एनएच-30 पर लावारिस मवेशियों का डेरा, हादसों को न्योता दे रहे अफसर: चाकघाट नगर परिषद की चुप्पी से राहगीर परेशान चाकघाट (मध्य प्रदेश): राष्ट्रीय राजमार्ग 30 (NH-30) पर चाकघाट नगर परिषद क्षेत्र के अंतर्गत बने पुल पर आवारा और बेसहारा पशुओं का भारी जमावड़ा हादसों का सबब बना हुआ है। राजमार्ग के बीचों-बीच बैठे और घूमते ये मवेशी न केवल यातायात में बाधा उत्पन्न कर रहे हैं, बल्कि आए दिन होने वाली गंभीर दुर्घटनाओं का कारण भी बन रहे हैं। सामने आए वीडियो में स्पष्ट देखा जा सकता है कि NH-30 के पुल पर बड़ी संख्या में गोवंश और अन्य मवेशी सड़क के ठीक बीच में जमा हैं। इसके कारण: राहगीरों की जान जोखिम में: अक्सर सड़क पर आपस में भिड़ने या अचानक सामने आ जाने के कारण मोटरसाइकिल सवार अनियंत्रित होकर गिर रहे हैं और गंभीर रूप से चोटिल हो रहे हैं। मवेशियों की मौत: तेज रफ्तार से गुजरने वाले ट्रकों और भारी वाहनों की चपेट में आने से कई बेसहारा पशु असमय काल के गाल में समा रहे हैं। प्रशासनिक उपेक्षा: इस गंभीर स्थिति के बावजूद नगर परिषद चाकघाट के जिम्मेदार अधिकारियों और प्रशासनिक अमले ने मौन साध रखा है। स्थानीय निवासियों का आरोप है कि बार-बार ध्यान आकृष्ट कराने के बाद भी गोवंश को सुरक्षित स्थानों या गौशालाओं में भेजने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाए गए हैं। स्थानीय लोगों और राहगीरों ने मांग की है कि नगर परिषद और संबंधित विभाग जल्द से जल्द राजमार्ग को आवारा मवेशियों से मुक्त कराए ताकि संभावित बड़े हादसों को रोका जा सके।
एनएच-30 पर लावारिस मवेशियों का डेरा, हादसों को न्योता दे रहे अफसर: चाकघाट नगर परिषद की चुप्पी से राहगीर परेशान चाकघाट (मध्य प्रदेश): राष्ट्रीय राजमार्ग 30 (NH-30) पर चाकघाट नगर परिषद क्षेत्र के अंतर्गत बने पुल पर आवारा और बेसहारा पशुओं का भारी जमावड़ा हादसों का सबब बना हुआ है। राजमार्ग के बीचों-बीच बैठे और घूमते ये मवेशी न केवल यातायात में बाधा उत्पन्न कर रहे हैं, बल्कि आए दिन होने वाली गंभीर दुर्घटनाओं का कारण भी बन रहे हैं। सामने आए वीडियो में स्पष्ट देखा जा सकता है कि NH-30 के पुल पर बड़ी संख्या में गोवंश और अन्य मवेशी सड़क के ठीक बीच में जमा हैं। इसके कारण: राहगीरों की जान जोखिम में: अक्सर सड़क पर आपस में भिड़ने या अचानक सामने आ जाने के कारण मोटरसाइकिल सवार अनियंत्रित होकर गिर रहे हैं और गंभीर रूप से चोटिल हो रहे हैं। मवेशियों की मौत: तेज रफ्तार से गुजरने वाले ट्रकों और भारी वाहनों की चपेट में आने से कई बेसहारा पशु असमय काल के गाल में समा रहे हैं। प्रशासनिक उपेक्षा: इस गंभीर स्थिति के बावजूद नगर परिषद चाकघाट के जिम्मेदार अधिकारियों और प्रशासनिक अमले ने मौन साध रखा है। स्थानीय निवासियों का आरोप है कि बार-बार ध्यान आकृष्ट कराने के बाद भी गोवंश को सुरक्षित स्थानों या गौशालाओं में भेजने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाए गए हैं। स्थानीय लोगों और राहगीरों ने मांग की है कि नगर परिषद और संबंधित विभाग जल्द से जल्द राजमार्ग को आवारा मवेशियों से मुक्त कराए ताकि संभावित बड़े हादसों को रोका जा सके।
- जारी बाजार में सड़कों पर बिखरा कचरा, राष्ट्रीय राजमार्ग-30 पर लगा कूड़े का ढेर *प्रयागराज जारी* राष्ट्रीय राजमार्ग-30 पर स्थित प्रयागराज जनपद के सीमावर्ती व्यावसायिक केंद्र जारी बाजार में इन दिनों सफाई व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है। बाजार में कचरा निस्तारण की कोई समुचित व्यवस्था न होने के कारण स्थिति दिन-ब-दिन गंभीर होती जा रही है। जगह-जगह कचरे के ढेर लगने से न केवल उठती बदबू से स्थानीय लोग परेशान हैं, बल्कि आवागमन भी बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। स्थानीय निवासियों और राहगीरों के अनुसार, कचरा फेंकने के लिए कोई तय स्थान न होने से मजबूरी में स्थानीय व्यापारियों द्वारा सारा कचरा सीधे मुख्य सड़क पर ही डाल दिया जाता है। राष्ट्रीय राजमार्ग जैसी व्यस्त सड़क पर कचरा बिखरा रहने से आवारा पशुओं का जमावड़ा बना रहता है, जिससे हर समय हादसे की आशंका बनी रहती है। साथ ही संक्रमण और बीमारियों के फैलने का खतरा भी मंडरा रहा है। व्यापारियों और ग्रामीणों का आरोप है कि इस संबंध में कई बार ध्यान आकृष्ट कराने के बावजूद जिम्मेदार प्रशासनिक अधिकारियों और ग्राम प्रधान ने चुप्पी साध रखी है। स्वच्छता अभियानों के बड़े-बड़े दावों के बीच जारी बाजार की यह बदहाली स्थानीय प्रशासन की उदासीनता को बयां कर रही है। क्षेत्र की जनता ने जल्द से जल्द कचरा प्रबंधन और नियमित सफाई की मांग की है।1
- घूरपुर चौराहे पर भयानक जाम चारों तरफ फंसे वाहन प्रशासनिक अमला नदारत जनता परेशान प्रयागराज / घूरपुर कस्बे की यातायात व्यवस्था एक बार फिर पूरी तरह से ध्वस्त हो गई है। घूरपुर चौराहे से चारों तरफ प्रयागराज-रीवा हाईवे, जसरा और लखनऊ मार्ग पर भीषण जाम की स्थिति बनी हुई है।मौके का हाल: दोपहर से ही घूरपुर चौराहे पर दोनों तरफ वाहनों की लंबी-लंबी कतारें लगी हैं।बाइक, कार, ट्रक, बसें घंटों से जाम में फंसी हैं। बच्चों, एम्बुलेंस और राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा सबसे बड़ी बात, जाम छुड़ाने के लिए मौके पर एक भी प्रशासनिक अमला / ट्रैफिक पुलिस नदारत है।स्थानीय लोगों का कहना है कि घूरपुर चौराहे पर रोजाना यही हाल रहता है। अवैध अतिक्रमण, बेतरतीब ऑटो स्टैंड और हाईवे पर बेलगाम भारी वाहनों के कारण जाम लगता है, लेकिन पुलिस और प्रशासन आंख मूंदे बैठा है।लोगों की मांग ग्रामीणों ने जिलाधिकारी और SSP प्रयागराज से मांग की है कि घूरपुर चौराहे पर स्थायी ट्रैफिक पुलिस की तैनाती की जाए और अतिक्रमण हटाया जाए।1
- मिलावटी मिठाइयों पर खाद्य विभाग की बड़ी कार्रवाई, 100 क्विंटल से अधिक मिठाई नष्ट प्रयागराज। आगामी रक्षाबंधन और श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के त्योहारों को देखते हुए खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग ने मिलावटी खाद्य पदार्थों के खिलाफ अभियान तेज कर दिया है। आयुक्त खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन के निर्देश पर मंडल और जिले की कई टीमें लगातार मिठाई एवं खाद्य पदार्थों की दुकानों और कारखानों में छापेमारी कर जांच कर रही हैं। इसी क्रम में सोरांव और फाफामऊ क्षेत्र में खाद्य विभाग की टीमों ने मिठाई निर्माण इकाइयों पर छापेमारी की। जांच के दौरान मिठाई के कारखानों में भारी गंदगी के साथ बड़े पैमाने पर मिलावटी मिठाइयों का निर्माण और भंडारण पाया गया। मौके से कुछ आपत्तिजनक केमिकल भी बरामद किए गए। कार्रवाई के दौरान मिलावटी मिठाइयों को जब्त कर लिया गया। खाद्य उत्पादों के 12 सैंपल जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए, जबकि जब्त मिलावटी मिठाइयों को जेसीबी की मदद से नियमानुसार नष्ट कराया गया। संबंधित खाद्य कारोबारी के खिलाफ बीएनएस की सुसंगत धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया गया है। साथ ही कारोबारी का रजिस्ट्रेशन निलंबित कर खाद्य पदार्थों के निर्माण एवं बिक्री पर रोक लगा दी गई है। सहायक आयुक्त खाद्य, प्रयागराज मंडल दीनानाथ यादव के मुताबिक पिछले एक पखवाड़े में खाद्य पदार्थों के 59 सैंपल लेकर जांच के लिए लैब भेजे गए हैं। अब तक मानव स्वास्थ्य के लिए हानिकारक 100 क्विंटल से अधिक मिलावटी मिठाइयां जब्त कर नष्ट कराई जा चुकी हैं। उन्होंने कहा कि मिलावटखोरी के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। शासन की मंशा के अनुरूप त्योहारों के दौरान लोगों को शुद्ध एवं सुरक्षित खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराना विभाग की प्राथमिकता है। बाइट — दीनानाथ यादव, सहायक आयुक्त खाद्य, प्रयागराज मंडल1
- मेजा सड़क हादसे में रमेश चंद्र तिवारी की मौत पर जनसेवक इंद्रदेव शुक्ला ने जताया शोक मेजा सड़क हादसे में रमेश चंद्र तिवारी की मौत पर जनसेवक इंद्रदेव शुक्ला ने जताया शोक मेजा, प्रयागराज। मेजा थाना क्षेत्र के सोनार का तारा गांव के पास रक्षाबंधन के दिन हुआ दर्दनाक सड़क हादसा पूरे क्षेत्र के लिए गमगीन कर गया। इस हादसे में 50 वर्षीय रमेश चंद्र तिवारी उर्फ डेलई की असामयिक मृत्यु हो गई। त्योहार के दिन हुई इस घटना से न केवल परिवार, बल्कि पूरे गांव में मातम पसर गया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार रमेश चंद्र तिवारी कहीं जा रहे थे तभी अचानक सड़क दुर्घटना का शिकार हो गए। हादसा इतना भीषण था कि मौके पर ही उनकी मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। रक्षाबंधन जैसे पावन पर्व पर हुई इस अनहोनी से परिजनों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। घटना पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए मेजा के वरिष्ठ भाजपा नेता एवं जनसेवक इंद्रदेव शुक्ला ने शोक संवेदना व्यक्त की है। उन्होंने कहा कि रक्षाबंधन के दिन हुई यह घटना बेहद हृदय विदारक और दुर्भाग्यपूर्ण है। इस दुखद हादसे से परिवार के साथ-साथ पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है। इंद्रदेव शुक्ला ने कहा कि रमेश चंद्र तिवारी एक सरल और मिलनसार स्वभाव के व्यक्ति थे। उनका इस तरह अचानक चले जाना समाज के लिए अपूरणीय क्षति है। उन्होंने ईश्वर से प्रार्थना की कि दिवंगत आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान दें और शोक संतप्त परिवार को इस असहनीय दुख को सहने की शक्ति व संबल प्रदान करें। उन्होंने कहा कि इस कठिन घड़ी में वह पीड़ित परिवार के साथ खड़े हैं।3
- मांडा ब्लाक क्षेत्र के गौरैया खुर्द गांव में 60 मीटर की इंटरलॉकिंग रोड बनाने के लिए करीब 10 से 15 दिन हो चुके लेकिन अभी 1 मीटर भी ईंट नहीं बिछ पाया प्रधान जी के कार्यशैली पर उठे सवाल1
- *मेजा में रक्षाबंधन के दिन मातम में बदली खुशी, तेज रफ्तार मैजिक ने ली जान* *सोनार का तारा में बाइक को सामने से मारी टक्कर, 50 वर्षीय रमेश चंद्र तिवारी उर्फ डेलई की दर्दनाक मौत* *मेजा, प्रयागराज।* रक्षाबंधन के त्योहार के दिन *सोनार का तारा* में एक भीषण सड़क हादसे ने खुशी को मातम में बदल दिया। बताया जा रहा है कि बाइक से जा रहे *रमेश चंद्र तिवारी उर्फ डेलई (50 वर्ष)* को सामने से आ रही तेज रफ्तार *मैजिक वाहन* ने जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि बाइक सवार की मौके पर ही मौत हो गई। घटना की जानकारी मिलते ही इलाके में हड़कंप मच गया। सूचना पर *मेजा थाना प्रभारी नितेंद्र शुक्ला* और *जेवनिया चौकी प्रभारी सुमित त्रिपाठी* पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे *मेजा में रक्षाबंधन के दिन मातम में बदली खुशी, तेज रफ्तार मैजिक ने ली जान* *सोनार का तारा में बाइक को सामने से मारी टक्कर, 50 वर्षीय रमेश चंद्र तिवारी उर्फ डेलई की दर्दनाक मौत* *मेजा, प्रयागराज।* रक्षाबंधन के त्योहार के दिन *सोनार का तारा* में एक भीषण सड़क हादसे ने खुशी को मातम में बदल दिया। बताया जा रहा है कि बाइक से जा रहे *रमेश चंद्र तिवारी उर्फ डेलई (50 वर्ष)* को सामने से आ रही तेज रफ्तार *मैजिक वाहन* ने जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि बाइक सवार की मौके पर ही मौत हो गई। घटना की जानकारी मिलते ही इलाके में हड़कंप मच गया। सूचना पर *मेजा थाना प्रभारी नितेंद्र शुक्ला* और *जेवनिया चौकी प्रभारी सुमित त्रिपाठी* पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे1
- त्यौहार की खुशियां मातम में बदलीं, सड़क हादसे में बाइक सवार की मौत सोनार का तारा में तेज रफ्तार मैजिक ने सामने से मारी टक्कर । मेजा, प्रयागराज। रक्षाबंधन के पर्व पर सोनार का तारा बाजार में हुए सड़क हादसे ने त्योहार की खुशियां मातम में बदल गई। तेज रफ्तार मैजिक वाहन ने सामने से बाइक सवार को टक्कर मार दी। हादसे में मेजा थाना क्षेत्र के तिवारी का पुरा निवासी 50 वर्षीय रमेश चंद्र तिवारी उर्फ डेलई की मौके पर ही मौत हो गई। घटना की जानकारी मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया। बताया गया कि रमेश चंद्र तिवारी बाइक से जा रहे थे। इसी दौरान सोनार का तारा बाजार के पास सामने से आ रहे तेज रफ्तार अनियंत्रित मैजिक वाहन ने उनकी बाइक में जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि रमेश चंद्र तिवारी गंभीर रूप से घायल हो गए और मौके पर ही दम तोड़ दिया। हादसे की सूचना मिलते ही आसपास के लोगों की भीड़ घटनास्थल पर जुट गई। सूचना पर मेजा थाना प्रभारी नितेंद्र शुक्ला, जेवनिया चौकी प्रभारी सुमित त्रिपाठी और क्रिटिकल कॉरिडोर प्रभारी सचिन गुप्ता पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर हादसे की जानकारी जुटाई और दुर्घटना में शामिल मैजिक वाहन की पहचान के प्रयास शुरू कर दिए। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर आवश्यक कार्रवाई शुरू कर दी। हादसे के बाद मैजिक वाहन चालक मौके से फरार बताया जा रहा है। पुलिस वाहन और चालक की पहचान करने में जुटी है। खबर लिखे जाने तक मृतक के परिजनों की ओर से पुलिस को कोई तहरीर नहीं दी गई थी। पुलिस का कहना है कि तहरीर मिलने के बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।1
- एनएच-30 पर लावारिस मवेशियों का डेरा, हादसों को न्योता दे रहे अफसर: चाकघाट नगर परिषद की चुप्पी से राहगीर परेशान चाकघाट (मध्य प्रदेश): राष्ट्रीय राजमार्ग 30 (NH-30) पर चाकघाट नगर परिषद क्षेत्र के अंतर्गत बने पुल पर आवारा और बेसहारा पशुओं का भारी जमावड़ा हादसों का सबब बना हुआ है। राजमार्ग के बीचों-बीच बैठे और घूमते ये मवेशी न केवल यातायात में बाधा उत्पन्न कर रहे हैं, बल्कि आए दिन होने वाली गंभीर दुर्घटनाओं का कारण भी बन रहे हैं। सामने आए वीडियो में स्पष्ट देखा जा सकता है कि NH-30 के पुल पर बड़ी संख्या में गोवंश और अन्य मवेशी सड़क के ठीक बीच में जमा हैं। इसके कारण: राहगीरों की जान जोखिम में: अक्सर सड़क पर आपस में भिड़ने या अचानक सामने आ जाने के कारण मोटरसाइकिल सवार अनियंत्रित होकर गिर रहे हैं और गंभीर रूप से चोटिल हो रहे हैं। मवेशियों की मौत: तेज रफ्तार से गुजरने वाले ट्रकों और भारी वाहनों की चपेट में आने से कई बेसहारा पशु असमय काल के गाल में समा रहे हैं। प्रशासनिक उपेक्षा: इस गंभीर स्थिति के बावजूद नगर परिषद चाकघाट के जिम्मेदार अधिकारियों और प्रशासनिक अमले ने मौन साध रखा है। स्थानीय निवासियों का आरोप है कि बार-बार ध्यान आकृष्ट कराने के बाद भी गोवंश को सुरक्षित स्थानों या गौशालाओं में भेजने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाए गए हैं। स्थानीय लोगों और राहगीरों ने मांग की है कि नगर परिषद और संबंधित विभाग जल्द से जल्द राजमार्ग को आवारा मवेशियों से मुक्त कराए ताकि संभावित बड़े हादसों को रोका जा सके।1