झरादेश्वर महादेव मंदिर में उमड़ा आस्था का सैलाब, जलते अंगारों पर चलकर श्रद्धालुओं ने उतारी मन्नत महिदपुर रोड | क्षेत्र के समीपवर्ती ग्राम झरावदा स्थित सुप्रसिद्ध झरादेश्वर महादेव मंदिर पर धुलेंडी (होली के अगले दिन) के पावन अवसर पर चूल और मेले का भव्य आयोजन संपन्न हुआ। वर्षों पुरानी परंपरा को निभाते हुए इस वर्ष भी हजारों की संख्या में श्रद्धालु अपनी अटूट आस्था लेकर महादेव के दरबार में पहुँचे। मान्यता है कि झरादेश्वर महादेव मंदिर में सच्चे मन से मांगी गई हर मुराद पूरी होती है। अपनी मन्नत पूरी होने की खुशी और महादेव के प्रति कृतज्ञता प्रकट करने के लिए श्रद्धालु दहकते हुए अंगारों (चूल) के बीच से नंगे पैर निकले। आश्चर्य की बात यह रही कि इतनी भीषण गर्मी और आग के बीच से निकलने के बावजूद श्रद्धालुओं के चेहरों पर भय के बजाय भक्ति का तेज नजर आया। #mahidpurroadwale👬🌴🌥❤️🔥 #JharadeshwarMahade#jharavda #mahidpur
झरादेश्वर महादेव मंदिर में उमड़ा आस्था का सैलाब, जलते अंगारों पर चलकर श्रद्धालुओं ने उतारी मन्नत महिदपुर रोड | क्षेत्र के समीपवर्ती ग्राम झरावदा स्थित सुप्रसिद्ध झरादेश्वर महादेव मंदिर पर धुलेंडी (होली के अगले दिन) के पावन अवसर पर चूल और मेले का भव्य आयोजन संपन्न हुआ। वर्षों पुरानी परंपरा को निभाते हुए इस वर्ष भी हजारों की संख्या में श्रद्धालु अपनी अटूट आस्था लेकर महादेव के दरबार में पहुँचे। मान्यता है कि झरादेश्वर महादेव मंदिर में सच्चे मन से मांगी गई हर मुराद पूरी होती है। अपनी मन्नत पूरी होने की खुशी और महादेव के प्रति कृतज्ञता प्रकट करने के लिए श्रद्धालु दहकते हुए अंगारों (चूल) के बीच से नंगे पैर निकले। आश्चर्य की बात यह रही कि इतनी भीषण गर्मी और आग के बीच से निकलने के बावजूद श्रद्धालुओं के चेहरों पर भय के बजाय भक्ति का तेज नजर आया। #mahidpurroadwale👬🌴🌥❤️🔥 #JharadeshwarMahade#jharavda #mahidpur
- झरादेश्वर महादेव मंदिर में उमड़ा आस्था का सैलाब, जलते अंगारों पर चलकर श्रद्धालुओं ने उतारी मन्नत महिदपुर रोड | क्षेत्र के समीपवर्ती ग्राम झरावदा स्थित सुप्रसिद्ध झरादेश्वर महादेव मंदिर पर धुलेंडी (होली के अगले दिन) के पावन अवसर पर चूल और मेले का भव्य आयोजन संपन्न हुआ। वर्षों पुरानी परंपरा को निभाते हुए इस वर्ष भी हजारों की संख्या में श्रद्धालु अपनी अटूट आस्था लेकर महादेव के दरबार में पहुँचे। मान्यता है कि झरादेश्वर महादेव मंदिर में सच्चे मन से मांगी गई हर मुराद पूरी होती है। अपनी मन्नत पूरी होने की खुशी और महादेव के प्रति कृतज्ञता प्रकट करने के लिए श्रद्धालु दहकते हुए अंगारों (चूल) के बीच से नंगे पैर निकले। आश्चर्य की बात यह रही कि इतनी भीषण गर्मी और आग के बीच से निकलने के बावजूद श्रद्धालुओं के चेहरों पर भय के बजाय भक्ति का तेज नजर आया। #mahidpurroadwale👬🌴🌥❤️🔥 #JharadeshwarMahade#jharavda #mahidpur1
- Post by पडित गोकुल शर्मा1
- आगर मालवा मध्यप्रदेश - आस्था जब अपने चरम पर होती है, तो इंसान हर कठिनाई को सहज मान लेता है। मध्यप्रदेश के आगर मालवा जिले के लिंगोड़ा गांव में होली के अवसर पर कुछ ऐसा ही अद्भुत दृश्य देखने को मिलता है। यहां श्रद्धालु अपनी मनोकामनाओं की पूर्ति और ईश्वर के प्रति समर्पण भाव प्रकट करने के लिए जलते अंगारों पर नंगे पांव चलते हैं। मान्यता है कि सच्चे विश्वास के साथ अग्नि-पथ पार करने से इच्छाएं पूर्ण होती हैं। आग से भरा एक लंबा गड्ढा… उसमें लाल तपते अंगारे… और उन पर बेखौफ चलते श्रद्धालु। यह कोई करतब नहीं, बल्कि वर्षों पुरानी परंपरा है। ग्रामीण बताते हैं कि यह आयोजन करीब 200 साल से भी अधिक समय से लगातार होता आ रहा है। होली के दिन विशेष पूजा-अर्चना के बाद यह अनुष्ठान शुरू किया जाता है। इसके लिए लगभग 9 फीट लंबा, 3 फीट चौड़ा और 2 फीट गहरा गड्ढा बनाया जाता है। उसमें चंदन, पलाश और कदम की लकड़ियां डाली जाती हैं। लकड़ियों के पूरी तरह जल जाने के बाद जब वे अंगारों में बदल जाती हैं, तो उन्हें बराबर फैला दिया जाता है। इसके बाद श्रद्धालु कतारबद्ध होकर इस अग्नि-पथ पर चलते हैं। इस अनुष्ठान में पुरुषों के साथ महिलाएं और बुजुर्ग भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते हैं। कई माता-पिता अपने छोटे बच्चों को गोद में लेकर भी अंगारों पर से गुजरते हैं। उनका विश्वास है कि ईश्वर उनकी रक्षा करते हैं और आशीर्वाद प्रदान करते हैं। ग्रामीणों के बीच यह भी मान्यता है कि जब भक्त अग्नि-पथ पर चलते हैं, तो मंदिर में विराजित हनुमान जी की प्रतिमा पर पसीने की बूंदें दिखाई देती हैं, जिसे लोग दिव्य संकेत मानते हैं। श्रद्धा, परंपरा और विश्वास का यह अनोखा संगम हर साल सैकड़ों लोगों को लिंगोड़ा गांव की ओर आकर्षित करता है।3
- Post by Xsuixdi Dxjsjdi1
- Shayad Ham colony manshapurn jaora district1
- शाजापुर जिले की बेरछा थाना क्षेत्र में लंबे समय से फरार चल रहे चार वारंटियों को पुलिस ने होली के मौके पर गिरफ्तार कर लिया। पुलिस को सूचना मिली थी कि भूमड़िया गांव के ये आरोपी त्योहार पर घर आए हैं। इसके बाद टीम बनाकर दबिश दी गई और चारों को हिरासत में लिया गया। यह कार्रवाई बुधवार को सुबह की गई। गिरफ्तार आरोपियों में मिथुन पिता जगदीशनाथ, जो धारा 363, 366, 376 के मामले में तीन साल से फरार था। कालू नाथ पिता रमेशनाथ मारपीट के प्रकरण में छ: साल से फरार चल रहा था। भेरू पिता मधुनाथ और संजय पिता भेरूनाथ भी मारपीट के मामलों में पांच-पांच साल से फरार थे। बुधवार दोपहर करीब 2 बजे पुलिस ने कार्रवाई का खुलासा किया। सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश करने की तैयारी की जा रही है।1
- श्री दादाजी धूनीवाले का आज का सिंगर1
- दैनिक भविष्य दर्पण न्यूज धूरटेश्वर महादेव मंदिर में उमड़ा आस्था का सैलाब, जलते अंगारों पर चलकर श्रद्धालुओं ने उतारी मन्नत महिदपुर धूर्टेश्वर महादेव मंदिर पर धुलेंडी के अवसर पर चूल का आयोजन संपन्न हुआ। वर्षों पुरानी परंपरा को निभाते हुए इस वर्ष भी हजारों की संख्या में श्रद्धालु अपनी अटूट आस्था लेकर महादेव के दरबार में पहुँचे। मान्यता है की धूर्टेश्वर महादेव मंदिर में सच्चे मन से मांगी गई हर मुराद पूरी होती है। अपनी मन्नत पूरी होने की खुशी और महादेव के प्रति कृतज्ञता प्रकट करने के लिए श्रद्धालु दहकते हुए अंगारों (चूल) के बीच से नंगे पैर निकले।1