logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

फतेहपुर जनपद के असोथर नगर पंचायत क्षेत्र में खनिज विभाग की घोर लापरवाही और प्रशासनिक आदेशों की खुलेआम अनदेखी का मामला सामने आया है। जिला अधिकारी और पुलिस अधीक्षक द्वारा ओवरलोड वाहनों पर कार्रवाई के सख्त निर्देश दिए जाने के बावजूद, मोरम माफियाओं के हौसले इतने बुलंद हैं कि दिन-रात सड़कों पर बेखौफ होकर ओवरलोड ट्रक और डंपर फर्राटा भर रहे हैं, जिससे उनके आदेश पूरी तरह बेअसर साबित हो रहे हैं। स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि इन ओवरलोड वाहनों से उड़ने वाली धूल ने पूरे कस्बे को अपनी चपेट में ले लिया है, जो लोगों के लिए "सफेद ज़हर" बनकर सांस लेने में गंभीर परेशानी का कारण बन रही है। राहगीरों, दुकानदारों और आसपास रहने वाले लोगों को लगातार इस प्रदूषण का सामना करना पड़ रहा है, वहीं भारी वाहनों के अनवरत आवागमन से सड़कों की हालत भी बद से बदतर हो चुकी है। सबसे चिंताजनक बात यह है कि पुलिस थाने से चंद कदमों की दूरी से ये ओवरलोड वाहन लगातार गुजर रहे हैं, लेकिन जिम्मेदार विभाग और पुलिस प्रशासन इस पर कार्रवाई करने के बजाय मौन धारण किए हुए हैं। वायरल हो रहे लोकेशन वीडियो में भी नियमों का उल्लंघन करते हुए खुलेआम दौड़ते ओवरलोड ट्रक और डंपर साफ देखे जा सकते हैं। क्षेत्रीय नागरिकों ने प्रशासन से तत्काल और सख्त कार्रवाई की मांग की है, ताकि सड़क हादसों पर लगाम लग सके और लोगों को जानलेवा धूल प्रदूषण से राहत मिल पाए। लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही इस गंभीर समस्या पर ध्यान नहीं दिया गया और कार्रवाई नहीं हुई, तो किसी बड़े हादसे से इनकार नहीं किया जा सकता।

9 hrs ago
user_Udnews chief editor In
Udnews chief editor In
फतेहपुर, फतेहपुर, उत्तर प्रदेश•
9 hrs ago

फतेहपुर जनपद के असोथर नगर पंचायत क्षेत्र में खनिज विभाग की घोर लापरवाही और प्रशासनिक आदेशों की खुलेआम अनदेखी का मामला सामने आया है। जिला अधिकारी और पुलिस अधीक्षक द्वारा ओवरलोड वाहनों पर कार्रवाई के सख्त निर्देश दिए जाने के बावजूद, मोरम माफियाओं के हौसले इतने बुलंद हैं कि दिन-रात सड़कों पर बेखौफ होकर ओवरलोड ट्रक और डंपर फर्राटा भर रहे हैं, जिससे उनके आदेश पूरी तरह बेअसर साबित हो रहे हैं। स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि इन ओवरलोड वाहनों से उड़ने वाली धूल ने पूरे कस्बे को अपनी चपेट में ले लिया है, जो लोगों के लिए "सफेद ज़हर" बनकर सांस लेने में गंभीर परेशानी का कारण बन रही है। राहगीरों, दुकानदारों और आसपास रहने वाले लोगों को लगातार इस प्रदूषण का सामना करना पड़ रहा है, वहीं भारी वाहनों के अनवरत आवागमन से सड़कों की हालत भी बद से बदतर हो चुकी है। सबसे चिंताजनक बात यह है कि पुलिस थाने से चंद कदमों की दूरी से ये ओवरलोड वाहन लगातार गुजर रहे हैं, लेकिन जिम्मेदार विभाग और पुलिस प्रशासन इस पर कार्रवाई करने के बजाय मौन धारण किए हुए हैं। वायरल हो रहे लोकेशन वीडियो में भी नियमों का उल्लंघन करते हुए खुलेआम दौड़ते ओवरलोड ट्रक और डंपर साफ देखे जा सकते हैं। क्षेत्रीय नागरिकों ने प्रशासन से तत्काल और सख्त कार्रवाई की मांग की है, ताकि सड़क हादसों पर लगाम लग सके और लोगों को जानलेवा धूल प्रदूषण से राहत मिल पाए। लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही इस गंभीर समस्या पर ध्यान नहीं दिया गया और कार्रवाई नहीं हुई, तो किसी बड़े हादसे से इनकार नहीं किया जा सकता।

More news from Uttar Pradesh and nearby areas
  • फ़तेहपुर जिले में कांग्रेस ने महोबा की एक दलित नीट छात्रा के अपहरण, दुष्कर्म और जबरन शादी के मामले में राज्यपाल को ज्ञापन सौंपा है। यह घटना तब सामने आई जब महोबा में कोचिंग जा रही एक दलित छात्रा का अपहरण कर उसे 16 दिनों तक प्रयागराज में बंधक बनाकर रखा गया, जहां उसके साथ दुष्कर्म किया गया और फिर जबरन शादी कर दी गई। कांग्रेस ने जिलाधिकारी (DM) के माध्यम से राज्यपाल को भेजे गए इस ज्ञापन में मामले के आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी, उन्हें कड़ी से कड़ी सजा दिए जाने, पीड़िता को आर्थिक मदद प्रदान करने और उसके परिवार को सुरक्षा उपलब्ध कराने की मांग की है।
    4
    फ़तेहपुर जिले में कांग्रेस ने महोबा की एक दलित नीट छात्रा के अपहरण, दुष्कर्म और जबरन शादी के मामले में राज्यपाल को ज्ञापन सौंपा है। यह घटना तब सामने आई जब महोबा में कोचिंग जा रही एक दलित छात्रा का अपहरण कर उसे 16 दिनों तक प्रयागराज में बंधक बनाकर रखा गया, जहां उसके साथ दुष्कर्म किया गया और फिर जबरन शादी कर दी गई।

कांग्रेस ने जिलाधिकारी (DM) के माध्यम से राज्यपाल को भेजे गए इस ज्ञापन में मामले के आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी, उन्हें कड़ी से कड़ी सजा दिए जाने, पीड़िता को आर्थिक मदद प्रदान करने और उसके परिवार को सुरक्षा उपलब्ध कराने की मांग की है।
    user_Bablu singh Raftaar media
    Bablu singh Raftaar media
    निष्पक्ष पत्रकारिता करना उद्देश्य Fatehpur, Uttar Pradesh•
    13 hrs ago
  • बांदा जिले के कमासिन कस्बे में स्थित एक सोने-चांदी के जेवरात की दुकान में शॉर्ट सर्किट के कारण भीषण आग लग गई, जिससे लगभग 50 लाख रुपये का भारी नुकसान हुआ है। इस अग्निकांड में दुकान के भीतर रखे सोने-चांदी के सभी जेवरात, लाखों रुपये की नकदी और गृहस्थी का अन्य महत्वपूर्ण सामान पूरी तरह जलकर खाक हो गया।
    1
    बांदा जिले के कमासिन कस्बे में स्थित एक सोने-चांदी के जेवरात की दुकान में शॉर्ट सर्किट के कारण भीषण आग लग गई, जिससे लगभग 50 लाख रुपये का भारी नुकसान हुआ है। इस अग्निकांड में दुकान के भीतर रखे सोने-चांदी के सभी जेवरात, लाखों रुपये की नकदी और गृहस्थी का अन्य महत्वपूर्ण सामान पूरी तरह जलकर खाक हो गया।
    user_JSB NEWS UP
    JSB NEWS UP
    पत्रकारिता बबेरू, बांदा, उत्तर प्रदेश•
    2 hrs ago
  • आजकल बाजार में मिलने वाले दूध-दही, पनीर और हरी सब्जियों सहित हर खाद्य पदार्थ में धड़ल्ले से केमिकल और मिलावट का खेल चल रहा है। मासूम बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक, हर कोई इस नकली और जहरीले सामान को खाने पर मजबूर है। इस स्थिति पर गंभीर सवाल उठाया गया है कि क्या चंद पैसों के अंधे लालच में लोगों की जान से खिलवाड़ करना सही है। यह कीमती मानव जीवन बड़ी मुश्किल से मिला है, और यह कहा गया है कि इंसान ने भले ही दुनिया भर के आविष्कार कर लिए हों और रोबोट बना लिए हों, लेकिन कोई भी आज तक एक मृत शरीर में फिर से 'जान' नहीं डाल पाया है। ईश्वर सत्य है, और सभी के अच्छे-बुरे कर्मों का हिसाब यहीं होना है, क्योंकि लोग खाली हाथ आते हैं और खाली हाथ ही जाते हैं, अपने साथ सिर्फ अच्छे कर्म ही ले जाते हैं। पोस्ट में यह स्पष्ट किया गया है कि 'प्लास्टिक के चावल' की जो अफवाहें उड़ती हैं, वह वास्तव में सरकार द्वारा पोषण बढ़ाने के लिए मिलाया गया 'फोर्टिफाइड चावल' होता है, लेकिन दूध, मावा और सब्जियों में यूरिया और केमिकल का जो असली खेल चल रहा है, वह 100% सच है और यह हमारे शरीर को अंदर से खोखला कर रहा है। इस गंभीर समस्या के मद्देनजर, सभी से हाथ जोड़कर प्रार्थना की गई है कि अगर वे कहीं भी ऐसी मिलावट या गलत काम होते देखें, तो चुप न रहें, बल्कि उन लोगों को शांति और समझदारी से समझाएं। इसमें किसी भी तरह की हिंसा, मारपीट या झगड़ा करने से मना किया गया है, और समाज को शांतिपूर्ण ढंग से सुधारने की बात कही गई है। यह भी जोर दिया गया है कि इस कलयुग में केवल जागरूक बनकर ही अपने प्रियजनों की जान बचाई जा सकती है। इस बेबाक आवाज को अनुज चौहान (संपादक/रिपोर्टर) ने मनुज क्रांति न्यूज़ (वतन की गरिमा, लखनऊ) के माध्यम से उठाया है, और अनाया सिंह पाठशाला 'सच्चे संस्कार और शिक्षा की ओर कदम' बढ़ाते हुए जमीनी सेवा प्रदान कर रही है। अंत में यह सवाल उठाया गया है कि 'किराए का जीवन' होने के बावजूद भ्रष्टाचार क्यों नहीं थम रहा है, और क्या गरीब होना ही सबसे बड़ा गुनाह है।
    2
    आजकल बाजार में मिलने वाले दूध-दही, पनीर और हरी सब्जियों सहित हर खाद्य पदार्थ में धड़ल्ले से केमिकल और मिलावट का खेल चल रहा है। मासूम बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक, हर कोई इस नकली और जहरीले सामान को खाने पर मजबूर है। इस स्थिति पर गंभीर सवाल उठाया गया है कि क्या चंद पैसों के अंधे लालच में लोगों की जान से खिलवाड़ करना सही है।

यह कीमती मानव जीवन बड़ी मुश्किल से मिला है, और यह कहा गया है कि इंसान ने भले ही दुनिया भर के आविष्कार कर लिए हों और रोबोट बना लिए हों, लेकिन कोई भी आज तक एक मृत शरीर में फिर से 'जान' नहीं डाल पाया है। ईश्वर सत्य है, और सभी के अच्छे-बुरे कर्मों का हिसाब यहीं होना है, क्योंकि लोग खाली हाथ आते हैं और खाली हाथ ही जाते हैं, अपने साथ सिर्फ अच्छे कर्म ही ले जाते हैं। पोस्ट में यह स्पष्ट किया गया है कि 'प्लास्टिक के चावल' की जो अफवाहें उड़ती हैं, वह वास्तव में सरकार द्वारा पोषण बढ़ाने के लिए मिलाया गया 'फोर्टिफाइड चावल' होता है, लेकिन दूध, मावा और सब्जियों में यूरिया और केमिकल का जो असली खेल चल रहा है, वह 100% सच है और यह हमारे शरीर को अंदर से खोखला कर रहा है।

इस गंभीर समस्या के मद्देनजर, सभी से हाथ जोड़कर प्रार्थना की गई है कि अगर वे कहीं भी ऐसी मिलावट या गलत काम होते देखें, तो चुप न रहें, बल्कि उन लोगों को शांति और समझदारी से समझाएं। इसमें किसी भी तरह की हिंसा, मारपीट या झगड़ा करने से मना किया गया है, और समाज को शांतिपूर्ण ढंग से सुधारने की बात कही गई है। यह भी जोर दिया गया है कि इस कलयुग में केवल जागरूक बनकर ही अपने प्रियजनों की जान बचाई जा सकती है। इस बेबाक आवाज को अनुज चौहान (संपादक/रिपोर्टर) ने मनुज क्रांति न्यूज़ (वतन की गरिमा, लखनऊ) के माध्यम से उठाया है, और अनाया सिंह पाठशाला 'सच्चे संस्कार और शिक्षा की ओर कदम' बढ़ाते हुए जमीनी सेवा प्रदान कर रही है। अंत में यह सवाल उठाया गया है कि 'किराए का जीवन' होने के बावजूद भ्रष्टाचार क्यों नहीं थम रहा है, और क्या गरीब होना ही सबसे बड़ा गुनाह है।
    user_Anuj Chauhan (Reporter)
    Anuj Chauhan (Reporter)
    Local News Reporter बीघापुर, उन्नाव, उत्तर प्रदेश•
    14 hrs ago
  • रायबरेली के सुंदरगंज चौराहा स्थित आनंद आयुर्वेद केंद्र पर मंगलवार को उत्तर प्रदेश राज्य आयुष सोसाइटी के तत्वावधान में “आयुष आपके द्वार” योजना के तहत वरिष्ठ नागरिकों के लिए एक निःशुल्क स्वास्थ्य जांच एवं चिकित्सा शिविर आयोजित किया गया। इस शिविर में आयुर्वेद के कुशल चिकित्सकों ने मरीजों का स्वास्थ्य परीक्षण किया, जिसके दौरान लगभग 72 मरीजों ने अपना परीक्षण कराया और कुल 70 मरीजों का परीक्षण कर उन्हें निःशुल्क दवा वितरित की गई। आयुर्वेद चिकित्साधिकारी डॉ. विनोद कुमार ने बताया कि शिविर में आए मरीजों में सर्दी-जुकाम, एलर्जी और गैस संबंधी बीमारियों से पीड़ित लोगों की संख्या अधिक थी, जिन्हें आवश्यक परामर्श के साथ निःशुल्क दवाइयाँ प्रदान की गईं। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि 35 मरीजों को मौके पर ही निःशुल्क दवा उपलब्ध करा दी गई, जबकि कुछ मरीजों को आगे के परीक्षण एवं उपचार हेतु रोखा स्थित चिकित्सालय पर बुलाया गया है, जहाँ उन्हें ज़रूरी दवाइयाँ उपलब्ध कराई जाएँगी। आनंद मिश्रा लेमन मैन ने इस अवसर पर कहा कि ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएँ मुहैया कराने के उद्देश्य से समय-समय पर ऐसे स्वास्थ्य शिविर आयोजित किए जाते रहेंगे, ताकि ज़रूरतमंद लोगों को निःशुल्क जांच और उपचार का लाभ मिल सके। इस दौरान वार्ड ब्वॉय मोहम्मद तौसीफ, आनंद मिश्रा, व्यापार मंडल अध्यक्ष पवन अग्रहरि, राजेश शर्मा, श्रवण कुमार अवस्थी, परमेश्वर दीन, पवन मिश्रा सहित अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
    1
    रायबरेली के सुंदरगंज चौराहा स्थित आनंद आयुर्वेद केंद्र पर मंगलवार को उत्तर प्रदेश राज्य आयुष सोसाइटी के तत्वावधान में “आयुष आपके द्वार” योजना के तहत वरिष्ठ नागरिकों के लिए एक निःशुल्क स्वास्थ्य जांच एवं चिकित्सा शिविर आयोजित किया गया। इस शिविर में आयुर्वेद के कुशल चिकित्सकों ने मरीजों का स्वास्थ्य परीक्षण किया, जिसके दौरान लगभग 72 मरीजों ने अपना परीक्षण कराया और कुल 70 मरीजों का परीक्षण कर उन्हें निःशुल्क दवा वितरित की गई।

आयुर्वेद चिकित्साधिकारी डॉ. विनोद कुमार ने बताया कि शिविर में आए मरीजों में सर्दी-जुकाम, एलर्जी और गैस संबंधी बीमारियों से पीड़ित लोगों की संख्या अधिक थी, जिन्हें आवश्यक परामर्श के साथ निःशुल्क दवाइयाँ प्रदान की गईं। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि 35 मरीजों को मौके पर ही निःशुल्क दवा उपलब्ध करा दी गई, जबकि कुछ मरीजों को आगे के परीक्षण एवं उपचार हेतु रोखा स्थित चिकित्सालय पर बुलाया गया है, जहाँ उन्हें ज़रूरी दवाइयाँ उपलब्ध कराई जाएँगी।

आनंद मिश्रा लेमन मैन ने इस अवसर पर कहा कि ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएँ मुहैया कराने के उद्देश्य से समय-समय पर ऐसे स्वास्थ्य शिविर आयोजित किए जाते रहेंगे, ताकि ज़रूरतमंद लोगों को निःशुल्क जांच और उपचार का लाभ मिल सके।

इस दौरान वार्ड ब्वॉय मोहम्मद तौसीफ, आनंद मिश्रा, व्यापार मंडल अध्यक्ष पवन अग्रहरि, राजेश शर्मा, श्रवण कुमार अवस्थी, परमेश्वर दीन, पवन मिश्रा सहित अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
    user_पवन अग्रहरि
    पवन अग्रहरि
    सलोन, रायबरेली, उत्तर प्रदेश•
    1 hr ago
  • लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) महिला प्रकोष्ठ द्वारा एक विशाल भंडारे का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम पार्टी की प्रदेश उपाध्यक्ष शिवानी सिंह के नेतृत्व में संपन्न हुआ, जिसमें क्षेत्र की मातृशक्ति और स्थानीय लोगों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। इस अवसर पर शिवानी सिंह ने पार्टी की प्राथमिकताओं के रूप में सेवा, सामाजिक सहयोग और जनसंपर्क पर जोर दिया।
    1
    लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) महिला प्रकोष्ठ द्वारा एक विशाल भंडारे का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम पार्टी की प्रदेश उपाध्यक्ष शिवानी सिंह के नेतृत्व में संपन्न हुआ, जिसमें क्षेत्र की मातृशक्ति और स्थानीय लोगों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। इस अवसर पर शिवानी सिंह ने पार्टी की प्राथमिकताओं के रूप में सेवा, सामाजिक सहयोग और जनसंपर्क पर जोर दिया।
    user_Skojha123
    Skojha123
    Local News Reporter सलोन, रायबरेली, उत्तर प्रदेश•
    2 hrs ago
  • रायबरेली जिले में आगामी बकरीद त्योहार को देखते हुए पुलिस ने फ्लैग मार्च का आयोजन कर आम जनता को सुरक्षा का एहसास दिलाया है। यह फ्लैग मार्च डीह थाना क्षेत्र के परशदेपुर कस्बे में पुलिस द्वारा निकाला गया, जिसका मुख्य उद्देश्य पर्व के दौरान शांति और सुरक्षा बनाए रखने के प्रति प्रतिबद्धता दर्शाना था।
    1
    रायबरेली जिले में आगामी बकरीद त्योहार को देखते हुए पुलिस ने फ्लैग मार्च का आयोजन कर आम जनता को सुरक्षा का एहसास दिलाया है। यह फ्लैग मार्च डीह थाना क्षेत्र के परशदेपुर कस्बे में पुलिस द्वारा निकाला गया, जिसका मुख्य उद्देश्य पर्व के दौरान शांति और सुरक्षा बनाए रखने के प्रति प्रतिबद्धता दर्शाना था।
    user_Journalist Anurag Srivastava
    Journalist Anurag Srivastava
    Court reporter Rae Bareli, Uttar Pradesh•
    3 hrs ago
  • रायबरेली के सदर तहसील क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम सभा बेलाखारा निवासी जगदीश को न्याय नहीं मिल रहा है। बोदे पासी, उमा देवी, बिन्नू और सोनू सहित अन्य दबंगों ने जगदीश के आने-जाने का रास्ता बंद कर दिया है। इन दबंगों ने आम रास्ते में पक्की बीम डाल दी है, जिससे पीड़ित को आवागमन में भारी समस्या हो रही है। दबंगों ने पीड़ित जगदीश को जान से मार देने की धमकी भी दी है। जगदीश ने इस संबंध में कई बार आवेदन दिए हैं, लेकिन इसके बावजूद रास्ते से बीम नहीं हटाई गई है। पीड़ित जगदीश को अभी तक न्याय नहीं मिल पाया है।
    1
    रायबरेली के सदर तहसील क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम सभा बेलाखारा निवासी जगदीश को न्याय नहीं मिल रहा है। बोदे पासी, उमा देवी, बिन्नू और सोनू सहित अन्य दबंगों ने जगदीश के आने-जाने का रास्ता बंद कर दिया है। इन दबंगों ने आम रास्ते में पक्की बीम डाल दी है, जिससे पीड़ित को आवागमन में भारी समस्या हो रही है।

दबंगों ने पीड़ित जगदीश को जान से मार देने की धमकी भी दी है। जगदीश ने इस संबंध में कई बार आवेदन दिए हैं, लेकिन इसके बावजूद रास्ते से बीम नहीं हटाई गई है। पीड़ित जगदीश को अभी तक न्याय नहीं मिल पाया है।
    user_Journalist Anurag Srivastava
    Journalist Anurag Srivastava
    Court reporter Rae Bareli, Uttar Pradesh•
    3 hrs ago
  • रायबरेली के ऊंचाहार क्षेत्र के सलीम पुर भैरव अकोढि़यां गाँव में बज बजाती नालियों के कारण मच्छरों का प्रकोप तेज़ी से बढ़ गया है, जिससे ग्रामीण गंभीर बीमारियों की चपेट में आ रहे हैं। गाँव के बूढ़े और बच्चे डेगूं, मलेरिया, दस्त और बुखार जैसी खतरनाक बीमारियों से पीड़ित हो रहे हैं, फिर भी जिम्मेदार अधिकारी इस स्थिति से अनजान बने हुए हैं। यह स्थिति अधिकारियों की उदासीनता और सफाई कर्मचारियों की लापरवाही का परिणाम बताई जा रही है। आरोप है कि सफाई कर्मचारी बिना काम किए ही वेतन उठा रहे हैं और केवल अधिकारियों के रजिस्टर ढोने का काम कर रहे हैं, जिससे महीनों से नालियों की सफाई नहीं हुई है। ग्रामीणों ने इस पर सवाल उठाते हुए कहा है कि यह सीधे तौर पर सरकार की प्रमुख 'स्वच्छ भारत मिशन' योजना पर पानी फेरने जैसा है। इस संबंध में जब ऊंचाहार के बीडीओ से फोन पर संपर्क करने का प्रयास किया गया तो उनसे बात नहीं हो सकी। ग्रामीण सवाल उठा रहे हैं कि आखिर इन बज बजाती नालियों की सफाई न होने का जिम्मेदार कौन है और क्या सफाई कर्मचारियों पर कोई नियंत्रण नहीं है। आशंका जताई जा रही है कि गाँव की सफाई व्यवस्था केवल कागजों पर चल रही है, जबकि अधिकारी उदासीनता के कारण सफाई कर्मचारियों को मौज करने का मौका मिल रहा है, और गाँव की सफाई व्यवस्था पर सवाल उठते रहेंगे।
    2
    रायबरेली के ऊंचाहार क्षेत्र के सलीम पुर भैरव अकोढि़यां गाँव में बज बजाती नालियों के कारण मच्छरों का प्रकोप तेज़ी से बढ़ गया है, जिससे ग्रामीण गंभीर बीमारियों की चपेट में आ रहे हैं। गाँव के बूढ़े और बच्चे डेगूं, मलेरिया, दस्त और बुखार जैसी खतरनाक बीमारियों से पीड़ित हो रहे हैं, फिर भी जिम्मेदार अधिकारी इस स्थिति से अनजान बने हुए हैं।

यह स्थिति अधिकारियों की उदासीनता और सफाई कर्मचारियों की लापरवाही का परिणाम बताई जा रही है। आरोप है कि सफाई कर्मचारी बिना काम किए ही वेतन उठा रहे हैं और केवल अधिकारियों के रजिस्टर ढोने का काम कर रहे हैं, जिससे महीनों से नालियों की सफाई नहीं हुई है। ग्रामीणों ने इस पर सवाल उठाते हुए कहा है कि यह सीधे तौर पर सरकार की प्रमुख 'स्वच्छ भारत मिशन' योजना पर पानी फेरने जैसा है।

इस संबंध में जब ऊंचाहार के बीडीओ से फोन पर संपर्क करने का प्रयास किया गया तो उनसे बात नहीं हो सकी। ग्रामीण सवाल उठा रहे हैं कि आखिर इन बज बजाती नालियों की सफाई न होने का जिम्मेदार कौन है और क्या सफाई कर्मचारियों पर कोई नियंत्रण नहीं है। आशंका जताई जा रही है कि गाँव की सफाई व्यवस्था केवल कागजों पर चल रही है, जबकि अधिकारी उदासीनता के कारण सफाई कर्मचारियों को मौज करने का मौका मिल रहा है, और गाँव की सफाई व्यवस्था पर सवाल उठते रहेंगे।
    user_Dhirendra Shukla
    Dhirendra Shukla
    ऊंचाहार, रायबरेली, उत्तर प्रदेश•
    4 hrs ago
  • पीएम मोदी की यात्रा के दौरान आयोजित एक प्रेस ब्रीफिंग में बड़ा विवाद सामने आया, जब डच पत्रकारों ने प्रेस की आज़ादी और अल्पसंख्यकों के अधिकारों से संबंधित तीखे सवाल पूछे। इन सवालों के जवाब में भारतीय प्रतिनिधिमंडल द्वारा दिए गए उत्तरों ने एक नया विवाद खड़ा कर दिया। इस घटना के बाद यह प्रश्न उठ रहा है कि क्या दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र में सवाल पूछना कठिन होता जा रहा है, या फिर भारत की छवि पर बेवजह के सवाल उठाए जा रहे हैं। पोस्ट में यह भी पूछा गया है कि क्या इन सवालों से मोदी सरकार असहज हुई और क्या नार्वे (जैसा कि पोस्ट में उल्लेख है) द्वारा पूछे गए प्रश्नों का कोई उचित जवाब नहीं मिल पाया।
    1
    पीएम मोदी की यात्रा के दौरान आयोजित एक प्रेस ब्रीफिंग में बड़ा विवाद सामने आया, जब डच पत्रकारों ने प्रेस की आज़ादी और अल्पसंख्यकों के अधिकारों से संबंधित तीखे सवाल पूछे। इन सवालों के जवाब में भारतीय प्रतिनिधिमंडल द्वारा दिए गए उत्तरों ने एक नया विवाद खड़ा कर दिया।

इस घटना के बाद यह प्रश्न उठ रहा है कि क्या दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र में सवाल पूछना कठिन होता जा रहा है, या फिर भारत की छवि पर बेवजह के सवाल उठाए जा रहे हैं। पोस्ट में यह भी पूछा गया है कि क्या इन सवालों से मोदी सरकार असहज हुई और क्या नार्वे (जैसा कि पोस्ट में उल्लेख है) द्वारा पूछे गए प्रश्नों का कोई उचित जवाब नहीं मिल पाया।
    user_Gaurav Srivastava
    Gaurav Srivastava
    Rae Bareli, Uttar Pradesh•
    5 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.