मौदहा में पहली बार कांवड़ यात्रा बिठूर से गंगाजल लेकर पहुंचे शिवभक्तों ने किया जलाभिषेक हमीरपुर। मौदहा नगर में पहली बार कांवड़ यात्रा का आयोजन किया गया। कानपुर के बिठूर घाट से गंगाजल लेकर पहुंचे शिवभक्तों ने नगर में जलाभिषेक किया। यह यात्रा मंगी पुरवा स्थित श्री रामेश्वरम धाम मंदिर में संपन्न हुई। कांवड़ यात्रा ओरी तालाब स्थित मंदिर से शुरू हुई और नेशनल चौराहा, थाना चौराहा तथा मली कुआं चौराहा होते हुए आगे बढ़ी। पूरे मार्ग में शिवभक्त कंधों पर कांवड़ लेकर भक्ति गीतों के साथ चल रहे थे। नगरवासियों ने जगह-जगह पुष्पवर्षा कर कांवड़ियों का स्वागत किया। कई स्थानों पर श्रद्धालुओं ने जलपान की व्यवस्था भी की। बड़ी संख्या में लोग यात्रा देखने के लिए मार्ग के दोनों ओर मौजूद रहे।आयोजक एवं सभासद बलिष्ठ कुमार ने बताया कि मौदहा नगर में यह पहली कांवड यात्रा थी। उन्होंने कहा कि इस आयोजन का उद्देश्य धार्मिक परंपराओं को बढ़ावा देना, युवाओं को संस्कृति से जोड़ना और समाज में एकता व भाईचारे की भावना को मजबूत करना है। उन्होंने भविष्य में भी ऐसे धार्मिक आयोजनों में नगरवासियों से सहभागिता की अपील की। यात्रा का समापन मंगी पुरवा स्थित श्री रामेश्वरम धाम मंदिर में हुआ। यहां भगवान शिव का विधि-विधान से गंगाजल अभिषेक और पूजन-अर्चन किया गया। मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं ने भोलेनाथ की आराधना कर सुख-समृद्धि की कामना की। इस अवसर पर देवप्रकाश उत्तम सिंह, बच्चा, संजय, दिलीप सहित सैकड़ों शिवभक्त और नगरवासी उपस्थित रहे।
मौदहा में पहली बार कांवड़ यात्रा बिठूर से गंगाजल लेकर पहुंचे शिवभक्तों ने किया जलाभिषेक हमीरपुर। मौदहा नगर में पहली बार कांवड़ यात्रा का आयोजन किया गया। कानपुर के बिठूर घाट से गंगाजल लेकर पहुंचे शिवभक्तों ने नगर में जलाभिषेक किया। यह यात्रा मंगी पुरवा स्थित श्री रामेश्वरम धाम मंदिर में संपन्न हुई। कांवड़ यात्रा ओरी तालाब स्थित मंदिर से शुरू हुई और नेशनल चौराहा, थाना चौराहा तथा मली कुआं चौराहा होते हुए आगे बढ़ी। पूरे मार्ग में शिवभक्त
कंधों पर कांवड़ लेकर भक्ति गीतों के साथ चल रहे थे। नगरवासियों ने जगह-जगह पुष्पवर्षा कर कांवड़ियों का स्वागत किया। कई स्थानों पर श्रद्धालुओं ने जलपान की व्यवस्था भी की। बड़ी संख्या में लोग यात्रा देखने के लिए मार्ग के दोनों ओर मौजूद रहे।आयोजक एवं सभासद बलिष्ठ कुमार ने बताया कि मौदहा नगर में यह पहली कांवड यात्रा थी। उन्होंने कहा कि इस आयोजन का उद्देश्य धार्मिक परंपराओं को बढ़ावा देना, युवाओं को संस्कृति से जोड़ना और समाज
में एकता व भाईचारे की भावना को मजबूत करना है। उन्होंने भविष्य में भी ऐसे धार्मिक आयोजनों में नगरवासियों से सहभागिता की अपील की। यात्रा का समापन मंगी पुरवा स्थित श्री रामेश्वरम धाम मंदिर में हुआ। यहां भगवान शिव का विधि-विधान से गंगाजल अभिषेक और पूजन-अर्चन किया गया। मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं ने भोलेनाथ की आराधना कर सुख-समृद्धि की कामना की। इस अवसर पर देवप्रकाश उत्तम सिंह, बच्चा, संजय, दिलीप सहित सैकड़ों शिवभक्त और नगरवासी उपस्थित रहे।
- सुरक्षा व्यवस्था परखकर अधिकारियों को दिए सतर्कता के जरूरी आदेश1
- अपराधी हाथ जोड़कर बोला चोरी करना पाप है पुलिस हमारी बाप है घाटमपुर- सजेती थाना पुलिस ने अपराध और अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस टीम ने ₹25,000 के इनामी और वांछित अपराधी अंशू सचान उर्फ अंशुमन उर्फ पंडित को बर्रा बाईपास से गिरफ्तार किया है। गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने आरोपी का जुलूस निकाला, जिसमें वह हाथ जोड़कर "चोरी करना पाप है, पुलिस हमारी बाप है" के नारे लगाता दिखा।सजेती थाना पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि सजेती थाने का वांछित और इनामी अपराधी अंशू सचान (लगभग 31 वर्ष) बर्रा थाना क्षेत्र के बिलगवां स्थित बाजार में खरीदारी कर रहा है। सूचना पर उच्चाधिकारियों को अवगत कराया गया। इसके बाद सजेती पुलिस टीम बर्रा बाईपास पहुंची और बर्रा थाने की पुलिस के सहयोग से आरोपी को नियमानुसार हिरासत में ले लिया गया।पकड़ा गया आरोपी अंशू सचान एक शातिर अपराधी है। उस पर कानपुर नगर के सजेती, घाटमपुर, बर्रा, कलक्टरगंज और फतेहपुर जिले के कल्यानपुर व खागा थानों में कुल 15 मामले दर्ज हैं। इन मामलों में चोरी, धोखाधड़ी, आर्म्स एक्ट और भारतीय न्याय संहिता (BNS) व भारतीय दंड संहिता (IPC) की गंभीर धाराएं शामिल हैं। वह हाल ही में सजेती थाने में दर्ज मु0अ0सं0 309/2025 और मु0अ0सं0 184/2026 में वांछित था, जिसके चलते उस पर ₹25,000 का इनाम घोषित किया गया था।इस शातिर अपराधी को गिरफ्तार करने में सजेती थाना पुलिस टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही। टीम में थानाध्यक्ष अनुज कुमार, उपनिरीक्षक संजीव कुमार राजपूत, उपनिरीक्षक संजीव कुमार, उपनिरीक्षक सालिकराम और कांस्टेबल उमेश कुमार शामिल थे। यह कार्रवाई पुलिस कमिश्नरेट कानपुर नगर के कुशल निर्देशन में की गई।गिरफ्तारी के बाद आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है।1
- हमीरपुर :चार माह से अधूरा पड़ा परसवदा डेरा मार्ग, ग्रामीणों ने तहसील दिवस में उठाई आवाज मौदहा (हमीरपुर)। तहसील दिवस में ग्राम पंचायत छानी गऊघाट के ग्रामीणों ने रामदुलारी समेत अन्य लोगों के नेतृत्व में शिकायत पत्र सौंपकर परसवदा डेरा मार्ग का निर्माण कार्य शीघ्र पूरा कराने तथा निर्माण की गुणवत्ता की जांच कराने की मांग की। ग्रामीणों ने बताया कि ग्राम पंचायत छानी गऊघाट के मजरा परसवदा डेरा की सड़क का निर्माण कार्य पिछले चार माह से अधूरा पड़ा है। उनका आरोप है कि सड़क निर्माण मानकों के अनुरूप नहीं किया जा रहा है। बरसात के चलते सड़क की स्थिति और खराब हो गई है, जिससे ग्रामीणों एवं स्कूली बच्चों को आवागमन में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। शिकायतकर्ताओं का कहना है कि इस संबंध में पूर्व में भी कई बार ज्ञापन दिए गए और आंदोलन किए गए, लेकिन अब तक निर्माण कार्य पूरा नहीं कराया गया। ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द सड़क निर्माण शुरू कराकर पूरा नहीं कराया गया तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे, जिसकी जिम्मेदारी जिला प्रशासन और शासन की होगी। इस संबंध में जिलाधिकारी ने बताया कि शिकायत प्राप्त हुई है। सड़क निर्माण का प्रस्ताव कार्य योजना के तहत शासन को भेजा गया है। उन्होंने कहा कि पिछले वर्ष भी प्रस्ताव भेजा गया था, लेकिन स्वीकृति नहीं मिल सकी। इस बार प्रस्ताव को स्वीकृत कराने का पूरा प्रयास किया जा रहा है, ताकि परसवदा डेरा मार्ग का निर्माण कार्य जल्द शुरू होकर पूरा कराया जा सके।2
- मौदहा हमीरपुर रविंद्र बलमिक ravindra balmik maudaha hamirpur रविंद्र बलमिक r1
- उग्रवादी आन्दोलन के प्रणेता बाल गंगाधर तिलक की पुण्यतिथि पर दी श्रद्धांजलि हमीरपुर। सुमेरपुर कस्बे में देशभक्तों की देश के प्रति भूमिका के मद्देनजर वर्णिता संस्था के तत्वावधान में विमर्श विविधा के अन्तर्गत जिनका देश ऋणी है के तहत संस्था के अध्यक्ष डा. भवानीदीन ने स्वराज्य मेरा जन्मसिद्ध अधिकार है मैं इसे लेकर ही रहूंगा के उद्गगाता लोकमान्य बाल गंगाधर तिलक की पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि तिलक सही अर्थों में एक राष्ट्रवादी नेता थे। देश के प्रति इनके योगदान को भुलाया नहीं जा सकता है। ये उग्रवादी आन्दोलन के प्रणेता थे। इनका जन्म 23 जुलाई 1856 गंगाधर रामचन्द्र तिलक के घर महाराष्ट्र के रत्नागिरी में हुआ था। इन्होंने स्वदेशी , बहिष्कार और राष्ट्रीय शिक्षा का अभियान चलाया था। इन्होंने कष्ट भरी जेल यात्रा भी की। कालांतर में इनका 1 अगस्त 1920 को निधन हो गया। इस कार्यक्रम में अशोक अवस्थी, सिद्धा, बाबूलाल, प्रेम, सागर, महावीर प्रजापति, रामनरायन सोनकर, दयाराम सोनकर, राहुल, पंकज सिंह, भोलू सिंह, सतेन्द्र, मुन्ना भदौरिया आदि शामिल रहे।1
- कांवड़ यात्रा तैयारियों का पुलिस अधिकारियों ने किया व्यापक निरीक्षण1
- ढाई वर्ष से फरार चल रहे इनामी चोर को पुलिस ने किया गिरफ्तार, डीसीपी साउथ ने दी जानकारी1
- सेन पश्चिम पारा क्षेत्र में युवक ने फांसी लगाकर दी जान, जांच में जुटी पुलिस सेन पश्चिम पारा क्षेत्र में युवक ने फांसी लगाकर अपनी जान दे दी। परिजनों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने फोरेंसिक टीम को बुलाकर घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए है। फोरेंसिक टीम को युवक के पास से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। पुलिस घटना की जांच पड़ताल करते हुए शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया हैं और आगे की करवाई में जुट गई है।1