लखनऊ के अलीगंज स्थित पुरनिया चौराहे के पास लर्निंग स्पेस लाइब्रेरी नामक कोचिंग संस्थान में भीषण आग लगने की घटना सामने आई है। शुरुआती जानकारी के अनुसार, इस अग्निकांड में 15 बच्चों की जलकर मौत हो गई है, जबकि 10 से 12 अन्य बच्चों के अंदर फंसे होने की आशंका जताई जा रही है। घटनास्थल पर उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक मौजूद हैं, और आग बुझाने के लिए फायर ब्रिगेड की 14 गाड़ियां लगातार काम कर रही हैं। राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF) की टीम भी बचाव अभियान में जुटी है और लाइब्रेरी की पीछे की दीवार तोड़कर शवों को बाहर निकाल रही है। इस दौरान एक छात्र ने लाइब्रेरी से कूदकर अपनी जान बचाने का प्रयास किया, लेकिन वह फंसकर गंभीर रूप से घायल हो गया। हालांकि, 15 छात्रों की मौत की इस सूचना की अधिकारियों ने अभी तक पुष्टि नहीं की है। इस घटना ने सुरक्षा मानकों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं, क्योंकि लखनऊ ही नहीं बल्कि बाराबंकी समेत आसपास के कई जिलों में भी बड़ी संख्या में कोचिंग संस्थान बिना फायर एनओसी (अनापत्ति प्रमाण पत्र) और अन्य आवश्यक सुरक्षा मानकों के संचालित हो रहे हैं।
लखनऊ के अलीगंज स्थित पुरनिया चौराहे के पास लर्निंग स्पेस लाइब्रेरी नामक कोचिंग संस्थान में भीषण आग लगने की घटना सामने आई है। शुरुआती जानकारी के अनुसार, इस अग्निकांड में 15 बच्चों की जलकर मौत हो गई है, जबकि 10 से 12 अन्य बच्चों के अंदर फंसे होने की आशंका जताई जा रही है। घटनास्थल पर उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक मौजूद हैं, और आग बुझाने के लिए फायर ब्रिगेड की 14 गाड़ियां लगातार काम कर रही हैं। राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF) की टीम भी बचाव अभियान में जुटी है और लाइब्रेरी की पीछे की दीवार तोड़कर शवों को बाहर निकाल रही है। इस दौरान एक छात्र ने लाइब्रेरी से कूदकर अपनी जान बचाने का प्रयास किया, लेकिन वह फंसकर गंभीर रूप से घायल हो गया। हालांकि, 15 छात्रों की मौत की इस सूचना की अधिकारियों ने अभी तक पुष्टि नहीं की है। इस घटना ने सुरक्षा मानकों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं, क्योंकि लखनऊ ही नहीं बल्कि बाराबंकी समेत आसपास के कई जिलों में भी बड़ी संख्या में कोचिंग संस्थान बिना फायर एनओसी (अनापत्ति प्रमाण पत्र) और अन्य आवश्यक सुरक्षा मानकों के संचालित हो रहे हैं।
- भिंड से एक बड़ी खबर सामने आई है, जहाँ चंबल की सांस्कृतिक विरासत को राष्ट्रीय पहचान दिलाने के लिए चल रही मुहिम को सांसद संध्या राय का समर्थन मिला है। सांसद संध्या राय ने घोषणा की है कि वह इस मुद्दे को लोकसभा में उठाएंगी और इसकी आवाज केंद्र सरकार तक पहुंचाएंगी। इस पहल के बीच, गोहद को 'मध्यप्रदेश का वृंदावन' बनाने की मांग भी तेज़ हो गई है।1
- प्रयागराज के मेजा स्थित नेवढ़िया में शनिवार को एसआरआरवी पब्लिक स्कूल का भव्य उद्घाटन समारोह आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि न्यायमूर्ति विवेक कुमार सिंह और विशिष्ट अतिथि एडीएम प्रशासन उपमा पांडेय ने सरस्वती पूजन, दीप प्रज्वलन और फीता काटकर विद्यालय का विधिवत शुभारंभ किया। इस अवसर पर न्यायमूर्ति विवेक कुमार सिंह ने विश्वास व्यक्त किया कि इस विद्यालय का प्रत्येक बच्चा न केवल प्रदेश और देश में, बल्कि पूरे विश्व में नाम रोशन करेगा, जिससे प्रयागराज और भारत का कोना-कोना इस स्कूल का नाम याद रखेगा। समारोह के दौरान स्कूली बच्चों ने स्वागत गीत प्रस्तुत कर आए हुए सभी अतिथियों का अभिनंदन किया। अपने संबोधन में न्यायमूर्ति विवेक कुमार सिंह ने शिक्षा को विकास की कुंजी बताया और बच्चों को देश का भविष्य करार दिया। उन्होंने इस बात पर विशेष जोर दिया कि देश से गरीबी दूर करने के लिए बच्चों को शिक्षित करना अत्यंत आवश्यक है, क्योंकि 'पढ़ेंगे बच्चे तो बढ़ेंगे बच्चे'। न्यायमूर्ति ने बच्चों की प्रस्तुतियों के साथ-साथ विद्यालय के सौंदर्यीकरण, साफ-सफाई और अनुशासन की भी खुलकर सराहना की। कार्यक्रम का संचालन हरिप्रसाद पांडेय और शशि द्विवेदी उर्फ बबुआन ने किया, जबकि स्कूल के संचालक लल्ला सिंह ने सभी उपस्थित अतिथियों के प्रति आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर डीपीआरओ रविशंकर द्विवेदी, हंडिया एसडीएम न्यायिक सुरेंद्र प्रताप यादव, भाजपा नेता राजू शुक्ला, सुशील मिश्रा, नित्यानंद उपाध्याय, पप्पू उपाध्याय, नाथू गुप्ता, मुकेश उपाध्याय, श्रीकांत यादव, गज्जू रॉय, स्कूल की प्रिंसिपल रुही परवीन, प्रीति सिंह, दिनेश सिंह, संतोष कुशवाहा, मनोज पटेल, मनोज कुमार यादव, साक्षी सिंह, क्षमा मिश्रा, आश्वि शर्मा, नीलम पटेल, सुनंदा पटेल, पिंकी गुप्ता, सुशीला पाल, सोनाक्षी मिश्रा, सुरेंद्र त्रिवेदी सहित तमाम अभिभावक मौजूद रहे। समारोह के दौरान सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन भी मौके पर मुस्तैद था।1
- मुंबई, महाराष्ट्र से आ रही ताजा खबरों के अनुसार, इस समय वहाँ तेज बारिश का मौसम बना हुआ है। यह जानकारी ब्रेकिंग न्यूज़ के तौर पर सामने आई है।1
- जनपद प्रयागराज के घूरपुर थाना क्षेत्र स्थित गौहनिया चौकी के सामने की स्थिति दिनोंदिन बदतर होती जा रही है। यहाँ से दिन-रात गुजर रहे ओवरलोड डंपरों, चौराहे पर संचालित अवैध टेंपो स्टैंड और सड़क पर उड़ती धूल ने स्थानीय लोगों का जीवन दूभर कर दिया है। बाजार क्षेत्र में लगातार जाम, प्रदूषण और दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ रहा है, लेकिन जिम्मेदार विभागों और पुलिस प्रशासन की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं दिख रही है। स्थानीय लोगों के अनुसार, गौहनिया चौकी के सामने से बड़ी संख्या में ओवरलोड डंपर बेखौफ होकर गुजरते हैं। इन भारी वाहनों की आवाजाही से सड़क पर लगातार धूल का गुबार उड़ता रहता है, जिससे दुकानदारों और राहगीरों को भारी परेशानी हो रही है। इस धूल के कारण लोगों को सांस संबंधी समस्याएं होने लगी हैं, वहीं सड़क दुर्घटनाओं की आशंका भी बढ़ गई है। समस्या यहीं खत्म नहीं होती, गौहनिया चौराहे पर सड़क किनारे चल रहा अवैध टेंपो स्टैंड यातायात व्यवस्था को पूरी तरह प्रभावित कर रहा है। टेंपो चालकों द्वारा मनमाने ढंग से वाहन खड़े करने से अक्सर जाम लगता है, जिससे बाजार आने वाले ग्राहकों और आम राहगीरों को रोजाना घंटों परेशानी झेलनी पड़ती है। नागरिकों का सबसे बड़ा सवाल यह है कि चौकी के ठीक सामने यह सब होने के बावजूद कार्रवाई क्यों नहीं हो रही है। स्थानीय निवासियों का आरोप है कि पुलिस की मौजूदगी के बावजूद ओवरलोड वाहनों और अवैध टेंपो स्टैंड के खिलाफ प्रभावी कदम नहीं उठाए जा रहे हैं, जिससे प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े हो गए हैं। क्षेत्रवासियों ने जिला प्रशासन, परिवहन विभाग और पुलिस अधिकारियों से तत्काल ओवरलोड डंपरों पर सख्त कार्रवाई करने, अवैध टेंपो स्टैंड हटाने और सड़क पर नियमित पानी का छिड़काव कर धूल की समस्या से राहत दिलाने की मांग की है। लोगों का कहना है कि सुरक्षित, स्वच्छ और सुगम आवागमन उनका अधिकार है, जिसे सुनिश्चित करना प्रशासन की जिम्मेदारी है।1
- प्रयागराज के यमुनानगर में सिंचाई विभाग पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगे हैं। बताया जा रहा है कि नहर की सफाई और उसे पक्का करने के काम में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार हो रहा है। इस भ्रष्टाचार के लिए सिंचाई विभाग और ठेकेदार को जिम्मेदार ठहराया गया है। इस पूरे मामले को लेकर किसान यूनियन प्रयाग ने जल्द ही भ्रष्टाचार के खिलाफ आंदोलन शुरू करने की घोषणा की है।1
- लखनऊ के अलीगंज स्थित पुरनिया चौराहे के पास लर्निंग स्पेस लाइब्रेरी नामक कोचिंग संस्थान में भीषण आग लगने की घटना सामने आई है। शुरुआती जानकारी के अनुसार, इस अग्निकांड में 15 बच्चों की जलकर मौत हो गई है, जबकि 10 से 12 अन्य बच्चों के अंदर फंसे होने की आशंका जताई जा रही है। घटनास्थल पर उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक मौजूद हैं, और आग बुझाने के लिए फायर ब्रिगेड की 14 गाड़ियां लगातार काम कर रही हैं। राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF) की टीम भी बचाव अभियान में जुटी है और लाइब्रेरी की पीछे की दीवार तोड़कर शवों को बाहर निकाल रही है। इस दौरान एक छात्र ने लाइब्रेरी से कूदकर अपनी जान बचाने का प्रयास किया, लेकिन वह फंसकर गंभीर रूप से घायल हो गया। हालांकि, 15 छात्रों की मौत की इस सूचना की अधिकारियों ने अभी तक पुष्टि नहीं की है। इस घटना ने सुरक्षा मानकों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं, क्योंकि लखनऊ ही नहीं बल्कि बाराबंकी समेत आसपास के कई जिलों में भी बड़ी संख्या में कोचिंग संस्थान बिना फायर एनओसी (अनापत्ति प्रमाण पत्र) और अन्य आवश्यक सुरक्षा मानकों के संचालित हो रहे हैं।1