Shuru
Apke Nagar Ki App…
शिक्षक दिवस के अवसर पर सर्वपल्ली स्वर्गीय डॉक्टर राधाकृष्णन को दिया गया भावभिनि श्रद्धांजलि समस्तीपुर जिला अंतर्गत पंचायत जिला संचालित राजकीय डिग्री महाविद्यालय में धूमधाम से मनाई गई शिक्षक दिवस
Janta Star News
शिक्षक दिवस के अवसर पर सर्वपल्ली स्वर्गीय डॉक्टर राधाकृष्णन को दिया गया भावभिनि श्रद्धांजलि समस्तीपुर जिला अंतर्गत पंचायत जिला संचालित राजकीय डिग्री महाविद्यालय में धूमधाम से मनाई गई शिक्षक दिवस
More news from बिहार and nearby areas
- SH.56 दरभंगा जिला के कुशेश्वरस्थान से चलकर समस्तीपुर जिला सीमावर्ती क्षेत्र के राजकीय पथ संख्या56 कि बदहाल व्यवस्था सिंघिया प्रखंड क्षेत्र स्थित ग्राम बसौली मोर पर सड़क का किनारा टूट कर गड्ढों में तब्दील हो गई है1
- समस्तीपुर: दबंगई से मकान पर कब्जा और सामान नहीं लौटाने का आरोप, कार्रवाई की मांग समस्तीपुर: दबंगई से मकान पर कब्जा और सामान नहीं लौटाने का आरोप, कार्रवाई की मांग बिहार समस्तीपुर से ब्यूरो चीफ पंकज बाबा की रिपोर्ट: जिले के आदर्शनगर मोहल्ले की रहने वाली कामिनी कुमारी ने एक मकान पर कब्जा करने तथा घर में रखे सामान को नहीं लौटाने का आरोप लगाते हुए पुलिस प्रशासन से न्याय की गुहार लगाई है। इस संबंध में उन्होंने पुलिस अधिकारियों को आवेदन देकर कानूनी कार्रवाई की मांग की है। आवेदन में कहा गया है कि जब वह आदर्शनगर स्थित मकान पर पहुंचीं तो पाया कि उनके द्वारा लगाए गए ताले की जगह नया ताला लगा दिया गया है। आसपास के लोगों से पूछताछ करने पर जानकारी मिली कि उदय कुमार एवं कुछ अन्य लोगों ने घर में ताला लगा दिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि उक्त मकान के निर्माण और साज-सज्जा पर उन्होंने लगभग 15 लाख रुपये खर्च किए हैं। इसके अलावा घर में रखे सामान की कीमत भी करीब 10 लाख रुपये बताई गई है। पीड़िता का कहना है कि मकान और जमीन को अपने नाम कराने के लिए दबाव बनाए जाने के बाद विवाद उत्पन्न हुआ। आरोप है कि बाद में उन्हें मकान और उसमें रखे सामान से भी वंचित कर दिया गया। उन्होंने कहा कि मकान और सामान वापस मांगने पर भी उन्हें कोई राहत नहीं मिली। उन्होंने उक्त आशय से संबंधित शिकायती आवेदन 3 सितंबर को मुफस्सिल थानाध्यक्ष को लेकर उचित कार्रवाई का संकेत नहीं मिला। पीड़ित कामिनी कुमारी ने प्रशासन से मांग की है कि संबंधित पक्ष को मकान और घर में रखे सामान वापस करने का निर्देश दिया जाए। साथ ही मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई की जाए। इस संबंध में आवेदन की प्रतिलिपि पुलिस महानिरीक्षक दरभंगा प्रक्षेत्र, पुलिस महानिदेशक बिहार, पुलिस अधीक्षक समस्तीपुर एवं अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी समस्तीपुर को भी भेजी गई है। पीड़िता ने कहा कि उन्हें न्याय दिलाने के लिए प्रशासन शीघ्र हस्तक्षेप करे, ताकि उनकी संपत्ति और सामान की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।1
- बेगूसराय: मटिहानी प्रखंड में# प्रभारी मंत्री ने किया बाढ़# प्रभावित क्षेत्र का मुआयना,,,,,1
- कृष्णाजन्माष्टमी पूजन ग्राम पंचायत गोनोन मे कुम्हार टोल पर हर साल की तरह इस साल भी मुर्ती अस्थापित कि गयी थी,,, गोनोन गांव में शांतिपूर्ण रूपेण कृष्णाजन्मोत्सव मेला समारोह आयोजित किया गया था मेले मे मेला का बाजार सजा हुआ मिठाई और खिलौने की दुकान साथ मे बच्चों के लिए झुला आकरशन का केन्र्द रहा आज शांति पुर्ण मुर्ती बिसरजन किया गया |3
- बसहा मिर्जापुर में भव्य गंगा महाआरती, श्रद्धा और भक्ति से सराबोर हुआ माहौल। हायाघाट प्रखंड क्षेत्र के मिथिला कृष्ण जन्मोत्सव पूजा समिति एवं श्री राम-जानकी मंदिर, बसहा मिर्जापुर के तत्वावधान में कृष्ण जन्मोत्सव के अवसर पर रविवार की संध्या भव्य गंगा महाआरती का आयोजन किया गया। इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए और पूरा क्षेत्र भक्तिमय माहौल में डूब गया। गंगा महाआरती का विशेष आकर्षण कुशेश्वरस्थान कोलकात्ता एवं बनारस से पहुंची टीमों की मनमोहक प्रस्तुति रही। धार्मिक मंत्रोच्चार, आरती की भव्यता और भक्ति गीतों ने श्रद्धालुओं को भावविभोर कर दिया। जय श्रीकृष्ण के जयघोष से पूरा वातावरण गूंज उठा। कार्यक्रम में बिहार सरकार के मंत्री डॉ. रामचंद्र प्रसाद साह मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उन्होंने आयोजन के लिए समिति एवं ग्रामीणों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि ऐसे धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजन समाज को अपनी परंपरा और संस्कृति से जोड़ने का काम करते हैं। वहीं, मीडिया से बातचीत के दौरान ग्रामीणों ने तालाब के शेष स्थल पर घाट निर्माण की मांग मंत्री के समक्ष रखी। इस पर मंत्री डॉ. रामचंद्र प्रसाद साह ने कहा कि अगर ग्रामीण संबंधित जमीन को खाली कराकर उपलब्ध करा देते हैं, तो घाट निर्माण का कार्य जल्द शुरू कराया जाएगा। मंत्री के इस आश्वासन के बाद ग्रामीणों में घाट निर्माण को लेकर उम्मीद जगी है। आयोजन समिति और स्थानीय लोगों ने कार्यक्रम को सफल बनाने में सहयोग देने वाले सभी लोगों का आभार जताया। भव्य गंगा महाआरती के साथ बसहा मिर्जापुर में कृष्ण जन्मोत्सव का यह आयोजन आस्था, संस्कृति और परंपरा का अद्भुत संगम बन गया तत्पश्चात प्रतिमा विसर्जन किया गया।1
- तेघड़ा का ऐतिहासिक 100वां जन्माष्टमी मेला: आस्था का सैलाब, लेकिन सुविधाओं पर उठे सवाल बेगूसराय | तेघड़ा बेगूसराय जिले के तेघड़ा में आयोजित प्रसिद्ध जन्माष्टमी मेला इस वर्ष अपने 100वें वर्ष में प्रवेश कर गया है। इस ऐतिहासिक अवसर पर भगवान श्रीकृष्ण के दर्शन और मेले का आनंद लेने के लिए दूर-दराज के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु तेघड़ा पहुंच रहे हैं। मंदिर परिसर और आसपास का क्षेत्र श्रद्धालुओं की भारी भीड़ से गुलजार है। हालांकि, इतने बड़े और ऐतिहासिक आयोजन के बीच मूलभूत सुविधाओं और भीड़ प्रबंधन को लेकर अब सवाल उठने लगे हैं। श्रद्धालुओं का कहना है कि मेले में भारी भीड़ उमड़ रही है, लेकिन इसके अनुपात में व्यवस्थाएं पर्याप्त नजर नहीं आ रही हैं। पीने के पानी की समुचित व्यवस्था नहीं होने से परेशानी श्रद्धालुओं के मुताबिक, मेले में स्वच्छ पेयजल की पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने से लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। भीड़ और गर्मी के बीच सबसे अधिक परेशानी बच्चों, महिलाओं और बुजुर्ग श्रद्धालुओं को हो रही है। श्रद्धालुओं का कहना है कि 100वें वर्ष जैसे ऐतिहासिक आयोजन को ध्यान में रखते हुए प्रशासन और पूजा समिति को पर्याप्त संख्या में पेयजल केंद्र, प्याऊ और अन्य जरूरी सुविधाओं की व्यवस्था पहले से करनी चाहिए थी। सीढ़ियों पर बैठने को लेकर श्रद्धालुओं और पुजारी में बहस इसी बीच सोशल मीडिया पर सामने आए एक वीडियो ने मंदिर परिसर की व्यवस्था को लेकर चर्चा तेज कर दी है। वीडियो में मंदिर की सीढ़ियों पर बैठने को लेकर कुछ श्रद्धालुओं और पुजारी के बीच तीखी बहस होती दिखाई दे रही है। बताया जा रहा है कि थके हुए श्रद्धालु, महिलाएं और बच्चे कुछ देर आराम करने के लिए सीढ़ियों पर बैठ गए थे। इस दौरान पुजारी द्वारा उन्हें वहां से हटने के लिए कहा गया। पुजारी की ओर से रास्ते में बैठने से श्रद्धालुओं की आवाजाही प्रभावित होने और भीड़ नियंत्रण में परेशानी होने की बात कही गई। वहीं, कुछ श्रद्धालुओं का कहना है कि दूर-दराज से दर्शन के लिए आने वाले लोग घंटों भीड़ में खड़े रहते हैं। ऐसे में बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों के लिए बैठने या आराम करने की उचित व्यवस्था होनी चाहिए, ताकि उन्हें मंदिर परिसर में असुविधा का सामना न करना पड़े। 100वें वर्ष के आयोजन में बेहतर व्यवस्था की मांग स्थानीय लोगों और श्रद्धालुओं ने प्रशासन तथा पूजा समिति से मांग की है कि मेले की ऐतिहासिकता को देखते हुए पेयजल, बैठने की व्यवस्था, भीड़ नियंत्रण, साफ-सफाई और श्रद्धालुओं के लिए विश्राम स्थल जैसी सुविधाओं पर विशेष ध्यान दिया जाए। लोगों का कहना है कि जन्माष्टमी का यह 100वां मेला केवल धार्मिक आयोजन ही नहीं, बल्कि तेघड़ा की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक पहचान से भी जुड़ा हुआ है। ऐसे में यहां आने वाले श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं और सम्मानजनक माहौल उपलब्ध कराना आयोजन की गरिमा के अनुरूप होगा। श्रद्धालुओं की आस्था और आयोजन की भव्यता के साथ यदि व्यवस्थाओं में भी सुधार किया जाए, तो यह ऐतिहासिक 100वां जन्माष्टमी मेला लंबे समय तक यादगार बन सकता है।1
- समस्तीपुर के मोहनपुर प्रखंड अंतर्गत जलालपुर पंचायत के शाहपुर बारात गांव के वार्ड संख्या 14 में बांध में पानी का रिसाव होने से ग्रामीणों में मचा हड़कंप।1
- शिक्षक दिवस के अवसर पर सर्वपल्ली स्वर्गीय डॉक्टर राधाकृष्णन को दिया गया भावभिनि श्रद्धांजलि समस्तीपुर जिला अंतर्गत पंचायत जिला संचालित राजकीय डिग्री महाविद्यालय में धूमधाम से मनाई गई शिक्षक दिवस1