औरंगाबाद शहर के नागबीघा रोड स्थित जय मां कॉलोनी में रविवार रात करीब 8 बजे पंचमुखी हनुमान मंदिर के पास दो अज्ञात पक्षों के बीच हिंसक झड़प हुई, जिसमें लाठी-डंडों से जमकर मारपीट की गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, दोनों तरफ के लोगों ने एक-दूसरे पर लाठी-डंडों से हमला किया, जिससे पूरे इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। इस घटना के दौरान सड़क पर भारी भीड़ जमा हो गई, जिसके चलते कुछ देर के लिए आवागमन भी बाधित रहा। स्थानीय लोगों ने बताया कि विवाद किस कारण से शुरू हुआ, इसका स्पष्ट कारण अभी तक सामने नहीं आया है। हालांकि, मारपीट का वीडियो और तस्वीरें आसपास के लोगों द्वारा मोबाइल में कैद किए जाने की भी चर्चा है। फिलहाल, झगड़ा करने वाले दोनों पक्षों की पहचान और विवाद के सटीक कारणों का पता लगाया जा रहा है। घटना में घायल हुए लोगों की संख्या और उनकी मौजूदा स्थिति के संबंध में भी जानकारी का इंतजार है।
औरंगाबाद शहर के नागबीघा रोड स्थित जय मां कॉलोनी में रविवार रात करीब 8 बजे पंचमुखी हनुमान मंदिर के पास दो अज्ञात पक्षों के बीच हिंसक झड़प हुई, जिसमें लाठी-डंडों से जमकर मारपीट की गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, दोनों तरफ के लोगों ने एक-दूसरे पर लाठी-डंडों से हमला किया, जिससे पूरे इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। इस घटना के दौरान सड़क पर भारी भीड़ जमा हो गई, जिसके चलते कुछ देर के लिए आवागमन भी बाधित रहा। स्थानीय लोगों ने बताया कि विवाद किस कारण से शुरू हुआ, इसका स्पष्ट कारण अभी तक सामने नहीं आया है। हालांकि, मारपीट का वीडियो और तस्वीरें आसपास के लोगों द्वारा मोबाइल में कैद किए जाने की भी चर्चा है। फिलहाल, झगड़ा करने वाले दोनों पक्षों की पहचान और विवाद के सटीक कारणों का पता लगाया जा रहा है। घटना में घायल हुए लोगों की संख्या और उनकी मौजूदा स्थिति के संबंध में भी जानकारी का इंतजार है।
- औरंगाबाद सदर अस्पताल के मॉडल अस्पताल के नए भवन में लगा लिफ्ट एक बार फिर खराब हो गया, जिससे मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। लिफ्ट के अंदर लोग लगभग 20 मिनट तक फंसे रहे, जिसके बाद काफी मशक्कत से लिफ्ट के दरवाजे को खोला गया और फंसे हुए लोगों को बाहर निकाला जा सका। बताया गया कि ऊपर से नीचे आने के लिए जब लिफ्ट का दरवाज़ा बंद हो रहा था, तभी वह अचानक नीचे आ गया और उसका दरवाज़ा भी लॉक हो गया। इस घटना से लिफ्ट के भीतर फंसे लोग बेहद घबरा गए और मदद के लिए गुहार लगाने लगे, जिसके बाद बाहर मौजूद लोगों ने ताला खोलकर सभी को सुरक्षित बाहर निकाला। यह घटना पहली बार नहीं हुई है; इससे पहले भी लिफ्ट तब अचानक नीचे आ गिरी थी, जब नव पदस्थापित सिविल सर्जन कृष्णा प्रसाद नए भवन में संचालित चिकित्सीय व्यवस्था का निरीक्षण कर रहे थे। उस समय भी लिफ्ट लगाने वाली एजेंसी को फटकार लगाई गई थी, लेकिन इसके बावजूद लिफ्ट की उपयोगिता और उसके रखरखाव में कोई सुधार नहीं हुआ है। लिफ्ट में फंसे एक व्यक्ति मुन्ना कुरैशी और एक मरीज़ नागेश कुमार ने इस समस्या पर अपनी बात रखी। मौजूदा स्थिति को देखते हुए यह आशंका जताई जा रही है कि यदि इसमें सुधार नहीं होता है, तो कभी भी कोई बड़ा हादसा हो सकता है।1
- औरंगाबाद जिले के गोह थाना क्षेत्र अंतर्गत गया-दाउदनगर उच्च पथ संख्या 120 पर लोहड़ी मोड़ के समीप सोमवार देर शाम एक ट्रैक्टर और बाइक के बीच जोरदार टक्कर हो गई। इस भीषण दुर्घटना में बाइक सवार युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल युवक की पहचान स्थानीय थाना क्षेत्र के दुल्लाह बिगहा निवासी विश्वनाथ साव के 20 वर्षीय पुत्र दीपक कुमार के रूप में हुई है। घटना की सूचना मिलते ही डायल 112 पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंची और स्थानीय लोगों की मदद से घायल दीपक को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र गोह में भर्ती कराया। प्राथमिक उपचार के बाद, दीपक की गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे बेहतर इलाज के लिए मगध मेडिकल कॉलेज अस्पताल गया रेफर कर दिया गया।1
- अभिषेक कुमार (ई-मीडिया) के अनुसार, गांव में आम खाने का मज़ा ही कुछ और होता है, खासकर जब वे अपने खुद के पेड़ से तोड़े गए हों। इस बात पर ज़ोर दिया गया है कि अपने पेड़ से ताज़ा आम तोड़कर खाने का अनुभव एक अलग ही आनंद देता है।1
- Post by Anil Das3
- कोंच प्रखंड में विश्व पर्यावरण दिवस-2026 के अवसर पर 1 जून से 5 जून 2026 तक चलने वाले 'स्वच्छ गांव, सुरक्षित जलवायु' नामक 5 दिवसीय विशेष अभियान का आगाज किया गया। इस अभियान को सफल बनाने के उद्देश्य से प्रखंड कार्यालय में एक बैठक आयोजित की गई, जिसकी अध्यक्षता प्रखंड विकास पदाधिकारी विपुल भारद्वाज ने की, जबकि प्रखंड समन्वयक अमित कुमार ने इसका संचालन किया। इस बैठक में सभी पंचायतों के पर्यवेक्षकों और जनप्रतिनिधियों को अभियान से संबंधित आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। प्रखंड विकास पदाधिकारी विपुल भारद्वाज ने बैठक को संबोधित करते हुए कहा कि यह अभियान केवल स्वच्छता तक ही सीमित नहीं है, बल्कि पर्यावरण संरक्षण, जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों से निपटने और ग्रामीण क्षेत्रों में सतत विकास को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। उन्होंने सभी पर्यवेक्षकों और जनप्रतिनिधियों से इस अभियान को जन-जन तक पहुंचाने तथा अधिक से अधिक लोगों की भागीदारी सुनिश्चित करने का आह्वान किया। प्रखंड समन्वयक अमित कुमार ने बताया कि अभियान के दौरान ग्रामीण क्षेत्रों में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन के प्रति लोगों को जागरूक किया जाएगा और उन्हें पर्यावरण के अनुकूल जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित किया जाएगा, जिससे सामुदायिक स्तर पर स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण को मजबूत बनाया जा सके। अमित कुमार ने आगे जानकारी दी कि इस अभियान में प्लास्टिक कचरे के प्रभावी प्रबंधन के लिए सिद्धांत तथा धूसर जल के बेहतर उपयोग के लिए सिद्धांत को बढ़ावा दिया जाएगा। इसके अलावा, 'वेस्ट टू वेल्थ' की अवधारणा के माध्यम से कचरे को आय के साधन में बदलने और ग्रामीण क्षेत्रों में चक्रीय अर्थव्यवस्था को विकसित करने पर विशेष जोर दिया जाएगा। बैठक में उपस्थित अधिकारियों एवं पर्यवेक्षकों को पंचायत स्तर पर स्वच्छता जागरूकता कार्यक्रम, श्रमदान, पौधारोपण, प्लास्टिक मुक्त अभियान तथा कचरा प्रबंधन से जुड़े विभिन्न कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए गए। बैठक में पर्यवेक्षक अजित कुमार, गुड्डू कुमार, नौलेश कुमार, ऋषव राज, कन्हैया शरण, महफूज आलम, रंजन कुमार, सविंदर कुमार, प्रभात कुमार, उदय सिंह सहित अन्य लोग उपस्थित थे।1
- Post by भास्कर न्यूज़ औरंगाबाद बिहार1
- औरंगाबाद शहर के नागबीघा रोड स्थित जय मां कॉलोनी में रविवार रात करीब 8 बजे पंचमुखी हनुमान मंदिर के पास दो अज्ञात पक्षों के बीच हिंसक झड़प हुई, जिसमें लाठी-डंडों से जमकर मारपीट की गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, दोनों तरफ के लोगों ने एक-दूसरे पर लाठी-डंडों से हमला किया, जिससे पूरे इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। इस घटना के दौरान सड़क पर भारी भीड़ जमा हो गई, जिसके चलते कुछ देर के लिए आवागमन भी बाधित रहा। स्थानीय लोगों ने बताया कि विवाद किस कारण से शुरू हुआ, इसका स्पष्ट कारण अभी तक सामने नहीं आया है। हालांकि, मारपीट का वीडियो और तस्वीरें आसपास के लोगों द्वारा मोबाइल में कैद किए जाने की भी चर्चा है। फिलहाल, झगड़ा करने वाले दोनों पक्षों की पहचान और विवाद के सटीक कारणों का पता लगाया जा रहा है। घटना में घायल हुए लोगों की संख्या और उनकी मौजूदा स्थिति के संबंध में भी जानकारी का इंतजार है।1