प• चंपारण जिले के बेतिया मे ई-शिक्षा कोष ऐप पर बड़ा एक्शन, 73 शिक्षक लगातार अनुपस्थित; डीईओ ने 24 घंटे में मांगी रिपोर्ट । प• चंपारण जिले के बेतिया मे ई-शिक्षा कोष ऐप पर बड़ा एक्शन, 73 शिक्षक लगातार अनुपस्थित; डीईओ ने 24 घंटे में मांगी रिपोर्ट । -------प•चम्पारण के मझौलिया प्रखंड में ई-शिक्षा कोष ऐप पर शिक्षकों की ऑनलाइन उपस्थिति की समीक्षा के दौरान 73 शिक्षक लगातार अनुपस्थित पाए गए हैं। मामले को गंभीर मानते हुए शिक्षा विभाग ने कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी है। जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (स्थापना) अखिल वैभव ने प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी, मझौलिया को 24 घंटे के भीतर सत्यापन प्रतिवेदन उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है। जारी पत्र के अनुसार, संबंधित विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों से निर्धारित प्रपत्र में शिक्षकों की उपस्थिति का सत्यापन कर रिपोर्ट जिला शिक्षा कार्यालय भेजने को कहा गया है। रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद संबंधित शिक्षकों के विरुद्ध विभागीय नियमों के तहत कार्रवाई की जाएगी। इस संबंध मे जिला शिक्षा पदाधिकारी राजन कुमार ने कहा कि ई-शिक्षा कोष ऐप के माध्यम से ऑनलाइन उपस्थिति व्यवस्था को पूरी गंभीरता से लागू किया जा रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि शिक्षकों की लगातार अनुपस्थिति या किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी शिक्षकों को निर्धारित नियमों के अनुसार नियमित रूप से अपनी उपस्थिति दर्ज करनी होगी। उन्होंने कहा कि शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता, अनुशासन और जवाबदेही बनाए रखना विभाग की सर्वोच्च प्राथमिकता है। सत्यापन रिपोर्ट के आधार पर दोषी पाए जाने वाले शिक्षकों के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
प• चंपारण जिले के बेतिया मे ई-शिक्षा कोष ऐप पर बड़ा एक्शन, 73 शिक्षक लगातार अनुपस्थित; डीईओ ने 24 घंटे में मांगी रिपोर्ट । प• चंपारण जिले के बेतिया मे ई-शिक्षा कोष ऐप पर बड़ा एक्शन, 73 शिक्षक लगातार अनुपस्थित; डीईओ ने 24 घंटे में मांगी रिपोर्ट । -------प•चम्पारण के मझौलिया प्रखंड में ई-शिक्षा कोष ऐप पर शिक्षकों की ऑनलाइन उपस्थिति की समीक्षा के दौरान 73 शिक्षक लगातार अनुपस्थित पाए गए हैं। मामले को गंभीर मानते हुए शिक्षा विभाग ने कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी है। जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (स्थापना) अखिल वैभव ने प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी, मझौलिया को 24 घंटे के भीतर सत्यापन प्रतिवेदन उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है। जारी पत्र के अनुसार, संबंधित विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों से निर्धारित प्रपत्र में शिक्षकों की उपस्थिति का सत्यापन कर रिपोर्ट जिला शिक्षा कार्यालय भेजने को कहा गया है। रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद संबंधित शिक्षकों के विरुद्ध विभागीय नियमों के तहत कार्रवाई की जाएगी। इस संबंध मे जिला शिक्षा पदाधिकारी राजन कुमार ने कहा कि ई-शिक्षा कोष ऐप के माध्यम से ऑनलाइन उपस्थिति व्यवस्था को पूरी गंभीरता से लागू किया जा रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि शिक्षकों की लगातार अनुपस्थिति या किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी शिक्षकों को निर्धारित नियमों के अनुसार नियमित रूप से अपनी उपस्थिति दर्ज करनी होगी। उन्होंने कहा कि शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता, अनुशासन और जवाबदेही बनाए रखना विभाग की सर्वोच्च प्राथमिकता है। सत्यापन रिपोर्ट के आधार पर दोषी पाए जाने वाले शिक्षकों के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
- *प• चंपारण जिले के बेतिया मे ई-शिक्षा कोष ऐप पर बड़ा एक्शन, 73 शिक्षक लगातार अनुपस्थित; डीईओ ने 24 घंटे में मांगी रिपोर्ट * अपने क्षेत्र की सभी खबरें देखने और खबरें शेयर करके कमाई करने के लिए शुरू ऐप (Shuru App) डाउनलोड करें1
- लाल बाजार श्री हनुमान जी मंदिर परिसर में बंदरों का सुन्दर नजारा देखने को मिला। 6 August. बंदरों का समूह आज सुबह हनुमानजी मंदिर परिसर में आकर बड़ा ही स्वादिष्ट फल और मिठाई खाए और चले गए। 06.08.2026.1
- बिहार सरकार के निर्देश पर मझौलिया प्रखंड के चार पंचायतों में हुआ सहयोग शिविर का आयोजित ।। बिहार सरकार के निर्देश पर "विकसित भारत-समृद्ध बिहार" अभियान के अंतर्गत मझौलिया प्रखंड की लालसरैया, राजाभार, करमवा एवं अमवा मझार पंचायत में बुधवार को सहयोग शिविर का आयोजन किया गया। शिविर का उद्देश्य ग्रामीणों को पंचायत स्तर पर ही विभिन्न सरकारी सेवाओं का लाभ उपलब्ध कराना तथा ऑनलाइन आवेदन की सुविधा प्रदान करना था। लालसरैया पंचायत में आयोजित मुख्य कार्यक्रम में पंचायत की मुखिया सजरा खातून, राजाभार मुखिया शारदा देवी,करामावा मुखिया अरुणा देवी ने प्रखंड विकास पदाधिकारी डॉ. राजीव रंजन कुमार ,अंचलाधिकारी डॉली कुमारी प्रखंड प्रमुख प्रतिनिधि मंटू कुशवाहा,उप प्रमुख नरेश यादव,को शॉल ओढ़ाकर एवं पौधा भेंट कर सम्मानित किया। इसके बाद दीप प्रज्ज्वलित कर सहयोग शिविर का विधिवत उद्घाटन किया गया । अपने संबोधन में प्रखंड विकास पदाधिकारी डॉ. राजीव रंजन कुमार ने कहा कि प्राप्त आवेदन के 92 प्रतिशत का निष्पादन किया गया तथा बाकी को 30 दिनों के अंदर में निष्पादित कर दी जाएगी कई लोगों को प्रमाण पत्र दिया गया उन्होंने कहा कि अब आम लोगों को छोटी-छोटी सरकारी सेवाओं के लिए प्रखंड कार्यालय का चक्कर नहीं लगाना पड़ेगा। पंचायत सरकार भवन से ही जाति, निवास, आय, जन्म एवं मृत्यु प्रमाण पत्र सहित अन्य आवश्यक सेवाओं के लिए ऑनलाइन आवेदन की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। इससे लोगों का समय और खर्च दोनों की बचत होगी तथा सरकारी योजनाओं का लाभ अधिक पारदर्शी तरीके से मिलेगा। इसी क्रम में राजाभार, करमवा तथा अमवा मझार पंचायत में भी सहयोग शिविर आयोजित किए गए। शिविरों का निरीक्षण प्रखंड विकास पदाधिकारी डॉ. राजीव रंजन कुमार, अंचलाधिकारी डॉली कुमारी, प्रमुख प्रतिनिधि मंटू कुशवाहा एवं उप प्रमुख नरेश यादव ने किया। अधिकारियों ने संबंधित कर्मियों को आम लोगों की समस्याओं का त्वरित समाधान करने तथा सरकारी योजनाओं की जानकारी देने का निर्देश दिया।4
- शिक्षक हितों की बुलंद आवाज़: बगहा में डॉ. राहुल राज के समर्थन में उमड़ा शिक्षकों का भरोसा, हर अधिकार की लड़ाई का लिया संकल्प पश्चिम चंपारण जिले में सारण शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के लोकप्रिय शिक्षाविद्, भाजपा प्रदेश कार्यसमिति सदस्य एवं शिक्षक हितों के मुखर पैरोकार डॉ. राहुल राज ने बगहा अनुमंडल के विभिन्न विद्यालयों का दौरा कर शिक्षकों से सीधा संवाद स्थापित किया। इस दौरान उन्होंने शिक्षकों की समस्याओं को गंभीरता से सुना और भरोसा दिलाया कि शिक्षक समाज के सम्मान, अधिकार और न्यायपूर्ण मांगों की लड़ाई वे पूरी मजबूती से लड़ते रहेंगे। शिक्षकों को संबोधित करते हुए डॉ. राहुल राज ने कहा कि शिक्षा व्यवस्था की असली ताकत शिक्षक हैं। यदि शिक्षक सम्मानित और सुरक्षित होंगे, तभी गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का लक्ष्य हासिल किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि स्थानीय निकाय के शिक्षकों को राज्यकर्मी का दर्जा मिलने के बाद अब सरकार की जिम्मेदारी है कि उन्हें पुराना पूर्ण वेतनमान, वित्तीय उन्नयन, समयबद्ध प्रोन्नति, अर्जित इंडेक्स के आधार पर वेतन निर्धारण, विशेष वार्षिक वेतन वृद्धि, पुरानी पेंशन योजना सहित सभी सेवांत लाभ उपलब्ध कराए जाएं। उन्होंने विद्यालय से लेकर महाविद्यालय तक सभी शिक्षकों की सेवानिवृत्ति आयु 65 वर्ष किए जाने की आवश्यकता पर जोर देते हुए कहा कि इस मांग को लेकर वे लगातार आवाज़ उठाते रहेंगे। साथ ही वित्तरहित शिक्षण संस्थानों के शिक्षकों को अनुदान के स्थान पर नियमित वेतनमान, मदरसा एवं संस्कृत विद्यालयों की समस्याओं का स्थायी समाधान तथा सरकारी विद्यालयों में संचालित व्यावसायिक पाठ्यक्रमों को मान्यता प्राप्त आईटीआई संस्थानों से जोड़ने की दिशा में भी संघर्ष जारी रखने का संकल्प दोहराया। डॉ. राहुल राज ने कहा कि महाविद्यालयों से जुड़े शिक्षकों की सेवा संबंधी समस्याओं के समाधान के लिए भी प्रभावी पहल की जाएगी, ताकि उच्च शिक्षा से जुड़े शिक्षकों को समान सम्मान, अधिकार और सुविधाएं मिल सकें। उन्होंने स्पष्ट कहा कि शिक्षक समाज की आवाज़ को सरकार और नीति-निर्माताओं तक प्रभावी ढंग से पहुंचाना उनकी प्राथमिक जिम्मेदारी है और किसी भी शिक्षक को उसके अधिकारों से वंचित नहीं होने दिया जाएगा। संवाद कार्यक्रम के दौरान नवोदय विद्यालय, केंद्रीय विद्यालय, सरकारी एवं सहायता प्राप्त विद्यालयों के शिक्षकों ने भी अपनी समस्याओं और सुझावों को विस्तार से रखा। शिक्षकों ने डॉ. राहुल राज के समक्ष विभिन्न सेवा संबंधी मुद्दों को उठाया, जिस पर उन्होंने सकारात्मक पहल का आश्वासन दिया। कार्यक्रम में प्रमंडलीय अध्यक्ष श्यामा प्रसाद राव ने डॉ. राहुल राज की शिक्षक हितों के प्रति प्रतिबद्धता और निरंतर सक्रिय भूमिका की सराहना करते हुए कहा कि शिक्षक समाज को ऐसे नेतृत्व की आवश्यकता है, जो केवल चुनावी समय में नहीं बल्कि हर परिस्थिति में शिक्षकों के साथ मजबूती से खड़ा रहे। उपस्थित शिक्षकों ने भी डॉ. राहुल राज के प्रति प्रबल विश्वास व्यक्त करते हुए कहा कि वे शिक्षक सम्मान, अधिकारों की रक्षा और शिक्षा व्यवस्था के सशक्तिकरण की दिशा में निर्णायक भूमिका निभाने में सक्षम हैं। इस अवसर पर प्रमंडलीय अध्यक्ष श्यामा प्रसाद राव, शिक्षक नेता उमेश राम, जाकिर हुसैन, रामाशंकर चौधरी, रूपेश कुमार, सौरभ कुमार सहित बड़ी संख्या में शिक्षक उपस्थित रहे।1
- प• चंपारण जिले के बेतिया मे ई-शिक्षा कोष ऐप पर बड़ा एक्शन, 73 शिक्षक लगातार अनुपस्थित; डीईओ ने 24 घंटे में मांगी रिपोर्ट । प• चंपारण जिले के बेतिया मे ई-शिक्षा कोष ऐप पर बड़ा एक्शन, 73 शिक्षक लगातार अनुपस्थित; डीईओ ने 24 घंटे में मांगी रिपोर्ट । -------प•चम्पारण के मझौलिया प्रखंड में ई-शिक्षा कोष ऐप पर शिक्षकों की ऑनलाइन उपस्थिति की समीक्षा के दौरान 73 शिक्षक लगातार अनुपस्थित पाए गए हैं। मामले को गंभीर मानते हुए शिक्षा विभाग ने कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी है। जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (स्थापना) अखिल वैभव ने प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी, मझौलिया को 24 घंटे के भीतर सत्यापन प्रतिवेदन उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है। जारी पत्र के अनुसार, संबंधित विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों से निर्धारित प्रपत्र में शिक्षकों की उपस्थिति का सत्यापन कर रिपोर्ट जिला शिक्षा कार्यालय भेजने को कहा गया है। रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद संबंधित शिक्षकों के विरुद्ध विभागीय नियमों के तहत कार्रवाई की जाएगी। इस संबंध मे जिला शिक्षा पदाधिकारी राजन कुमार ने कहा कि ई-शिक्षा कोष ऐप के माध्यम से ऑनलाइन उपस्थिति व्यवस्था को पूरी गंभीरता से लागू किया जा रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि शिक्षकों की लगातार अनुपस्थिति या किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी शिक्षकों को निर्धारित नियमों के अनुसार नियमित रूप से अपनी उपस्थिति दर्ज करनी होगी। उन्होंने कहा कि शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता, अनुशासन और जवाबदेही बनाए रखना विभाग की सर्वोच्च प्राथमिकता है। सत्यापन रिपोर्ट के आधार पर दोषी पाए जाने वाले शिक्षकों के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।1
- सिलेक्ट अजीत अगरकर और कुछ गौतम गंभीर की कुर्सी खतरे में नजर आ रही है1