कटकेश्वर महादेव मंदिर में चोरी की वारदात का पर्दाफाश, सलूंबर से आरोपी गिरफ्तार तांबे के कलश और औजार बरामद संवाददाता - संतोष व्यास डूंगरपुर। जिले के आसपुर थाना क्षेत्र के प्रसिद्ध कटकेश्वर महादेव मंदिर में हुई चोरी की वारदात का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। 'ऑपरेशन शिकंजा' के तहत कार्रवाई करते हुए पुलिस ने गैंग के एक सदस्य को गिरफ्तार किया है, जबकि वारदात के दौरान एक चोर की भागते समय गिरने से मौत हो गई थी। थानाधिकारी ने बताया कि प्रार्थी मणिलाल उपाध्याय ने रिपोर्ट दी थी कि 24 नवंबर 2025 की रात को चोरों ने मंदिर के ताले तोड़कर प्रवेश किया। ग्रामीणों के जागने पर चोरों ने भागने का प्रयास किया। इस दौरान मंदिर की दीवार से कूदकर भागने की कोशिश में एक चोर गिर गया था, जिसकी मौके पर ही मौत हो गई थी, जबकि उसके साथी फरार हो गए थे। - तकनीकी साक्ष्य से मिला सुराग एसपी मनीष कुमार और एएसपी मुकेश सांखला के निर्देशन में आसपुर थानाधिकारी अनिल कुमार ने टीम गठित की। मुखबिर और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने चंदू पुत्र गंगाराम कीर, निवासी कीर बस्ती, कराकला (जिला सलूंबर) को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर चोरी किए गए तांबे का कलश, पीतल का छोटा गंडा, तांबे के 10 लोटे और वारदात में प्रयुक्त लोहे की कोस, पेचकस व सरिया बरामद किया है। साथ ही मौके से एक हीरो स्प्लेंडर बाइक भी जब्त की गई है। - दिन में रेकी, रात में चोरी पुलिस पूछताछ में सामने आया है कि यह गैंग दिन में मंदिरों की रेकी करती थी और रात के समय ताले तोड़कर वारदात को अंजाम देती थी। कार्रवाई में थानाधिकारी अनिल कुमार, सउनि गजेन्द्र सिंह, हेड कांस्टेबल भगवत सिंह, कांस्टेबल यशपाल सिंह, कल्याण सिंह और भागीरथ शामिल रहे।
कटकेश्वर महादेव मंदिर में चोरी की वारदात का पर्दाफाश, सलूंबर से आरोपी गिरफ्तार तांबे के कलश और औजार बरामद संवाददाता - संतोष व्यास डूंगरपुर। जिले के आसपुर थाना क्षेत्र के प्रसिद्ध कटकेश्वर महादेव मंदिर में हुई चोरी की वारदात का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। 'ऑपरेशन शिकंजा' के तहत कार्रवाई करते हुए पुलिस ने गैंग के एक सदस्य को गिरफ्तार किया है, जबकि वारदात के दौरान एक चोर की भागते समय गिरने से मौत हो गई थी। थानाधिकारी ने बताया कि प्रार्थी मणिलाल उपाध्याय ने रिपोर्ट दी थी कि 24 नवंबर 2025 की रात को चोरों ने मंदिर के ताले तोड़कर प्रवेश किया। ग्रामीणों के जागने पर चोरों ने भागने का प्रयास किया। इस दौरान मंदिर की दीवार से कूदकर भागने की कोशिश में एक चोर गिर गया था, जिसकी मौके पर ही मौत हो गई थी, जबकि उसके साथी फरार हो गए थे। - तकनीकी साक्ष्य से मिला सुराग एसपी मनीष कुमार और एएसपी मुकेश सांखला के निर्देशन में आसपुर थानाधिकारी अनिल कुमार ने टीम गठित की। मुखबिर और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने चंदू पुत्र गंगाराम कीर, निवासी कीर बस्ती, कराकला (जिला सलूंबर) को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर चोरी किए गए तांबे का कलश, पीतल का छोटा गंडा, तांबे के 10 लोटे और वारदात में प्रयुक्त लोहे की कोस, पेचकस व सरिया बरामद किया है। साथ ही मौके से एक हीरो स्प्लेंडर बाइक भी जब्त की गई है। - दिन में रेकी, रात में चोरी पुलिस पूछताछ में सामने आया है कि यह गैंग दिन में मंदिरों की रेकी करती थी और रात के समय ताले तोड़कर वारदात को अंजाम देती थी। कार्रवाई में थानाधिकारी अनिल कुमार, सउनि गजेन्द्र सिंह, हेड कांस्टेबल भगवत सिंह, कांस्टेबल यशपाल सिंह, कल्याण सिंह और भागीरथ शामिल रहे।
- चिखली हैंगिंग ब्रिज टूटने का झूठा वीडियो वायरल करने वाले दो युवक गिरफ्तार संवाददाता - संतोष व्यास डूंगरपुर। सोशल मीडिया पर बिना सोचे-समझे झूठी खबरें और वीडियो पोस्ट करना दो युवकों को भारी पड़ गया। जिले के चिखली हैंगिंग ब्रिज के टूटने की झूठी अफवाह फैलाने और इंस्टाग्राम पर वीडियो वायरल करने के आरोप में डूंगरपुर पुलिस ने दो युवकों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई जिला पुलिस द्वारा चलाए जा रहे 'ऑपरेशन संस्कार' के तहत की गई है। - क्या था पूरा मामला? घटना 2 जनवरी 2026 की है, जब सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम पर एक वीडियो वायरल हुआ था। वीडियो में दावा किया गया था कि चिखली का प्रसिद्ध हैंगिंग ब्रिज टूट गया है। इस झूठी खबर से न केवल आमजन में भय का माहौल पैदा हो गया, बल्कि प्रशासन का भी काफी समय इस अफवाह की पुष्टि और खंडन करने में खराब हुआ। मामले की गंभीरता को देखते हुए जिला पुलिस अधीक्षक मनीष कुमार ने तुरंत कार्रवाई के निर्देश दिए। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक के निर्देशन और सीमलवाड़ा वृत्ताधिकारी मदनलाल विश्नोई के सुपरविजन में एक विशेष टीम का गठन किया गया। थानाधिकारी भंवरसिंह राठौड़ और उनकी टीम ने तकनीकी सहायता और मुखबिरों की मदद से अफवाह फैलाने वालों की पहचान की। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों दिनेश पुत्र रमेश चंद्र रोत मीणा, निवासी झोथरी, थाना चौरासी एवंजितेन्द्र पुत्र कालुराम मालीवाड़, निवासी बिलपन, थाना चौरासी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया। पुलिस ने बताया कि इन दोनों से अलग-अलग पूछताछ की गई, जिसमें उन्होंने वीडियो वायरल करने की बात स्वीकार की। - पुलिस की अपील पुलिस प्रशासन ने आमजन से अपील की है कि सोशल मीडिया पर किसी भी वीडियो या खबर को बिना पुष्टि के शेयर न करें। अफवाह फैलाने वालों पर भविष्य में भी 'ऑपरेशन संस्कार' के तहत सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।1
- पालोदा क्षेत्र में दो बड़े हादसे एक हादसे में टायर फटने से हवा में उछलकर पलटी गाड़ी तो दूसरे में कार और बस की हुई भिड़ंत दोनों हादसों में कारों के उड़े परखच्चे,गनीमत रही कोई जनहानि नहीं हुई गनोड़ा। पालोदा क्षेत्र में दो अलग-अलग हादसे हुए जिसमें सड़क पर डर का माहौल बना दिया तथा दोनों हादसों में सड़क पर कोहराम मच गया। एक हादसा बांसवाड़ा उदयपुर स्टेट हाईवे पर पालोदा कस्बे के पास ओडा बस स्टैंड पर हुआ जिसमें खमेरा घाटोल से लौट रहे गुजरात के परिवार की गाड़ी का टायर फटने से पलट गई। घटना दोपहर 2:30 पर हुई जिसमें एक गाड़ी जो घाटोल से पालोदा की तरफ से आ रही थी तथा सागवाड़ा से होकर गुजरात के विजयनगर जा रही थी, तभी अचानक ओडा बस स्टैंड के पास गाड़ी के दाईं ओर का आगे का टायर अचानक फट गया जिससे गाड़ी का संतुलन बिगड़ गया। गाड़ी में कुल 7 लोग बैठे थे तथा कमलेश संघवी गाड़ी चला रहा था। कमलेश ने बताया कि गाड़ी की स्पीड लगभग 80 की थी तथा अचानक आगे का टायर फट गया जिसके चलते गाड़ी विद्युत के पोल से जा टकराई। पोल से टकराने के बाद जमीन से उखड़ कर पोल भी लगभग 10 फीट आगे जाकर टूट कर गिर गया। जब गाड़ी पोल से टकराई तब लाइट चालू थी तथा गनीमत रही कि कोई भी तारों की चपेट में नहीं आया नहीं तो बड़ा हादसा हो सकता था। पोल से टकराने के बाद कार हवा में ही उछलकर लगभग 50 फीट दूर जाकर पलट गई। कार के अंदर कमलेश संघवी के अलावा भीखालाल संघवी, राजेश संघवी, रमेश कोठारी, मुकेश कोठारी, कविता, सुषमा कोठारी कुल 7 लोग बैठे हुए थे। इतना बड़ा हादसा होने के बावजूद किसी को ज्यादा चोट नहीं लगा तथा हल्की-फुल्की चोट लगने पर घायलों को 108 कर्मी भूपेंद्र सिंह एवं अन्य के द्वारा पालोदा के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर ले जाकर प्राथमिक उपचार करवाया गया। इसी तरह शाम को 4:00 बजे के आसपास एक बस तथा कार की भी भिड़ंत पालोदा परतापुर मार्ग पर न्यू वे स्कूल के पास हुई। लोहारिया थाना अधिकारी हंसाराम ने बताया कि ट्रैक्टर की वजह से यह हादसा हुआ तथा ट्रैक्टर के बीच में आ जाने से सड़क पर कुछ दिखाई नहीं देने के कारण कार और बस की भिड़ंत हो गई। थाना अधिकारी ने बताया कि कार में सवार मोर गांव के रहने वाले युवक को ज्यादा चोट नहीं लगी तथा उसे भी प्राथमिक उपचार के लिए भेज दिया गया। दोनों ही हादसों में सड़क पर वाहनों के परखच्छे बिखरे पड़े थे। दोनों हादसे बेहद गंभीर थे तथा इन हादसों में किसी की भी जान जा सकती थी लेकिन ग़नीमत रही कि कोई भी जनहानि नहीं हुई। दोनों हादसे जहां हुए वहां स्कुल, ब्रेकर जरूरी पालोदा क्षेत्र में हुई इन दोनों दुर्घटनाओं में बांसवाड़ा उदयपुर स्टेट हाईवे पर गनोड़ा, बस्सी चंदन सिंह, ओडा, पालोदा तथा लसाड़ा इन सभी गांव में बड़े स्कूल हैं तथा यह चारों विद्यालय सड़क के ठीक किनारे ही स्थित है ।आए दिन यहां पर हादसे होते रहते हैं तथा स्कूली बच्चों को कभी भी खतरा हो सकता है। इन सभी स्कूलों के पास स्पीड ब्रेकर की काफी आवश्यकता है जिससे हादसों पर अंकुश लगाया जा सके। जब यह दोनों हादसे हुए तब बच्चे स्कूल में पढ़ाई कर रहे थे यदि स्कूल आने का या लंच का तथा छुट्टी का समय रहता तो बड़ा हादसा हो सकता था क्योंकि स्कूल के पास ही हादसा हुआ है। पालोदा, बस्सी चंदन सिंह, ओड़ा, लसाड़ा तथा गनोड़ा के दोनों विद्यालय दुर्घटना संभावित क्षेत्र में है तथा यहां पर स्पीड ब्रेकर की काफी जरूरत है जिससे स्कूली बच्चों को कोई नुकसान न पहुंचे।4
- 200 रुपये में मिलेगा पेट्रोल ?1
- श्री राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना का अंतिम अल्टीमेटम महाराणा प्रताप के नाम पर राजनीति, राजतिलकस्थली खंडहर में तब्दील अब भाषण नहीं, काम चाहिए वरना होगा निर्णायक आंदोलन गोगुंदा।श्री राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना के जिला अध्यक्ष अर्जुन सिंह चुंडावत गढ़पुरा अपने समस्त पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं के साथ गोगुंदा पहुंचे। गोगुंदा आगमन पर स्थानीय कार्यकर्ताओं द्वारा जिला अध्यक्ष एवं टीम का भव्य और भावपूर्ण स्वागत किया गया। इसके पश्चात सभी पदाधिकारी वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप की ऐतिहासिक राजतिलकस्थली पहुंचे और स्थल की वर्तमान स्थिति का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान राजतिलकस्थली गोगुंदा की हालत अत्यंत गंभीर पाई गई। विश्वभर में महाराणा प्रताप की पहचान का प्रतीक मानी जाने वाली यहां स्थित प्रतिमा तेजी से क्षतिग्रस्त हो रही है। प्रतिमा का रंग पूरी तरह उजड़ चुका है और संपूर्ण स्थल की स्थिति खंडहर जैसी बनती जा रही है, जिस पर संगठन ने गहरा आक्रोश व्यक्त किया। इस गंभीर उपेक्षा को लेकर श्री राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना ने शासन‑प्रशासन और राजनीतिक नेतृत्व को खुली व अंतिम चेतावनी दी। जिला अध्यक्ष अर्जुन सिंह चुंडावत ने महाराणा प्रताप स्थल से वीडियो जारी कर प्रशासनिक लापरवाही और महाराणा प्रताप के नाम पर हो रही राजनीति पर तीखा प्रहार किया। उन्होंने बताया कि दो माह पूर्व करणी सेना द्वारा उदयपुर कलेक्टर महोदय को ज्ञापन सौंपा गया था। साथ ही पर्यटन (टूरिज्म) विभाग को भी प्रतिमा के संरक्षण एवं राजतिलकस्थली के विकास को लेकर लिखित रूप से अवगत कराया गया। टूरिज्म विभाग द्वारा प्रकरण को जयपुर मुख्यालय भेजे जाने तथा कलेक्टर महोदय द्वारा जवाब तलब किए जाने के बावजूद आज तक धरातल पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई, जो प्रशासनिक उदासीनता को उजागर करता है। जिला अध्यक्ष ने कहा कि वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप केवल मेवाड़ ही नहीं, पूरे भारत के स्वाभिमान, शौर्य और आत्मसम्मान के प्रतीक हैं। उनकी प्रतिमा और ऐतिहासिक स्थल को इस हाल में छोड़ देना केवल लापरवाही नहीं, बल्कि इतिहास और राष्ट्रसम्मान का अपमान है। कड़ा और स्पष्ट संदेश अर्जुन सिंह चुंडावत ने तीखे शब्दों में कहा कि जो नेता महाराणा प्रताप के नाम पर केवल राजनीतिक लाभ लेते हैं और प्रतिमा की इस दुर्दशा पर भी मौन हैं, उन्हें सार्वजनिक जीवन में गहरी शर्म और नैतिक जवाबदेही महसूस करनी चाहिए। महाराणा प्रताप के नाम पर राजनीति करने से पहले राजतिलकस्थली की वास्तविक स्थिति देखना अनिवार्य होना चाहिए। अब राजनीतिक रोटियां सेंकने का दौर बंद होना चाहिए।” उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि संगठन किसी भी राजनीतिक दल—बीजेपी, कांग्रेस या अन्य—का विरोधी नहीं है, लेकिन महाराणा प्रताप के नाम पर राजनीति करने वालों को सम्मान, संरक्षण और विकास के ठोस कार्य करके दिखाने होंगे। अंत में करणी सेना ने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र ही महाराणा प्रताप की प्रतिमा का संरक्षण व पुनर्स्थापन कार्य, तथा राजतिलकस्थली का समुचित, स्थायी और सम्मानजनक विकास प्रारंभ नहीं किया गया, तो श्री राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना सर्व समाज के साथ मिलकर व्यापक और निर्णायक आंदोलन करेगी, जिसकी संपूर्ण जिम्मेदारी शासन‑प्रशासन और संबंधित विभागों की होगी।1
- Post by Pravin kalal3
- पीएमएसएमए: सुरक्षित मातृत्व के लिए मां वाउचर कूपन से किया लाभांवित बांसवाड़ा।जिलेभर में शुक्रवार को प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान (पीएम-एसएमए) बड़े पैमाने पर आयोजित किया गया। मातृ स्वास्थ्य को सुदृढ़ बनाने और गर्भवती महिलाओं को समय पर समुचित जांच-उपचार उपलब्ध कराने के उद्देश्य से आयोजित इस अभियान में सरकारी चिकित्सा संस्थानों पर व्यापक गतिविधियां संचालित की गईं। अभियान के तहत गर्भवती महिलाओं को एफसीएफ इंजेक्शन, आयरन सुक्रोज तथा अन्य आवश्यक दवाओं का निशुल्क वितरण किया गया। साथ ही हीमोग्लोबिन, बीपी, वजन, ब्लड शुगर, यूरिन टेस्ट सहित विभिन्न अनिवार्य जांचें भी निःशुल्क की गईं। गंभीर जोखिम वाली गर्भवती महिलाओं की चिन्हित कर विशेष निगरानी की प्रक्रिया अपनाई गई। निशुल्क सोनोग्राफी के लिए ‘मां वाउचर’ योजना का लाभ अभियान में बड़ी संख्या में लाभार्थियों को मां वाउचर कूपन जारी किए गए, जिनके माध्यम से गर्भवती महिलाएं निःशुल्क सोनोग्राफी सेवाओं का लाभ उठा सकेंगी। नवागांव पीएचसी का निरीक्षण अभियान की प्रगति और व्यवस्थाओं का जायजा लेने के लिए मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. खुशपाल सिंह राठौड़ ने नवागांव प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने प्रसूति सेवाओं से संबंधित व्यवस्थाओं की जानकारी ली और स्टाफ की उपस्थिति, दर्ज किए गए रिकॉर्ड एवं उपलब्ध दवाओं का अवलोकन किया। सीएमएचओ डॉ. राठौड़ ने चिकित्सा प्रभारी डॉ. चरक पंडया को निर्देश दिए कि अधिक से अधिक गर्भवती महिलाओं को निःशुल्क एफसीएफ इंजेक्शन का लाभ सुनिश्चित किया जाए, ताकि मातृ-स्वास्थ्य संबंधी जटिलताओं को रोका जा सके। उन्होंने टीम को अभियान के दौरान पंजीकरण तथा फॉलो-अप की प्रक्रिया मजबूत करने पर भी जोर दिया। गर्भवती महिलाओं में उत्साह अभियान के दौरान गर्भवती महिलाओं में उत्साह देखा गया और बड़ी संख्या में महिलाओं ने चिकित्सा संस्थानों पर पहुंचकर सेवाओं का लाभ उठाया। आरसीएचओ डॉ. दिनेश कुमार भाबोर ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग की ओर से जागरूकता के लिए परामर्श सत्र भी आयोजित किए गए, जिसमें गर्भावस्था के दौरान पोषण, टीकाकरण और नियमित जांच की महत्ता पर जानकारी दी गई। जिला स्वास्थ्य विभाग ने आगामी महीनों में भी ऐसे अभियानों को और प्रभावी तरीके से संचालित करने की तैयारी की बात कही है, ताकि हर गर्भवती महिला सुरक्षित मातृत्व सेवाओं का लाभ समय पर प्राप्त कर सके।2
- गुप्त रोग शीघ्रपतन शुक्राणु स्वप्नदोष मर्दाना ताकत संपर्क करें डॉक्टर पंकज कुमार 9572291304, 70910778981
- ओवरलोड डंपर किया जब्त, चालक धराया संवाददाता - संतोष व्यास डूंगरपुर। जिले में अवैध खनन और परिवहन के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत वरदा थाना पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने गुजरात राज्य से तस्करी कर अवैध रूप से बांसवाड़ा ले जाई जा रही बजरी से भरे एक डंपर को जब्त किया है। जिला पुलिस अधीक्षक मनीष कुमार के निर्देशन और सागवाड़ा वृत्ताधिकारी रूप सिंह के सुपरविजन में यह कार्रवाई की गई। वरदा थानाधिकारी रिजवान खान ने बताया कि क्षेत्र में अवैध परिवहन की रोकथाम के लिए टीम मुस्तैद थी। इसी दौरान एक डंपर को रुकवाया गया, जो गुजरात की तरफ से आ रहा था। जांच करने पर पाया गया कि डंपर में क्षमता से अधिक बजरी भरी हुई थी और इसे अवैध रूप से परिवहन कर बांसवाड़ा ले जाया जा रहा था। मामले में पुलिस ने डंपर चालक बांसवाड़ा जिले के कलिंजरा थाना क्षेत्र के पारड़ा बोडीगामा निवासी पप्पू मसार पुत्र नानूराम मसार को चिन्हित किया है। वहीं, डंपर को डिटेन कर थाना परिसर में खड़ा करवा दिया है। मामले में अग्रिम कार्रवाई और जुर्माने के लिए खनन विभाग डूंगरपुर को सूचित कर दिया गया है। इस कार्रवाई को अंजाम देने वाली पुलिस टीम में थानाधिकारी रिजवान खान के साथ सहायक उप निरीक्षक भंवरसिंह, कांस्टेबल पवन पाटीदार और कांस्टेबल श्रवण कुमार शामिल रहे।1