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विश्व योग दिवस की तैयारियों के तहत बीकानेर स्थित लाली बाई पार्क में योगाचार्य डॉपन्नालाल पुरोहित स्मृति संस्थान द्वारा आयोजित योग शिविर में दसवें दिन भी सैकड़ों साधकों ने योगाभ्यास किया। योग प्रशिक्षक भुवनेश पुरोहित के मार्गदर्शन में आयोजित इस शिविर में बच्चों, महिलाओं और वरिष्ठ नागरिकों सहित सभी आयु वर्ग के लोगों ने अभ्यास किया।
Bikaner local news
विश्व योग दिवस की तैयारियों के तहत बीकानेर स्थित लाली बाई पार्क में योगाचार्य डॉपन्नालाल पुरोहित स्मृति संस्थान द्वारा आयोजित योग शिविर में दसवें दिन भी सैकड़ों साधकों ने योगाभ्यास किया। योग प्रशिक्षक भुवनेश पुरोहित के मार्गदर्शन में आयोजित इस शिविर में बच्चों, महिलाओं और वरिष्ठ नागरिकों सहित सभी आयु वर्ग के लोगों ने अभ्यास किया।
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- बीकानेर के पीबीएम अस्पताल में व्याप्त अव्यवस्थाओं के विरोध में कांग्रेस का धरना प्रदर्शन चौथे दिन भी जारी रहा। यूथ कांग्रेस जिला अध्यक्ष भंवर जी कूकना ने संभाग के सबसे बड़े इस अस्पताल की हालात को चिंताजनक बताते हुए कहा कि मरीज और उनके परिजन लगातार परेशानियों का सामना कर रहे हैं। उन्होंने सरकार पर संवेदनशीलता न दिखाने का आरोप लगाते हुए स्पष्ट किया कि जब तक अस्पताल की व्यवस्थाओं में सुधार नहीं होता, तब तक कांग्रेस आमजन के साथ मिलकर अपना संघर्ष जारी रखेगी।1
- विश्व योग दिवस की तैयारियों के तहत बीकानेर स्थित लाली बाई पार्क में योगाचार्य डॉपन्नालाल पुरोहित स्मृति संस्थान द्वारा आयोजित योग शिविर में दसवें दिन भी सैकड़ों साधकों ने योगाभ्यास किया। योग प्रशिक्षक भुवनेश पुरोहित के मार्गदर्शन में आयोजित इस शिविर में बच्चों, महिलाओं और वरिष्ठ नागरिकों सहित सभी आयु वर्ग के लोगों ने अभ्यास किया।1
- लोगों से नशे की लत छोड़ने और अपना जीवन बचाने का आग्रह किया गया है। यह बताया गया है कि व्यक्ति घर बैठे ही नशे से छुटकारा पा सकते हैं। इस सुविधा का लाभ उठाने या अधिक जानकारी के लिए 7568628143 पर संपर्क किया जा सकता है।1
- बीकानेर जिले के नोखा स्थित रोड़ा रोड़ पर काना महाराज की खेड़ी के पास अचानक जमीन धंसने से एक बड़ा और गहरा गड्ढा बन गया है। जानकारी के अनुसार, यह गड्ढा लगभग 40 फीट गहरा और 30 फीट चौड़ा है, जिससे क्षेत्र में हड़कंप मच गया है। इस विशालकाय गड्ढे के अचानक बनने से आसपास के लोग भयभीत और खतरे में हैं। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन की टीम मौके पर मौजूद है और खतरे वाले घरों को खाली कराने का प्रयास कर रही है। कुछ निवासियों ने स्वयं ही अपने घरों से सामान समेटना शुरू कर दिया है। प्रशासन ने आमजन से इस गड्ढे के करीब न जाने की अपील की है ताकि कोई अप्रिय घटना न हो। युवा नेता मगनाराम केड़ली भी सूचना मिलते ही घटनास्थल पर पहुंचे और हालात का जायजा लिया। उन्होंने प्रशासन से जल्द से जल्द इस समस्या का समाधान करने की मांग की है। गौरतलब है कि लगभग एक वर्ष पहले भी इसी क्षेत्र में दो मकान धराशायी हो गए थे, जिससे स्थानीय लोगों की चिंताएं और बढ़ गई हैं। लोग प्रशासन से इस गंभीर स्थिति को तुरंत दुरुस्त करने की लगातार मांग कर रहे हैं।1
- भारतीय इतिहास संकलन समिति की टीम ने गुरुवार को श्रीकोलायत क्षेत्र के गौरवशाली इतिहास को संरक्षित और दस्तावेजीकृत करने के उद्देश्य से एक व्यापक ऐतिहासिक सर्वेक्षण अभियान चलाया। इस दौरान बीकमपुर, बीठनोक, झझु और जकू गांवों में कई महत्वपूर्ण पुरातात्विक एवं ऐतिहासिक अवशेष प्राप्त हुए, जो इस क्षेत्र के समृद्ध अतीत और सांस्कृतिक विरासत के अहम सूत्र साबित हो सकते हैं। सर्वेक्षण में बीकमपुर में विक्रमादित्य काल से जुड़ा बताया जाने वाला एक प्राचीन किला विशेष आकर्षण का केंद्र रहा। यहां किले परिसर और उसके आसपास जैन धर्म से संबंधित प्राचीन मूर्तियों के अवशेष मिले, जो क्षेत्र में कभी जैन संस्कृति और धार्मिक गतिविधियों के प्रभाव की ओर संकेत करते हैं। इसके अलावा, बीकमपुर स्थित राव साहब रघुवीर सिंह भाटी के किले में भी टीम को कई प्राचीन शिलालेख और ऐतिहासिक पत्थर मिले, जिन पर अंकित लेखन बीकानेर रियासत काल से भी पूर्व का प्रतीत होता है, जिससे क्षेत्र के इतिहास की नई परतें सामने आने की संभावना बढ़ गई है। झझु गांव में टीम को विष्णु भगवान से संबंधित कई प्राचीन तलाईयां, कुएं तथा प्राचीन विष्णु मंदिर के समीप एक महत्वपूर्ण कीर्ति स्तंभ भी मिला, जिस पर बीकानेर रियासत काल से पुरानी जानकारी और संवत अंकित मिले हैं। वहीं, बीठनोक में भी किलेनुमा संरचनाएं और देवलियां चिन्हित की गईं। इतिहास प्रेमियों के अनुसार, झझु में मिला यह कीर्ति स्तंभ उस दौर के सामाजिक, धार्मिक और प्रशासनिक इतिहास को समझने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। समिति के तहसील अध्यक्ष नेमीचंद पंचारिया के नेतृत्व में राजेंद्र पालीवाल, भंवरलाल उपाध्याय, दाऊदयाल पंचारिया और राहुल सेवग ने इस सर्वेक्षण में सक्रिय भूमिका निभाई। टीम ने विभिन्न स्थलों पर पहुंचकर प्राचीन शिलालेखों, कीर्ति स्तंभों, मंदिर अवशेषों और अन्य ऐतिहासिक धरोहरों का अध्ययन कर महत्वपूर्ण जानकारी संकलित की। समिति के सदस्यों ने प्राप्त अभिलेखों के अवलोकन के बाद उनके संरक्षण और अध्ययन की आवश्यकता पर विशेष जोर दिया। समिति के पदाधिकारियों ने बताया कि कोलायत क्षेत्र का इतिहास अत्यंत समृद्ध और व्यापक है, जहाँ अनेक गांवों में आज भी ऐसी धरोहरें मौजूद हैं जो व्यवस्थित शोध और संरक्षण की प्रतीक्षा कर रही हैं। उनका मानना है कि इस प्रकार के सर्वेक्षण न केवल क्षेत्र के गौरवशाली इतिहास को सामने लाने में सहायक होंगे, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए ऐतिहासिक धरोहरों के संरक्षण का मार्ग भी प्रशस्त करेंगे।1
- नागौर के नगर सेठ बंशीवाला मंदिर में सात दिनों से चल रहा ताल सप्ताह भक्तिपूर्ण माहौल में संपन्न हो गया। इस दौरान, प्रतिदिन 24 घंटे महिलाओं और पुरुषों द्वारा पूजा-अर्चना की गई, वहीं रात्रि में भजन गायकों ने नगर सेठ बंशीवाला के एक से बढ़कर एक भजनों की प्रस्तुति दी। इन भजनों पर स्त्री, पुरुष और बच्चे ऐसे नाचते-झूमते नजर आए, मानो साक्षात नगर सेठ बंशीवाला भक्तों के बीच मौजूद हों। बंशीवाला मंदिर के पुजारी महेश पारासर ने बताया कि ताल सप्ताह के अंतिम दिन बंशीवाला मंदिर प्रांगण में हवन की आहुति दी गई। शाम 5:30 बजे बंशीवाला मंदिर से नगर सेठ बंशीवाला की सवारी गाजे-बाजे के साथ शहर के विभिन्न मार्गों से भ्रमण के लिए निकली। इस भ्रमण के दौरान शहर के ऐतिहासिक गिनाणी तालाब पर नगर सेठ बंशीवाला की विशेष पूजा-अर्चना की गई। इसके अतिरिक्त, जगह-जगह बंशीवाला सेठ की सवारी पर पुष्प वर्षा कर आरती भी उतारी गई। इस अवसर पर, बाजार के व्यापारियों द्वारा श्रद्धालुओं को ठंडाई भी पिलाई गई। नगर सेठ बंशीवाला मंदिर में हवन और नगर सेठ बंशीवाला के इस भव्य नगर भ्रमण के साथ ही ताल सप्ताह का सफलतापूर्वक समापन हुआ।1
- नितिन गडकरी ने जानकारी दी है कि उन्होंने "कल रात को ही 100% एथेनॉल वाली फाइल पर साइन किया" है। उनके इस कदम को देश में वैकल्पिक ईंधन को बढ़ावा देने की दिशा में एक और बड़ा कदम बताया जा रहा है। ऐसी उम्मीद है कि 100% एथेनॉल को लेकर जल्द ही महत्वपूर्ण बदलाव देखने को मिल सकते हैं।1
- बीकानेर के करमीसर क्षेत्र स्थित मुंधड़ा तालाब में रविवार को एक युवक का शव मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। मृतक की पहचान करमीसर निवासी 36 वर्षीय कालूराम पुत्र भैरा राम के रूप में हुई है। सूचना मिलने पर ख़िदमतगार खादिम सोसाइटी और असहाय सेवा संस्थान की टीम तुरंत मौके पर पहुंची। हाजी नसीम, सोएब भाई और राजकुमार खड़गावत एम्बुलेंस के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और पुलिस की मौजूदगी में आवश्यक कार्रवाई में सहयोग किया। नया शहर थाना पुलिस की निगरानी में शव को पीबीएम अस्पताल ले जाया गया, जहाँ चिकित्सकीय परीक्षण के बाद उसे मोर्चरी में रखवाया गया। पुलिस ने इस संबंध में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। युवक की मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगा।1