बटगल से सेलीपाख मोटर मार्ग के संबंध में उपजिलाधिकारी को दिया ज्ञापन। बेरीनाग। बटगल से सेलीपाख मोटर मार्ग के संबंध में उपजिलाधिकारी को ग्राम पंचायत सेलीपाख ,बोराआगर, बटगल के क्षेत्र वासियों के ने ज्ञापन सौपा। ज्ञापन मे कहा गया है कि बटगल से सेलीपाख मोटर मार्ग विगत तीन वर्षों से लगातार दैवी आपदा के कारण क्षतिग्रस्त एवं ध्वस्त होते जा रहा है। जिसमें 7-8 कलमट जिसमें से अधिकतर ध्वस्त हो चुके हैं और कुछ ध्वस्त की कगार में पहुच चुके हैं। गाड़ियां नालों गधेरों पर से चलायी जा रही हैं। भू-स्खलन के कारण 6-7 स्थानों पर सड़क सहित दीवारें क्षतिग्रस्त एवं ध्वस्त हो चुकी हैं। सड़क पर सैकड़ों बड़े -बड़े गढ्ढे हो चुके हैं। गर्भवती महिलाओं बीमार लोगों को सड़क मार्ग से ले जाना खतरे से खाली नहीं है। यहां कभी भी कोई अप्रिय घटना घट सकती है। बटगल से सेलीपाख मोटर मार्ग के अन्तर्गत तीन ग्राम पंचायतें आती हैं। जिसमें लगभग तीन हजार लोग निवास करते हैं। क्षेत्र के समस्त निर्माण कार्य प्रभावित हो चुके हैं। विगत तीन वर्षों से लगातार क्षेत्र के जन प्रतिनिधियों एवं सामाजिकार्यकर्ताओं के द्वारा संबंधित उच्चाधिकारियों को लिखित , मौखिक, दूरसंचार के माध्यम से अवगत कराया गया है। लेकिन तीन वर्ष बीत जाने के बाद भी मोटर मार्ग जस का तस बना हुआ है। तीन महीने बाद फिर बरसात का मौसम आने वाला है। समय रहते बटगल से सेलीपाख मोटर मार्ग क का पुृन: निर्माण (मरम्मत) का कार्य अतिशीघ्र सुचारू रूप से संचालित नहीं होता है तो अवश्य कोई अनहोनी हो सकती है।
बटगल से सेलीपाख मोटर मार्ग के संबंध में उपजिलाधिकारी को दिया ज्ञापन। बेरीनाग। बटगल से सेलीपाख मोटर मार्ग के संबंध में उपजिलाधिकारी को ग्राम पंचायत सेलीपाख ,बोराआगर, बटगल के क्षेत्र वासियों के ने ज्ञापन सौपा। ज्ञापन मे कहा गया है कि बटगल से सेलीपाख मोटर मार्ग विगत तीन वर्षों से लगातार दैवी आपदा के कारण क्षतिग्रस्त एवं ध्वस्त होते जा रहा है। जिसमें 7-8 कलमट जिसमें से अधिकतर ध्वस्त हो चुके हैं और कुछ ध्वस्त की कगार में पहुच चुके हैं। गाड़ियां नालों गधेरों पर से चलायी जा रही हैं। भू-स्खलन के कारण 6-7 स्थानों पर सड़क सहित दीवारें क्षतिग्रस्त एवं ध्वस्त हो चुकी हैं। सड़क पर सैकड़ों बड़े -बड़े गढ्ढे हो चुके हैं। गर्भवती महिलाओं बीमार लोगों को सड़क मार्ग से ले जाना खतरे से खाली नहीं है। यहां कभी भी कोई अप्रिय घटना घट सकती है। बटगल से सेलीपाख मोटर मार्ग के अन्तर्गत तीन ग्राम पंचायतें आती हैं। जिसमें लगभग तीन हजार लोग निवास करते हैं। क्षेत्र के समस्त निर्माण कार्य प्रभावित हो चुके हैं। विगत तीन वर्षों से लगातार क्षेत्र के जन प्रतिनिधियों एवं सामाजिकार्यकर्ताओं के द्वारा संबंधित उच्चाधिकारियों को लिखित , मौखिक, दूरसंचार के माध्यम से अवगत कराया गया है। लेकिन तीन वर्ष बीत जाने के बाद भी मोटर मार्ग जस का तस बना हुआ है। तीन महीने बाद फिर बरसात का मौसम आने वाला है। समय रहते बटगल से सेलीपाख मोटर मार्ग क का पुृन: निर्माण (मरम्मत) का कार्य अतिशीघ्र सुचारू रूप से संचालित नहीं होता है तो अवश्य कोई अनहोनी हो सकती है।
- स्वतंत्र पत्रकार सुरेश पांडे की कार में पत्थर मार कर तोड़ा शीशा1
- Post by John William1
- बागेश्वर में पिछले कई दिनों से जंगलों में लगी आग ने विकराल रूप ले लिया है। बागेश्वर से कांडा जाने वाले नेशनल हाईवे पर करीब 20 किलोमीटर तक जंगल जलकर राख हो चुका है। हालात तब और गंभीर हो गए जब चीड़ का एक विशालकाय पेड़ जलकर सड़क पर गिर गया, जो पिछले चार दिनों से रास्ता रोके पड़ा है। वाहन चालकों को भारी जोखिम उठाकर आवाजाही करनी पड़ रही है। हैरानी की बात ये है कि आपदा प्रभावित जिले में जिम्मेदार अधिकारी अब तक खामोश हैं। स्थानीय लोग प्रशासन की निष्क्रियता पर सवाल उठा रहे हैं।1
- भीमताल:बस की टक्कर से 5 साल की मासूम की मौत, गुस्साए लोगों का हंगामा1
- विडियो देखें- बिहार सोशल मीडिया पर एक चौंकाने वाला वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें एक मां और बेटी से जुड़ा गंभीर मामला सामने आया है। वीडियो में कथित तौर पर घरेलू विवाद के चलते मां द्वारा अपनी बेटी के साथ मारपीट की बात सामने आ रही है। दावा किया जा रहा है कि ससुराल से जुड़े एक मुद्दे को लेकर विवाद इतना बढ़ गया कि मामला हिंसा तक पहुंच गया।इस वीडियो ने इंटरनेट पर बहस छेड़ दी है। कुछ लोग इसे पारिवारिक अनुशासन का मामला बता रहे हैं, जबकि बड़ी संख्या में यूजर्स इसे घरेलू हिंसा मानते हुए कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। फिलहाल इस वीडियो की सत्यता और पूरी सच्चाई की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।1
- Post by Mr Salim1
- Post by अशोक सरकार1
- तहसील दिवस में अधिकारियों से जवाब तलब, कई विभागों से मांगा गया स्पष्टीकरण मेरा हक न्यूज़ में आपका स्वागत है आज की अहम खबर बागेश्वर जिले के गरुड़ ब्लॉक से है आपको बता दें कि 21 अप्रैल को तहसील परिसर में आयोजित तहसील दिवस में प्रशासनिक सक्रियता साफ देखने को मिली, जहां उपजिलाधिकारी वैभव कांडपाल, तहसीलदार निशा रानी और नायब तहसीलदार भोपाल गिरी की मौजूदगी में जन समस्याओं की सुनवाई की गई इस दौरान अधिकारियों ने पूर्व में प्राप्त शिकायतों और पत्रों की भी समीक्षा की और संबंधित विभागों से उनकी आख्या मांगी गई, साथ ही यह भी सुनिश्चित किया गया कि लंबित मामलों में तेजी लाई जाए तहसील दिवस में कुछ विभागों की अनुपस्थिति को गंभीरता से लेते हुए पेयजल निगम, कृषि विभाग और अग्नि विभाग से स्पष्टीकरण मांगा गया, जिससे यह स्पष्ट हो सके कि वे निर्धारित कार्यक्रम में क्यों उपस्थित नहीं हुए कार्यक्रम के दौरान शिकायतकर्ता एडवोकेट गिरीश कोरंगा ने स्वास्थ्य विभाग में फार्मासिस्टों की नियुक्ति को लेकर सवाल उठाया, जिस पर चिकित्सा अधिकारी सपना राजपूत ने जानकारी दी कि नियुक्ति प्रक्रिया शासन स्तर से संचालित हो रही है और इसमें आवश्यक कार्रवाई जारी है इसके साथ ही बैठक में 10 अप्रैल से 25 अप्रैल तक चलने वाली स्वगणना प्रक्रिया के बारे में भी विस्तार से जानकारी दी गई और लोगों से इसमें सक्रिय भागीदारी की अपील की गई तहसील दिवस में विभिन्न विभागों के माध्यम से आई समस्याओं को गंभीरता से सुना गया और कई मामलों में मौके पर ही समाधान की दिशा में कदम उठाए गए प्रशासन ने साफ संदेश दिया कि जनता की समस्याओं को प्राथमिकता के आधार पर निस्तारित किया जाएगा और लापरवाही बरतने वाले विभागों पर जवाबदेही तय की जाएगी #TehsilDiwas #BageshwarNews #PublicIssues #UttarakhandNews #MeraHaqNews #GoodGovernance1