शुक्रवार को पाकुड़ में आदिवासी सेंगेल अभियान ने संताल समाज की पारंपरिक मांझी परगना व्यवस्था में जनतांत्रिक और संवैधानिक सुधारों को लागू करने की जोरदार मांग की। संगठन ने एक प्रेस विज्ञप्ति जारी कर कहा कि वर्तमान व्यवस्था में कई कमियां हैं, जिनके कारण समाज के सभी सदस्यों की समान भागीदारी सुनिश्चित नहीं हो पा रही है। संगठन ने इस बात पर जोर दिया कि पारंपरिक स्वशासन व्यवस्था को भारत के संविधान और मानवाधिकार सिद्धांतों के अनुरूप और अधिक मजबूत एवं पारदर्शी बनाया जाना चाहिए। इसके साथ ही, सामाजिक बहिष्कार, जबरन जुर्माना और डायन प्रथा जैसी गंभीर सामाजिक कुरीतियों पर प्रभावी ढंग से रोक लगाने की आवश्यकता भी बताई गई। सेंगेल अभियान के पदाधिकारियों ने स्पष्ट किया कि आदिवासी समाज में शिक्षा, समानता और लोकतांत्रिक सोच को बढ़ावा देना वर्तमान समय की एक अनिवार्य आवश्यकता है। संगठन का दृढ़ विश्वास है कि समाज में व्यापक जागरूकता बढ़ाकर ही सकारात्मक और स्थायी बदलाव लाया जा सकता है। इस अवसर पर मदन मुर्मू, सनातन हेंब्रम, रूबीलाल किस्कू, लोबिन मरांडी, सुलेमान किस्कू, रामजीत टूटू, दिनेश सोरेन और मकु टुडू सहित कई पदाधिकारी मौजूद थे।
शुक्रवार को पाकुड़ में आदिवासी सेंगेल अभियान ने संताल समाज की पारंपरिक मांझी परगना व्यवस्था में जनतांत्रिक और संवैधानिक सुधारों को लागू करने की जोरदार मांग की। संगठन ने एक प्रेस विज्ञप्ति जारी कर कहा कि वर्तमान व्यवस्था में कई कमियां हैं, जिनके कारण समाज के सभी सदस्यों की समान भागीदारी सुनिश्चित नहीं हो पा रही है। संगठन ने इस बात पर जोर दिया कि पारंपरिक स्वशासन व्यवस्था को भारत के संविधान और मानवाधिकार सिद्धांतों के अनुरूप और अधिक मजबूत एवं पारदर्शी बनाया जाना चाहिए। इसके साथ ही, सामाजिक बहिष्कार, जबरन जुर्माना और डायन प्रथा जैसी गंभीर सामाजिक कुरीतियों पर प्रभावी ढंग से रोक लगाने की आवश्यकता भी बताई गई। सेंगेल अभियान के पदाधिकारियों ने स्पष्ट किया कि आदिवासी समाज में शिक्षा, समानता और लोकतांत्रिक सोच को बढ़ावा देना वर्तमान समय की एक अनिवार्य आवश्यकता है। संगठन का दृढ़ विश्वास है कि समाज में व्यापक जागरूकता बढ़ाकर ही सकारात्मक और स्थायी बदलाव लाया जा सकता है। इस अवसर पर मदन मुर्मू, सनातन हेंब्रम, रूबीलाल किस्कू, लोबिन मरांडी, सुलेमान किस्कू, रामजीत टूटू, दिनेश सोरेन और मकु टुडू सहित कई पदाधिकारी मौजूद थे।
- पाकुड़ के नगर प्रशासक अमरेंद्र चौधरी ने राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के आदेश पर एक वीडियो जारी किया है, जिसमें होल्डिंग टैक्स के पुनरीक्षण और उस पर मिलने वाली छूट का विवरण दिया गया है। इस निर्देश के तहत, शहर में हर दो साल में सर्किल रेट बढ़ने पर होल्डिंग टैक्स में सीधे 10% की बढ़ोतरी की जाएगी, और यह पुनरीक्षण अनिवार्य रूप से लागू हो रहा है। हालांकि, प्रशासन ने ईमानदारी से टैक्स भरने वाले उपभोक्ताओं के लिए एक बड़ी छूट की पेशकश भी की है। यदि उपभोक्ता अपना होल्डिंग टैक्स ऑनलाइन भरते हैं, तो उन्हें सीधे 5% की अतिरिक्त छूट मिलेगी। वहीं, कार्यालय में आकर टैक्स जमा करने पर 2.5% की छूट का लाभ उठाया जा सकता है। इसके अलावा, महिला, ट्रांसजेंडर, सीनियर सिटीजन और दिव्यांग उपभोक्ताओं को 5% की अतिरिक्त छूट दी जाएगी, जिससे उन्हें कुल मिलाकर 15% तक की राहत मिल सकती है।1
- मेहरमा प्रखंड क्षेत्र के बलबड्डा स्थित राम सुन्दर राम विद्यालय परिसर में कुर्मी समाज की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में मेहरमा, महगामा और ठाकुरगंगटी प्रखंडों से बड़ी संख्या में समाज के लोग शामिल हुए। बैठक के दौरान समाज के उत्थान, संगठन की मजबूती और उसके विस्तार पर विस्तारपूर्वक चर्चा की गई। वक्ताओं ने इस बात पर जोर दिया कि समाज की प्रगति के लिए एकजुटता आवश्यक है, और संगठन को गांव-गांव तक पहुंचाने के लिए सभी सदस्यों को सक्रिय भूमिका निभानी होगी। उपस्थित लोगों ने शिक्षा, सामाजिक जागरूकता और युवाओं की भागीदारी बढ़ाने पर भी विशेष बल दिया। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य कुर्मी समाज को मजबूत करना, सामाजिक एकता को बढ़ावा देना और संगठन के विस्तार के माध्यम से समाज के सर्वांगीण विकास का मार्ग प्रशस्त करना था। साथ ही, यह निर्णय लिया गया कि समाज को संगठित करने और उसकी समस्याओं के समाधान के लिए भविष्य में नियमित रूप से बैठकें आयोजित की जाएंगी।1
- CAppu NEWS Channel इबोला वायरस से संबंधित नवीनतम जानकारी प्रसारित कर रहा है। ये अपडेट्स विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) द्वारा जारी किए गए हैं।1
- संनोखर थाना क्षेत्र के सीलन गांव से एक अनोखा मामला सामने आया है, जहाँ एक महिला को अपने देवर से प्यार हो गया। बताया गया है कि महिला दो महीने की गर्भवती होने के बाद, अपने देवर के साथ शादी के बंधन में बंध गई। दरअसल, महिला की शादी वर्ष 2018 में धर्मवीर साहू के साथ हुई थी। अब, यह घटनाक्रम चर्चा का विषय बन गया है कि कैसे "भाभी को हुआ देवर से प्यार, पहले प्रेग्नेंट फिर किया शादी"।1
- एक अनोखी प्रेम कहानी सामने आई है, जिसमें 'यादव जी' और 'साहू जी' के बीच संबंध स्थापित हुआ है। इस कहानी के अनुसार, एक भाभी को अपने देवर से प्रेम हो गया। जब यह प्रेम प्रसंग सामने आया, तो ग्रामीणों ने पहल करते हुए उन दोनों की शादी करवा दी। यह पूरी घटना अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है।1
- दुमका जिले के रानेश्वर प्रखंड स्थित लाकड़ाघाटी गाँव में कब्रिस्तान तक जाने वाले पीसीसी पथ का कार्य नियमों की अनदेखी के कारण जर्जर अवस्था में पहुँच गया है। इस पीसीसी पथ के निर्माण कार्य में बरती गई अनियमितताओं के चलते सड़क की हालत बद से बदतर हो गई है।1
- राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री और नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने पाकुड़ में बड़ा बयान देते हुए कहा है कि बांग्लादेशी घुसपैठ के कारण देश की राष्ट्रीय सुरक्षा और संस्कृति को गंभीर खतरा उत्पन्न हो गया है। उन्होंने जनसांख्यिकीय परिवर्तन की वास्तविकता जानने के लिए केंद्र सरकार द्वारा एक उच्च-स्तरीय समिति के गठन के फैसले को ऐतिहासिक बताया। मरांडी के अनुसार, यह कदम न केवल जनसांख्यिकीय परिवर्तन की हकीकत को उजागर करेगा, बल्कि राष्ट्रीय सुरक्षा और संस्कृति को बचाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। पाकुड़ में आयोजित दो दिवसीय पंडित दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण अभियान के समापन सत्र में भाग लेते हुए बाबूलाल मरांडी ने आरोप लगाया कि जनसांख्यिकीय परिवर्तन की वजह से संथाल परगना प्रमंडल और झारखंड के कई जिलों में आदिवासियों की आबादी में भारी कमी आई है, जबकि मुस्लिम आबादी में अप्रत्याशित वृद्धि दर्ज की गई है। उन्होंने कहा कि बांग्लादेशी घुसपैठियों के कारण देश के कई हिस्सों, विशेष रूप से झारखंड और संथाल परगना में, आदिवासियों की संस्कृति, उनकी सुरक्षा और संपत्ति की रक्षा जैसे गंभीर मुद्दे खड़े हो गए हैं। मरांडी ने संथाल परगना प्रमंडल के आंकड़े देते हुए बताया कि 1951 में आदिवासियों की जो आबादी थी, वह जनसांख्यिकीय परिवर्तन के कारण घटकर आज 25 प्रतिशत रह गई है, जबकि मुसलमानों की आबादी इसी अवधि में 9 प्रतिशत से बढ़कर 22 प्रतिशत हो गई है। उन्होंने दृढ़ विश्वास व्यक्त किया कि केंद्र सरकार की यह उच्च-स्तरीय समिति मामले की गहनता से जांच करेगी और इसकी रिपोर्ट सौंपने के बाद बांग्लादेशी घुसपैठियों को निश्चित रूप से भागना पड़ेगा, जिससे आने वाले दिनों में आदिवासियों के जीवन में बदलाव आएगा। उन्होंने पश्चिम बंगाल में सुवेंदु अधिकारी के मुख्यमंत्री बनते ही बांग्लादेशी घुसपैठियों में भगदड़ मचने का भी जिक्र किया और कहा कि झारखंड में होने वाले एसआईआर (SIR) से भी इन घुसपैठियों की हकीकत सामने आएगी।1
- ओडिशा के पुरी में एक घटना सामने आई है जहाँ अधिकारियों द्वारा एक ठेलेवाले को अवैध वेंडिंग के आरोप में हटाए जाने के बाद, स्थानीय लोगों ने उसकी खाजा मिठाइयों को लूट लिया।1