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एक दहेज हत्या मामले में त्वरित कार्रवाई के लिए एसडीपीओ की सराहना की गई है। यह प्रशंसा एसडीपीओ द्वारा मामले में की गई तत्काल कार्रवाई को रेखांकित करती है।

9 hrs ago
user_समर्थ कुमार
समर्थ कुमार
Court reporter नवगछिया, भागलपुर, बिहार•
9 hrs ago

एक दहेज हत्या मामले में त्वरित कार्रवाई के लिए एसडीपीओ की सराहना की गई है। यह प्रशंसा एसडीपीओ द्वारा मामले में की गई तत्काल कार्रवाई को रेखांकित करती है।

More news from बिहार and nearby areas
  • एक दहेज हत्या मामले में त्वरित कार्रवाई के लिए एसडीपीओ की सराहना की गई है। यह प्रशंसा एसडीपीओ द्वारा मामले में की गई तत्काल कार्रवाई को रेखांकित करती है।
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    एक दहेज हत्या मामले में त्वरित कार्रवाई के लिए एसडीपीओ की सराहना की गई है। यह प्रशंसा एसडीपीओ द्वारा मामले में की गई तत्काल कार्रवाई को रेखांकित करती है।
    user_समर्थ कुमार
    समर्थ कुमार
    Court reporter नवगछिया, भागलपुर, बिहार•
    9 hrs ago
  • कहलगांव अनुमंडल के बरैनी गांव में कई लोगों के खिलाफ प्राथमिकी (FIR) दर्ज की गई है। इस मामले के सामने आने के बाद, कहलगांव और पीरपैंती दोनों विधानसभा क्षेत्रों के विधायक प्रभावित लोगों से मिलने के लिए गांव पहुंचे।
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    कहलगांव अनुमंडल के बरैनी गांव में कई लोगों के खिलाफ प्राथमिकी (FIR) दर्ज की गई है। इस मामले के सामने आने के बाद, कहलगांव और पीरपैंती दोनों विधानसभा क्षेत्रों के विधायक प्रभावित लोगों से मिलने के लिए गांव पहुंचे।
    user_Raju Ranjan
    Raju Ranjan
    Media Consultant कहलगाँव, भागलपुर, बिहार•
    2 hrs ago
  • मगही शेर अभिषेक रंजन ने जनता के साथ मिलकर सच को आवाज देने की बात कही है। उन्होंने लोगों से अपने पेज को फॉलो करने का आग्रह किया है।
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    मगही शेर अभिषेक रंजन ने जनता के साथ मिलकर सच को आवाज देने की बात कही है। उन्होंने लोगों से अपने पेज को फॉलो करने का आग्रह किया है।
    user_Abhishek ranjan C E O
    Abhishek ranjan C E O
    Court reporter कहलगाँव, भागलपुर, बिहार•
    13 hrs ago
  • बिहार की राजनीति में राबड़ी आवास विवाद को लेकर एक नया घमासान छिड़ गया है। इस मामले पर मंगनी लाल मंडल ने एक बड़ा और जोरदार हमला बोला है।
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    बिहार की राजनीति में राबड़ी आवास विवाद को लेकर एक नया घमासान छिड़ गया है। इस मामले पर मंगनी लाल मंडल ने एक बड़ा और जोरदार हमला बोला है।
    user_BHOLA KUMAR
    BHOLA KUMAR
    Local News Reporter Kahalgaon, Jamālpur•
    19 hrs ago
  • यह नज़ारा भागलपुर ज़िले के सनौला प्रखंड के भगवानपुर गाँव का बताया गया है, जहाँ पोस्ट करने वाले ने 'मुखिया और ये सब' क्या कर रहे हैं, इस पर अपनी अनभिज्ञता व्यक्त की है। आक्रोशित लहजे में सख्त चेतावनी दी गई है कि जब ये 'मदरचोद' वोट माँगने आएँगे, तब 'भोसड़ी वाले' सबको झाड़ू से मारकर वहाँ से भगाना पड़ेगा।
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    यह नज़ारा भागलपुर ज़िले के सनौला प्रखंड के भगवानपुर गाँव का बताया गया है, जहाँ पोस्ट करने वाले ने 'मुखिया और ये सब' क्या कर रहे हैं, इस पर अपनी अनभिज्ञता व्यक्त की है। आक्रोशित लहजे में सख्त चेतावनी दी गई है कि जब ये 'मदरचोद' वोट माँगने आएँगे, तब 'भोसड़ी वाले' सबको झाड़ू से मारकर वहाँ से भगाना पड़ेगा।
    user_Mdraees
    Mdraees
    जगदीशपुर, भागलपुर, बिहार•
    1 hr ago
  • बिहार की राजनीति में पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी के सरकारी आवास को लेकर जारी विवाद के बीच, मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कुछ लोगों पर सरकारी आवास का मोह रखने का आरोप लगाते हुए कहा कि बेटा अलग घर चाहता है और माता जी अलग घर चाहती हैं। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि यदि पार्टी और नेतृत्व उन्हें पद छोड़ने का निर्देश दे, तो वे 24 घंटे के भीतर अपना झोला उठाकर सरकारी आवास खाली कर देंगे। यह बयान ऐसे समय में आया है जब पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी के सरकारी बंगले को लेकर सियासी घमासान तेज है। प्रशासन ने उन्हें आवास खाली करने के लिए नोटिस दिया है, जबकि राबड़ी देवी ने सार्वजनिक रूप से घोषणा की है कि वे स्वेच्छा से बंगला नहीं छोड़ेंगी और सरकार चाहे तो बलपूर्वक उसे खाली करा सकती है। यह विवाद अब सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच एक बड़े राजनीतिक मुद्दे का रूप ले चुका है। राजद और एनडीए दोनों ही एक-दूसरे पर नियमों और सरकारी संसाधनों के दुरुपयोग को लेकर आरोप-प्रत्यारोप कर रहे हैं, जिससे राजनीतिक पारा और चढ़ गया है।
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    बिहार की राजनीति में पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी के सरकारी आवास को लेकर जारी विवाद के बीच, मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कुछ लोगों पर सरकारी आवास का मोह रखने का आरोप लगाते हुए कहा कि बेटा अलग घर चाहता है और माता जी अलग घर चाहती हैं। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि यदि पार्टी और नेतृत्व उन्हें पद छोड़ने का निर्देश दे, तो वे 24 घंटे के भीतर अपना झोला उठाकर सरकारी आवास खाली कर देंगे।

यह बयान ऐसे समय में आया है जब पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी के सरकारी बंगले को लेकर सियासी घमासान तेज है। प्रशासन ने उन्हें आवास खाली करने के लिए नोटिस दिया है, जबकि राबड़ी देवी ने सार्वजनिक रूप से घोषणा की है कि वे स्वेच्छा से बंगला नहीं छोड़ेंगी और सरकार चाहे तो बलपूर्वक उसे खाली करा सकती है।

यह विवाद अब सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच एक बड़े राजनीतिक मुद्दे का रूप ले चुका है। राजद और एनडीए दोनों ही एक-दूसरे पर नियमों और सरकारी संसाधनों के दुरुपयोग को लेकर आरोप-प्रत्यारोप कर रहे हैं, जिससे राजनीतिक पारा और चढ़ गया है।
    user_Mithun Kumar Mohanpur
    Mithun Kumar Mohanpur
    Photographer रुपौली, पूर्णिया, बिहार•
    7 hrs ago
  • बिहार पुलिस मुख्यालय के कड़े निर्देशों के बावजूद, भागलपुर में कुछ महिला पुलिसकर्मियों द्वारा वर्दी पहनकर रील बनाने का मामला सामने आया है। पुलिस मुख्यालय ने हाल ही में सभी पुलिसकर्मियों को साफ तौर पर कहा था कि वर्दी में सोशल मीडिया वीडियो या रील बनाना अनुशासनहीनता माना जाएगा और ऐसे मामलों में संबंधित कर्मियों पर विभागीय कार्रवाई की जाएगी। तेजी से वायरल हो रहे एक वीडियो में ये महिला पुलिसकर्मी अपनी ड्यूटी के दौरान रील बनाती दिख रही हैं। बताया जा रहा है कि यह वीडियो भागलपुर के बरारी थाना क्षेत्र के बरारी गंगा घाट के आसपास का है। इस वीडियो के सामने आने के बाद पुलिस विभाग द्वारा जारी किए गए निर्देशों के पालन पर गंभीर सवाल उठने लगे हैं। हालांकि, अभी तक इस वायरल वीडियो की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन यदि जांच में यह मामला सही पाया जाता है, तो इन महिला पुलिसकर्मियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जा सकती है। अब सबकी नजर इस बात पर है कि पुलिस मुख्यालय और जिला पुलिस प्रशासन इस पूरे प्रकरण पर क्या अगला कदम उठाते हैं।
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    बिहार पुलिस मुख्यालय के कड़े निर्देशों के बावजूद, भागलपुर में कुछ महिला पुलिसकर्मियों द्वारा वर्दी पहनकर रील बनाने का मामला सामने आया है। पुलिस मुख्यालय ने हाल ही में सभी पुलिसकर्मियों को साफ तौर पर कहा था कि वर्दी में सोशल मीडिया वीडियो या रील बनाना अनुशासनहीनता माना जाएगा और ऐसे मामलों में संबंधित कर्मियों पर विभागीय कार्रवाई की जाएगी।

तेजी से वायरल हो रहे एक वीडियो में ये महिला पुलिसकर्मी अपनी ड्यूटी के दौरान रील बनाती दिख रही हैं। बताया जा रहा है कि यह वीडियो भागलपुर के बरारी थाना क्षेत्र के बरारी गंगा घाट के आसपास का है। इस वीडियो के सामने आने के बाद पुलिस विभाग द्वारा जारी किए गए निर्देशों के पालन पर गंभीर सवाल उठने लगे हैं।

हालांकि, अभी तक इस वायरल वीडियो की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन यदि जांच में यह मामला सही पाया जाता है, तो इन महिला पुलिसकर्मियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जा सकती है। अब सबकी नजर इस बात पर है कि पुलिस मुख्यालय और जिला पुलिस प्रशासन इस पूरे प्रकरण पर क्या अगला कदम उठाते हैं।
    user_Sushil rajak
    Sushil rajak
    Jagdishpur, Bhagalpur•
    7 hrs ago
  • केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं कि वह अपनी ही गलतियों का खामियाजा छात्रों से वसूल रहा है। आरोप है कि बोर्ड की गलतियों के कारण आए गलत नंबरों को ठीक करवाने के लिए छात्रों को अपनी आंसर शीट की सही जाँच के लिए ₹2000 तक का भुगतान करना पड़ सकता है। इसमें डिजिटल स्कैन कॉपी के लिए ₹100 प्रति विषय, री-टोटलिंग के लिए ₹100 प्रति पेपर और री-इवैल्यूएशन के लिए ₹25 प्रति सवाल का शुल्क शामिल है। इस प्रक्रिया से CBSE की भारी कमाई हो रही है, खासकर तब जब चार लाख बच्चों ने ऐसे आवेदन दिए हैं। पोस्ट में दावा किया गया है कि स्कैनिंग फ़ोन से होने के कारण गलत मार्किंग तय है, लेकिन उसे ठीक करवाने की कीमत बच्चा भर रहा है। इसमें तीखी आलोचना करते हुए कहा गया है कि यह CBSE की गलती है, सज़ा बच्चे की है और कमाई सरकार की। आरोप है कि जब शिक्षा को सेवा नहीं, बल्कि कारोबार बना दिया जाता है, तब गलतियाँ सुधारी नहीं जातीं, बल्कि बढ़ाई जाती हैं, जिसका सबसे बड़ा खामियाजा बच्चे अपने समय, आत्मविश्वास और भविष्य के रूप में चुका रहे हैं।
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    केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं कि वह अपनी ही गलतियों का खामियाजा छात्रों से वसूल रहा है। आरोप है कि बोर्ड की गलतियों के कारण आए गलत नंबरों को ठीक करवाने के लिए छात्रों को अपनी आंसर शीट की सही जाँच के लिए ₹2000 तक का भुगतान करना पड़ सकता है। इसमें डिजिटल स्कैन कॉपी के लिए ₹100 प्रति विषय, री-टोटलिंग के लिए ₹100 प्रति पेपर और री-इवैल्यूएशन के लिए ₹25 प्रति सवाल का शुल्क शामिल है।

इस प्रक्रिया से CBSE की भारी कमाई हो रही है, खासकर तब जब चार लाख बच्चों ने ऐसे आवेदन दिए हैं। पोस्ट में दावा किया गया है कि स्कैनिंग फ़ोन से होने के कारण गलत मार्किंग तय है, लेकिन उसे ठीक करवाने की कीमत बच्चा भर रहा है। इसमें तीखी आलोचना करते हुए कहा गया है कि यह CBSE की गलती है, सज़ा बच्चे की है और कमाई सरकार की। आरोप है कि जब शिक्षा को सेवा नहीं, बल्कि कारोबार बना दिया जाता है, तब गलतियाँ सुधारी नहीं जातीं, बल्कि बढ़ाई जाती हैं, जिसका सबसे बड़ा खामियाजा बच्चे अपने समय, आत्मविश्वास और भविष्य के रूप में चुका रहे हैं।
    user_Abhishek ranjan C E O
    Abhishek ranjan C E O
    Court reporter कहलगाँव, भागलपुर, बिहार•
    13 hrs ago
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