणास्रोत हैं। उन्होंने कहा कि उनके बताए मार्ग पर चलकर शोषित, वंचित एवं मेहनतकश समाज के अधिकारों की लड़ाई को और मजबूती के साथ आगे बढ़ाया जाएगा। बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा जी का संघर्ष अमर रहे! उनके विचार अमर रहें! सामाजिक न्याय की लड़ाई जारी रहे! ✊🔥 (2 फरवरी 1922 – 5 सितंबर 1974) 📺 वंदे भारत लाइव टीवी न्यूज़ | गाजीपुर3
- मऊ: जहनियांपुर मोड़ पर दर्दनाक हादसा, बिजली के पोल से टकराई बाइक, दो युवकों की मौत मऊ: जहनियांपुर मोड़ पर दर्दनाक हादसा, बिजली के पोल से टकराई बाइक, दो युवकों की मौत आठ घंटे बाद खाई में मिले शव, सड़क चौड़ीकरण और पोल शिफ्टिंग की मांग को लेकर ग्रामीणों ने लगाया जाम मऊ के कोपागंज थाना क्षेत्र में शनिवार रात दर्दनाक सड़क हादसे में बाइक सवार दो युवकों की मौत हो गई। जहनियांपुर मोड़ के पास तेज रफ्तार बाइक अनियंत्रित होकर बिजली के पोल से टकराई और सड़क किनारे खाई में जा गिरी। हादसे के बाद दोनों युवक रातभर लापता रहे। करीब आठ घंटे बाद रविवार सुबह बाइक के साथ दोनों के शव खाई में मिले। घटना के बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने सड़क जाम कर दिया। मामला कोपागंज थाना क्षेत्र के कुर्थीजाफरपुर नगर पंचायत अंतर्गत बरलाई-धवरियासाथ मार्ग का है। जहनियांपुर मोड़ के पास शनिवार रात करीब नौ बजे बाइक सवार दो युवक हादसे का शिकार हो गए। मृतकों की पहचान कुर्थीजाफरपुर निवासी 24 वर्षीय आकाश और दोहरीघाट थाना क्षेत्र के गोठा निवासी उनके बुआ के बेटे 26 वर्षीय निकेश के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि बाइक अंधे मोड़ पर अनियंत्रित होकर बिजली के पोल से टकराई और सड़क किनारे खाई में जा गिरी। हादसे की जानकारी मिलने के बाद परिजन मौके पर पहुंचे और दोनों की तलाश करते रहे, लेकिन अंधेरा होने के कारण उनका पता नहीं चल सका। रविवार सुबह करीब पांच बजे खोजबीन के दौरान खाई में बाइक के साथ दोनों युवक मृत अवस्था में मिले। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शवों को कब्जे में लेकर आगे की कार्रवाई शुरू की। हादसे के बाद आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों ने बरलाई-धवरियासाथ मार्ग पर जाम लगा दिया। ग्रामीणों का आरोप है कि जहनियांपुर मोड़ पर सड़क संकरी होने के साथ अंधा मोड़ भी हादसों का कारण बन रहा है। ग्रामीणों ने सड़क चौड़ीकरण, सड़क किनारे पेड़ों की कटाई और बिजली के पोल को तत्काल शिफ्ट करने की मांग की। करीब चार घंटे तक जाम की स्थिति बनी रही। मौके पर दक्षिण टोला और कोपागंज थाने की पुलिस के साथ पीएसी बल तैनात किया गया।1
- मऊ जिला पार्किंग पैसा मांगने प बवाल मामला मऊ जनपद से आ रही है2
- हाई टेंसन तार की चपेट मे आने से युवक की हुई दर्दनाक मौत का वीडियो सीसीटीवी कैमरे में हुई कैद घटना का वीडियो सीसीटीव मे हुआ कैद बिज़लीविभाग की बड़ी लापरवाही के चलते एक व्यक्ति की हुई मौत हाई टेंसन तार की चपेट मे आने से युवक की हुई दर्दनाक मौत घटना का वीडियो सीसीटीव मे हुआ कैद तार की चपेट में आने का वीडियो आया सामने घटना के बाद ड्राइविंग सीट से बाहर गिरा युवक घटना से ग्रामीण अंचल में पहली दहशत परिजनों में भारी आक्रोश रानीपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत हथनी मोड़ के पास हुआ हादसा2
- *शिक्षक सम्मान ही राष्ट्र निर्माण की शक्ति का सम्मान है : श्री ए.के. शर्मा* *शिक्षक सम्मान ही राष्ट्र निर्माण की शक्ति का सम्मान है : श्री ए.के. शर्मा* *मऊ को अब कट्टे की नहीं कंप्यूटर की जरूरत, शिक्षा की नई इबादत लिखेगी नई पीढ़ी:मंत्री श्री ए के शर्मा* *हिंसा की पहचान से विकास और शिक्षा की पहचान की ओर बढ़ रहा मऊ* *प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र ने जी के "बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ" अभियान ने बेटियों को दिए आगे बढ़ाने के नए अवसर* *मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ जी के नेतृत्व में शिक्षा के क्षेत्र में हो रहे ऐतिहासिक कार्य:मंत्री श्री ए के शर्मा* मऊ, 5 सितंबर 2026 नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री श्री ए के शर्मा ने उत्तर प्रदेश प्राथमिक शिक्षक संघ, शाखा दोहरीघाट, मऊ द्वारा आयोजित शैक्षिक संगोष्ठी एवं शिक्षक सम्मान समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में प्रतिभाग करते हुए शिक्षकों के योगदान को नमन किया। उन्होंने कहा कि शिक्षक समाज और राष्ट्र के निर्माण की सबसे महत्वपूर्ण कड़ी हैं। शिक्षक केवल विद्यार्थियों को शिक्षा नहीं देते, बल्कि उनके व्यक्तित्व, संस्कार, सोच और भविष्य का निर्माण करते हैं। इसलिए शिक्षक का सम्मान वास्तव में राष्ट्र निर्माण की शक्ति का सम्मान है। श्री ए.के. शर्मा ने अपने विद्यार्थी जीवन की स्मृतियां साझा करते हुए कहा कि कक्षा 9वीं और 10वीं की पढ़ाई के दौरान डीएवी, मऊ में उन्हें अपने गुरुजनों से जो संस्कार, शिक्षा और मार्गदर्शन मिला, वह आज भी उनके जीवन में प्रेरणा का स्रोत है। इसके बाद इलाहाबाद विश्वविद्यालय में अध्ययन के दौरान भी उन्हें अनेक विद्वान गुरुजनों का सान्निध्य प्राप्त हुआ। उन्होंने कहा कि जीवन में उन्हें जो भी उपलब्धियां मिली हैं, उनमें माता-पिता के साथ-साथ गुरुजनों के आशीर्वाद, संस्कार और मार्गदर्शन की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ जैसे अभियानों ने बेटियों की शिक्षा, सुरक्षा और सम्मान के प्रति समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का कार्य किया है। आज देश की बेटियां डिफेंस, स्पेस, स्वास्थ्य, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, शिक्षा, प्रशासन और खेल सहित हर क्षेत्र में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर देश का गौरव बढ़ा रही हैं। बेटियों को समान अवसर और बेहतर शिक्षा उपलब्ध कराना देश के उज्ज्वल भविष्य की आधारशिला है। श्री ए.के. शर्मा ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ जी के नेतृत्व में प्रदेश सरकार शिक्षा व्यवस्था को मजबूत और आधुनिक बनाने के लिए निरंतर महत्वपूर्ण निर्णय ले रही है। मिशन कायाकल्प के माध्यम से विद्यालयों में मूलभूत सुविधाओं का विकास, शिक्षामित्रों के मानदेय में वृद्धि, रसोइयों के मानदेय में वृद्धि तथा शिक्षकों के आयुष्मान कार्ड जैसी पहल शिक्षा जगत से जुड़े लोगों के हित और विद्यालयी व्यवस्था को बेहतर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं। मऊ के बदलते स्वरूप का उल्लेख करते हुए श्री ए.के. शर्मा ने कहा कि आज मऊ को नई पहचान और नई दिशा की जरूरत है। उन्होंने कहा, “अब मऊ में कट्टे की नहीं, कंप्यूटर की जरूरत है। हिंसा की नहीं, शिक्षा और तकनीक की जरूरत है।” उन्होंने कहा कि मऊ के बच्चों के हाथों में किताब, कंप्यूटर और आधुनिक तकनीक होनी चाहिए, ताकि वे देश-दुनिया में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर सकें। उन्होंने कहा कि मऊ के बच्चों का भविष्य किताब और कंप्यूटर से बनेगा, कट्टे से नहीं। शिक्षा और तकनीक के माध्यम से मऊ के युवा नई ऊंचाइयों को प्राप्त कर सकते हैं और जनपद एवं प्रदेश को नहीं पहचान नई दिशा दे सकते हैं। उन्होंने बताया कि जनपद में प्राथमिक विद्यालयों में फर्नीचर तथा कस्तूरबा गांधी विद्यालयों में फर्नीचर एवं अन्य आवश्यक सामग्री उपलब्ध कराने के साथ ही विद्यालयों के कायाकल्प का कार्य CSR के माध्यम से कराया गया है। उन्होंने कहा कि विद्यालयों में बेहतर वातावरण, आधुनिक सुविधाएं और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए समाज के सभी वर्गों को मिलकर योगदान देना चाहिए। कार्यक्रम में बेसिक शिक्षा अधिकारी, पूर्व जिला अध्यक्ष श्रीमती नूपुर अग्रवाल, श्री कृष्णानंद राय सहित अनेक सम्मानित अतिथि, शिक्षक एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।3
- गाजीपुर में गंगा और कर्मनाशा नदी की बाढ़ ने ग्रामीणों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। गाजीपुर में गंगा और कर्मनाशा नदी की बाढ़ ने ग्रामीणों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। एक तरफ गंगा का बढ़ता पानी कई गांवों के संपर्क मार्गों को डुबो रहा है, तो दूसरी तरफ कर्मनाशा नदी का पानी आबादी वाले इलाकों में पहुंचकर मकानों के लिए खतरा बन रहा है। जमानियां तहसील क्षेत्र के देवढ़ी गांव में शुक्रवार को बाढ़ के पानी से एक घर की दीवार अचानक गिर गई। घर श्रीनाथ राम, उनके पुत्र कृपाशंकर और इंद्रजीत कुमार का बताया जा रहा है। गनीमत रही कि दीवार गिरने के दौरान कोई हादसा नहीं हुआ। कर्मनाशा नदी का बाढ़ पानी गायघाट, धुस्का और देवढ़ी गांव तक पहुंच चुका है। दीवार गिरने से घर का एक हिस्सा खुल गया है, जिससे बारिश और विषैले जीव-जंतुओं के घर में आने का खतरा बढ़ गया है। घटना की जानकारी मिलने पर लेखपाल तौकीर खान और शिव प्रकाश मौके पर पहुंचे। उन्होंने क्षति का आकलन कर रिपोर्ट तहसील प्रशासन को सौंपी और पीड़ित परिवार को राहत दिलाने का आश्वासन दिया। यानी गंगा के साथ कर्मनाशा की बाढ़ ने भी गाजीपुर में दोहरी चुनौती खड़ी कर दी है।1