जहानाबाद: सतीश दास के विवादित बयान से मचा बवाल, भगवान हनुमान और पंडितों पर टिप्पणी का वीडियो वायरल। जहानाबाद की सियासत एक बार फिर गरमा गई है। एक ऐसा मंच, जो महापुरुष के सम्मान के लिए बना था, अब विवाद और आक्रोश का कारण बन गया है। दरअसल, काको प्रखंड के घटकन गांव में की प्रतिमा अनावरण कार्यक्रम के दौरान मखदुमपुर के पूर्व विधायक और राजद नेता ने अपने संबोधन में ऐसे बयान दे दिए, जिनसे इलाके की फिजाओं में कड़वाहट घुल गई है। मंच से बोलते हुए सतीश दास ने तर्क और विज्ञान का हवाला देते हुए सीधे ब्राह्मण समाज और से जुड़ी मान्यताओं पर सवाल खड़े किए। उन्होंने लोगों की सोच पर टिप्पणी करते हुए कहा कि समाज पढ़े-लिखे लोगों की बातों को नजरअंदाज करता है, लेकिन पंडितों की बातों पर आंख मूंदकर विश्वास कर लेता है। यही नहीं, उन्होंने पौराणिक कथाओं का जिक्र करते हुए विवादित और अमर्यादित शब्दों का इस्तेमाल किया, जिससे धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं। उनके इस बयान को लेकर अब तीखी प्रतिक्रिया सामने आ रही है। स्थानीय लोगों और सामाजिक संगठनों का कहना है कि बाबा साहेब के नाम पर समाज को बांटना और देवी-देवताओं का अपमान किसी भी हाल में स्वीकार नहीं किया जाएगा। सोशल मीडिया पर भी इस बयान का वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, और लोग लगातार कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। गौरतलब है कि सतीश दास इससे पहले भी अपने बयानों को लेकर विवादों में रह चुके हैं। जानकार मानते हैं कि उनकी यही शैली पहले भी राजनीतिक नुकसान का कारण बनी है। अब बड़ा सवाल ये है—क्या इस बार भी उनके बयान पर कोई ठोस कार्रवाई होगी? या फिर यह विवाद भी समय के साथ ठंडा पड़ जाएगा? फिलहाल, जहानाबाद में माहौल गरम है…और सबकी नजर प्रशासन की अगली कार्रवाई पर टिकी है।
जहानाबाद: सतीश दास के विवादित बयान से मचा बवाल, भगवान हनुमान और पंडितों पर टिप्पणी का वीडियो वायरल। जहानाबाद की सियासत एक बार फिर गरमा गई है। एक ऐसा मंच, जो महापुरुष के सम्मान के लिए बना था, अब विवाद और आक्रोश का कारण बन गया है। दरअसल, काको प्रखंड के घटकन गांव में की प्रतिमा अनावरण कार्यक्रम के दौरान मखदुमपुर के पूर्व विधायक और राजद नेता ने अपने संबोधन में ऐसे बयान दे दिए, जिनसे इलाके की फिजाओं में कड़वाहट घुल गई है। मंच से बोलते हुए सतीश दास ने तर्क और विज्ञान का हवाला देते हुए सीधे ब्राह्मण समाज और से जुड़ी मान्यताओं पर सवाल खड़े किए। उन्होंने लोगों की सोच पर टिप्पणी करते हुए कहा कि समाज पढ़े-लिखे लोगों की बातों को नजरअंदाज करता है, लेकिन पंडितों की बातों पर आंख मूंदकर विश्वास कर लेता है। यही नहीं, उन्होंने पौराणिक कथाओं का जिक्र करते हुए विवादित और अमर्यादित शब्दों का इस्तेमाल किया, जिससे धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं। उनके इस बयान को लेकर अब तीखी प्रतिक्रिया सामने आ रही है। स्थानीय लोगों और सामाजिक संगठनों का कहना है कि बाबा साहेब के नाम पर समाज को बांटना और देवी-देवताओं का अपमान किसी भी हाल में स्वीकार नहीं किया जाएगा। सोशल मीडिया पर भी इस बयान का वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, और लोग लगातार कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। गौरतलब है कि सतीश दास इससे पहले भी अपने बयानों को लेकर विवादों में रह चुके हैं। जानकार मानते हैं कि उनकी यही शैली पहले भी राजनीतिक नुकसान का कारण बनी है। अब बड़ा सवाल ये है—क्या इस बार भी उनके बयान पर कोई ठोस कार्रवाई होगी? या फिर यह विवाद भी समय के साथ ठंडा पड़ जाएगा? फिलहाल, जहानाबाद में माहौल गरम है…और सबकी नजर प्रशासन की अगली कार्रवाई पर टिकी है।
- chacha Ishwar garmi Hai to kiske hath se Tari kiski hat se piega Jehanabad1
- जहानाबाद की सियासत एक बार फिर गरमा गई है। एक ऐसा मंच, जो महापुरुष के सम्मान के लिए बना था, अब विवाद और आक्रोश का कारण बन गया है। दरअसल, काको प्रखंड के घटकन गांव में की प्रतिमा अनावरण कार्यक्रम के दौरान मखदुमपुर के पूर्व विधायक और राजद नेता ने अपने संबोधन में ऐसे बयान दे दिए, जिनसे इलाके की फिजाओं में कड़वाहट घुल गई है। मंच से बोलते हुए सतीश दास ने तर्क और विज्ञान का हवाला देते हुए सीधे ब्राह्मण समाज और से जुड़ी मान्यताओं पर सवाल खड़े किए। उन्होंने लोगों की सोच पर टिप्पणी करते हुए कहा कि समाज पढ़े-लिखे लोगों की बातों को नजरअंदाज करता है, लेकिन पंडितों की बातों पर आंख मूंदकर विश्वास कर लेता है। यही नहीं, उन्होंने पौराणिक कथाओं का जिक्र करते हुए विवादित और अमर्यादित शब्दों का इस्तेमाल किया, जिससे धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं। उनके इस बयान को लेकर अब तीखी प्रतिक्रिया सामने आ रही है। स्थानीय लोगों और सामाजिक संगठनों का कहना है कि बाबा साहेब के नाम पर समाज को बांटना और देवी-देवताओं का अपमान किसी भी हाल में स्वीकार नहीं किया जाएगा। सोशल मीडिया पर भी इस बयान का वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, और लोग लगातार कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। गौरतलब है कि सतीश दास इससे पहले भी अपने बयानों को लेकर विवादों में रह चुके हैं। जानकार मानते हैं कि उनकी यही शैली पहले भी राजनीतिक नुकसान का कारण बनी है। अब बड़ा सवाल ये है—क्या इस बार भी उनके बयान पर कोई ठोस कार्रवाई होगी? या फिर यह विवाद भी समय के साथ ठंडा पड़ जाएगा? फिलहाल, जहानाबाद में माहौल गरम है…और सबकी नजर प्रशासन की अगली कार्रवाई पर टिकी है।1
- Post by शांति ग्रामीण विकास ट्रस्ट समिति1
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- Post by Garibnath Sahani1
- 19 तारीख अरवल जिला के कलेर प्रखंड अंतर्गत डॉक्टर भीमराव अंबेडकर जी के मूर्ति आवरण में पहुंचे प्रोफेसर लक्ष्मण यादव! लक्ष्मण यादव ने पूरे भारत देश के सभी नागरिकों को उन्होंने एक संदेश दिया की अंबेडकर जी अगर ना होते इतना हमें पढ़ने की आजादी मिलती ना हमें खटिया पर बैठने की आजादी मिलती ना अच्छे-अच्छे कपड़े पहनने की आजादी मिलती ना कहीं भी जाने की आजादी मिलती क्योंकि इस तरीका से देश के अंदर सामंतवादी लोग कब्जा में कर रखा था इसलिए उन्होंने यह भी कहा कि अगर अंबेडकर जी ना होते तो यह सब से मुक्ति नहीं मिलता! इसलिए बाबा भीमराव अंबेडकर जी के तीन बातें याद रखो शिक्षित बनो, संगठित हो,संघर्ष करो1
- पटना (बिहटा): प्रखंड क्षेत्र में सोमवार को आयोजित पैक्स (प्राथमिक कृषि साख समिति) चुनाव शांतिपूर्ण माहौल में सफलतापूर्वक संपन्न हो गया। पूरे दिन चले मतदान के दौरान कहीं से किसी प्रकार की अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली, जिससे प्रशासन ने राहत की सांस ली है। चुनाव के दौरान मतदाताओं में खासा उत्साह देखने को मिला। सुबह से ही लोग मतदान केंद्रों पर पहुंचने लगे थे और निर्धारित समय तक शांतिपूर्वक अपने मताधिकार का प्रयोग किया। कई केंद्रों पर मतदाताओं की लंबी कतारें भी देखी गईं। प्रखंड के अंतर्गत 7 स्थानों पर बनाए गए 20 मतदान केंद्रों पर वोटिंग कराई गई। अमहरा, राघोपुर, बिहटा, मुसेपुर, बेंदौल, सदिसोपुर और परेव पंचायतों में मतदान प्रक्रिया पूरी तरह व्यवस्थित ढंग से संपन्न हुई। चुनाव को निष्पक्ष और पारदर्शी बनाए रखने के लिए प्रशासन की ओर से व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की गई थी। हर बूथ पर पुलिस बल, दंडाधिकारी और प्रशासनिक अधिकारियों की तैनाती रही, जो पूरे समय स्थिति पर नजर बनाए हुए थे।1
- राजकृतियां मध्य विद्यालय पिंजोरा स्कूल से राशन चोरी की घटना सामने आया है जोकी गंज के पास लुक आया हुआ है वापस राशन चला गया स्कूल में1