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मंडला- चौगान मढ़िया के जवारे विसर्जन का भव्य आयोजन....... चौगान की मढ़िया में नौ दिनों तक पूजा-अर्चना के बाद हजारों श्रद्धालुओं ने सफेद वस्त्र धारण कर आस्था के साथ भाग लिया। शनिवार सुबह श्रद्धालु जवारे को सिर पर रखकर करीब चार किलोमीटर पैदल चलकर रामनगर स्थित नर्मदा तट पहुंचे। यहां पारंपरिक विधि-विधान से जवारे विसर्जन किया गया। यह स्थल जनजातीय समाज के लिए विशेष आस्था का केंद्र है, जहां नवरात्रि में केवल सफेद वस्त्र पहनकर ही पूजा की जाती है। पूरे कार्यक्रम के दौरान भारी संख्या में भक्तों की मौजूदगी रही और माहौल भक्तिमय बना रहा।
Govardhan kushwaha
मंडला- चौगान मढ़िया के जवारे विसर्जन का भव्य आयोजन....... चौगान की मढ़िया में नौ दिनों तक पूजा-अर्चना के बाद हजारों श्रद्धालुओं ने सफेद वस्त्र धारण कर आस्था के साथ भाग लिया। शनिवार सुबह श्रद्धालु जवारे को सिर पर रखकर करीब चार किलोमीटर पैदल चलकर रामनगर स्थित नर्मदा तट पहुंचे। यहां पारंपरिक विधि-विधान से जवारे विसर्जन किया गया। यह स्थल जनजातीय समाज के लिए विशेष आस्था का केंद्र है, जहां नवरात्रि में केवल सफेद वस्त्र पहनकर ही पूजा की जाती है। पूरे कार्यक्रम के दौरान भारी संख्या में भक्तों की मौजूदगी रही और माहौल भक्तिमय बना रहा।
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- मां नर्मदा उत्तर वाहिनी परिक्रमा के द्वारा लगातार 5 वर्षों से मंडला में दो दिवसीय मां नर्मदा की उत्तर वाहिनी परिक्रमा का आयोजन किया जा रहा है इसी कड़ी में इस वर्ष भी दो दिवसीय मां नर्मदा की उत्तर वाहिनी परिक्रमा का आयोजन किया गया परिक्रमा का शुभारंभ मंडल में किला वार्ड में स्थित व्यास नारायण मंदिर से नर्मदा भक्तों ने पूजन अर्चन कर अपनी यात्रा प्रारंभ की इस यात्रा में मध्य प्रदेश छत्तीसगढ़ महाराष्ट्र सहित अन्य राज्यों से हजारों की संख्या में नर्मदा भक्त शामिल हुए हैं शनिवार को प्रथम दिवस की परिक्रमा का रात्रि विश्राम घाघा घाघी में होगा। शनिवार को शाम 4:00 बजे समिति के संचालक सुधीर कांसकार ने आयोजन के संबंध में जानकारी दी1
- अयोध्या के राजघाट में हो रहे महायज्ञ में अज्ञात कारणों से लगी भीषण आग.... मचा हड़कंप.. मौके पर प्रशासनिक अमला और दमकल गाड़ियां मौजूद.... आग पर काबू पाने के लिए रेस्क्यू जारी1
- शिव सिंह राजपूत दहिया जर्नलिस्ट अमरपाटन सतना मैहर मध्य प्रदेश भोपाल 99747788631
- अपने ही बयानों से फस गए मोदी वीडियो वायरल हो रहा है ट्रॉल1
- घंसौर तहसील के कहानी वन परिक्षेत्र अंतर्गत दुर्जनपुर गांव में उस समय हड़कंप मच गया, जब गांव के पास खेत में एक तेंदुआ नजर आया। बताया जा रहा है कि तेंदुआ खेतों से होते हुए गांव की ओर बढ़ता दिखाई दिया, जिससे ग्रामीणों में दहशत का माहौल बन गया। शनिवार, 28 मार्च 2026 ग्रामीणों ने तेंदुए का वीडियो भी बना लिया, जो अब क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है। तेंदुए की आहट से लोग अपने घरों में दुबक गए और बच्चों को बाहर न निकलने की हिदायत दी गई। घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग का अमला मौके पर पहुंचा। वन विभाग के एसडीओ गोपाल सिंह ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि तेंदुए को सुरक्षित रूप से जंगल की ओर खदेड़ दिया गया है। फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है, लेकिन गांव में अभी भी डर का माहौल बना हुआ है। वन विभाग ने ग्रामीणों से सतर्क रहने और अकेले खेतों की ओर न जाने की अपील की है1
- *खेती किसानी* *रीपर मशीन से गेहूं व धान की कटाई अच्छे से होती है* *एक घंटे में एक एकड़ फसल की कटाई की जा सकती है : बिहारी लाल साहू* डिण्डौरी/शहपुरा :- रीपर मशीन का उपयोग गेहूं की फसल को काटने के लिए किया जाता है, जिससे किसानों को कई लाभ होते हैं। इन दिनो मे गेहूं की बड़ी तेजी से कटाई आ चुकी है जिसमें जैविक कृषि विशेषज्ञ बिहारी लाल साहू अपने खेतों पर लगी हुई जैविक गेहूं की कटाई चालू कर दिए है ग्राम ढोंढ़ा पर *तेजी से कटाई*: रीपर मशीन गेहूं की फसल को बहुत तेजी से काटती है, जिससे समय और श्रम की बचत होती है। *कटाई की गुणवत्ता*: रीपर मशीन गेहूं की फसल को एक समान ऊंचाई पर काटती है, जिससे फसल की गुणवत्ता में सुधार होता है। *फसल की बचत*: रीपर मशीन गेहूं की फसल को बहुत कम नुकसान पहुंचाती है, जिससे फसल की बचत होती है। *श्रम की बचत*: रीपर मशीन का उपयोग करने से श्रम की आवश्यकता कम होती है, जिससे किसानों को श्रम की समस्या से मुक्ति मिलती है। *वृद्धि हुई उत्पादकता*: रीपर मशीन का उपयोग करने से गेहूं की उत्पादकता में वृद्धि होती है, जिससे किसानों की आय में वृद्धि होती है। *कटाई के बाद की प्रक्रिया में आसानी*: रीपर मशीन से कटाई के बाद, फसल को आसानी से इकट्ठा किया जा सकता है और आगे की प्रक्रिया के लिए तैयार किया जा सकता है। इसमें पराली जलाने की आवश्यकता नहीं पड़ती और सूक्ष्मजीव बने रहते हैं जिसमे मिट्टी की उर्वरा शक्ति बनी रहती है और श्रम भी कम लगता है। व पर्यावरण मे दूषित नहीं होता स्वच्छ बना रहता है। अधिक जानकारी के लिए सम्पर्क कर सकते है जैविक कृषि विशेषज्ञ बिहारी लाल साहू जी से व कृषक कृष्ण कुमार झारिया ग्राम बरौदा से दिनांक - 28 मार्च 20262
- आस्था, श्रद्धा और संस्कृति का संगम चौगान मढ़िया से निकली भव्य यात्रा ज्वारे विसर्जन में उमड़ा जनसैलाब जय माता दी के जयकारों से गूंजा माहौल1
- मंडला जिले के चौगान मढ़िया से एक भक्ति और आस्था से सराबोर अद्भुत दृश्य सामने आया, जहाँ चैत्र नवरात्रि के पावन अवसर पर भव्य ज्वारे विसर्जन यात्रा बड़े ही श्रद्धा और उल्लास के साथ निकाली गई। चौगान मढ़िया से प्रारंभ हुई इस भव्य ज्वारे विसर्जन यात्रा में बड़ी संख्या में श्रद्धालु भक्त शामिल हुए। ढोल-नगाड़ों, भजन-कीर्तन और माता के जयकारों के साथ पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठा। इस पावन अवसर पर शनिवार को दोपहर 2:00 मध्यप्रदेश शासन की पीएचई मंत्री संपतिया उइके भी यात्रा में शामिल हुईं। उन्होंने माँ ज्वारे के दर्शन-पूजन कर प्रदेशवासियों के सुख, समृद्धि और मंगलमय जीवन की कामना की। मंत्री संपतिया उइके ने यात्रा में शामिल श्रद्धालुओं पर पुष्प वर्षा कर उनका आत्मीय अभिनंदन किया। इस दौरान श्रद्धालुओं में भी खासा उत्साह देखने को मिला और पूरा माहौल भक्ति से सराबोर हो गया। जन-जन की आस्था और विश्वास ने इस आयोजन को और भी दिव्य बना दिया। महिलाएं सिर पर ज्वारे रखकर पारंपरिक वेशभूषा में शामिल हुईं, तो वहीं युवा और बच्चे भी पूरे उत्साह के साथ इस धार्मिक आयोजन का हिस्सा बने। विसर्जन यात्रा के पश्चात चौगान मढ़िया में भंडारे का आयोजन किया गया, जहाँ मंत्री संपतिया उइके ने स्वयं उपस्थित होकर श्रद्धालुओं को प्रसादी वितरित की और सेवा भाव का परिचय दिया।1
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