मध्य प्रदेश के नरसिंहपुर जिले में मूंग खरीदी की नीति को लेकर किसानों ने एक विशाल आंदोलन किया। हजारों की संख्या में किसान अपने ट्रैक्टरों और बैलगाड़ियों के साथ सड़कों पर उतर आए और पहले जवाहर कृषि उपज मंडी में एक जनसभा को संबोधित किया, जिसके बाद वे गाडरवारा एसडीएम कार्यालय पहुंचे। वहां किसानों ने मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन सौंपा, जिसमें अपनी मांगें रखी गईं। किसानों की मुख्य मांग है कि प्रदेश में 100 प्रतिशत मूंग की खरीदी सुनिश्चित की जाए। उन्होंने इस बात पर गहरी नाराजगी व्यक्त की कि सरकार ने केवल 25 प्रतिशत मूंग खरीदी की घोषणा की है, जबकि पिछले साल पूरी 100 प्रतिशत मूंग की खरीदी की गई थी। किसानों ने मूंग खरीदी की प्रक्रिया, पंजीयन और उपज की खरीद को लेकर अपनी आपत्तियों को लेकर जमकर नारेबाजी की। इस जंगी प्रदर्शन को देखते हुए प्रशासन ने बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया था। किसानों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगें पूरी नहीं की गईं, तो वे प्रदेश स्तरीय एक बड़े आंदोलन की शुरुआत करेंगे। इस दौरान किसान रोहित ढिमोले, कृष्णकांत गुर्जर और गाडरवारा के एसडीएम मणिंद्र सिंह के बयान भी इस खबर का हिस्सा थे।
मध्य प्रदेश के नरसिंहपुर जिले में मूंग खरीदी की नीति को लेकर किसानों ने एक विशाल आंदोलन किया। हजारों की संख्या में किसान अपने ट्रैक्टरों और बैलगाड़ियों के साथ सड़कों पर उतर आए और पहले जवाहर कृषि उपज मंडी में एक जनसभा को संबोधित किया, जिसके बाद वे गाडरवारा एसडीएम कार्यालय पहुंचे। वहां किसानों ने मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन सौंपा, जिसमें अपनी मांगें रखी गईं। किसानों की मुख्य मांग है कि प्रदेश में 100 प्रतिशत मूंग की खरीदी सुनिश्चित की जाए। उन्होंने इस बात पर गहरी नाराजगी व्यक्त की कि सरकार ने केवल 25 प्रतिशत मूंग खरीदी की घोषणा की है, जबकि पिछले साल पूरी 100 प्रतिशत मूंग की खरीदी की गई थी। किसानों ने मूंग खरीदी की प्रक्रिया, पंजीयन और उपज की खरीद को लेकर अपनी आपत्तियों को लेकर जमकर नारेबाजी की। इस जंगी प्रदर्शन को देखते हुए प्रशासन ने बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया था। किसानों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगें पूरी नहीं की गईं, तो वे प्रदेश स्तरीय एक बड़े आंदोलन की शुरुआत करेंगे। इस दौरान किसान रोहित ढिमोले, कृष्णकांत गुर्जर और गाडरवारा के एसडीएम मणिंद्र सिंह के बयान भी इस खबर का हिस्सा थे।
- मध्य प्रदेश के नरसिंहपुर जिले में मूंग खरीदी की नीति को लेकर किसानों ने एक विशाल आंदोलन किया। हजारों की संख्या में किसान अपने ट्रैक्टरों और बैलगाड़ियों के साथ सड़कों पर उतर आए और पहले जवाहर कृषि उपज मंडी में एक जनसभा को संबोधित किया, जिसके बाद वे गाडरवारा एसडीएम कार्यालय पहुंचे। वहां किसानों ने मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन सौंपा, जिसमें अपनी मांगें रखी गईं। किसानों की मुख्य मांग है कि प्रदेश में 100 प्रतिशत मूंग की खरीदी सुनिश्चित की जाए। उन्होंने इस बात पर गहरी नाराजगी व्यक्त की कि सरकार ने केवल 25 प्रतिशत मूंग खरीदी की घोषणा की है, जबकि पिछले साल पूरी 100 प्रतिशत मूंग की खरीदी की गई थी। किसानों ने मूंग खरीदी की प्रक्रिया, पंजीयन और उपज की खरीद को लेकर अपनी आपत्तियों को लेकर जमकर नारेबाजी की। इस जंगी प्रदर्शन को देखते हुए प्रशासन ने बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया था। किसानों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगें पूरी नहीं की गईं, तो वे प्रदेश स्तरीय एक बड़े आंदोलन की शुरुआत करेंगे। इस दौरान किसान रोहित ढिमोले, कृष्णकांत गुर्जर और गाडरवारा के एसडीएम मणिंद्र सिंह के बयान भी इस खबर का हिस्सा थे।1
- जिला चिकित्सालय में पल्स पोलियो अभियान का शुभारंभ किया गया है। इस अभियान के अंतर्गत, शून्य से पाँच वर्ष तक की आयु के बच्चों को दवा पिलाई गई।1
- नरसिंहपुर पुलिस ने एक नया अभियान शुरू किया है, जिसका उद्देश्य "डिजिटल फॉरेस्ट" नामक गतिविधि के संबंध में जनता को जागरूक करना है। इस अभियान के तहत पुलिस ने स्पष्ट किया है कि "डिजिटल फॉरेस्ट" कोई कानूनी गतिविधि नहीं है, बल्कि यह असल में एक साइबर फ्रॉड है।1
- उमरिया जिले में कांग्रेस ने किसानों की विभिन्न समस्याओं को लेकर प्रदर्शन किया।1
- नरसिंहपुर नगर पालिका के संजय वार्ड में सिंगरी नदी पर एक नए आयरन ब्रिज का लोकार्पण कैबिनेट मंत्री पटेल ने किया है। इस पुल का निर्माण मणिनागेंद्र सिंह फाउंडेशन ने अपने स्वयं के खर्च पर किया है, जिसका मुख्य उद्देश्य बरसात के समय संजय वार्ड के बच्चों को स्कूल आने-जाने में होने वाली परेशानी को दूर करना है। परिजनों ने मंत्री जी को अपनी समस्या से अवगत कराया था। उल्लेखनीय है कि इस आयरन ब्रिज का निर्माण मात्र 20 दिनों में पूरा हो गया, जिसे देखकर मंत्री पटेल भी आश्चर्यचकित रह गए। मंत्री जी ने स्कूल की बच्चियों से इस पुल का लोकार्पण करवाया और इसका नाम 'मणिनागेंद्र सिंह पटेल मोनू भैया' रखा गया। यह परियोजना संजय वार्ड के नागरिकों के लिए एक बड़ी सौगात के रूप में देखी जा रही है।1
- आज गाडरवारा में युवाओं ने एसडीएम कार्यालय को पूरी तरह से घेर लिया था।1
- नगर के वार्ड क्रमांक 12, साईंखेड़ा में देवाधिदेव महादेव और संकटमोचन हनुमान जी का प्राण-प्रतिष्ठा महोत्सव शनिवार को भक्ति, श्रद्धा और उल्लास के साथ संपन्न हो गया। विद्वान आचार्य शिवेंद्र जी त्रिवेदी और उनके सहयोगी विद्वान मंडल ने वैदिक मंत्रोच्चार तथा शास्त्रोक्त विधि-विधान से भगवान महादेव एवं हनुमान जी के विग्रहों की प्राण-प्रतिष्ठा कराई। इस शुभ अवसर पर नगर और आसपास के क्षेत्र से बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित होकर नव प्रतिष्ठित विग्रहों के दर्शन कर पुण्य लाभ प्राप्त किया। प्राण-प्रतिष्ठा के उपरांत महाआरती एवं पूर्णाहुति का आयोजन किया गया, जिसमें श्रद्धालुओं ने पूरे भक्तिभाव से हिस्सा लिया। इसके बाद एक विशाल भंडारा आयोजित हुआ, जिसमें हजारों श्रद्धालुओं ने महाप्रसाद ग्रहण किया। पूरे आयोजन के दौरान, मंदिर परिसर और आसपास का वातावरण लगातार "हर-हर महादेव" और "जय श्रीराम" के जयघोष से गूँजता रहा। इस दिव्य आयोजन में परमपूज्य अंघोरा वाले पागल बाबा जी, पूज्य श्री सुतीक्ष्ण दास जी महाराज सहित परमपूज्य पांसी वाले संतों का सान्निध्य और आशीर्वाद भक्तों को मिला। संतों ने इस अवसर पर धर्म, सेवा और सनातन संस्कृति के संरक्षण का संदेश दिया, साथ ही सभी भक्तों को शुभाशीष प्रदान किए। उल्लेखनीय है कि महोत्सव के अंतर्गत एक दिन पूर्व भगवान की भव्य शोभायात्रा भी निकाली गई थी, जिसमें नगरभर के श्रद्धालुओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया था। यह धार्मिक आयोजन समस्त वार्डवासियों और आयोजन समिति के सहयोग से संपन्न हुआ, जो श्रद्धा, सामाजिक एकता और सनातन परंपरा का एक प्रेरणादायी उदाहरण बना। आयोजन समिति ने कार्यक्रम की सफलता सुनिश्चित करने वाले सभी श्रद्धालुओं, संत-महात्माओं और सहयोगियों के प्रति अपना आभार व्यक्त किया।2
- मध्य प्रदेश के नरसिंहपुर जिले में 28 जून से 30 जून तक चलने वाले 'पल्स पोलियो अभियान' का जिला चिकित्सालय में औपचारिक रूप से शुभारंभ किया गया। इस दौरान शून्य से पाँच वर्ष तक की आयु के बच्चों को पोलियो की दवा पिलाई गई। इस राष्ट्रव्यापी अभियान का मुख्य उद्देश्य 0 से 5 वर्ष की आयु के बच्चों को पोलियो की खुराक देकर उन्हें भविष्य में होने वाली विकलांगता और पोलियो वायरस से सुरक्षित करना है। सरकार का लक्ष्य है कि देश का कोई भी बच्चा पोलियो से ग्रसित न हो। रेड क्रॉस सोसाइटी के कोषाध्यक्ष अपनी पूरी टीम के साथ अस्पताल पहुंचे और कार्यक्रम में भागीदारी सुनिश्चित की। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों, डॉक्टरों और समस्त स्टाफ द्वारा किए जा रहे प्रयासों की सराहना भी की। इस अवसर पर स्थानीय स्वास्थ्य विभाग की पूरी टीम भी मौजूद रही। जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग का साझा लक्ष्य है कि इस टीकाकरण अभियान के माध्यम से बच्चों के स्वास्थ्य में सुधार हो और भविष्य में देश के प्रत्येक नागरिक का भविष्य सुरक्षित रहे। स्थानीय स्वास्थ्य विभाग की टीम ने अभिभावकों से अपील की कि वे अपने बच्चों को निकटतम केंद्र पर ले जाकर पोलियो की खुराक अवश्य दिलवाएं।1