logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

संयुक्त राष्ट्र (UN) जिनेवा के मंच पर भारत के आदिवासी समाज के अधिकारों और पहचान की गूंज सुनाई दी है। मूकनायक न्यूज़ के रामलाल यादव के अनुसार, बांसवाड़ा-डूंगरपुर के सांसद राजकुमार रोत ने अंतरराष्ट्रीय मंच से आदिवासियों के जल, जंगल, जमीन और पहचान की मांगों को पुरजोर तरीके से उठाया। सांसद ने संयुक्त राष्ट्र से मांग की है कि दुनिया भर के आदिवासी प्रतिनिधियों की प्रभावी भागीदारी सुनिश्चित की जाए, उनकी समस्याओं को गंभीरता से सुना जाए और संबंधित सरकारों के साथ सार्थक संवाद स्थापित कर उनका समाधान निकाला जाए। सांसद राजकुमार रोत ने विशेष रूप से भारत सरकार से आईएलओ कन्वेंशन संख्या 169 (ILO Convention No. 169) पर हस्ताक्षर करने का आग्रह किया है। उनका मानना है कि इससे आदिवासियों के जल, जंगल, जमीन, प्राकृतिक संसाधनों और पारंपरिक अधिकारों को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मजबूत संरक्षण मिलेगा। इसके अलावा, उन्होंने आदिवासी समाज की पुरखाई धार्मिक परंपरा को संवैधानिक मान्यता देने की मांग भी प्रमुखता से उठाई, जिससे उनकी सांस्कृतिक व धार्मिक पहचान सुरक्षित रह सके। उन्होंने जोर देकर कहा कि यह लड़ाई केवल एक समुदाय की नहीं, बल्कि दुनिया के तमाम मूल निवासियों के अस्तित्व और सम्मान की है। जिनेवा से उठी यह आवाज अब देश में एक बड़ी बहस का रूप ले चुकी है। अब सबसे बड़े सवाल यह उठ रहे हैं कि क्या भारत सरकार आईएलओ कन्वेंशन 169 पर हस्ताक्षर करेगी और क्या आदिवासियों की पारंपरिक धार्मिक पहचान को संवैधानिक मान्यता मिल पाएगी।

1 hr ago
user_Chief editor Rajasthan
Chief editor Rajasthan
Media company बांसवाड़ा, बांसवाड़ा, राजस्थान•
1 hr ago

संयुक्त राष्ट्र (UN) जिनेवा के मंच पर भारत के आदिवासी समाज के अधिकारों और पहचान की गूंज सुनाई दी है। मूकनायक न्यूज़ के रामलाल यादव के अनुसार, बांसवाड़ा-डूंगरपुर के सांसद राजकुमार रोत ने अंतरराष्ट्रीय मंच से आदिवासियों के जल, जंगल, जमीन और पहचान की मांगों को पुरजोर तरीके से उठाया। सांसद ने संयुक्त राष्ट्र से मांग की है कि दुनिया भर के आदिवासी प्रतिनिधियों की प्रभावी भागीदारी सुनिश्चित की जाए, उनकी समस्याओं को गंभीरता से सुना जाए और संबंधित सरकारों के साथ सार्थक संवाद स्थापित कर उनका समाधान निकाला जाए। सांसद राजकुमार रोत ने विशेष रूप से भारत सरकार से आईएलओ कन्वेंशन संख्या 169 (ILO Convention No. 169) पर हस्ताक्षर करने का आग्रह किया है। उनका मानना है कि इससे आदिवासियों के जल, जंगल, जमीन, प्राकृतिक संसाधनों और पारंपरिक अधिकारों को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मजबूत संरक्षण मिलेगा। इसके अलावा, उन्होंने आदिवासी समाज की पुरखाई धार्मिक परंपरा को संवैधानिक मान्यता देने की मांग भी प्रमुखता से उठाई, जिससे उनकी सांस्कृतिक व धार्मिक पहचान सुरक्षित रह सके। उन्होंने जोर देकर कहा कि यह लड़ाई केवल एक समुदाय की नहीं, बल्कि दुनिया के तमाम मूल निवासियों के अस्तित्व और सम्मान की है। जिनेवा से उठी यह आवाज अब देश में एक बड़ी बहस का रूप ले चुकी है। अब सबसे बड़े सवाल यह उठ रहे हैं कि क्या भारत सरकार आईएलओ कन्वेंशन 169 पर हस्ताक्षर करेगी और क्या आदिवासियों की पारंपरिक धार्मिक पहचान को संवैधानिक मान्यता मिल पाएगी।

More news from राजस्थान and nearby areas
  • डूंगरपुर जिले के सीमलवाड़ा में प्रकृति का एक अद्भुत दृश्य देखने को मिला है। यहां बाढ़ के पानी में फंसे एक बाघ को हाथी ने सुरक्षित बचा लिया।
    1
    डूंगरपुर जिले के सीमलवाड़ा में प्रकृति का एक अद्भुत दृश्य देखने को मिला है। यहां बाढ़ के पानी में फंसे एक बाघ को हाथी ने सुरक्षित बचा लिया।
    user_मुकेश कुमार आर. पंड्या
    मुकेश कुमार आर. पंड्या
    Local News Reporter सीमलवाड़ा, डूंगरपुर, राजस्थान•
    22 hrs ago
  • मध्य प्रदेश के मंदसौर में गांधीसागर थाने की टीआई तरुणा भारद्वाज ने नशे के खिलाफ जागरूकता का बिगुल फूँकते हुए एक सशक्त संदेश दिया है। पुलिस प्रशासन द्वारा चलाए जा रहे 'नशे से दूरी, है जरूरी 2.0' अभियान के तहत, उन्होंने युवाओं से अपनी जीवनशैली को सुरक्षित और समृद्ध बनाने का आह्वान किया है। टीआई तरुणा भारद्वाज ने युवाओं को आगाह किया है कि आज की युवा पीढ़ी बेहद तेजी से नशे की खतरनाक गिरफ़्त में आ रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि नशे की शुरुआत अक्सर महज एक शौक के तौर पर होती है, जो धीरे-धीरे आदत में बदल जाती है और अंत में एक लाइलाज बीमारी के रूप में पूरे व्यक्ति को जकड़ लेती है। उन्होंने इस बात पर विशेष जोर दिया कि नशे का दुष्प्रभाव केवल नशेड़ी तक सीमित नहीं रहता, बल्कि यह उसके पूरे परिवार की सामाजिक, आर्थिक और मानसिक स्थिति को गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त कर देता है। टीआई ने आम नागरिकों से इस नशा मुक्त अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाने और एक स्वस्थ, सुरक्षित व समृद्ध समाज बनाने का संकल्प लेने की अपील की है ताकि भावी पीढ़ी को इस कुचक्र से बचाया जा सके।
    1
    मध्य प्रदेश के मंदसौर में गांधीसागर थाने की टीआई तरुणा भारद्वाज ने नशे के खिलाफ जागरूकता का बिगुल फूँकते हुए एक सशक्त संदेश दिया है। पुलिस प्रशासन द्वारा चलाए जा रहे 'नशे से दूरी, है जरूरी 2.0' अभियान के तहत, उन्होंने युवाओं से अपनी जीवनशैली को सुरक्षित और समृद्ध बनाने का आह्वान किया है।

टीआई तरुणा भारद्वाज ने युवाओं को आगाह किया है कि आज की युवा पीढ़ी बेहद तेजी से नशे की खतरनाक गिरफ़्त में आ रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि नशे की शुरुआत अक्सर महज एक शौक के तौर पर होती है, जो धीरे-धीरे आदत में बदल जाती है और अंत में एक लाइलाज बीमारी के रूप में पूरे व्यक्ति को जकड़ लेती है। उन्होंने इस बात पर विशेष जोर दिया कि नशे का दुष्प्रभाव केवल नशेड़ी तक सीमित नहीं रहता, बल्कि यह उसके पूरे परिवार की सामाजिक, आर्थिक और मानसिक स्थिति को गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त कर देता है। टीआई ने आम नागरिकों से इस नशा मुक्त अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाने और एक स्वस्थ, सुरक्षित व समृद्ध समाज बनाने का संकल्प लेने की अपील की है ताकि भावी पीढ़ी को इस कुचक्र से बचाया जा सके।
    user_Mangal Dev Rathore
    Mangal Dev Rathore
    मंदसौर नगर, मंदसौर, मध्य प्रदेश•
    18 hrs ago
  • राजस्थान की राजधानी जयपुर के चाकसू में हजारों महिलाओं की मेहनत की कमाई वापस दिलाने की मांग को लेकर पूर्व विधायक वेदप्रकाश सोलंकी अनिश्चितकालीन आमरण अनशन पर बैठ गए हैं। जयपुर के अंबेडकर सर्किल, चाकसू में चल रहे इस आंदोलन में बड़ी संख्या में पीड़ित परिवार और महिलाएं जुटी हुई हैं। आंदोलनकारियों का आरोप है कि लंबे समय से न्याय नहीं मिलने के कारण उन्हें सड़क पर उतरने के लिए मजबूर होना पड़ा है। प्रदर्शनकारियों के अनुसार, राजस्थानानी महिला सेवा सहकारी समिति में जमा उनकी जीवनभर की कमाई आज तक वापस नहीं मिली है। पूर्व विधायक वेदप्रकाश सोलंकी ने कहा कि जब तक सरकार पीड़ितों का पैसा लौटाने और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच के लिए ठोस कदम नहीं उठाती, तब तक उनका आमरण अनशन जारी रहेगा। इस मामले में कथित तौर पर 10 करोड़ रुपये के घोटाले का दावा किया जा रहा है, जिसकी अभी तक कोई स्वतंत्र और आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है और इस संबंध में सरकारी कार्रवाई का इंतजार किया जा रहा है। महिलाओं की जमा पूंजी और न्याय की मांग को लेकर शुरू हुआ यह आंदोलन अब सामाजिक और राजनीतिक मुद्दा बनता जा रहा है। अब सबसे बड़ा सवाल यही बना हुआ है कि क्या सरकार पीड़ित परिवारों को राहत दिला पाएगी और क्या इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाएगी।
    1
    राजस्थान की राजधानी जयपुर के चाकसू में हजारों महिलाओं की मेहनत की कमाई वापस दिलाने की मांग को लेकर पूर्व विधायक वेदप्रकाश सोलंकी अनिश्चितकालीन आमरण अनशन पर बैठ गए हैं। जयपुर के अंबेडकर सर्किल, चाकसू में चल रहे इस आंदोलन में बड़ी संख्या में पीड़ित परिवार और महिलाएं जुटी हुई हैं। आंदोलनकारियों का आरोप है कि लंबे समय से न्याय नहीं मिलने के कारण उन्हें सड़क पर उतरने के लिए मजबूर होना पड़ा है।

प्रदर्शनकारियों के अनुसार, राजस्थानानी महिला सेवा सहकारी समिति में जमा उनकी जीवनभर की कमाई आज तक वापस नहीं मिली है। पूर्व विधायक वेदप्रकाश सोलंकी ने कहा कि जब तक सरकार पीड़ितों का पैसा लौटाने और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच के लिए ठोस कदम नहीं उठाती, तब तक उनका आमरण अनशन जारी रहेगा। इस मामले में कथित तौर पर 10 करोड़ रुपये के घोटाले का दावा किया जा रहा है, जिसकी अभी तक कोई स्वतंत्र और आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है और इस संबंध में सरकारी कार्रवाई का इंतजार किया जा रहा है।

महिलाओं की जमा पूंजी और न्याय की मांग को लेकर शुरू हुआ यह आंदोलन अब सामाजिक और राजनीतिक मुद्दा बनता जा रहा है। अब सबसे बड़ा सवाल यही बना हुआ है कि क्या सरकार पीड़ित परिवारों को राहत दिला पाएगी और क्या इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाएगी।
    user_Chief editor Rajasthan
    Chief editor Rajasthan
    Media company बांसवाड़ा, बांसवाड़ा, राजस्थान•
    1 hr ago
  • डूंगरपुर जिले के राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय नवलश्याम में गणित विषय के लोकप्रिय शिक्षक सुरेश मोलात का अचानक 200 किलोमीटर दूर तबादला किए जाने से आक्रोशित ग्रामीणों, अभिभावकों और छात्र-छात्राओं ने स्कूल के मुख्य द्वार पर तालाबंदी कर दी। स्थानीय राजनीति और प्रशासनिक फेरबदल के कारण हुए इस तबादले के विरोध में प्रदर्शनकारियों ने जमकर नारेबाजी की और चक्काजाम भी किया। ग्रामीणों का आरोप है कि विद्यालय में पहले से ही शिक्षकों के पद खाली चल रहे हैं, और बिना किसी शिकायत के बेहतर कार्यशैली वाले बच्चों के चहेते शिक्षक को इतनी दूर भेजना प्रशासनिक दुर्भावना और गरीब बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ है। शिक्षक सुरेश मोलात अपनी विशिष्ट कार्यशैली के कारण क्षेत्र में बेहद लोकप्रिय हैं। पिछले कई वर्षों से उनके विषय गणित का परीक्षा परिणाम शत-प्रतिशत रहा है। वे न केवल पढ़ाई, बल्कि खेलकूद में भी बच्चों को आगे बढ़ाने के लिए प्रोत्साहित करते हैं और हर साल प्रथम, द्वितीय व तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले मेधावी छात्र-छात्राओं को अपने निजी खर्च से सम्मानित भी करते हैं। शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने भी यह माना है कि इस शिक्षक के खिलाफ कोई शिकायत नहीं थी। तालाबंदी और चक्काजाम की सूचना पर मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी (सीडीईओ) नवीन चंद्र मीणा और समसा के एडीपीसी रणछोड़ लाल डामोर तुरंत मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों से बातचीत कर छात्राओं से दुर्व्यवहार के आरोपी एक अन्य शिक्षक के खिलाफ निष्पक्ष जांच और कार्रवाई का आश्वासन दिया। साथ ही गणित शिक्षक के तबादले से पढ़ाई का नुकसान न हो, इसके लिए तुरंत वैकल्पिक शिक्षक की व्यवस्था करने का भरोसा दिया। इस ठोस आश्वासन के बाद आखिरकार ग्रामीणों और छात्रों ने स्कूल का ताला खोलकर प्रदर्शन समाप्त कर दिया।
    1
    डूंगरपुर जिले के राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय नवलश्याम में गणित विषय के लोकप्रिय शिक्षक सुरेश मोलात का अचानक 200 किलोमीटर दूर तबादला किए जाने से आक्रोशित ग्रामीणों, अभिभावकों और छात्र-छात्राओं ने स्कूल के मुख्य द्वार पर तालाबंदी कर दी। स्थानीय राजनीति और प्रशासनिक फेरबदल के कारण हुए इस तबादले के विरोध में प्रदर्शनकारियों ने जमकर नारेबाजी की और चक्काजाम भी किया। ग्रामीणों का आरोप है कि विद्यालय में पहले से ही शिक्षकों के पद खाली चल रहे हैं, और बिना किसी शिकायत के बेहतर कार्यशैली वाले बच्चों के चहेते शिक्षक को इतनी दूर भेजना प्रशासनिक दुर्भावना और गरीब बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ है।

शिक्षक सुरेश मोलात अपनी विशिष्ट कार्यशैली के कारण क्षेत्र में बेहद लोकप्रिय हैं। पिछले कई वर्षों से उनके विषय गणित का परीक्षा परिणाम शत-प्रतिशत रहा है। वे न केवल पढ़ाई, बल्कि खेलकूद में भी बच्चों को आगे बढ़ाने के लिए प्रोत्साहित करते हैं और हर साल प्रथम, द्वितीय व तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले मेधावी छात्र-छात्राओं को अपने निजी खर्च से सम्मानित भी करते हैं। शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने भी यह माना है कि इस शिक्षक के खिलाफ कोई शिकायत नहीं थी।

तालाबंदी और चक्काजाम की सूचना पर मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी (सीडीईओ) नवीन चंद्र मीणा और समसा के एडीपीसी रणछोड़ लाल डामोर तुरंत मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों से बातचीत कर छात्राओं से दुर्व्यवहार के आरोपी एक अन्य शिक्षक के खिलाफ निष्पक्ष जांच और कार्रवाई का आश्वासन दिया। साथ ही गणित शिक्षक के तबादले से पढ़ाई का नुकसान न हो, इसके लिए तुरंत वैकल्पिक शिक्षक की व्यवस्था करने का भरोसा दिया। इस ठोस आश्वासन के बाद आखिरकार ग्रामीणों और छात्रों ने स्कूल का ताला खोलकर प्रदर्शन समाप्त कर दिया।
    user_Santosh Vyas
    Santosh Vyas
    Court reporter डूंगरपुर, डूंगरपुर, राजस्थान•
    13 hrs ago
  • डीजीपी श्री कैलाश मकवाना द्वारा प्रदेश में 'नशे से दूरी है जरूरी 2.0' अभियान की शुरुआत की गई है। इसी क्रम में मंदसौर में विनोद मीना के मार्गदर्शन में बूढ़ा चौकी प्रभारी विकास गेहलोत ने अभियान के अनुरूप कार्य करते हुए स्कूल में छात्र-छात्राओं को इस जागरूकता अभियान से जुड़ी जानकारियां दीं।
    1
    डीजीपी श्री कैलाश मकवाना द्वारा प्रदेश में 'नशे से दूरी है जरूरी 2.0' अभियान की शुरुआत की गई है। इसी क्रम में मंदसौर में विनोद मीना के मार्गदर्शन में बूढ़ा चौकी प्रभारी विकास गेहलोत ने अभियान के अनुरूप कार्य करते हुए स्कूल में छात्र-छात्राओं को इस जागरूकता अभियान से जुड़ी जानकारियां दीं।
    user_Mangal Dev Rathore
    Mangal Dev Rathore
    मंदसौर नगर, मंदसौर, मध्य प्रदेश•
    19 hrs ago
  • डूंगरपुर जिला पुलिस अधीक्षक मनीष कुमार के निर्देशन में अवैध गतिविधियों के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत जिला विशेष टीम (डीएसटी) ने बड़ी कार्रवाई की है। टीम ने बिछीवाड़ा थाना क्षेत्र के अंतर्गत पालीसोडा-पाटिया मार्ग के जंगली रास्ते पर नाकाबंदी कर गुजरात की ओर तस्करी की जा रही करीब ₹3 लाख मूल्य की विभिन्न ब्रांड की 40 पेटी अवैध अंग्रेजी शराब बरामद की है। इस कार्रवाई के दौरान पुलिस ने तस्करी में प्रयुक्त एक होंडा अमेज कार और एक मोबाइल फोन भी जब्त किया है, हालांकि कार का चालक अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से भागने में सफल रहा। दरअसल, डीएसटी प्रभारी उपनिरीक्षक मोहनपाल सिंह के नेतृत्व में टीम को गुप्त सूचना मिली थी कि तस्कर मुख्य राजमार्गों पर पुलिस की चौकसी से बचने के लिए अंदरूनी और जंगली रास्तों से शराब गुजरात ले जा रहे हैं। इसी सूचना के आधार पर पुलिस ने पालीसोडा-पाटिया मार्ग पर अचानक नाकाबंदी कर दी। पुलिस को देखकर कार चालक ने गाड़ी घुमाकर भागने की कोशिश की, लेकिन उसकी कार बड़े पत्थरों में जाकर फंस गई। इसके बाद आरोपी चालक गाड़ी और अपना मोबाइल फोन छोड़कर रात के अंधेरे में फरार हो गया। पुलिस ने बरामद सामान को अग्रिम कार्रवाई के लिए बिछीवाड़ा थाने को सौंप दिया है। इस सफल कार्रवाई को अंजाम देने वाली टीम में कांस्टेबल मगनलाल, जितेन्द्र यादव, आशीष और जितेन्द्र भी शामिल रहे। इस दौरान जिला पुलिस अधीक्षक मनीष कुमार ने जिले में अवैध गतिविधियों पर अंकुश लगाने के लिए आम जनता से सहयोग की अपील की है। उन्होंने 'तीसरी आंख' हेल्पलाइन मोबाइल व व्हाट्सएप नंबर 8690180022 जारी किया है, जिस पर कोई भी नागरिक अवैध गतिविधियों की सूचना साझा कर सकता है। पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि सूचना देने वाले व्यक्ति का नाम, पता और मोबाइल नंबर पूरी तरह से गोपनीय रखा जाएगा।
    1
    डूंगरपुर जिला पुलिस अधीक्षक मनीष कुमार के निर्देशन में अवैध गतिविधियों के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत जिला विशेष टीम (डीएसटी) ने बड़ी कार्रवाई की है। टीम ने बिछीवाड़ा थाना क्षेत्र के अंतर्गत पालीसोडा-पाटिया मार्ग के जंगली रास्ते पर नाकाबंदी कर गुजरात की ओर तस्करी की जा रही करीब ₹3 लाख मूल्य की विभिन्न ब्रांड की 40 पेटी अवैध अंग्रेजी शराब बरामद की है। इस कार्रवाई के दौरान पुलिस ने तस्करी में प्रयुक्त एक होंडा अमेज कार और एक मोबाइल फोन भी जब्त किया है, हालांकि कार का चालक अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से भागने में सफल रहा।

दरअसल, डीएसटी प्रभारी उपनिरीक्षक मोहनपाल सिंह के नेतृत्व में टीम को गुप्त सूचना मिली थी कि तस्कर मुख्य राजमार्गों पर पुलिस की चौकसी से बचने के लिए अंदरूनी और जंगली रास्तों से शराब गुजरात ले जा रहे हैं। इसी सूचना के आधार पर पुलिस ने पालीसोडा-पाटिया मार्ग पर अचानक नाकाबंदी कर दी। पुलिस को देखकर कार चालक ने गाड़ी घुमाकर भागने की कोशिश की, लेकिन उसकी कार बड़े पत्थरों में जाकर फंस गई। इसके बाद आरोपी चालक गाड़ी और अपना मोबाइल फोन छोड़कर रात के अंधेरे में फरार हो गया। पुलिस ने बरामद सामान को अग्रिम कार्रवाई के लिए बिछीवाड़ा थाने को सौंप दिया है। इस सफल कार्रवाई को अंजाम देने वाली टीम में कांस्टेबल मगनलाल, जितेन्द्र यादव, आशीष और जितेन्द्र भी शामिल रहे।

इस दौरान जिला पुलिस अधीक्षक मनीष कुमार ने जिले में अवैध गतिविधियों पर अंकुश लगाने के लिए आम जनता से सहयोग की अपील की है। उन्होंने 'तीसरी आंख' हेल्पलाइन मोबाइल व व्हाट्सएप नंबर 8690180022 जारी किया है, जिस पर कोई भी नागरिक अवैध गतिविधियों की सूचना साझा कर सकता है। पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि सूचना देने वाले व्यक्ति का नाम, पता और मोबाइल नंबर पूरी तरह से गोपनीय रखा जाएगा।
    user_Santosh Vyas
    Santosh Vyas
    Court reporter डूंगरपुर, डूंगरपुर, राजस्थान•
    13 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.