बहन की मौत के बाद भांजे-भांजी की मां बन गईं ‘राजेश’… 39 की उम्र में भी सिंगल रहकर निभा रहीं जिम्मेदारी टीवी इंडस्ट्री की जानी-मानी अभिनेत्री गीतांजलि मिश्रा आज भले ही छोटे पर्दे पर अपने कॉमिक अंदाज़ से लोगों को हंसाती नजर आती हों, लेकिन उनकी असल जिंदगी की कहानी संघर्ष, जिम्मेदारी और त्याग की मिसाल है। आपने उन्हें क्राइम पेट्रोल, सावधान इंडिया, बालिका वधू और लोकप्रिय कॉमेडी शो हप्पू सिंह की उल्टन पलटन में देखा होगा। इस शो में उन्होंने कामना पाठक को रिप्लेस करते हुए राजेश सिंह का किरदार निभाया, जो इंस्पेक्टर हप्पू सिंह की पत्नी है। हालांकि इस शो में उनका किरदार मज़ेदार और हल्का-फुल्का है, लेकिन दर्शक उन्हें आज भी उनके निभाए नेगेटिव किरदारों के लिए ज्यादा याद करते हैं। कई बार लोगों ने उन्हें असल जिंदगी में भी उसी नजर से देखा और ताने भी सुनाए। बहन की मौत ने बदल दी जिंदगी गीतांजलि मिश्रा की जिंदगी में सबसे बड़ा मोड़ साल 2017 में आया, जब उनकी बहन का अचानक हार्ट अटैक से निधन हो गया। उनकी बहन शादीशुदा थीं और उनके दो छोटे बच्चे थे—एक करीब 14 साल का और दूसरा सिर्फ 5 साल का। इस दुखद घटना के बाद गीतांजलि मिश्रा ने एक ऐसा फैसला लिया, जिसने सभी को भावुक कर दिया। उन्होंने तय किया कि वह इन बच्चों की परवरिश खुद करेंगी और उनके लिए अपनी शादी तक कुर्बान कर देंगी। एक इंटरव्यू में उन्होंने कहा था कि उन्हें शायद अच्छा पति मिल जाए, लेकिन जरूरी नहीं कि उन बच्चों को अच्छा पिता और परिवार मिल पाए। इसलिए उन्होंने शादी न करने और बच्चों की जिम्मेदारी उठाने का फैसला किया। संघर्षों से भरा बचपन गीतांजलि मिश्रा के माता-पिता मूल रूप से वाराणसी (बनारस) के रहने वाले थे, लेकिन उनका जन्म मुंबई में हुआ। जब वह केवल 5 साल की थीं, तब उनकी मां उन्हें लेकर मुंबई आ गई थीं। कुछ ही समय बाद पिता का निधन हो गया, जिसके बाद उनकी मां ने दूध और सब्जी बेचकर परिवार का पालन-पोषण किया। उन्हीं संघर्षों के बीच गीतांजलि ने अपने सपनों को जिंदा रखा और अभिनय की दुनिया में कदम रखा। तानों से लेकर तालियों तक का सफर जब गीतांजलि मिश्रा ने एक्टिंग शुरू की, तब आसपास के लोग और रिश्तेदार उनकी मां को ताने देते थे। लेकिन आज वही लड़की टीवी इंडस्ट्री में अपनी अलग पहचान बना चुकी है और लाखों लोगों के दिलों में जगह बना चुकी है। ⭐ सच तो यह है कि गीतांजलि मिश्रा सिर्फ एक सफल अभिनेत्री ही नहीं, बल्कि त्याग, जिम्मेदारी और परिवार के प्रति समर्पण की जीवंत मिसाल भी हैं।
बहन की मौत के बाद भांजे-भांजी की मां बन गईं ‘राजेश’… 39 की उम्र में भी सिंगल रहकर निभा रहीं जिम्मेदारी टीवी इंडस्ट्री की जानी-मानी अभिनेत्री गीतांजलि मिश्रा आज भले ही छोटे पर्दे पर अपने कॉमिक अंदाज़ से लोगों को हंसाती नजर आती हों, लेकिन उनकी असल जिंदगी की कहानी संघर्ष, जिम्मेदारी और त्याग की मिसाल है। आपने उन्हें क्राइम पेट्रोल, सावधान इंडिया, बालिका वधू और लोकप्रिय कॉमेडी शो हप्पू सिंह की उल्टन पलटन में देखा होगा। इस शो में उन्होंने कामना पाठक को रिप्लेस करते हुए राजेश सिंह का किरदार निभाया, जो इंस्पेक्टर हप्पू सिंह की पत्नी है। हालांकि इस शो में उनका किरदार मज़ेदार और हल्का-फुल्का है, लेकिन दर्शक उन्हें आज भी उनके निभाए नेगेटिव किरदारों के लिए ज्यादा याद करते हैं। कई बार लोगों ने उन्हें असल जिंदगी में भी उसी नजर से देखा और ताने भी सुनाए। बहन की मौत ने बदल दी जिंदगी गीतांजलि मिश्रा की जिंदगी में सबसे बड़ा मोड़ साल 2017 में आया, जब उनकी बहन का अचानक हार्ट अटैक से निधन हो गया। उनकी बहन शादीशुदा थीं और उनके दो छोटे बच्चे थे—एक करीब 14 साल का और दूसरा सिर्फ 5 साल का। इस दुखद घटना के बाद गीतांजलि मिश्रा ने एक ऐसा फैसला लिया, जिसने सभी को भावुक कर दिया। उन्होंने तय किया कि वह इन बच्चों की परवरिश खुद करेंगी और उनके लिए अपनी शादी तक कुर्बान कर देंगी। एक इंटरव्यू में उन्होंने कहा था कि उन्हें शायद अच्छा पति मिल जाए, लेकिन जरूरी नहीं कि उन बच्चों को अच्छा पिता और परिवार मिल पाए। इसलिए उन्होंने शादी न करने और बच्चों की जिम्मेदारी उठाने का फैसला किया। संघर्षों से भरा बचपन गीतांजलि मिश्रा के माता-पिता मूल रूप से वाराणसी (बनारस) के रहने वाले थे, लेकिन उनका जन्म मुंबई में हुआ। जब वह केवल 5 साल की थीं, तब उनकी मां उन्हें लेकर मुंबई आ गई थीं। कुछ ही समय बाद पिता का निधन हो गया, जिसके बाद उनकी मां ने दूध और सब्जी बेचकर परिवार का पालन-पोषण किया। उन्हीं संघर्षों के बीच गीतांजलि ने अपने सपनों को जिंदा रखा और अभिनय की दुनिया में कदम रखा। तानों से लेकर तालियों तक का सफर जब गीतांजलि मिश्रा ने एक्टिंग शुरू की, तब आसपास के लोग और रिश्तेदार उनकी मां को ताने देते थे। लेकिन आज वही लड़की टीवी इंडस्ट्री में अपनी अलग पहचान बना चुकी है और लाखों लोगों के दिलों में जगह बना चुकी है। ⭐ सच तो यह है कि गीतांजलि मिश्रा सिर्फ एक सफल अभिनेत्री ही नहीं, बल्कि त्याग, जिम्मेदारी और परिवार के प्रति समर्पण की जीवंत मिसाल भी हैं।
- गरीब मजदूर के भरोसे पर डाका! खाते में आई 2 लाख की सरकारी सहायता, एटीएम से उड़ाई पूरी रकम — पीड़ित ने लगाई न्याय की गुहार सब-हेडलाइन: भरोसे में लेकर बैंक खाता इस्तेमाल करने का आरोप, नोटिस मिलने के बाद खुला पूरा मामला खबर: विजयराघवगढ़। गरीबी और भरोसे का फायदा उठाकर सरकारी सहायता राशि हड़पने का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। ग्राम सलेयाबड़ौंगा निवासी करीब 45 वर्षीय मजदूर भीखम वर्मन ने थाना विजयराघवगढ़ में लिखित आवेदन देकर अपने ही गांव के मनोज तिवारी पर उनके बैंक खाते का दुरुपयोग कर लगभग 2 लाख रुपये निकाल लेने का गंभीर आरोप लगाया है। पीड़ित भीखम वर्मन के अनुसार वर्ष 2023 में मनोज तिवारी ने उनसे कहा था कि उनका बैंक खाता बंद हो गया है और उसमें कुछ पैसा आना है। इसी बहाने उन्होंने कुछ समय के लिए भीखम वर्मन का बैंक खाता उपयोग करने की बात कही। गांव के परिचित होने और भरोसे के चलते भीखम वर्मन ने अपना बैंक खाता उपयोग के लिए दे दिया। आरोप है कि इसी दौरान भोलाराम आदिवासी के आवेदन से संबंधित शासन की सहायता राशि लगभग 2 लाख रुपये भीखम वर्मन के खाते में जमा हुई। लेकिन मनोज तिवारी ने एटीएम के माध्यम से यह पूरी राशि धीरे-धीरे निकाल ली। इस पूरे मामले की जानकारी पीड़ित को काफी समय तक नहीं लगी। मामला तब सामने आया जब मुख्य कार्यपालन अधिकारी के नोटिस क्रमांक 689 दिनांक 27 फरवरी 2026 के जरिए उनसे इस राशि के संबंध में स्पष्टीकरण मांगा गया। नोटिस मिलने के बाद जब उन्होंने बैंक खाते की जानकारी ली तो पता चला कि खाते में आई पूरी सहायता राशि पहले ही निकाली जा चुकी है। भीखम वर्मन का कहना है कि यह शासन की सहायता राशि है और अब उन्हें ही यह पैसा वापस जमा करना पड़ सकता है, जबकि उन्होंने उस राशि का कोई उपयोग नहीं किया। उन्होंने पुलिस से मांग की है कि मनोज तिवारी के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर राशि वापस दिलाई जाए, ताकि वह शासन को पैसा लौटा सकें। पीड़ित ने यह भी आरोप लगाया है कि इस मामले को लेकर सोशल मीडिया पर उन्हें और कुछ अन्य लोगों को बदनाम करने की कोशिश की जा रही है, जिससे वे मानसिक रूप से काफी परेशान हैं। अब यह मामला पुलिस के संज्ञान में है। यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो यह सिर्फ एक गरीब मजदूर के साथ धोखाधड़ी नहीं बल्कि सरकारी सहायता राशि के दुरुपयोग का गंभीर मामला भी बन सकता है। फिलहाल पीड़ित मजदूर की एक ही गुहार है कि उसे न्याय मिले और उसकी ईमानदारी पर लगा दाग साफ हो सके। पत्रकार: बालकिशन नामदेव शिव नगर कॉलोनी, कटनी मोबाइल: 89591881111
- रेलवे स्टेशन सलीमाबाद में ग्राम संघर्ष समिति के द्वारा विशाल धरना प्रदर्शन का आयोजन किया गया जी की रेल प्रशासन को विगत 15 वर्षों रेल्वे आवेदन निवेदन का क्रम चलता रहा ग्रामीणों का धैर्य टूट जाने के बाद आंदोलन का एकमात्र सहारा लेते हुए झरना प्रदर्शन का आयोजन किया गया जिसमें ग्राम संघर्ष समिति के द्वारा विरोध दर्ज कराती हुई वाणिज्य रेल प्रबंधक नितिन सोने के हाथों में ज्ञापन सोपा गया जिसमें समिति के सदस्यों ने एक माह का समय रेल शासन को दिया है संतोषजनक निराकरण नहीं होने पर दोबारा आंदोलन की चेतावनी भी दी गई है रेल प्रशासन के उच्च अधिकारी डीआरएम गम के प्रतिनिधि नितिन सोने ने हर संभव मदद का भरोसा दिल आया है और रीवा इतवारी का स्टॉपेज 15 दिवस के भीतर देने का आश्वासन दिया है बाकी अन्य ट्रेनों की मांग को पूर्व में ही रेल मंत्रालय के समक्ष डीआरएम कार्यालय की उचित सहमति के साथ भेज दिया गया है जो जल्द ही तीनों के ठहराव के संबंध में निराकरण से क्षेत्र वासियों को अवगत कराने की बात कही है इस मौके पर सतना से ईश्वर चंद्र त्रिपाठी सलीमानाबाद से पंडित प्रदीप त्रिपाठी जिला पंचायत सदस्य दीपक तिवारी ठाकुर मदन सिंह अमरदीप साहू राजाराम गुप्ता धरवारा से अमित गर्ग1
- कटनी जिले के बरगवां क्षेत्र में एक बार फिर चाकू बाजी की घटना सामने आई है बताया जा रहा है कि रंजीत नाम के एक व्यक्ति और उसके साथियों ने अचानक चाकू से हमला कर दिया जिसमें करीब पांच लोग घायल हुए हैं घटना के बाद इलाके में दहशत का माहौल बन गया वहीं घायलों को तत्काल जिला अस्पताल कटनी लाया गया जहां उनका इलाज जारी है वहीं घायलों में से एक की हालत गंभीर बताई जा रही है जिसे जबलपुर रेफर कर दिया गया है इधर घटना की सूचना मिलती रंगनाथ थाना पुलिस मौके पर पहुंची और पूरे मामले की जांच शुरू कर पुलिस हमलावरों की तलाश में जुटी है और घटना के कारण का पता लगाया जा रहा1
- Post by Mukesh singh1
- नगर परिषद बरही के वार्ड क्रमांक 12, 13, 14 एवं 15 अंतर्गत आने वाले छिदिया एवं हीरापुर क्षेत्र के रहवासी आज नरकीय जीवन जीने को मजबूर हैं। रोड में ना तो पानी का छिड़काव हो रहा है और ना ही पक्की सड़क का निर्माण, जिससे हर समय धूल का गुबार उड़ता रहता है। धूल-मिट्टी के कारण बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं को दमा, टीवी, एलर्जी जैसी गंभीर बीमारियों का सामना करना पड़ रहा है। आम जनजीवन पूरी तरह नरकीय हो चुका है और लोग रोज़ाना ट्रकों से निकलने वाले धूल में जी रहे हैं। स्थानीय नागरिक इस गंभीर समस्या को लेकर कलेक्टर महोदय की जनसुनवाई में भी शिकायत दर्ज करा चुके हैं, बावजूद इसके अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। कार्यवाही न होने पर वार्ड वासियों में गहरा रोष और मायूसी है। जनता का कहना है कि यदि शीघ्र पानी का नियमित छिड़काव और पक्की सड़क निर्माण का कार्य शुरू नहीं हुआ, तो मजबूरन उन्हें आवाज़ बुलंद करनी पड़ेगी। प्रशासन से दरख़्वास्त है कि इस जनहित के मामले पर फ़ौरी तौर पर ध्यान देते हुए रोड का कार्य या पानी छिड़काव का काम किया जाए ताकि छिदिया एवं हीरापुर के लोगों को इस अज़ाब से निजात मिल सके।3
- *दिल्ली की घटना के विरोध में उमरिया में कैंडल मार्च, युवाओं ने तरुण खटीक को दी श्रद्धांजलि* उमरिया। *दिल्ली के उत्तम नगर में 4 मार्च को हुई युवक तरुण खटीक की हत्या की घटना को लेकर उमरिया नगर के युवाओं में आक्रोश देखा गया। घटना के विरोध में नगर के युवाओं ने एकत्रित होकर दिवंगत तरुण खटीक को श्रद्धांजलि अर्पित की। युवाओं ने जयस्तंभ चौक से कैंडल मार्च प्रारंभ किया, जो मौन जुलूस के रूप में नगर के मुख्य मार्गों से होते हुए गांधी चौक पहुँचा। इस दौरान युवाओं ने हाथों में मोमबत्तियां लेकर मौन धारण करते हुए दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की और गांधी चौक में श्रद्धांजलि अर्पित की।* *इस अवसर पर उपस्थित युवाओं ने दिल्ली में हुई इस घटना की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि इस प्रकार की अमानवीय घटना किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं है।उन्होंने दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग करते हुए कहा कि ऐसे मामलों में कठोर दंड दिया जाना चाहिए, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो श्रद्धांजलि कार्यक्रम में प्रमुख रूप से धनुषधारी सिंह चंदेल, मानसिंह, सुनील खटीक, नीरज चंदानी, राजेंद्र कोल, सुजीत सिंह भदौरिया, सागर असवार, आशीष राय, बेटू, राहुल गौतम, राहुल खटीक, नितिन बजाज, बर्मन, प्रकाश बर्मन, सोनू खटीक, विनीत बजाज, कान्हा खटीक, अभय राय, आकाश राय, लाला बर्मन, लल्लू खटीक, दीपक बर्मन, राजा खट्टर, प्रेम बर्मन, यश बर्मन, राजा खटीक, प्रेम चंदवानी सहित नगर के अनेक युवा उपस्थित रहे। सभी ने एकजुट होकर दिवंगत तरुण खटीक के प्रति अपनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए न्याय की मांग की।*4
- *आज अष्टम दिवश श्री शिव महापुराण के माध्यम से वाय वीय संहिता पूर्व खंड कथा वर्णन किया गया* उमरिया //जिलेकेअंतर्गत ग्राम उफरी (टिकुरी टोला) में श्री नारायण सिंह राजपूत जी के निज निवास में ग्यारह दिवसीय श्री शिव महापुराण कथा का आयोजन किया जा रहा है।*जहां आज अष्टम दिवश में उत्तर प्रदेश से पधारे हुए श्री पंडित कथा व्यास श्री श्रवण कुमार मिश्र जी ने वाय वीय संहिता पूर्व खंड कथा का वर्णन किया है* उन्होंने शिव महापुराण पुराण के माध्यम से बतलाया कि शिव महापुराण के अंतर्गत रहता का पूर्व खंड (लगभग 4000 श्लोक)शिव ज्ञान सृष्ट रचना और ब्रह्मांडीय व्यवस्था का अद्भुत खजाना है। वासुदेव द्वारा पंडित यह संहिता बताती है कि महादेव की पृष्ठ बालक और सहायक हैं जो भक्तों की वह भक्ति कर्म योग और मुक्ति का वर्णन दिखाते हैं।। इस तरह से अन्य कथाओं के बारे में भी वर्णन किया गया है, शिव पंचाक्षर स्त्रोत (मंत्र-न म शि-वा-य ) की महिमा यह ॐ नमः शिवाय का सार है, जिससे पांच अक्षर (न म शि व य ) पांच महा -भूतों पृथ्वी ,जल ,अग्नि, वायु और आकाश-के प्रतीक है और शिव पुराण के अनुसार इस स्त्रोत का पाठ करने वाला शिवलोक प्राप्त कर शिव के साथ आनंदित होता है। जिससे सभी बाधाएं दूर होती है और समृद्धि मिलती है। जैसा की पार्वती जी की तपस्या और ऋषियों के अनुभव से सिद्ध है और शिव पुराण में वर्णित है कि जो भी व्यक्ति प्रतिदिन 108 बार इस मंत्र का जाप करता है तो उसे आरोग्य की प्राप्ति होती है। शिव पुराण के अनुसार कथा व्यास जी ने बताया कि शमी पत्र (पत्ती) और बेलपत्र भगवान शिव को अत्यंत प्रिय है। जो सुख शांति धन और मोक्ष प्रदान करते हैं, शमी पत्र चढ़ाने से शनि दोष और 84 लाख योनियों के कष्ट दूर होते हैं, जबकि बेलपत्र की शीतलता शिव को प्रसन्न करती है, और त्रिगुणा ( ब्रह्मा विष्णु शिव)का प्रतीक है, जिसे अर्पण करने से सभी मनोकामना पूर्ण होती हैं। खासकर सावन में और प्रदोष में इनका महत्व और भी बढ़ जाता है। *आज की कथा में आए हुए श्रद्धालुओं ने ठाकुर देव जी का दर्शन कर पूजा अर्चना किए एवं कथा व्यास जी श्रीफल पुष्प अर्पित कर स्वागत किये ,और और आशीर्वाद प्राप्त किये, एवं वहीं कथा में सम्मिलित हुए और कथा श्रवण कर रसास्वादन किया, एवं सैकड़ो की संख्या में आए हुए श्रद्धालुओं ने श्रवण कर गद गद होकर भाव विभोर हुए एवं झूम उठे*।। *कथा के अंत में कथा व्यास जी ने सभी श्रद्धालुओं से बतलाया कि शिव पुराण का अंतिम श्लोक के एक चरण अनु शरण करे तो हमें मोक्ष की प्राप्ति होगी 12 मार्च दिन गुरुवार को चढ़ोत्तरी एवं हवन यज्ञ, एवं 13 मार्च दिन शुक्रवार को विशाल भंडारा , विदाई कथा विश्राम होगा,14 मार्च को जवारा विसजर्न किया जाएगा*1
- गरीब मजदूर के भरोसे पर डाका! खाते में आई 2 लाख की सरकारी सहायता, एटीएम से उड़ाई पूरी रकम — पीड़ित ने लगाई न्याय की गुहार सब-हेडलाइन: भरोसे में लेकर बैंक खाता इस्तेमाल करने का आरोप, नोटिस मिलने के बाद खुला पूरा मामला खबर: विजयराघवगढ़। गरीबी और भरोसे का फायदा उठाकर सरकारी सहायता राशि हड़पने का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। ग्राम सलेयाबड़ौंगा निवासी करीब 45 वर्षीय मजदूर भीखम वर्मन ने थाना विजयराघवगढ़ में लिखित आवेदन देकर अपने ही गांव के मनोज तिवारी पर उनके बैंक खाते का दुरुपयोग कर लगभग 2 लाख रुपये निकाल लेने का गंभीर आरोप लगाया है। पीड़ित भीखम वर्मन के अनुसार वर्ष 2023 में मनोज तिवारी ने उनसे कहा था कि उनका बैंक खाता बंद हो गया है और उसमें कुछ पैसा आना है। इसी बहाने उन्होंने कुछ समय के लिए भीखम वर्मन का बैंक खाता उपयोग करने की बात कही। गांव के परिचित होने और भरोसे के चलते भीखम वर्मन ने अपना बैंक खाता उपयोग के लिए दे दिया। आरोप है कि इसी दौरान भोलाराम आदिवासी के आवेदन से संबंधित शासन की सहायता राशि लगभग 2 लाख रुपये भीखम वर्मन के खाते में जमा हुई। लेकिन मनोज तिवारी ने एटीएम के माध्यम से यह पूरी राशि धीरे-धीरे निकाल ली। इस पूरे मामले की जानकारी पीड़ित को काफी समय तक नहीं लगी। मामला तब सामने आया जब मुख्य कार्यपालन अधिकारी के नोटिस क्रमांक 689 दिनांक 27 फरवरी 2026 के जरिए उनसे इस राशि के संबंध में स्पष्टीकरण मांगा गया। नोटिस मिलने के बाद जब उन्होंने बैंक खाते की जानकारी ली तो पता चला कि खाते में आई पूरी सहायता राशि पहले ही निकाली जा चुकी है। भीखम वर्मन का कहना है कि यह शासन की सहायता राशि है और अब उन्हें ही यह पैसा वापस जमा करना पड़ सकता है, जबकि उन्होंने उस राशि का कोई उपयोग नहीं किया। उन्होंने पुलिस से मांग की है कि मनोज तिवारी के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर राशि वापस दिलाई जाए, ताकि वह शासन को पैसा लौटा सकें। पीड़ित ने यह भी आरोप लगाया है कि इस मामले को लेकर सोशल मीडिया पर उन्हें और कुछ अन्य लोगों को बदनाम करने की कोशिश की जा रही है, जिससे वे मानसिक रूप से काफी परेशान हैं। अब यह मामला पुलिस के संज्ञान में है। यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो यह सिर्फ एक गरीब मजदूर के साथ धोखाधड़ी नहीं बल्कि सरकारी सहायता राशि के दुरुपयोग का गंभीर मामला भी बन सकता है। फिलहाल पीड़ित मजदूर की एक ही गुहार है कि उसे न्याय मिले और उसकी ईमानदारी पर लगा दाग साफ हो सके। पत्रकार: बालकिशन नामदेव शिव नगर कॉलोनी, कटनी मोबाइल: 89591881113