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मध्य प्रदेश में नरोत्तम के भ्रष्टाचार की फाइलें जल्द ही खोली जाएंगी। इस भ्रष्टाचार को लेकर चुनाव के तुरंत बाद ही पूरा हिसाब किया जाएगा।
Manish Yadav
मध्य प्रदेश में नरोत्तम के भ्रष्टाचार की फाइलें जल्द ही खोली जाएंगी। इस भ्रष्टाचार को लेकर चुनाव के तुरंत बाद ही पूरा हिसाब किया जाएगा।
More news from मध्य प्रदेश and nearby areas
- मध्य प्रदेश में नरोत्तम के भ्रष्टाचार की फाइलें जल्द ही खोली जाएंगी। इस भ्रष्टाचार को लेकर चुनाव के तुरंत बाद ही पूरा हिसाब किया जाएगा।1
- मध्य प्रदेश के दतिया में आयोजित एक कार्यक्रम में मंच से भीम आर्मी के सांसद चंद्रशेखर आजाद जी ने लोगों को संबोधित किया। इस दौरान इतनी भीषण गर्मी होने के बावजूद उन्हें सुनने के लिए हजारों लोगों का भारी सैलाब उमड़ पड़ा। कार्यक्रम के दौरान मंच से सांसद चंद्रशेखर आजाद जी जमकर दहाड़े।1
- टीकमगढ़ जिले की जतारा तहसील में राजस्व रिकॉर्ड में बड़े घोटाले और भारी भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए किसान बेहद परेशान हैं। किसानों का आरोप है कि यहाँ बिना पैसे दिए कोई भी काम नहीं होता है। प्रदेश के मुखिया मोहन यादव के राज में भी लापरवाह और गैर-जिम्मेदार अधिकारियों के रवैये के चलते किसानों को अपने जमीन संबंधी कामों के लिए तहसीलों और एसडीएम कोर्ट के चक्कर काटने को मजबूर होना पड़ रहा है। इस तहसील परिसर में लगातार दलालों की संख्या बढ़ती जा रही है और कोई भी अधिकारी समय पर दफ्तर में नहीं मिलता है। हालांकि, जिला कलेक्टर द्वारा कई बार यहाँ का निरीक्षण किया गया और कुछ कर्मचारियों पर कार्रवाई भी की गई, लेकिन इसके बावजूद लापरवाही और भ्रष्टाचार थमने का नाम नहीं ले रहा है। किसानों को तरबीन, रिकॉर्ड सुधार, सीमांकन, कब्जा हटवाने, संबल कार्ड, बीपीएल कार्ड, पक्की नकल और पोथीनामा परिवर्तन जैसे जरूरी कामों के लिए रिश्वत देनी पड़ती है। यदि वे पैसे नहीं देते हैं, तो उन्हें महीनों और सालों तक केवल अगली तारीखें ही मिलती रहती हैं, लेकिन न्याय नहीं मिलता। अब बड़ा सवाल यह उठता है कि इन लापरवाह, मनमौजी और भ्रष्ट अधिकारियों पर कोई ठोस कार्रवाई क्यों नहीं की जा रही है? किसानों को न्याय न मिलने के कारण उनका शोषण हो रहा है और देखना यह है कि क्या किसान इसी तरह लगातार तहसील और एसडीएम कोर्ट के चक्कर काटने को मजबूर रहेंगे।2
- झांसी के मऊरानीपुर क्षेत्र स्थित ग्राम नवादा के नवादा घाट पर बालू माफिया का भारी दबदबा देखने को मिल रहा है। यहाँ बालू माफिया द्वारा बड़े पैमाने पर अवैध खनन किया जा रहा है और यूपी से एमपी (मध्य प्रदेश) में बालू डंप किया जा रहा है। स्थानीय स्तर पर प्रशासन को इस अवैध गतिविधि की सूचना दी जा रही है, लेकिन जिम्मेदार अधिकारी इस पर कोई ध्यान नहीं दे रहे हैं। बताया जा रहा है कि प्रशासन की इस चुप्पी के पीछे बालू माफिया का सरकारी दफ्तरों में लगातार आना-जाना होना है, जिसके कारण कोई भी कार्रवाई नहीं हो रही है। इस गंभीर मामले को लेकर माननीय जिला अधिकारी खनन शैलेंद्र सिंह से तुरंत जांच कराने का निवेदन किया गया है। स्थानीय स्तर पर मांग उठाई गई है कि इस अवैध खनन की तत्काल जांच की जाए, संलिप्त ट्रैक्टरों को जप्त किया जाए और बालू माफिया के खिलाफ जल्द से जल्द सख्त से सख्त कार्रवाई की जाए।1
- छतरपुर जिले के सिगरामपुरा गांव में 22 वर्षीय प्रेमलाल रैकवार की संदिग्ध हत्या का मामला सामने आया है, जहां उसका शव अमरोनिया गांव के पास जंगल में जमीन में दफन मिला। मृतक के परिजनों ने उसकी पत्नी और उसके कथित प्रेमी पर हत्या की साजिश रचने का आरोप लगाया है। शव मिलने की सूचना से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है। बताया गया है कि प्रेमलाल की शादी करीब दो महीने पहले ही हुई थी। परिजनों का आरोप है कि उसकी पत्नी ने पार्टी के बहाने उसे अपने गांव बुलाया था, जिसके बाद वह देर रात तक घर नहीं लौटा। खोजबीन के दौरान परिजनों को सबसे पहले प्रेमलाल की लावारिस बाइक मिली और फिर अमरोनिया गांव से करीब दो किलोमीटर दूर जंगल में एक नाले के पास जमीन में दबी हुई उसकी लाश बरामद हुई। मृतक की बहन रामकली रैकवार ने आरोप लगाया है कि पत्नी ने अपने कथित प्रेमी के साथ मिलकर इस हत्या को अंजाम दिया है। वहीं, पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और सभी पहलुओं की पड़ताल की जा रही है।1
- दतिया विधानसभा उपचुनाव 2026 को लेकर कांग्रेस ने आखिरकार अपने उम्मीदवार की घोषणा कर दी है, जिससे अब यहां का चुनावी मुकाबला बेहद दिलचस्प हो गया है। इस नए राजनीतिक घटनाक्रम के बाद भारत जंक्शन न्यूज ने एक विशेष विश्लेषण जारी किया है, जिसमें कांग्रेस द्वारा मैदान में उतारे गए प्रत्याशी, उनके राजनीतिक सफर और इस फैसले के प्रभाव पर चर्चा की गई है। इस फैसले के बाद अब चुनावी समीकरणों का राजनीतिक विश्लेषण तेज हो गया है और यह सवाल बड़ा हो गया है कि क्या कांग्रेस के इस कदम से भाजपा की टेंशन बढ़ने वाली है। बीजेपी बनाम कांग्रेस के इस सीधे मुकाबले को लेकर सरगर्मियां तेज हैं।1
- भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) ने मध्य प्रदेश के श्योपुर में गगनयान मिशन के मुख्य पैराशूट सिस्टम का सफल परीक्षण किया है। यह महत्वपूर्ण परीक्षण श्योपुर के एरियल रिसर्च एंड डेवलपमेंट एस्टेब्लिशमेंट (ADRDE) के ड्रॉप जोन में आयोजित किया गया, जो भारत के पहले मानव अंतरिक्ष मिशन की सफलता की दिशा में एक बेहद बड़ा कदम है। इस सफल परीक्षण से गगनयान मिशन को नई मजबूती मिली है और अंतरिक्ष में जाने वाले भारतीय अंतरिक्ष यात्रियों की सुरक्षित वापसी का भरोसा भी काफी बढ़ गया है। इस विशेष परीक्षण के लिए भारतीय वायु सेना के IL-76 विमान का उपयोग किया गया, जिससे करीब ढाई किलोमीटर की ऊंचाई से एक परीक्षण असेंबली को हवा में छोड़ा गया। वास्तविक परिस्थितियों जैसी स्थिति पैदा करने के लिए इस असेंबली में मुख्य पैराशूट और डमी पेलोड लगाया गया था। हवा में छोड़े जाने के बाद सबसे पहले ड्रोग पैराशूट खुला, जिसने असेंबली को संतुलित करने और उसकी रफ्तार को नियंत्रित करने का काम किया। इसके बाद मुख्य पैराशूट सक्रिय हुआ और उसने पूरे पेलोड को सुरक्षित गति के साथ जमीन पर उतार दिया। ISRO के अनुसार, इस परीक्षण का मकसद बिना चालक वाले पहले गगनयान मिशन (G1) के दौरान संभावित अधिकतम भार की स्थिति में मुख्य पैराशूट की मजबूती और कार्यक्षमता को परखना था। यह इंटीग्रेटेड मेन पैराशूट एयरड्रॉप टेस्ट (IMAT) श्रृंखला का पांचवां सफल परीक्षण है। गगनयान क्रू मॉड्यूल में कुल 10 अलग-अलग भूमिका वाले पैराशूट लगाए गए हैं, जो कई चरणों में काम करते हैं। श्योपुर से जेपी शर्मा की रिपोर्ट के अनुसार, इस ऐतिहासिक परीक्षण के बाद अब गगनयान मिशन की तैयारियां और तेज होंगी और देश को उस पल का इंतजार रहेगा जब भारतीय अंतरिक्ष यात्री स्वदेशी तकनीक से सुरक्षित वापस लौटेंगे।1
- नौगांव थाना क्षेत्र के सिल्वर सिटी में रंजिश के चलते 55 वर्षीय महिला हरकुवंर की हत्या कर दी गई। बताया गया है कि मृतका का बेटा आरोपी पक्ष की बेटी को भगा ले गया था, और इसी रंजिश में हुई मारपीट के बाद परिजन हरकुवंर को लेकर जिला अस्पताल पहुंचे। वहां डॉक्टरों ने महिला को मृत घोषित कर दिया। इस घटना के बाद मृतका के बेटे ने नौगांव पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए हैं। वहीं, महिला की हत्या के बाद शव को लेकर जिला अस्पताल में भारी तनाव का माहौल बन गया और परिजनों ने शव का पीएम कराने से मना कर दिया। तनाव की स्थिति को देखते हुए छतरपुर जिला अस्पताल में कई थानों का भारी पुलिस बल पहुंच गया है।1