भारतीय सेना के प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी आर्मी चीफ के पद से सेवानिवृत्त हो गए हैं। उनकी विदाई के अवसर पर साउथ ब्लॉक लॉन में उन्हें औपचारिक 'गार्ड ऑफ ऑनर' प्रदान किया गया। इससे पहले, जनरल द्विवेदी ने नेशनल वॉर मेमोरियल पर पुष्पांजलि अर्पित कर वीर शहीदों को श्रद्धांजलि दी। उन्होंने अपना पदभार सौंपा और सेवा से रिटायर हो गए। अपनी सेवानिवृत्ति पर जनरल द्विवेदी ने एक भावुक संदेश साझा किया, जिसमें उन्होंने कहा कि सैनिक स्कूल से शुरू हुआ उनका चार दशकों से अधिक का सफर यादगार रहा। उन्होंने भारतीय सेना में सेवा देने को अपने जीवन का सबसे बड़ा सौभाग्य बताया। जनरल द्विवेदी ने स्पष्ट किया कि सेना की असली ताकत किसी एक व्यक्ति में नहीं, बल्कि सैनिकों, कमांडरों, पूर्व सैनिकों, उनके परिवारों और देश के नागरिकों के अटूट भरोसे में निहित है। उन्होंने देश के लिए सर्वोच्च बलिदान देने वाले वीर शहीदों को नमन करते हुए अपनी कृतज्ञता व्यक्त की।
भारतीय सेना के प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी आर्मी चीफ के पद से सेवानिवृत्त हो गए हैं। उनकी विदाई के अवसर पर साउथ ब्लॉक लॉन में उन्हें औपचारिक 'गार्ड ऑफ ऑनर' प्रदान किया गया। इससे पहले, जनरल द्विवेदी ने नेशनल वॉर मेमोरियल पर पुष्पांजलि अर्पित कर वीर शहीदों को श्रद्धांजलि दी। उन्होंने अपना पदभार सौंपा और सेवा से रिटायर हो गए। अपनी सेवानिवृत्ति पर जनरल द्विवेदी ने एक भावुक संदेश साझा किया, जिसमें उन्होंने कहा कि सैनिक स्कूल से शुरू हुआ उनका चार दशकों से अधिक का सफर यादगार रहा। उन्होंने भारतीय सेना में सेवा देने को अपने जीवन का सबसे बड़ा सौभाग्य बताया। जनरल द्विवेदी ने स्पष्ट किया कि सेना की असली ताकत किसी एक व्यक्ति में नहीं, बल्कि सैनिकों, कमांडरों, पूर्व सैनिकों, उनके परिवारों और देश के नागरिकों के अटूट भरोसे में निहित है। उन्होंने देश के लिए सर्वोच्च बलिदान देने वाले वीर शहीदों को नमन करते हुए अपनी कृतज्ञता व्यक्त की।
- मध्य प्रदेश के सीधी में स्थित एसडीएम कार्यालय में एक वकील अपनी बुलेट मोटरसाइकिल लेकर भीतर घुस गए। इस घटना के संबंध में अधिवक्ता बृजेंद्र सिंह का बयान सामने आया है।1
- चित्रकूट जनपद के मऊ थाना क्षेत्र में पुलिस ने सार्वजनिक स्थान पर लाइसेंसी राइफल लहराते हुए घूम रहे दो युवकों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके पास से एक लाइसेंसी .315 बोर की राइफल, पाँच जिंदा कारतूस और एक बिना नंबर की हीरो स्प्लेंडर प्लस मोटरसाइकिल बरामद की है। गिरफ्तार किए गए अभियुक्तों की पहचान टिकरा सिरावल, थाना राजापुर, जनपद चित्रकूट निवासी सुल्तान पुत्र बच्चा लाल और हरिश्चन्द्र पुत्र चुन्ना के रूप में हुई है। उन्हें ग्राम अहिरी रोड पर मोटरसाइकिल से राइफल लहराते हुए लालता रोड की ओर जाते समय घेराबंदी कर पकड़ा गया। पुलिस अधीक्षक अरुण कुमार सिंह के निर्देशन में अपराध और अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत, प्रभारी निरीक्षक मऊ श्रीप्रकाश यादव के मार्गदर्शन में उपनिरीक्षक अभिषेक कुमार वर्मा अपनी टीम के साथ गश्त कर रहे थे, तभी यह कार्रवाई हुई। पूछताछ में युवकों ने बताया कि बरामद लाइसेंसी राइफल ग्राम मवई, थाना मऊ निवासी एक व्यक्ति (ठाकुर साहब) की है। इस मामले में मऊ थाने में मु.अ.सं. 230/2026 के तहत आयुध अधिनियम की धारा 30 के अंतर्गत दोनों अभियुक्तों और लाइसेंसी राइफल धारक के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। वहीं, बिना नंबर की मोटरसाइकिल को मोटर वाहन अधिनियम की धारा 207 के तहत सीज कर दिया गया है। गिरफ्तारी करने वाली पुलिस टीम में उपनिरीक्षक अभिषेक कुमार वर्मा, उपनिरीक्षक अनिल कुमार, आरक्षी हिमांशू और चालक मुख्य आरक्षी बृजेश यादव शामिल थे।1
- मैहर जनपद पंचायत क्षेत्र के ग्राम कंचनपुर अंतर्गत जल्हा गांव में सीसी सड़क निर्माण का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहाँ सड़क के बीचोंबीच एक उच्च वोल्टेज बिजली का खंभा खड़ा है। अधिकारियों ने इसे हटाने की बजाय लगभग 100 मीटर लंबी और 2.92 लाख रुपये की लागत से बनी सड़क को उसी खंभे के चारों ओर बना दिया, जिससे यह खंभा अब सड़क का स्थायी 'स्मारक' बन गया है। इस अजीबोगरीब निर्माण को देखकर लोग और इंजीनियरिंग जगत भी हैरान है। यह सड़क प्राथमिक पाठशाला की बाउंड्रीवाल से लगी हुई है, जिससे बच्चों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। ग्रामीणों और वाहन चालकों को अब रोजाना इस 'इंजीनियरिंग अजूबे' का सामना करना पड़ेगा, और रात के समय किसी संभावित दुर्घटना की आशंका भी बढ़ गई है। जब इस निर्माण कार्य के संबंध में उपयंत्री योगेंद्र सिंह परमार से जानकारी मांगी गई, तो उनका जवाब और भी चौंकाने वाला था; उन्होंने कहा कि वे तो मौके पर देखने ही नहीं गए। इस बयान के बाद निर्माण की गुणवत्ता, सुरक्षा और तकनीकी मानकों के पालन पर बड़े सवाल खड़े हो गए हैं। लोग जानना चाहते हैं कि क्या खंभा हटाने का प्रस्ताव नहीं बना, संबंधित विभाग से समन्वय क्यों नहीं किया गया, और तकनीकी स्वीकृति देते समय यह खामी क्यों नहीं देखी गई। फिलहाल, सड़क के बीचोंबीच खड़ा यह खंभा विकास कार्यों की निगरानी व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है, और ग्रामीणों ने जिम्मेदार अधिकारियों से तत्काल मौके पर पहुंचकर जांच करने और इस दुर्घटना को न्योता देने वाली व्यवस्था को दुरुस्त कराने की मांग की है। यह निर्माण कार्य सड़क कम, और सरकारी लापरवाही का जीता-जागता प्रदर्शन अधिक नजर आ रहा है।1
- भ्रष्टाचार के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई में मेरठ में सब इंस्पेक्टर प्रकाश चंद को ₹20,000 की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया गया है। आरोप है कि उसने एक मुकदमे से नाम हटाने के एवज में ₹2 लाख की रिश्वत की मांग की थी। इस गिरफ्तारी के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है। सवाल यह उठाया गया है कि जब कानून के रखवाले ही न्याय का सौदा करने लगें, तो आम जनता आखिर किस पर भरोसा करे?1
- सतना जिले के रामपुर बाघेलन की ग्राम पंचायत केमार में आज शाम 5 बजे एक जन चौपाल का आयोजन किया गया, जहाँ पुलिस और जनप्रतिनिधियों ने ग्रामीणों से सीधा संवाद किया। इस चौपाल का मुख्य फोकस नशा, साइबर फ्रॉड और कानून-व्यवस्था से जुड़ी समस्याओं पर रहा। कार्यक्रम में बेला चौकी प्रभारी इंद्रवली सिंह ने साइबर अपराध से बचाव के तरीके विस्तार से बताए। उन्होंने ग्रामीणों को OTP, संदिग्ध लिंक और फर्जी कॉल से सावधान रहने, तथा किसी भी संदेहास्पद गतिविधि की तुरंत पुलिस को सूचना देने की सलाह दी। इस जन चौपाल में जनपद सदस्य प्रजेश द्विवेदी, भाजपा अनुसूचित जनजाति मोर्चा के जिला अध्यक्ष लक्ष्मण रावत, जनपद सदस्य बद्री दहिया, राजेश सिंह तिवारी, बेला सरपंच प्रतिनिधि महेंद्र सिंह, केमार सरपंच प्रतिनिधि बृजेश सेन और भाजपा मंडल मीडिया प्रभारी रामदत्त दाहिया सहित कई प्रमुख लोग उपस्थित रहे। जन चौपाल में भारी संख्या में उपस्थित ग्रामीणों ने नशा, अवैध शराब की बिक्री, सड़क-सुरक्षा और गाँव से संबंधित अन्य समस्याएँ सामने रखीं। पुलिस अधिकारियों ने ग्रामीणों को उनकी सभी समस्याओं का त्वरित निराकरण करने का आश्वासन दिया। ग्राम पंचायत केमार के ग्रामीणों ने पुलिस और प्रशासन द्वारा की गई इस पहल की सराहना की। इस जन चौपाल का मुख्य उद्देश्य आम जनता को जागरूक करना और पुलिस तथा जनता के बीच समन्वय को मजबूत करना था।1
- Post by Anil kumar Rawt4
- सोशल मीडिया पर एक पोस्ट ने मनुष्य की क्रूरता पर गहरा सवाल उठाया है, जिसमें पूछा गया है कि कोई व्यक्ति इतना बेरहम कैसे हो सकता है। पोस्ट में इस तरह के कृत्यों को 'बहादुरी' कहने पर भी प्रश्नचिह्न लगाया गया है। उपयोगकर्ता ने अन्य लोगों से इन 'बहादुरों' के लिए कुछ 'मर्यादित शब्द' कहने का भी आग्रह किया है।1
- चित्रकूट में पुलिस अधीक्षक अरुण कुमार सिंह के निर्देशन में चलाए जा रहे अपराध नियंत्रण अभियान के तहत रैपुरा थाना पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने लालापुर पहाड़ के नीचे खड़े एक चालानशुदा ट्रक को चोरी कर ले जाने के मामले में कार्रवाई करते हुए आरोपी चालक को गिरफ्तार कर लिया है और चोरी किया गया ट्रक भी बरामद कर लिया है। यह कार्रवाई अपर पुलिस अधीक्षक पीयूषकांत राय और क्षेत्राधिकारी राजापुर यामीन अहमद के पर्यवेक्षण तथा थानाध्यक्ष रैपुरा के मार्गदर्शन में उपनिरीक्षक रामकुमार दुबे और उनकी टीम ने की। पुलिस ने आरोपी विनीत (45 वर्ष), पुत्र सूर्यबली, निवासी अमानपुर चकमाली, थाना कोतवाली कर्वी, जनपद चित्रकूट को गिरफ्तार किया। उसके कब्जे से चोरी किया गया ट्रक भी बरामद हुआ। पुलिस के अनुसार, मुख्य आरक्षी देवराज सिंह ने 28 जून 2026 को रैपुरा थाने में सूचना दी थी कि 25 जून 2026 को उपजिलाधिकारी चित्रकूट द्वारा अवैध खनिज परिवहन के मामले में ट्रक संख्या UP 70 GT 3186 और UP 96 T 7507 का चालान किया गया था। इनमें से एक ट्रक थाना परिसर में खड़ा किया गया था, जबकि दूसरा ट्रक लालापुर पहाड़ के नीचे खड़ा था। बाद में सुरक्षा के लिए भेजे गए पुलिसकर्मियों को मौके पर वह ट्रक नहीं मिला। स्थानीय लोगों से पूछताछ पर पता चला कि उपजिलाधिकारी के जाने के तुरंत बाद चालक ट्रक लेकर मौके से फरार हो गया था। इस मामले की गंभीरता को देखते हुए थाना रैपुरा में मु0अ0सं0 189/2026 के तहत धारा 303(2) बीएनएस में मुकदमा दर्ज किया गया था। जांच और तलाश के दौरान, उपनिरीक्षक रामकुमार दुबे व उनकी टीम ने आरोपी को भैरम बाबा मोड़ से लगभग 100 मीटर पहले चोरी किए गए ट्रक के साथ पकड़ लिया। ट्रक की बरामदगी के आधार पर मुकदमे में धारा 317(2) बीएनएस की भी बढ़ोतरी की गई है। इस गिरफ्तारी और बरामदगी वाली पुलिस टीम में उपनिरीक्षक रामकुमार दुबे के साथ आरक्षी सूरज कुमार निर्मल और आरक्षी आकाश यादव शामिल थे। पुलिस की इस कार्रवाई को अवैध खनिज परिवहन और वाहन चोरी पर प्रभावी अंकुश लगाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण सफलता माना जा रहा है।1
- राष्ट्रीय पत्रकार संघ भारत द्वारा सतना जिले के हिरौदी मझगवा में 19 जुलाई को एक ऐतिहासिक पत्रकार सम्मेलन का आयोजन किया जाएगा। इस सम्मेलन को संपादक और राष्ट्रीय अध्यक्ष एडवोकेट जगदीश सिंह चंदेल संबोधित करेंगे।1