सारणी पुलिस ने अपहरण और लूट की घटना को अंजाम देने वाले चार आरोपियों को मात्र 12 घंटे के भीतर गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। यह कार्रवाई दिनांक 29 मई, 2026 को हुई एक वारदात के बाद की गई, जिसमें एक व्यक्ति को बंधक बनाकर जबरन वसूली की गई थी। दिनांक 31 मई, 2026 को नसीराबाद थाना चिचोली निवासी जगदीश उईके (35) ने सारणी थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि 29 मई, 2026 को सुबह करीब 08:30 बजे वे अपने दोस्त साजन विश्वकर्मा से मिलने सारणी आए थे। सुबह करीब 10:30 बजे छोटा मठारदेव के पास ईटाभट्टा, सारणी में खड़े थे, तभी एक सफेद रंग की मारुति सुजुकी XL-6 कार क्रमांक MP11CC6824 में सवार चार अज्ञात लोगों ने उन्हें मारा-पीटा और जबरदस्ती कार में बैठाकर जंगल में ले गए। आरोपियों ने जगदीश उईके को डरा-धमकाकर फोन के माध्यम से 40,000 रुपये डलवाए और एटीएम से 10,000 रुपये निकलवाए। इसके बाद वे फरियादी को जंगल में छोड़कर फरार हो गए। इस रिपोर्ट पर अपराध क्रमांक 172/26 धारा 308(5), 140(2), 3(5) बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर विवेचना शुरू की गई। बैतूल के पुलिस अधीक्षक श्री वीरेन्द्र जैन ने घटना की गंभीरता को देखते हुए तत्काल आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी के निर्देश दिए। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्रीमती कमला जोशी और एसडीओपी सारणी सुश्री प्रियंका करचाम के मार्गदर्शन में थाना सारणी पुलिस की टीम ने मामले की गहन जांच की। विवेचना के दौरान सारणी पुलिस ने चार आरोपियों को 12 घंटे के अंदर गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों में पंकज खातरकर (28) निवासी बांसवाड़ी दुधावानी (थाना रानीपुर), मोनू रजक (27) निवासी श्रीराम कॉलोनी (जिला गुना), यश (20) निवासी हनुमान नगर यवतमाल (जिला पुरुषी, महाराष्ट्र) और ओमप्रकाश (30) निवासी देशावाड़ी (थाना शाहपुर) शामिल हैं। पुलिस ने आरोपियों के पास से 35,000 रुपये नकद और घटना में इस्तेमाल की गई मारुति सुजुकी XL-6 कार क्रमांक MP11CC6824 को भी जब्त कर लिया। इस प्रकरण को सुलझाने में थाना प्रभारी निरी. जयपाल इनवाती, उप निरीक्षक प्रीति पालेवार, प्रधान आरक्षक श्रीराम उईके, आरक्षक मोहित भाटी, जितेंद्र मोरे और बलराम राजपूत (साइबर सेल) ने सराहनीय भूमिका निभाई।
सारणी पुलिस ने अपहरण और लूट की घटना को अंजाम देने वाले चार आरोपियों को मात्र 12 घंटे के भीतर गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। यह कार्रवाई दिनांक 29 मई, 2026 को हुई एक वारदात के बाद की गई, जिसमें एक व्यक्ति को बंधक बनाकर जबरन वसूली की गई थी। दिनांक 31 मई, 2026 को नसीराबाद थाना चिचोली निवासी जगदीश उईके (35) ने सारणी थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि 29 मई, 2026 को सुबह करीब 08:30 बजे वे अपने दोस्त साजन विश्वकर्मा से मिलने सारणी आए थे। सुबह करीब 10:30 बजे छोटा मठारदेव के पास ईटाभट्टा, सारणी में खड़े थे, तभी एक सफेद रंग की मारुति सुजुकी XL-6 कार क्रमांक MP11CC6824 में सवार चार अज्ञात लोगों ने उन्हें मारा-पीटा और जबरदस्ती कार में बैठाकर जंगल में ले गए। आरोपियों ने जगदीश उईके को डरा-धमकाकर फोन के माध्यम से 40,000 रुपये डलवाए और एटीएम से 10,000 रुपये निकलवाए। इसके बाद वे फरियादी को जंगल में छोड़कर फरार हो गए। इस रिपोर्ट पर अपराध क्रमांक 172/26 धारा 308(5), 140(2), 3(5) बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर विवेचना शुरू की गई। बैतूल के पुलिस अधीक्षक श्री वीरेन्द्र जैन ने घटना की गंभीरता को देखते हुए तत्काल आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी के निर्देश दिए। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्रीमती कमला जोशी और एसडीओपी सारणी सुश्री प्रियंका करचाम के मार्गदर्शन में थाना सारणी पुलिस की टीम ने मामले की गहन जांच की। विवेचना के दौरान सारणी पुलिस ने चार आरोपियों को 12 घंटे के अंदर गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों में पंकज खातरकर (28) निवासी बांसवाड़ी दुधावानी (थाना रानीपुर), मोनू रजक (27) निवासी श्रीराम कॉलोनी (जिला गुना), यश (20) निवासी हनुमान नगर यवतमाल (जिला पुरुषी, महाराष्ट्र) और ओमप्रकाश (30) निवासी देशावाड़ी (थाना शाहपुर) शामिल हैं। पुलिस ने आरोपियों के पास से 35,000 रुपये नकद और घटना में इस्तेमाल की गई मारुति सुजुकी XL-6 कार क्रमांक MP11CC6824 को भी जब्त कर लिया। इस प्रकरण को सुलझाने में थाना प्रभारी निरी. जयपाल इनवाती, उप निरीक्षक प्रीति पालेवार, प्रधान आरक्षक श्रीराम उईके, आरक्षक मोहित भाटी, जितेंद्र मोरे और बलराम राजपूत (साइबर सेल) ने सराहनीय भूमिका निभाई।
- बोरदेही रेलवे स्टेशन पर एक युवक की चलती पेंचवली एक्सप्रेस ट्रेन से खींचकर हत्या कर दी गई है। इस सनसनीखेज वारदात ने रेलवे की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।2
- आज नागपुर से इटारसी जा रही गोरखपुर एक्सप्रेस की स्लीपर क्लास में कुछ यात्रियों को बेहद लापरवाही से यात्रा करते देखा गया। ये यात्री ट्रेन की खिड़की से दरवाजे तक बिजली का कनेक्शन लेकर आए थे और दरवाजे पर ही अपने मोबाइल फोन चार्ज कर रहे थे, जिससे उनकी जान को गंभीर खतरा हो सकता था। यह घटना ऐसे समय सामने आई है जब ट्रेनों में यात्रियों द्वारा अपनी जान जोखिम में डालने और इसी लापरवाही के चलते कई लोगों के असमय मौत का शिकार होने के मामले अक्सर देखे जाते हैं, लेकिन फिर भी यात्री इन जोखिमों को नजरअंदाज करते रहते हैं। मौके पर उन्हें समझाने का प्रयास भी किया गया, किंतु सभी युवा अपनी मस्ती में मस्त रहे और उन्होंने बात नहीं मानी। ऐसे यात्रियों पर रेलवे सुरक्षा अधिकारियों द्वारा तत्काल और सख्त कार्यवाही करने की आवश्यकता है, क्योंकि इस तरह की लापरवाही न केवल उनकी अपनी जान को खतरे में डालती है, बल्कि दूसरों के लिए भी जोखिम पैदा कर सकती है। यात्री आखिर कब समझेंगे कि जब जान ही दांव पर लगी हो तो इतना जोखिम क्यों उठाना।1
- आठनेर विकासखण्ड क्षेत्र के खैरवाड़ा में आदिवासी समाज द्वारा संगीतमय कोया पुनेम गोंडियन गाथा का भव्य आयोजन किया गया। इस धार्मिक कार्यक्रम का समापन आज हवन-यज्ञ और महाआरती के साथ हुआ। जानकारी के अनुसार, आदिवासी समाज संगठन ने इस अवसर पर एक गरीब बेटी का विवाह भी रीति-रिवाज से संपन्न कराया, जो इस आयोजन का एक महत्वपूर्ण पहलू रहा। इस धार्मिक आयोजन के सम्मान में एक विशाल भंडारे का भी आयोजन किया गया, जिसमें दर्जनों गांवों से हजारों लोगों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।1
- पवित्र अधिक मास के अवसर पर सौसर नगर के वार्ड नंबर 5 में भक्ति और उल्लास का वातावरण बना हुआ है, जहां प्रतिष्ठित अधिवक्ता माधवराव खण्डाईत के अनुज श्री भास्कर खण्डाईत के निवास पर एक भव्य श्रीमद् भागवत ज्ञानयज्ञ कथा का आयोजन किया जा रहा है। यह आयोजन उनके सुपुत्र डॉ. भावेश खण्डाईत द्वारा एमबीबीएस परीक्षा उत्तीर्ण कर डॉक्टर बनने की खुशी में किया गया है। परिवार ने इस सफलता को ईश्वर का आशीर्वाद मानते हुए इस धार्मिक आयोजन के माध्यम से आभार व्यक्त किया है। कथा के प्रथम दिन नगर में एक भव्य दिंडी प्रदक्षिणा निकाली गई, जिसमें विठ्ठल-रुक्मिणी के भजनों और जयघोष के साथ श्रद्धालु पूरे उत्साह के साथ शामिल हुए। यह यात्रा स्थानीय विठ्ठल मंदिर में समाप्त हुई, जहां विशेष पूजा-अर्चना और महाआरती की गई। इसके उपरांत, विधि-विधान के साथ श्रीमद् भागवत कथा का मंगल शुभारंभ हुआ। इस शुभ अवसर पर नगर के कई गणमान्य नागरिक और बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे, जिनमें मुख्य रूप से भैयाजी बोबड़े, भैयाजी खण्डाईत और राजू खण्डाईत शामिल थे। इन सभी श्रद्धालुओं ने कथा श्रवण कर खण्डाईत परिवार को शुभकामनाएं दीं। इस आयोजन के चलते पूरे वार्ड नंबर 5 और सौसर नगर में श्रद्धा, भक्ति और हर्ष का वातावरण व्याप्त है।1
- सौसर/पांढुर्णा के पीपला नारायणवार स्थित अंग्रेजी शराब दुकान को आबादी क्षेत्र से हटाने की मांग को लेकर चल रहा धरना-आंदोलन रविवार को तीसरे दिन और अधिक उग्र हो गया। इस आंदोलन में गुलाबी गैंग की कमांडर पूर्णिमा वर्मा विशेष रूप से शामिल हुईं। उन्होंने ग्रामीणों और आंदोलनकारियों को संबोधित करते हुए शराब दुकान को जल्द से जल्द रिहायशी इलाके से बाहर करने की मांग को दोहराया। इस दौरान एक जन जागरूकता रैली निकाली गई और जगह-जगह नुक्कड़ सभाएं आयोजित की गईं। आंदोलन उस समय गरमा गया जब पूर्णिमा वर्मा और सौसर विधायक विजय चौरे ने ग्रामीणों और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ मिलकर शराब दुकान पर पहुंचकर अंतिम चेतावनी दी। वहाँ मौजूद दुकान कर्मचारियों और आक्रोशित ग्रामीणों के बीच तनाव की स्थिति बनी, जिसे वरिष्ठ नेताओं की समझाइश के बाद शांत कराया गया। पूर्णिमा वर्मा ने प्रशासन और ठेकेदार को दो दिन की मोहलत देते हुए स्पष्ट किया कि यदि निर्धारित समय में दुकान नहीं हटाई गई तो गुलाबी गैंग अपने पारंपरिक अंदाज में उग्र आंदोलन करेगी, जिसकी पूरी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी। इसके साथ ही 3 जून को पीपला नारायणवार बस स्टैंड पर चक्काजाम करने की घोषणा भी की गई है। विधायक विजय चौरे ने कहा कि आंदोलन शांतिपूर्ण है, लेकिन प्रशासन को जनता के धैर्य की परीक्षा नहीं लेनी चाहिए; यदि मांग पूरी नहीं हुई तो आंदोलन और व्यापक रूप लेगा।3
- मध्य प्रदेश के सारनी में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री मोहन यादव के एक बयान पर कड़ी नाराजगी व्यक्त की। अपनी इसी नाराजगी के चलते कांग्रेसियों ने मुख्यमंत्री का पुतला दहन कर विरोध प्रदर्शन किया।1
- मुलताई क्षेत्र में खाद और बीज की कमी से परेशान किसानों ने अपनी नाराजगी जताने के लिए तहसील कार्यालय का रुख किया। किसानों का आरोप है कि उन्हें समय पर खाद और बीज उपलब्ध नहीं हो पा रहा है, जिसके चलते उनके कृषि कार्य बुरी तरह प्रभावित हो रहे हैं। शिकायत लेकर पहुंचे ग्रामीणों को अधिकारियों के मौजूद न होने के कारण घंटों तक इंतजार करना पड़ा। इस दौरान बहुजन मुक्ति मोर्चा और राष्ट्रीय किसान मोर्चा के पदाधिकारियों व किसानों ने मिलकर अनुविभागीय अधिकारी (एसडीएम) के नाम एक ज्ञापन तहसीलदार को सौंपा। इस ज्ञापन में क्षेत्र में खाद एवं बीज की कालाबाजारी और जमाखोरी पर तुरंत रोक लगाने की मांग की गई है। किसानों ने बताया कि निजी विक्रेता मनमाने दामों पर खाद-बीज बेच रहे हैं, जबकि सरकारी समितियों और विक्रय केंद्रों पर पर्याप्त स्टॉक नहीं है, जिससे उन्हें लगातार समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। ज्ञापन के माध्यम से यह भी मांग की गई कि सरकारी समितियों और अधिकृत विक्रय केंद्रों पर खाद और बीज का पर्याप्त भंडारण सुनिश्चित किया जाए ताकि किसानों को समय पर जरूरी सामग्री मिल सके और कालाबाजारी करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। किसान संगठनों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी समस्याओं का जल्द समाधान नहीं किया गया तो वे आंदोलन करने पर मजबूर होंगे, जिसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।1
- सारणी पुलिस ने अपहरण और लूट की घटना को अंजाम देने वाले चार आरोपियों को मात्र 12 घंटे के भीतर गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। यह कार्रवाई दिनांक 29 मई, 2026 को हुई एक वारदात के बाद की गई, जिसमें एक व्यक्ति को बंधक बनाकर जबरन वसूली की गई थी। दिनांक 31 मई, 2026 को नसीराबाद थाना चिचोली निवासी जगदीश उईके (35) ने सारणी थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि 29 मई, 2026 को सुबह करीब 08:30 बजे वे अपने दोस्त साजन विश्वकर्मा से मिलने सारणी आए थे। सुबह करीब 10:30 बजे छोटा मठारदेव के पास ईटाभट्टा, सारणी में खड़े थे, तभी एक सफेद रंग की मारुति सुजुकी XL-6 कार क्रमांक MP11CC6824 में सवार चार अज्ञात लोगों ने उन्हें मारा-पीटा और जबरदस्ती कार में बैठाकर जंगल में ले गए। आरोपियों ने जगदीश उईके को डरा-धमकाकर फोन के माध्यम से 40,000 रुपये डलवाए और एटीएम से 10,000 रुपये निकलवाए। इसके बाद वे फरियादी को जंगल में छोड़कर फरार हो गए। इस रिपोर्ट पर अपराध क्रमांक 172/26 धारा 308(5), 140(2), 3(5) बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर विवेचना शुरू की गई। बैतूल के पुलिस अधीक्षक श्री वीरेन्द्र जैन ने घटना की गंभीरता को देखते हुए तत्काल आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी के निर्देश दिए। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्रीमती कमला जोशी और एसडीओपी सारणी सुश्री प्रियंका करचाम के मार्गदर्शन में थाना सारणी पुलिस की टीम ने मामले की गहन जांच की। विवेचना के दौरान सारणी पुलिस ने चार आरोपियों को 12 घंटे के अंदर गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों में पंकज खातरकर (28) निवासी बांसवाड़ी दुधावानी (थाना रानीपुर), मोनू रजक (27) निवासी श्रीराम कॉलोनी (जिला गुना), यश (20) निवासी हनुमान नगर यवतमाल (जिला पुरुषी, महाराष्ट्र) और ओमप्रकाश (30) निवासी देशावाड़ी (थाना शाहपुर) शामिल हैं। पुलिस ने आरोपियों के पास से 35,000 रुपये नकद और घटना में इस्तेमाल की गई मारुति सुजुकी XL-6 कार क्रमांक MP11CC6824 को भी जब्त कर लिया। इस प्रकरण को सुलझाने में थाना प्रभारी निरी. जयपाल इनवाती, उप निरीक्षक प्रीति पालेवार, प्रधान आरक्षक श्रीराम उईके, आरक्षक मोहित भाटी, जितेंद्र मोरे और बलराम राजपूत (साइबर सेल) ने सराहनीय भूमिका निभाई।1