चित्तौड़गढ़ जिले के डूंगला क्षेत्र अंतर्गत चिकारड़ा में अकोलागढ़ रोड स्थित नीम चौक से भारत निर्माण सेवा केंद्र तक करीब 50 वर्ष पुरानी पेयजल पाइपलाइन बदलने का कार्य ग्रामीणों के लिए भारी मुसीबत बन गया है। जलदाय विभाग ने जुलाई के प्रथम सप्ताह में सीसी सड़क तोड़कर पाइपलाइन के लिए नाली खोदी थी, लेकिन 20 दिन बीत जाने के बाद भी काम अधूरा है। पिछले दो दिनों से हो रही लगातार बारिश ने नाली से निकाली गई मिट्टी को पूरी तरह फिसलन भरा बना दिया है। सड़क पर कीचड़ फैलने से राहगीरों, दोपहिया वाहन चालकों, स्कूली बच्चों और मवेशियों को आने-जाने में दुर्घटना का खतरा बना हुआ है। सड़क के बीच लंबी नाली खोदने और मिट्टी जमा होने के कारण मुख्य मार्ग बंद हो गया है। अकोलागढ़ की ओर से आने वाले चारपहिया वाहनों को राजकीय सीनियर सेकेंडरी विद्यालय और श्री महावीर गोपाल गौशाला के रास्ते करीब दो किलोमीटर का अतिरिक्त चक्कर लगाना पड़ रहा है। इसी मार्ग पर स्थित आयुर्वेदिक औषधालय और हनुमान मंदिर जाने वाले श्रद्धालुओं व मरीजों को भी भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है। ग्रामीणों का कहना है कि पुरानी पाइपलाइन से दूषित पानी आने के कारण नई लाइन डालना बेहद जरूरी था, लेकिन जो काम 5 दिन में पूरा हो सकता था, वह विभागीय लापरवाही के कारण 20 दिन बाद भी अटका हुआ है। पूर्व सरपंच पति राधेश्याम सोनी और ग्रामीणों ने सहायक अभियंता (AEN) और कनिष्ठ अभियंता (JEN) की कार्यप्रणाली और जवाबदेही पर सवाल उठाए हैं। मामले पर जलदाय विभाग डूंगला के कनिष्ठ अभियंता मोहित गर्ग ने बताया कि उन्होंने शुक्रवार को मौके का निरीक्षण किया है और कार्य व्यवस्थित रूप से जारी है। लगातार हो रही बारिश के कारण कार्य की गति प्रभावित हुई है, फिर भी मजदूरों और जेसीबी की मदद से युद्धस्तर पर मिट्टी भराई का काम कराया जा रहा है, जिससे ग्रामीणों को कुछ आंशिक राहत भी मिली है। उन्होंने आश्वासन दिया है कि यदि मौसम अनुकूल रहा तो अगले दो दिनों के भीतर पाइपलाइन का कार्य पूर्ण कर सड़क को पूर्व स्थिति में बहाल कर दिया जाएगा।
चित्तौड़गढ़ जिले के डूंगला क्षेत्र अंतर्गत चिकारड़ा में अकोलागढ़ रोड स्थित नीम चौक से भारत निर्माण सेवा केंद्र तक करीब 50 वर्ष पुरानी पेयजल पाइपलाइन बदलने का कार्य ग्रामीणों के लिए भारी मुसीबत बन गया है। जलदाय विभाग ने जुलाई के प्रथम सप्ताह में सीसी सड़क तोड़कर पाइपलाइन के लिए नाली खोदी थी, लेकिन 20 दिन बीत जाने के बाद भी काम अधूरा है। पिछले दो दिनों से हो रही लगातार बारिश ने नाली से निकाली गई मिट्टी को पूरी तरह फिसलन भरा बना
दिया है। सड़क पर कीचड़ फैलने से राहगीरों, दोपहिया वाहन चालकों, स्कूली बच्चों और मवेशियों को आने-जाने में दुर्घटना का खतरा बना हुआ है। सड़क के बीच लंबी नाली खोदने और मिट्टी जमा होने के कारण मुख्य मार्ग बंद हो गया है। अकोलागढ़ की ओर से आने वाले चारपहिया वाहनों को राजकीय सीनियर सेकेंडरी विद्यालय और श्री महावीर गोपाल गौशाला के रास्ते करीब दो किलोमीटर का अतिरिक्त चक्कर लगाना पड़ रहा है। इसी मार्ग पर स्थित आयुर्वेदिक औषधालय और हनुमान मंदिर जाने वाले श्रद्धालुओं व
मरीजों को भी भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है। ग्रामीणों का कहना है कि पुरानी पाइपलाइन से दूषित पानी आने के कारण नई लाइन डालना बेहद जरूरी था, लेकिन जो काम 5 दिन में पूरा हो सकता था, वह विभागीय लापरवाही के कारण 20 दिन बाद भी अटका हुआ है। पूर्व सरपंच पति राधेश्याम सोनी और ग्रामीणों ने सहायक अभियंता (AEN) और कनिष्ठ अभियंता (JEN) की कार्यप्रणाली और जवाबदेही पर सवाल उठाए हैं। मामले पर जलदाय विभाग डूंगला के कनिष्ठ अभियंता मोहित गर्ग ने बताया
कि उन्होंने शुक्रवार को मौके का निरीक्षण किया है और कार्य व्यवस्थित रूप से जारी है। लगातार हो रही बारिश के कारण कार्य की गति प्रभावित हुई है, फिर भी मजदूरों और जेसीबी की मदद से युद्धस्तर पर मिट्टी भराई का काम कराया जा रहा है, जिससे ग्रामीणों को कुछ आंशिक राहत भी मिली है। उन्होंने आश्वासन दिया है कि यदि मौसम अनुकूल रहा तो अगले दो दिनों के भीतर पाइपलाइन का कार्य पूर्ण कर सड़क को पूर्व स्थिति में बहाल कर दिया जाएगा।
- चित्तौड़गढ़ जिले के चिकारड़ा में प्रस्तावित फोरलेन एवं बाईपास मार्ग को लेकर चल रहे विरोध और चर्चाओं के बीच गांव के समस्त ग्रामीण खुलकर सामने आ गए हैं। ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नाम एक विस्तृत ज्ञापन भेजकर स्पष्ट मांग की है कि राज्य एवं केंद्र सरकार के सक्षम अधिकारियों तथा तकनीकी विशेषज्ञों द्वारा स्वीकृत सर्वे के अनुसार ही फोरलेन व बाईपास का निर्माण कराया जाए। इसके साथ ही विकास कार्य में बाधा डालने और अफवाह फैलाने वाले तत्वों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने की मांग की गई है। ज्ञापन में बताया गया है कि वर्तमान स्वीकृत सर्वे भविष्य की यातायात आवश्यकताओं, सड़क सुरक्षा, पर्यावरण संरक्षण और क्षेत्र के दीर्घकालीन विकास को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। इसमें प्रस्तावित बाईपास को गांव की मुख्य आबादी से लगभग 600 से 700 मीटर दूर रखा गया है, जिससे भारी वाहनों का आवागमन गांव के बाहर रहेगा और ग्रामीणों, महिलाओं, बच्चों तथा विद्यार्थियों की सुरक्षा सुनिश्चित होगी। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि कुछ समाज विरोधी और स्वार्थी तत्व अपनी निजी जमीनों और व्यावसायिक हितों के अनुरूप मार्ग बदलवाने के लिए लोगों को भ्रमित कर रहे हैं। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि स्वीकृत तकनीकी सर्वे को बदलकर बाईपास को आबादी के समीप लाया गया तो गांव के बीच दुर्घटनाओं की आशंका बढ़ेगी और सुरक्षा खतरे में पड़ जाएगी। ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री से चार मुख्य मांगें रखी हैं—स्वीकृत तकनीकी सर्वे के अनुसार ही निर्माण हो, भ्रामक प्रचार करने वालों पर कानूनी कार्रवाई की जाए, किसी निजी दबाव के बिना जनहित व तकनीकी रिपोर्ट के आधार पर फैसला लिया जाए और फोरलेन निर्माण कार्य शीघ्र शुरू किया जाए। यह ज्ञापन उपमुख्यमंत्री एवं सार्वजनिक निर्माण मंत्री दिया कुमारी, सहकारिता मंत्री गौतम कुमार दक, विधायक चंद्रभान सिंह आक्या, जिला कलेक्टर चित्तौड़गढ़, उपखंड अधिकारी डूंगला और PWD अधिकारियों को भी भेजा गया है। मामले में सामाजिक कार्यकर्ता भेरूलाल ने कहा कि आबादी से दूरी होने के कारण भविष्य में मार्ग सिक्स लेन होने पर भी किसी का मकान या दुकान नहीं टूटेगा, वहीं सामाजिक कार्यकर्ता हीरालाल ने बताया कि गांव के बीच से रोड निकलने से वर्षों की मेहनत बेकार हो जाएगी और वर्तमान सर्वे आगामी वर्षों के हिसाब से बिल्कुल सही है।4
- चित्तौड़गढ़ में कानून व्यवस्था को केवल अपराध नियंत्रण तक सीमित न रखते हुए समाज में जागरूकता फैलाने के उद्देश्य से जिला पुलिस अधीक्षक धर्मेंद्र सिंह ने एक विशेष पहल की है। इस मुहिम की जिलेभर में जमकर सराहना की जा रही है। एसपी के निर्देशन में जिले के सभी वृत्ताधिकारियों (डीवाईएसपी) और थानाधिकारियों ने अपने-अपने क्षेत्रों के विद्यालयों तथा महाविद्यालयों में जाकर विद्यार्थियों से सीधा संवाद स्थापित किया। इस संवाद के दौरान पुलिस अधिकारियों ने छात्र-छात्राओं को बदलते दौर के अपराधों और विभिन्न सामाजिक चुनौतियों के प्रति जागरूक किया। पुलिस प्रशासन की इस अनूठी कवायद का मुख्य मकसद युवाओं को जागरूक कर समाज में सुरक्षित और सचेत वातावरण तैयार करना है।1
- शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान जी के इस्तीफे के बाद दिल्ली के जंतर-मंतर का लाइव नजारा सामने आया है। जंतर-मंतर पर इस घटनाक्रम के बाद की स्थिति और माहौल को सीधे देखा जा सकता है।1
- निम्बाहेड़ा में गौ माता को राष्ट्र पशु का दर्जा दिलाने के उद्देश्य से आगामी 27 तारीख को 'चित्तोड़ चलो' रैली अभियान का आयोजन किया जा रहा है। इस अभियान के तहत गौ माता को राष्ट्रीय पशु का दर्जा दिलाने की माँग को लेकर चित्तोड़ में रैली निकाली जाएगी।1
- नीमच में भगवान जगन्नाथ की रथ यात्रा के दौरान सभी भक्तों ने भगवान का आशीर्वाद लिया। इस अवसर पर अशोक गंगानगर ने भी पहुँचकर आशीर्वाद प्राप्त किया और झाड़ू सेवा तथा पुष्प वर्षा करके रथ यात्रा का स्वागत किया।1
- चित्तौड़गढ़ जिले के डूंगला क्षेत्र अंतर्गत चिकारड़ा में अकोलागढ़ रोड स्थित नीम चौक से भारत निर्माण सेवा केंद्र तक करीब 50 वर्ष पुरानी पेयजल पाइपलाइन बदलने का कार्य ग्रामीणों के लिए भारी मुसीबत बन गया है। जलदाय विभाग ने जुलाई के प्रथम सप्ताह में सीसी सड़क तोड़कर पाइपलाइन के लिए नाली खोदी थी, लेकिन 20 दिन बीत जाने के बाद भी काम अधूरा है। पिछले दो दिनों से हो रही लगातार बारिश ने नाली से निकाली गई मिट्टी को पूरी तरह फिसलन भरा बना दिया है। सड़क पर कीचड़ फैलने से राहगीरों, दोपहिया वाहन चालकों, स्कूली बच्चों और मवेशियों को आने-जाने में दुर्घटना का खतरा बना हुआ है। सड़क के बीच लंबी नाली खोदने और मिट्टी जमा होने के कारण मुख्य मार्ग बंद हो गया है। अकोलागढ़ की ओर से आने वाले चारपहिया वाहनों को राजकीय सीनियर सेकेंडरी विद्यालय और श्री महावीर गोपाल गौशाला के रास्ते करीब दो किलोमीटर का अतिरिक्त चक्कर लगाना पड़ रहा है। इसी मार्ग पर स्थित आयुर्वेदिक औषधालय और हनुमान मंदिर जाने वाले श्रद्धालुओं व मरीजों को भी भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है। ग्रामीणों का कहना है कि पुरानी पाइपलाइन से दूषित पानी आने के कारण नई लाइन डालना बेहद जरूरी था, लेकिन जो काम 5 दिन में पूरा हो सकता था, वह विभागीय लापरवाही के कारण 20 दिन बाद भी अटका हुआ है। पूर्व सरपंच पति राधेश्याम सोनी और ग्रामीणों ने सहायक अभियंता (AEN) और कनिष्ठ अभियंता (JEN) की कार्यप्रणाली और जवाबदेही पर सवाल उठाए हैं। मामले पर जलदाय विभाग डूंगला के कनिष्ठ अभियंता मोहित गर्ग ने बताया कि उन्होंने शुक्रवार को मौके का निरीक्षण किया है और कार्य व्यवस्थित रूप से जारी है। लगातार हो रही बारिश के कारण कार्य की गति प्रभावित हुई है, फिर भी मजदूरों और जेसीबी की मदद से युद्धस्तर पर मिट्टी भराई का काम कराया जा रहा है, जिससे ग्रामीणों को कुछ आंशिक राहत भी मिली है। उन्होंने आश्वासन दिया है कि यदि मौसम अनुकूल रहा तो अगले दो दिनों के भीतर पाइपलाइन का कार्य पूर्ण कर सड़क को पूर्व स्थिति में बहाल कर दिया जाएगा।4
- उदयपुर जिले के वल्लभनगर उपखंड क्षेत्र में भटेवर से होकर गुजर रहे राष्ट्रीय राजमार्ग 48 पर टायर फटने से एक कंटेनर ट्रक ओवरब्रिज की दीवार से टकरा गया। हालांकि इस हादसे में किसी भी तरह की जनहानि नहीं हुई है, लेकिन दुर्घटना में कंटेनर ट्रक का आगे का हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया। जानकारी के अनुसार यह कंटेनर ट्रक चित्तौड़गढ़ की तरफ से आकर भटेवर होते हुए उदयपुर की ओर जा रहा था। इसी दौरान ओवरब्रिज पर चढ़ते समय अचानक कंटेनर का आगे वाला टायर तेज धमाके के साथ फट गया, जिससे वाहन अनियंत्रित हो गया। इसके बाद चालक की सूझबूझ से कंटेनर ओवरब्रिज की दीवार से टकराकर रुक गया।1