सागर जिले के महाराजपुर थाना क्षेत्र के ग्राम सरईवन में 45 वर्षीय कुंजन यादव का शव एक कुएं से मिलने के बाद इलाके में सनसनी फैल गई। सूचना मिलते ही पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और ग्रामीणों की मदद से शव को कुएं से बाहर निकलवाया। प्रारंभिक कार्रवाई के तहत शव का पंचनामा कर उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। परिजनों ने इस पूरे मामले में हत्या की आशंका जताते हुए निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। उनके अनुसार, कुंजन यादव मंगलवार रात खेत पर ट्रैक्टर चालक के लिए भोजन लेकर घर से निकले थे, लेकिन देर रात तक वह खेत नहीं पहुंचे। इसके बाद परिवार ने उनकी तलाश शुरू की, तो खेत के आसपास पत्थरों के पड़े होने और जमीन पर घसीटने जैसे संदिग्ध निशान दिखाई दिए। इन निशानों का पीछा करते हुए परिजन लगभग एक किलोमीटर दूर एक कुएं तक पहुंचे, जहां कुंजन यादव का शव पड़ा मिला। मृतक के चचेरे भाई महेश यादव ने आरोप लगाया है कि कुंजन यादव की हत्या की गई है और इसमें चार-छह लोग शामिल हो सकते हैं। उन्होंने बताया कि कुछ समय पहले गांव के मदन आदिवासी के साथ जमीन को लेकर विवाद हुआ था। इसी तरह, मृतक के पुत्र मयंक यादव ने भी हत्या की आशंका व्यक्त करते हुए बताया कि जमीन विवाद को लेकर पहले से ही तनाव चल रहा था और विवाद के दौरान मदन की लड़की के पति ने उनके पिता को धमकी भी दी थी। मयंक को रात करीब 2 बजे पिता के शव कुएं में मिलने की सूचना मिली थी। परिजनों ने दावा किया है कि शव की पीठ पर चोट के निशान भी मिले हैं, जो हत्या की आशंका को और गहराते हैं। महाराजपुर पुलिस थाना प्रभारी अजय प्रताप भदौरिया ने पुष्टि की कि उन्हें सुबह कुंजन यादव का शव कुएं में पड़े होने की सूचना मिली थी। पुलिस ने मौके पर पहुँचकर शव को कुएं से निकलवाकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। उन्होंने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही इस मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
सागर जिले के महाराजपुर थाना क्षेत्र के ग्राम सरईवन में 45 वर्षीय कुंजन यादव का शव एक कुएं से मिलने के बाद इलाके में सनसनी फैल गई। सूचना मिलते ही पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और ग्रामीणों की मदद से शव को कुएं से बाहर निकलवाया। प्रारंभिक कार्रवाई के तहत शव का पंचनामा कर उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। परिजनों ने इस पूरे मामले में हत्या की आशंका जताते हुए निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। उनके अनुसार, कुंजन यादव मंगलवार रात खेत पर ट्रैक्टर चालक के लिए भोजन लेकर घर से निकले थे, लेकिन देर रात तक वह खेत नहीं पहुंचे। इसके बाद परिवार ने उनकी तलाश शुरू की, तो खेत के आसपास पत्थरों के पड़े होने और जमीन पर घसीटने जैसे संदिग्ध निशान दिखाई दिए। इन निशानों का पीछा करते हुए परिजन लगभग एक किलोमीटर दूर एक कुएं तक पहुंचे, जहां कुंजन यादव का शव पड़ा मिला। मृतक के चचेरे भाई महेश यादव ने आरोप लगाया है कि कुंजन यादव की हत्या की गई है और इसमें चार-छह लोग शामिल हो सकते हैं। उन्होंने बताया कि कुछ समय पहले गांव के मदन आदिवासी के साथ जमीन को लेकर विवाद हुआ था। इसी तरह, मृतक के पुत्र मयंक यादव ने भी हत्या की आशंका व्यक्त करते हुए बताया कि जमीन विवाद को लेकर पहले से ही तनाव चल रहा था और विवाद के दौरान मदन की लड़की के पति ने उनके पिता को धमकी भी दी थी। मयंक को रात करीब 2 बजे पिता के शव कुएं में मिलने की सूचना मिली थी। परिजनों ने दावा किया है कि शव की पीठ पर चोट के निशान भी मिले हैं, जो हत्या की आशंका को और गहराते हैं। महाराजपुर पुलिस थाना प्रभारी अजय प्रताप भदौरिया ने पुष्टि की कि उन्हें सुबह कुंजन यादव का शव कुएं में पड़े होने की सूचना मिली थी। पुलिस ने मौके पर पहुँचकर शव को कुएं से निकलवाकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। उन्होंने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही इस मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
- बीना में अथक पथ संग्रहालय की स्थापना के 8 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में 17 से 19 जून तक तीन दिवसीय विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस आयोजन में महाराणा प्रताप जयंती और महारानी लक्ष्मीबाई का बलिदान दिवस मनाया गया, जिसका समापन वृक्षारोपण के साथ हुआ। संग्रहालय में प्रदर्शित दुर्लभ चित्रों, पत्रों और ऐतिहासिक दस्तावेजों को देखने के लिए हजारों लोग पहुंचे और इस कार्यक्रम की सराहना की। कार्यक्रम के पहले दिन महाराणा प्रताप जयंती के अवसर पर धर्म अधिकारी दशरथ लाल पुरोहित ने संबोधित करते हुए महाराणा प्रताप को देश की आन-बान-शान और साहस का प्रतीक बताया। उन्होंने उनकी वीरता, नेतृत्व क्षमता और राष्ट्रभक्ति को आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणादायक बताया। इस मौके पर बुंदेली गायन का भी आयोजन हुआ, जिसमें शशि नंदन रावत, निवेदिता रावत, मीनाक्षी लाचारिया, रितिका तिवारी, जयदीप ठाकुर, सत्यम राजपूत और तान्या पाठक ने लोकगीतों की प्रस्तुति से उपस्थित लोगों को भावविभोर कर दिया। कार्यक्रम का संचालन राम शर्मा ने किया। दूसरे दिन महारानी लक्ष्मीबाई के बलिदान दिवस पर पीएम श्री विद्यालय की प्राचार्य मंजू यादव, डॉ. जयश्री साहू, पी.डी. साहू, प्रो. सुधा शुक्ला और रितिका तिवारी ने रानी लक्ष्मीबाई के शौर्य, साहस और बलिदान पर प्रकाश डाला। इस दौरान प्रसिद्ध कविता “खूब लड़ी मर्दानी, वो तो झांसी वाली रानी थी” का संपूर्ण पाठ भी किया गया। आयोजन के दौरान महाराणा प्रताप और महारानी लक्ष्मीबाई से जुड़े दुर्लभ चित्रों, पत्रों और दस्तावेजों की एक विशेष प्रदर्शनी भी लगाई गई। इसके साथ ही देश के शहीदों और क्रांतिकारियों के चित्र एवं ऐतिहासिक दस्तावेज भी प्रदर्शित किए गए, जिन्हें देखकर उपस्थित लोग गौरवान्वित हुए। तीसरे और अंतिम दिन प्रातः हनुमान चालीसा पाठ का आयोजन किया गया। इसके बाद संग्रहालय परिसर में वृक्षारोपण कर कार्यक्रम का समापन हुआ। तीनों दिनों में नगर पालिका अध्यक्ष लता सतवार, पूर्व विधायक डॉ. विनोद पंथी सहित हजारों लोगों ने संग्रहालय पहुंचकर ऐतिहासिक सामग्री और दुर्लभ दस्तावेजों की प्रदर्शनी का अवलोकन किया। अथक पथ संग्रहालय प्रबंधन ने सभी अतिथियों, कलाकारों और दर्शकों के प्रति आभार व्यक्त किया।1
- ललितपुर जिले के मड़ावरा थाना क्षेत्र के रनगांव में एक किराना दुकान से लकड़ी का रैक चोरी हो गया है। यह पूरी घटना सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है। दुकानदार जब सुबह अपनी दुकान खोलने गए तो उन्हें लकड़ी का रैक गायब मिला। इसके बाद उन्होंने सीसीटीवी फुटेज चेक किया, जिसमें दो युवक बाइक पर रैक ले जाते हुए साफ दिखाई दे रहे हैं। चोरी का यह वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। बताया जा रहा है कि यह घटना कुछ दिन पुरानी है।1
- लखनऊ के अलीगंज स्थित एक कोचिंग सेंटर और व्यावसायिक भवन में भीषण आग लगने से कम से कम 15 लोगों की दुखद मौत हो गई। इस दर्दनाक अग्निकांड में मरने वालों में अधिकतर छात्र बताए जा रहे हैं।1
- दमोह कलेक्टर श्री यादव ने बताया कि जिले में डेटा एनालिसिस के आधार पर पेट्रोल पंपों की गतिविधियों की जांच की गई, जिसमें कई गंभीर अनियमितताएं सामने आईं। इन गड़बड़ियों के खुलासे के बाद, प्रशासन द्वारा गठित 20 टीमों ने एक साथ जिले के विभिन्न पेट्रोल पंपों पर व्यापक कार्रवाई करते हुए जांच अभियान चलाया। इस जांच के दौरान, एक पेट्रोल पंप से लगभग 4000 लीटर अतिरिक्त डीजल बरामद किया गया। यह मात्रा नियमों का उल्लंघन करते हुए पाई गई, जिसके चलते इसे तुरंत जब्त कर लिया गया है। मामले में बरामद किए गए डीजल की राजसात (जब्ती) की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। कलेक्टर श्री यादव ने स्पष्ट किया कि इस अभियान का मुख्य उद्देश्य ईंधन वितरण में पारदर्शिता सुनिश्चित करना और कालाबाजारी पर पूरी तरह से रोक लगाना है। साथ ही, किसानों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने एक महत्वपूर्ण व्यवस्था की है, जिसके तहत अब किसान प्रतिदिन 200 लीटर तक डीजल केन में प्राप्त कर सकेंगे। प्रशासन ने यह भी बताया है कि दमोह जिले में पेट्रोल पंपों की निगरानी आगे भी लगातार जारी रहेगी और भविष्य में किसी भी प्रकार की अनियमितता पाए जाने पर सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी।1
- गौरझामर स्थित अनुसूचित जनजाति छात्रावास से आई एक तस्वीर चिंताजनक स्थिति को दर्शाती है। जानकारी के अनुसार, 16 जून से सत्र की शुरुआत हो चुकी है, लेकिन छात्रावास में ताला लटका हुआ है। इस महत्वपूर्ण समय पर छात्रावास के सफाईकर्मी और व्यवस्थापक दोनों का कोई अता-पता नहीं है, जिससे प्रबंधन में गंभीर लापरवाही स्पष्ट होती है। मौके पर पहुंची मीडिया टीम ने पाया कि सत्र शुरू होने के बावजूद, अनुसूचित जनजाति छात्रावास अभी भी पूरी तरह से बंद और अव्यवस्थित है। यह स्थिति छात्रों और उनकी सुविधाओं के प्रति उपेक्षा को उजागर करती है।1
- दमोह जिले में सीता बावली मुक्तिधाम की जमीन पर कथित तौर पर अवैध कब्जे और उसकी बिक्री के गंभीर आरोप सामने आए हैं। इस मामले में हिंदू समाज ने कलेक्टर को एक ज्ञापन सौंपा है, जिसमें आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने और मुक्तिधाम की जमीन का जीर्णोद्धार कराने की मांग की गई है।1
- सागर जिले के खुरई से एक दर्दनाक सड़क हादसे की खबर सामने आई है, जहां दो कारों की आमने-सामने की टक्कर ने शादी की खुशियों को मातम में बदल दिया। यह घटना सोमवार को सागर जिले के खुरई बाईपास स्थित टीहर चौराहा पर हुई। जानकारी के अनुसार, तोड़ा काछे गांव निवासी प्रहलाद कुशवाहा का विवाह बीना के बेसरा गांव निवासी पूजा कुशवाहा से हुआ था। शादी की रस्में पूरी होने के बाद यह नवविवाहित जोड़ा परिवार के सदस्यों के साथ अर्टिगा कार से अपने घर लौट रहा था। इसी दौरान, सामने से आ रही एक सफारी कार ने कथित तौर पर एक ट्रक को ओवरटेक करने की कोशिश की और सीधे अर्टिगा कार से जा टकराई। टक्कर इतनी भीषण थी कि अर्टिगा कार के आगे के दोनों गेट बुरी तरह से दब गए, जिससे दूल्हा-दुल्हन सहित सात लोग अंदर फंस गए। हादसे के बाद घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों ने तत्काल पुलिस और एंबुलेंस को सूचना दी। काफी मशक्कत के बाद, कार के गेट तोड़कर घायलों को बाहर निकाला गया और उन्हें अस्पताल पहुँचाया गया।1