सांभर झील में मछलियों व पक्षियों की मौत पर प्रशासन सख्त, एसडीओ की अध्यक्षता में आपात बैठक नावां सिटी। सांभर झील क्षेत्र में मृत एवं घायल मछलियों और प्रवासी व स्थानीय पक्षियों के रेस्क्यू, उपचार और निस्तारण को लेकर सोमवार को उपखण्ड अधिकारी नावां की अध्यक्षता में आपातकालीन बैठक आयोजित की गई। बैठक में मत्स्य पालन विभाग अजमेर, तहसीलदार नावां, क्षेत्रीय वन अधिकारी कुचामन, पशु चिकित्सा अधिकारी नावां, एवीवीएनएल, नगरपालिका नावां, सांभर साल्ट लिमिटेड के प्रतिनिधि तथा मत्स्य ठेकेदार अब्दूल सलीम नागोरियन सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। बैठक में झील क्षेत्र में मृत एवं जीवित मछलियों तथा पक्षियों के स्वास्थ्य संरक्षण, बचाव और निस्तारण के संबंध में विस्तृत चर्चा की गई। सहायक मत्स्य विकास अधिकारी अजमेर ने बताया कि मत्स्य ठेकेदार द्वारा नियमानुसार मृत एवं जीवित मछलियों को पकड़ने और निस्तारण का कार्य किया जा रहा है। मृत मछलियों के निस्तारण के लिए स्थान उपलब्ध कराने की मांग पर उपखण्ड अधिकारी ने तहसीलदार नावां को उचित स्थान चिन्हित कर कार्रवाई के निर्देश दिए। घायल एवं मृत पक्षियों के रेस्क्यू के बाद उन्हें प्राथमिक उपचार के लिए पशु चिकित्सालय नावां लाकर वन विभाग के अस्थायी रेस्क्यू सेंटर मीठड़ी भेजने के निर्देश दिए गए। वन विभाग कुचामन के क्षेत्रीय अधिकारी ने बताया कि वर्तमान में 8 टीमें प्रतिदिन घायल और मृत पक्षियों के बचाव व उपचार का कार्य कर रही हैं। इसके अलावा तहसीलदार को झील क्षेत्र में अवैध विद्युत केबल, पाइप लाइन और अतिक्रमण हटाने के लिए राजस्व टीम गठित कर सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। एवीवीएनएल को झील क्षेत्र में आवश्यकतानुसार विद्युत आपूर्ति बंद रखने और अवैध कनेक्शन हटाने के लिए भी पाबंद किया गया। बैठक के बाद उपखण्ड अधिकारी सहित सभी अधिकारियों ने सांभर झील क्षेत्र का निरीक्षण कर स्थिति का जायजा लिया।
सांभर झील में मछलियों व पक्षियों की मौत पर प्रशासन सख्त, एसडीओ की अध्यक्षता में आपात बैठक नावां सिटी। सांभर झील क्षेत्र में मृत एवं घायल मछलियों और प्रवासी व स्थानीय पक्षियों के रेस्क्यू, उपचार और निस्तारण को लेकर सोमवार को उपखण्ड अधिकारी नावां की अध्यक्षता में आपातकालीन बैठक आयोजित की गई। बैठक में मत्स्य पालन विभाग अजमेर, तहसीलदार नावां, क्षेत्रीय वन अधिकारी कुचामन, पशु चिकित्सा अधिकारी नावां, एवीवीएनएल, नगरपालिका नावां, सांभर साल्ट लिमिटेड के प्रतिनिधि तथा मत्स्य ठेकेदार अब्दूल सलीम नागोरियन सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। बैठक में झील क्षेत्र में मृत एवं जीवित मछलियों तथा पक्षियों के स्वास्थ्य संरक्षण, बचाव और निस्तारण के संबंध में विस्तृत चर्चा की गई। सहायक मत्स्य विकास अधिकारी अजमेर ने बताया कि मत्स्य ठेकेदार द्वारा नियमानुसार मृत एवं जीवित मछलियों को पकड़ने और निस्तारण का कार्य किया जा रहा है। मृत मछलियों के निस्तारण के
लिए स्थान उपलब्ध कराने की मांग पर उपखण्ड अधिकारी ने तहसीलदार नावां को उचित स्थान चिन्हित कर कार्रवाई के निर्देश दिए। घायल एवं मृत पक्षियों के रेस्क्यू के बाद उन्हें प्राथमिक उपचार के लिए पशु चिकित्सालय नावां लाकर वन विभाग के अस्थायी रेस्क्यू सेंटर मीठड़ी भेजने के निर्देश दिए गए। वन विभाग कुचामन के क्षेत्रीय अधिकारी ने बताया कि वर्तमान में 8 टीमें प्रतिदिन घायल और मृत पक्षियों के बचाव व उपचार का कार्य कर रही हैं। इसके अलावा तहसीलदार को झील क्षेत्र में अवैध विद्युत केबल, पाइप लाइन और अतिक्रमण हटाने के लिए राजस्व टीम गठित कर सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। एवीवीएनएल को झील क्षेत्र में आवश्यकतानुसार विद्युत आपूर्ति बंद रखने और अवैध कनेक्शन हटाने के लिए भी पाबंद किया गया। बैठक के बाद उपखण्ड अधिकारी सहित सभी अधिकारियों ने सांभर झील क्षेत्र का निरीक्षण कर स्थिति का जायजा लिया।
- ब्रेकिंग न्यूज़: कोटा ग्रामीण पुलिस थाना अधिकारी मदन ढाका की बड़ी कार्रवाई... ऑपरेशन रूट क्लीयरेंस के तहत 23.5 लाख का नशा बरामद... एक्सप्रेस-वे पर फिल्मी स्टाइल में पीछा कर पकड़ी गई तस्करों की कार... 155 किलो डोडा-चूरा जब्त...1
- जेकमपुरा में एक छोटे बच्चे द्वारा पुनर्जन्म से जुड़ी रोचक बातें बताई जा रही हैं। बच्चा स्वयं को राजा मानसिंह बताता है, जिसे सुनकर क्षेत्र में जिज्ञासा और चर्चा का माहौल बन गया है।1
- jaswantpura mein road to banaa Gaya Hai Lekin hamari taraf hamare bar nahin banaya chuka hai sarpanch Kaluram Meena1
- राजधानी जयपुर में आज ‘ओरण’ को लेकर माहौल गरमा गया है। बड़ी संख्या में ओरण समर्थक जुटे हुए हैं और अपने हक की आवाज बुलंद कर रहे हैं। प्रशासन की ओर से हालात को नियंत्रित करने की पूरी तैयारी की गई है, लेकिन बढ़ती भीड़ के बीच स्थिति चुनौतीपूर्ण बनी हुई है। इस दौरान शिव विधायक रविंद्र सिंह भाटी ने तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि आज भी कुछ लोग और एसी कमरों में बैठे अधिकारी ‘ओरण’ का मतलब नहीं समझते। उन्होंने कहा कि ओरण सिर्फ जमीन नहीं, बल्कि आस्था और परंपरा का प्रतीक है, जिसके लिए पाबूजी, हड़बूजी और तेजाजी जैसे लोकदेवताओं ने बलिदान दिया है। भाटी ने जोर देकर कहा कि ओरण की रक्षा करना हमारी सांस्कृतिक और धार्मिक जिम्मेदारी है, और इसी उद्देश्य से लोग बड़ी संख्या में जयपुर में एकत्र हुए हैं।1
- Post by Kailash Fulwari1
- *📩 सादर आमंत्रण 📩* नारी शक्ति के सम्मान, स्वाभिमान और सशक्तिकरण को समर्पित *“नारी शक्ति वंदन सम्मेलन”* में माननीय *उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी जी, सांसद श्रीमती मंजू जी शर्मा, राज्य मंत्री डॉ. मंजू जी बाघमार* की उपस्थिति में आप सभी कार्यकर्ता बंधु सपरिवार सादर आमंत्रित हैं। *आइए, नारी शक्ति के गौरव, सम्मान और उनके अमूल्य योगदान के इस विशेष अवसर के साक्षी बनें तथा उनके सशक्त भविष्य के संकल्प को और मजबूत करें।* *************************** *🗓 दिनांक:- 15 अप्रैल 2026* *⏰ समय :- प्रातः11:00 बजे* *📍 स्थान:- बिरला ऑडिटोरियम,स्टैच्यू सर्कल जयपुर* ***************************1
- मकराना। मकराना में युवा हिन्दू गौ रक्षा सेवा समिति द्वारा संचालित मंगलाना रोड स्थित गौमाता सर्किल गौवंश चिकित्सालय परिसर में बुधवार रात्रि एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक का मुख्य उद्देश्य गौ माता को “राष्ट्रीय माता” घोषित करवाने, गौवंश संरक्षण को सशक्त बनाने तथा समाज में व्यापक गौसेवा की भावना को प्रोत्साहित करना रहा। बैठक को संबोधित करते हुए संत श्री सुदर्शन महाराज (हिराणी गौशाला) ने कहा कि गौ माता सनातन संस्कृति की आधारशिला हैं, अतः उन्हें राष्ट्रीय दर्जा प्रदान कर गौ सुरक्षा के लिए कठोर कानून लागू किए जाना समय की आवश्यकता है। उन्होंने गौ तस्करी पर सख्त कार्रवाई, कड़े दंड प्रावधान तथा प्रभावी निगरानी तंत्र लागू करने की मांग रखी।बैठक में जैविक एवं गौ-आधारित खेती को बढ़ावा देने, धार्मिक आयोजनों में शुद्ध गौ-दुग्ध से बने प्रसाद के उपयोग तथा चिकित्सालय क्षेत्र में प्लास्टिक पर पूर्ण प्रतिबंध लागू करने का संकल्प लिया गया।सभी उपस्थित संस्थाओं एवं सदस्यों ने संयुक्त रूप से गौ माता को राष्ट्रीय माता घोषित करने की मांग करते हुए कहा कि यह समाज की आस्था एवं संस्कृति की रक्षा के लिए आवश्यक कदम है। यह अभियान किसी एक संगठन या व्यक्ति विशेष का नहीं, बल्कि सामूहिक जनआंदोलन का रूप ले रहा है। 27 अप्रैल को देशभर में ज्ञापन सौंपे जाएंगे “गौ सम्मान आह्वान अभियान” के अंतर्गत 27 अप्रैल 2026 को पूरे भारत में तहसील एवं ब्लॉक स्तर पर संबंधित अधिकारियों के माध्यम से राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, राज्यपाल एवं मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपे जाएंगे। यह ज्ञापन तहसील, उपखंड अधिकारी एवं जिला कलेक्टर के माध्यम से प्रस्तुत किए जाएंगे।गौ माता के संरक्षण, संवर्धन एवं सम्मान हेतु,जनजागरण,गौ सेवा के लिए सशक्त केंद्रीय कानून की मांग,पूरे देश में समान गौ सेवा व्यवस्था लागू करना,गौ हत्या पर पूर्ण प्रतिबंध,प्रत्येक ग्राम पंचायत में निराश्रित गोवंश हेतु नंदी गौशाला की स्थापना,गौ माता को “राष्ट्रीय माता” घोषित करना ।उपस्थित सदस्य:बैठक में ठाकुर मोहन सिंह चौहान, विजय कुमार लड्डा, ओमप्रकाश भूतड़ा, श्यामसुन्दर पारीक, कैलाश शर्मा, सुरेश मुंदडा, बजरंग सिंह मंडोवरी, मंगीलाल कुम्हार, सुरेश कुमावत, अंकित तंवर, राजूराम चौधरी, अरुण सोलंकी, निखिल छापरवाल, देवेंद्र सोलंकी, राजू जांगिड़, श्याम कुमावत, श्याम सिंह गुणावती, अल्पेश शर्मा, नटवर जांगिड़, हेमंत जांगिड़, तिलक सैनी, सोमेश स्वामी, सतवीर सिंह राठौड़, विष्णु जांगिड़, धर्मवीर गुर्जर, शिवकरण गुर्जर, कमल मेघवाल, सीताराम कुम्हार, सुनील कुमार तथा पशुधन सहायक दीनदयाल मेघवाल, मुकेश रैगर सहित अनेक सदस्य उपस्थित रहे4
- पुनर्जन्म की कहानी क्या बोला बहन ने (part 3) छोटा सा बच्चा जो स्वयं को बताता है राजा मानसिंह और कहना है कि उसका पुनर्जन्म हुआ है1
- भारत में एक नई जागृति आयी है। राष्ट्र की सुरक्षा हमारा ही दायित्व है। ये केवल पुलिस बल, सेना, या इंटेलिजेंस का काम नहीं है, ये हम सब का सामूहिक दायित्व है। : अजित डोवाल, राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार1