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पत्रकार प्रतिभा सम्मान समारोह कार्यक्रम संपन्न हुआ पत्रकारिता
Suriya yadav media
पत्रकार प्रतिभा सम्मान समारोह कार्यक्रम संपन्न हुआ पत्रकारिता
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- 36 प्रातों 790 जिले के 5410 पंचायत में चलाया जा रहा हस्ताक्षर अभियान. गौ माता को राष्ट्रमाता घोषित करने की मांग.2
- Post by Deepak Verma1
- श्री 1008 चंद्रप्रभु जिनालय, त्रिमूर्ति कॉलोनी, गुना का 31वां स्थापना दिवस समारोह बड़े ही धूमधाम और भक्ति भाव के साथ मनाया गया। इस पावन अवसर पर श्री 1008 चंद्रप्रभु भगवान का विशेष पूजन, महामस्त का अभिषेक एवं आराधना की गई। प्रातःकाल से ही मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। भक्तों ने भगवान की भक्ति में लीन होकर मंगलाचरण, भजन एवं धार्मिक अनुष्ठानों में बढ़-चढ़कर भाग लिया। मंदिर को आकर्षक विद्युत सज्जा एवं फूलों से सजाया गया, जिससे पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया।2
- Post by Suriya yadav media1
- Post by SHAMBHU DAYAL KUSHWAH1
- परवन सिंचाई परियोजना अकावद के डूब क्षेत्र में आने वाले किसानों ने सौंपा ज्ञापन, मुआवजे और पुनर्वास की मांग छीपाबड़ौद - बारां 22 अप्रैल 2026 - परवन सिंचाई परियोजना अकावद के डूब क्षेत्र में आने वाले छीपाबड़ौद उपखंड क्षेत्र के सैकड़ों पीड़ित किसान परिवारों ने बुधवार को अपनी समस्याओं को लेकर एसडीएम कार्यालय पर प्रदर्शन किया और ज्ञापन सौंपा। पंचायत समिति सदस्य नंदकिशोर वर्मा के नेतृत्व में बड़ी संख्या में किसान ट्रैक्टर-ट्रॉलियों से उपखंड मुख्यालय पहुंचे। किसानों ने परियोजना से प्रभावित जमीन का उचित मुआवजा, पक्के मकानों का मूल्यांकन कर भुगतान, तथा पुनर्वास की ठोस नीति बनाने की मांग उठाई। *ये रहे मौजूद* ज्ञापन देने वालों में वार्ड पंच श्याम मनोहर पांचाल, चतुर्भुज पड़ोलिया, तेजपाल धाकड़, परमानंद नागर, मोहनलाल नागर, सियाराम धाकड़, मथुरालाल धाकड़, सम्पत राज, छीतरलाल पटेल, लेखराज धाकड़, रामभरोस धाकड़, गिरधारी लाल वर्मा, सुखेन्द्र वर्मा सहित समस्त डूब क्षेत्र के किसान मौजूद रहे। *क्या है किसानों की मांग* पंचायत समिति सदस्य नंदकिशोर वर्मा ने बताया कि परवन परियोजना के कारण अकावद बांध के डूब क्षेत्र में छीपाबड़ौद उपखंड के दर्जनों गांवों की हजारों बीघा उपजाऊ जमीन और सैकड़ों मकान डूब में आ रहे हैं। लेकिन अभी तक किसानों को न तो जमीन का पूरा मुआवजा मिला है और न ही पुनर्वास की कोई स्पष्ट योजना बताई गई है। किसानों का कहना है कि डीएलसी दर से मुआवजा दिया जाए, कुओं-ट्यूबवेल का अलग से भुगतान हो, तथा हर विस्थापित परिवार को रोजगार या जमीन के बदले जमीन दी जाए। कई परिवारों की तीन-तीन पीढ़ियां यहां खेती कर रही हैं, अब विस्थापन से उनके सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है। *चेतावनी भी दी* किसानों ने चेतावनी दी कि यदि 15 दिन में उनकी मांगों पर सकारात्मक कार्रवाई नहीं हुई तो वे उग्र आंदोलन करेंगे और बांध का काम रुकवाएंगे। एसडीएम ने ज्ञापन लेकर उचित कार्रवाई के लिए उच्चाधिकारियों को भेजने का आश्वासन दिया।4
- किसानों से मिली जानकारी के अनुसार बमोरी तहसील खेती किसानी पर निर्भर है लगभग 50% मूंग की बुवाई हुई है बमोरी तहसील में इस बार किसानों का कहना है मूंग भी बढ़िया है अगर मौसम गर्म बना रहा तो मूंग की खेती किसानों के लिए लाभदायक होगी1
- बारां जिले की ग्राम पंचायत मामोनी में आज दिन में खेतों की 9 लाइनों में लगी फायर ब्रिगेड की कर्मचारियों ने बुझाई आग हैं1