उदयगढ़ पुलिस ने एक अंतर-जिला वाहन चोर गिरोह का पर्दाफाश किया है, जिसके परिणामस्वरूप दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया और उनकी निशानदेही पर पांच चोरी की मोटरसाइकिलें बरामद की गईं। यह कार्रवाई 2 जून 2026 को की गई। दरअसल, थाना उदयगढ़ क्षेत्र में पिछले कुछ समय से अज्ञात बदमाशों द्वारा वाहन चोरी की सिलसिलेवार वारदातों को अंजाम दिया जा रहा था, जो उदयगढ़ पुलिस के लिए एक बड़ी चुनौती बन चुकी थी। इस गंभीर स्थिति पर प्रभावी अंकुश लगाने और अज्ञात अपराधियों की त्वरित धरपकड़ के लिए पुलिस अधीक्षक श्री रघुवंश सिंह ने विशेष दिशा-निर्देश जारी किए थे। इन्हीं निर्देशों के तहत अनुविभागीय अधिकारी पुलिस (अअपु) जोबट श्री रविन्द्र राठी के पर्यवेक्षण में थाना प्रभारी उदयगढ़ निरीक्षक ब्रजभूषण हीरवे के नेतृत्व में एक विशेष पुलिस टीम का गठन किया गया था। गठित विशेष टीम ने लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दी और संदिग्धों की गतिविधियों पर पैनी नजर रखी। लगातार प्रयासों के बाद, पुलिस टीम को मुखबिर तंत्र और तकनीकी साक्ष्य से विश्वसनीय सूचना मिली, जिसके आधार पर 2 जून 2026 को सुनियोजित कार्रवाई करते हुए दो संदिग्धों को हिरासत में लिया गया। इनमें से एक की पहचान ग्राम बड़ी उती निवासी भारत उर्फ भाया के रूप में हुई, जबकि उसका दूसरा साथी टांडा क्षेत्र का एक नाबालिग (विधि विरुद्ध बालक) था। पुलिस द्वारा मनोवैज्ञानिक और सख्ती से पूछताछ करने पर, दोनों आरोपियों ने क्षेत्र में सक्रिय रहकर अपने दो अन्य साथियों के साथ मिलकर वाहन चोरी करना स्वीकार किया। उन्होंने बताया कि उन्होंने टांडा (धार) के अपने दो अन्य साथियों के साथ मिलकर थाना उदयगढ़ क्षेत्र से तीन मोटरसाइकिलें चोरी की थीं, और इंदौर जिले के राऊ क्षेत्र से भी दो अन्य दुपहिया वाहन चुराने का अपराध कबूल किया। आरोपियों की निशानदेही पर, पुलिस टीम ने ग्राम बड़ी उती बिलवाल फलिया के समीप स्थित पीपली धपल नाले में शातिर तरीके से छिपाई गई पांचों मोटरसाइकिलें सफलतापूर्वक बरामद कीं। जब्त किए गए इन सभी वाहनों की कुल अनुमानित बाजार कीमत लगभग 3.75 लाख रुपये बताई गई है। इस चुनौतीपूर्ण गिरोह का पर्दाफाश करने में थाना प्रभारी उदयगढ़ निरीक्षक ब्रजभूषण हीरवे के साथ-साथ चौकी प्रभारी कानाकाकड उपनिरीक्षक पवन वास्कले, सहायक उपनिरीक्षक दीपक मालवीय, प्रधान आरक्षकगण दशरथ, लेखराम, मानसिंह, आजाद, जुवानसिंह, आरक्षक आनंद, दिपेश और मनोज, तथा सैनिक माधव की भूमिका सराहनीय रही। इसके अतिरिक्त, इस अंतर-जिला ऑपरेशन में थाना बोरी के सहायक उपनिरीक्षक विक्रम लाखन, थाना टांडा (जिला धार) के आरक्षक सुनील, पवन, नीलेश, और आलीराजपुर की सायबर सेल टीम का भी उल्लेखनीय योगदान रहा है। पुलिस अब घटना में संलिप्त गिरोह के शेष दो अन्य फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार प्रयास कर रही है।
उदयगढ़ पुलिस ने एक अंतर-जिला वाहन चोर गिरोह का पर्दाफाश किया है, जिसके परिणामस्वरूप दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया और उनकी निशानदेही पर पांच चोरी की मोटरसाइकिलें बरामद की गईं। यह कार्रवाई 2 जून 2026 को की गई। दरअसल, थाना उदयगढ़ क्षेत्र में पिछले कुछ समय से अज्ञात बदमाशों द्वारा वाहन चोरी की सिलसिलेवार वारदातों को अंजाम दिया जा रहा था, जो उदयगढ़ पुलिस के लिए एक बड़ी चुनौती बन चुकी थी। इस गंभीर स्थिति पर प्रभावी अंकुश लगाने और अज्ञात अपराधियों की त्वरित धरपकड़ के लिए पुलिस अधीक्षक श्री रघुवंश सिंह ने विशेष दिशा-निर्देश जारी किए थे। इन्हीं निर्देशों के तहत अनुविभागीय अधिकारी पुलिस (अअपु) जोबट श्री रविन्द्र राठी के पर्यवेक्षण में थाना प्रभारी उदयगढ़ निरीक्षक ब्रजभूषण हीरवे के नेतृत्व में एक विशेष पुलिस टीम का गठन किया गया था। गठित विशेष टीम ने लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दी और संदिग्धों की गतिविधियों पर पैनी नजर रखी। लगातार प्रयासों के बाद, पुलिस टीम को मुखबिर तंत्र और तकनीकी साक्ष्य से विश्वसनीय सूचना मिली, जिसके आधार पर 2 जून 2026 को सुनियोजित कार्रवाई करते हुए दो संदिग्धों को हिरासत में लिया गया। इनमें से एक की पहचान ग्राम बड़ी उती निवासी भारत उर्फ भाया के रूप में हुई, जबकि उसका दूसरा साथी टांडा क्षेत्र का एक नाबालिग (विधि विरुद्ध बालक) था। पुलिस द्वारा मनोवैज्ञानिक और सख्ती से पूछताछ करने पर, दोनों आरोपियों ने क्षेत्र में सक्रिय रहकर अपने दो अन्य साथियों के साथ मिलकर वाहन चोरी करना स्वीकार किया। उन्होंने बताया कि उन्होंने टांडा (धार) के अपने दो अन्य साथियों के साथ मिलकर थाना उदयगढ़ क्षेत्र से तीन मोटरसाइकिलें चोरी की थीं, और इंदौर जिले के राऊ क्षेत्र से भी दो अन्य दुपहिया वाहन चुराने का अपराध कबूल किया। आरोपियों की निशानदेही पर, पुलिस टीम ने ग्राम बड़ी उती बिलवाल फलिया के समीप स्थित पीपली धपल नाले में शातिर तरीके से छिपाई गई पांचों मोटरसाइकिलें सफलतापूर्वक बरामद कीं। जब्त किए गए इन सभी वाहनों की कुल अनुमानित बाजार कीमत लगभग 3.75 लाख रुपये बताई गई है। इस चुनौतीपूर्ण गिरोह का पर्दाफाश करने में थाना प्रभारी उदयगढ़ निरीक्षक ब्रजभूषण हीरवे के साथ-साथ चौकी प्रभारी कानाकाकड उपनिरीक्षक पवन वास्कले, सहायक उपनिरीक्षक दीपक मालवीय, प्रधान आरक्षकगण दशरथ, लेखराम, मानसिंह, आजाद, जुवानसिंह, आरक्षक आनंद, दिपेश और मनोज, तथा सैनिक माधव की भूमिका सराहनीय रही। इसके अतिरिक्त, इस अंतर-जिला ऑपरेशन में थाना बोरी के सहायक उपनिरीक्षक विक्रम लाखन, थाना टांडा (जिला धार) के आरक्षक सुनील, पवन, नीलेश, और आलीराजपुर की सायबर सेल टीम का भी उल्लेखनीय योगदान रहा है। पुलिस अब घटना में संलिप्त गिरोह के शेष दो अन्य फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार प्रयास कर रही है।
- आलीराजपुर जिले की आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं ने लंबित मानदेय के भुगतान, सामाजिक सुरक्षा और अपने अधिकारों को लेकर 3 जून 2026 को एक बड़ा विरोध प्रदर्शन किया। आंगनवाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिका संघ (भारतीय मजदूर संघ से संबद्ध) के बैनर तले प्रातः 11:00 बजे दाहोद नाका (समाधि स्थल), आलीराजपुर से एक विशाल रैली निकाली गई, जिसने कलेक्ट्रेट कार्यालय पहुंचकर मुख्यमंत्री के नाम कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा और समस्याओं के शीघ्र समाधान की मांग की। संघ की जिला अध्यक्ष कमला रावत ने स्थानीय प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि दिसंबर 2024 से कई कार्यकर्ताओं का मानदेय अटका हुआ है। जिले की लगभग 800 मिनी से पूर्ण आंगनवाड़ी में पदोन्नत कार्यकर्ताओं को दिसंबर 2024 का ₹5250 का मानदेय आज तक नहीं मिला है। इसके अतिरिक्त, नई भर्ती में नियुक्त कई सहायिकाओं को पिछले 8 से 9 महीनों से मानदेय प्राप्त नहीं हुआ है, और कई कार्यकर्ताओं का पूर्व में रोका गया मानदेय भी लंबित है। संघ ने चेतावनी दी है कि समस्त लंबित राशि का एकमुश्त भुगतान तत्काल किया जाए। संघ की प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य मंजुला लोहार ने बताया कि मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, पोषण अभियान, टीकाकरण, चुनावी सर्वे और जनगणना जैसे महत्वपूर्ण राष्ट्रीय कार्यों में आंगनवाड़ी कार्यकर्ता अग्रिम पंक्ति में होती हैं, फिर भी उन्हें शासन स्तर पर उनका वाजिब हक और सम्मानजनक मानदेय नहीं मिल पा रहा है। संघ का कहना है कि यह लड़ाई केवल मानदेय की नहीं, बल्कि सम्मान और हक की है। उनकी प्रमुख मांगों में आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं को सरकारी कर्मचारी का दर्जा देना, सेवानिवृत्ति के बाद पेंशन, ग्रेच्युटी और स्वास्थ्य बीमा का लाभ, ऑनलाइन व पोषण ट्रैकर कार्य के लिए मोबाइल व इंटरनेट भत्ता, अतिरिक्त कार्यों के लिए अलग से पारिश्रमिक, और सभी केंद्रों पर स्वयं के भवन, बिजली, पानी व शौचालय जैसी मूलभूत सुविधाएं शामिल हैं। जिला स्तर पर दिसंबर 2024 के बकाया ₹5250 के तत्काल भुगतान, नई सहायिकाओं और कार्यकर्ताओं के रोके गए मानदेय का एकमुश्त भुगतान, और हर महीने तय समय पर मानदेय जारी करने की व्यवस्था की मांग की गई है। रैली के दौरान, नायब तहसीलदार महमूद खान को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा गया। इस आंदोलन को सफल बनाने में भारतीय मजदूर संघ के जिलामंत्री धनसिंह कनेश, जिला अध्यक्ष कमला रावत, प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य मंजुला लोहार, सचिव रंजीता कनेश, जिला उपाध्यक्ष कमलबाई मेडा, सरोज चौहान, संगीता डुडवे और प्रीति चौहान सहित संघ के सभी पदाधिकारी सक्रिय रूप से जुटे रहे।1
- उदयगढ़ पुलिस ने एक अंतर-जिला वाहन चोर गिरोह का पर्दाफाश किया है, जिसके परिणामस्वरूप दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया और उनकी निशानदेही पर पांच चोरी की मोटरसाइकिलें बरामद की गईं। यह कार्रवाई 2 जून 2026 को की गई। दरअसल, थाना उदयगढ़ क्षेत्र में पिछले कुछ समय से अज्ञात बदमाशों द्वारा वाहन चोरी की सिलसिलेवार वारदातों को अंजाम दिया जा रहा था, जो उदयगढ़ पुलिस के लिए एक बड़ी चुनौती बन चुकी थी। इस गंभीर स्थिति पर प्रभावी अंकुश लगाने और अज्ञात अपराधियों की त्वरित धरपकड़ के लिए पुलिस अधीक्षक श्री रघुवंश सिंह ने विशेष दिशा-निर्देश जारी किए थे। इन्हीं निर्देशों के तहत अनुविभागीय अधिकारी पुलिस (अअपु) जोबट श्री रविन्द्र राठी के पर्यवेक्षण में थाना प्रभारी उदयगढ़ निरीक्षक ब्रजभूषण हीरवे के नेतृत्व में एक विशेष पुलिस टीम का गठन किया गया था। गठित विशेष टीम ने लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दी और संदिग्धों की गतिविधियों पर पैनी नजर रखी। लगातार प्रयासों के बाद, पुलिस टीम को मुखबिर तंत्र और तकनीकी साक्ष्य से विश्वसनीय सूचना मिली, जिसके आधार पर 2 जून 2026 को सुनियोजित कार्रवाई करते हुए दो संदिग्धों को हिरासत में लिया गया। इनमें से एक की पहचान ग्राम बड़ी उती निवासी भारत उर्फ भाया के रूप में हुई, जबकि उसका दूसरा साथी टांडा क्षेत्र का एक नाबालिग (विधि विरुद्ध बालक) था। पुलिस द्वारा मनोवैज्ञानिक और सख्ती से पूछताछ करने पर, दोनों आरोपियों ने क्षेत्र में सक्रिय रहकर अपने दो अन्य साथियों के साथ मिलकर वाहन चोरी करना स्वीकार किया। उन्होंने बताया कि उन्होंने टांडा (धार) के अपने दो अन्य साथियों के साथ मिलकर थाना उदयगढ़ क्षेत्र से तीन मोटरसाइकिलें चोरी की थीं, और इंदौर जिले के राऊ क्षेत्र से भी दो अन्य दुपहिया वाहन चुराने का अपराध कबूल किया। आरोपियों की निशानदेही पर, पुलिस टीम ने ग्राम बड़ी उती बिलवाल फलिया के समीप स्थित पीपली धपल नाले में शातिर तरीके से छिपाई गई पांचों मोटरसाइकिलें सफलतापूर्वक बरामद कीं। जब्त किए गए इन सभी वाहनों की कुल अनुमानित बाजार कीमत लगभग 3.75 लाख रुपये बताई गई है। इस चुनौतीपूर्ण गिरोह का पर्दाफाश करने में थाना प्रभारी उदयगढ़ निरीक्षक ब्रजभूषण हीरवे के साथ-साथ चौकी प्रभारी कानाकाकड उपनिरीक्षक पवन वास्कले, सहायक उपनिरीक्षक दीपक मालवीय, प्रधान आरक्षकगण दशरथ, लेखराम, मानसिंह, आजाद, जुवानसिंह, आरक्षक आनंद, दिपेश और मनोज, तथा सैनिक माधव की भूमिका सराहनीय रही। इसके अतिरिक्त, इस अंतर-जिला ऑपरेशन में थाना बोरी के सहायक उपनिरीक्षक विक्रम लाखन, थाना टांडा (जिला धार) के आरक्षक सुनील, पवन, नीलेश, और आलीराजपुर की सायबर सेल टीम का भी उल्लेखनीय योगदान रहा है। पुलिस अब घटना में संलिप्त गिरोह के शेष दो अन्य फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार प्रयास कर रही है।1
- एक धार्मिक संदेश में बताया गया है कि गणेश जी का वीडियो साझा करने से बिगड़े हुए काम सही हो जाते हैं। इसके साथ ही, यह भी दावा किया गया है कि ऐसा करने से घर में कभी धन की कमी नहीं होती। संदेश भेजने वाले व्यक्ति ने स्वयं इस बात का अनुभव बताया है, उनका कहना है कि पहले उनकी भी ऐसी ही स्थिति थी, लेकिन अब उनके पास बहुत सारा धन है। इसी अनुभव के आधार पर, उन्होंने दूसरों को भी वीडियो को शेयर, कमेंट और लाइक करने के लिए प्रोत्साहित किया है।1
- बड़वानी में बुधवार को मध्यप्रदेश आंगनबाड़ी कार्यकर्ता/सहायिका संघ (भारतीय मजदूर संघ से संबद्ध) की जिला इकाई ने अपनी विभिन्न लंबित मांगों को लेकर कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर जोरदार प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं ने मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपते हुए अपनी समस्याओं का शीघ्र समाधान करने की मांग रखी, जिसे कलेक्टर की अनुपस्थिति में नायब तहसीलदार को सौंपा गया। संघ की जिलाध्यक्ष ग्यारसी यादव ने इस दौरान बताया कि महिला एवं बाल विकास विभाग के अंतर्गत कार्यरत आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिकाएं दशकों से शासन की जन्म पंजीयन, पोषण अभियान, टीकाकरण, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य कार्यक्रम, लाड़ली बहना योजना, मतदाता पुनरीक्षण, जनगणना, ग्राम सभाओं सहित अन्य शासकीय जनकल्याणकारी योजनाओं को सफलतापूर्वक जमीनी स्तर पर संचालित कर रही हैं। इसके बावजूद, उन्हें आज तक न्यूनतम सुविधाएं और सम्मानजनक मानदेय उपलब्ध नहीं हो पाया है। उन्होंने यह भी बताया कि विभागीय कार्यों के अतिरिक्त बीएलओ कार्य, फायलेरिया एवं मलेरिया सर्वे, मच्छरदानी वितरण, शौचालय सर्वे, विभिन्न एनजीओ कार्यक्रमों में सहयोग और अन्य प्रशासनिक गतिविधियां भी लगातार उनसे कराई जाती हैं, जिससे उनके मूल विभागीय कार्य प्रभावित होते हैं और उन्हें प्रताड़ना तथा मानदेय कटौती जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ता है। संघ की उपाध्यक्ष आरती शारदे ने अपने बयान में कहा कि लगातार बढ़ते कार्यभार और बेहद कम मानदेय के कारण कार्यकर्ता गंभीर आर्थिक और मानसिक तनाव से गुजर रही हैं। वहीं, संघ की एक अन्य उपाध्यक्ष संतोषी मालवीया ने आरोप लगाया कि कई बार अतिरिक्त कार्यों में सहयोग न करने पर उन्हें पद से हटाने की चेतावनी भी दी जाती है, जिससे कर्मचारियों में व्यापक असंतोष पनप रहा है। संघ ने स्पष्ट किया कि उनकी मांगों को लेकर चरणबद्ध आंदोलन पहले से ही जारी है, जिसमें काली पट्टी बांधकर विरोध प्रदर्शन और अधिकारियों व जनप्रतिनिधियों को ज्ञापन सौंपने जैसे कार्यक्रम शामिल हैं। वर्तमान में कई स्थानों पर ऑनलाइन और ऑफलाइन कार्यों का बहिष्कार भी किया जा रहा है। ज्ञापन के माध्यम से शासन से यह मांग की गई है कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं एवं सहायिकाओं की समस्याओं का समयबद्ध निराकरण किया जाए, ताकि कर्मचारियों में बढ़ता आक्रोश शांत हो सके और जनकल्याणकारी योजनाओं का संचालन बाधित न हो। संघ ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही समाधान नहीं निकाला गया तो उनके आंदोलन को और भी व्यापक रूप दिया जाएगा।1
- लगातार पड़ रही भीषण गर्मी के बीच बुधवार शाम कालीबावड़ी में मौसम ने अचानक करवट ली। शाम करीब 5 बजे से 5:20 बजे तक हुई तेज बारिश से इलाके में ठंडक फैल गई, जिससे लोगों को भीषण गर्मी से बड़ी राहत मिली। हालांकि, इस बारिश का सबसे ज्यादा असर साप्ताहिक हाट बाजार पर देखने को मिला। तेज हवा के साथ हुई बारिश ने बाजार में अफरा-तफरी मचा दी, जिससे कई दुकानदारों के तंबू उड़ गए। हरी सब्जी विक्रेताओं सहित अन्य व्यापारियों को भारी नुकसान उठाना पड़ा, और कई दुकानदार अपने सामान तथा तंबू बचाने की कोशिश में खुद भीगते नजर आए। वहीं, दूसरी ओर यह बारिश किसानों के लिए बेहद राहत भरी साबित हुई है। जिन किसानों ने गर्मी के कपास की बुवाई कर दी है, उनके लिए यह बारिश काफी फायदेमंद मानी जा रही है। जून महीने में लगातार दूसरी बार हुई इस बारिश से किसानों के चेहरे खुशी से खिल उठे हैं।4
- विश्व साइकिल दिवस के अवसर पर, पानसेमल नगर में साइकिल प्रेमियों ने एक साइकिल रैली का आयोजन किया, जिसके माध्यम से उन्होंने जागरूकता का संदेश दिया। इस रैली को नगर परिषद अध्यक्ष ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।1
- अखिल भारतीय त्रिवेदी मेवाड़ा ब्राह्मण संस्थान उदयपुर द्वारा प्रस्तावित सामाजिक भवन के भूमि पूजन कार्यक्रम के सिलसिले में कुशलगढ़ से एक प्रतिनिधिमंडल रतलाम पहुँचा। इस अवसर पर, प्रतिनिधिमंडल ने भगवान नागेश्वर मंदिर में अभिषेक कर भगवान का आशीर्वाद प्राप्त किया। इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य रतलाम समाज की कार्यक्रम में सहभागिता सुनिश्चित करना था। प्रतिनिधिमंडल ने गंगा आश्रम रतलाम में संस्थान उदयपुर के प्रतिनिधियों से मुलाकात की, जिनमें राष्ट्रीय उपाध्यक्ष अ. सौ. तिलोत्तमा पण्ड्या, राष्ट्रीय संगठन मंत्री अनुराधा उपाध्याय और मीडिया प्रभारी अरुण जोशी व उनके साथी शामिल थे। आगंतुकों ने भगवान नागेश्वर की पूजा-अर्चना और अभिषेक किया, साथ ही प्रस्तावित भवन के भूमि पूजन से लेकर ध्वजारोहण तक और अनंत काल तक कृपा बनाए रखने के लिए आशीर्वाद मांगा। इस दौरान स्थानीय समाज अध्यक्ष पं. सुरेश चन्द्र जोशी, कार्यकारिणी सदस्य और उदयपुर संस्थान कार्यकारिणी प्रतिनिधि पं. डाँ. ओमप्रकाश जोशी, जितेंद्र प्रकाश भट्ट, ब्रजेंद्र नंदन महेता, हरिवंश शर्मा, मनीष व्यास, प्रवीण रावल भी उपस्थित रहे। 'अतिथि देवो भव' के भाव से सत्कार के बाद, स्थानीय सदस्यों के द्वार पर पीले चावल रखकर निमंत्रण पत्र दिए गए, जिसमें सभी से प्रस्तावित निर्माण के कार्यक्रमों में अपनत्व भाव से सहयोगी बनने और उत्साहपूर्वक सम्मिलित होने का मनुहार किया गया। इस आह्वान पर, समस्त समाज जनों ने भगवान एकलिंग नाथ जी के आदेश को शिरोधार्य किया। इस संक्षिप्त, किंतु भावविभोर कार्यक्रम के लिए साधुवाद और आभार व्यक्त किया गया।4
- आलीराजपुर जिले में आबकारी विभाग ने अवैध मदिरा के आसवन, कब्जा, परिवहन, विक्रय और चौर्यनयन के विरुद्ध चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत बड़ी कार्रवाई की है। दिनांक 03.06.2026 को वृत्त आलीराजपुर के ग्राम हरदासपुर थाना आम्बुआ में एक सूने मकान से छुपाकर रखी गई 36 पेटी अवैध मदिरा जब्त की गई है, जिसकी अनुमानित कीमत लगभग ₹1,70,000 बताई गई है। जब्त की गई मदिरा में अंबी वाइन, पंजाब में विक्रय होने वाली ट्यूबर्ग बीयर, रॉयल स्टैग और बैगपाइपर व्हिस्की आदि शामिल हैं। मदिरा की मात्रा 50 बल्क लीटर से अधिक होने पर इसे आबकारी विभाग ने अपने कब्जे में ले लिया है। इस मामले में मध्य प्रदेश आबकारी अधिनियम की धारा 34(1) और 34(2) के तहत एक अज्ञात आरोपी के विरुद्ध प्रकरण दर्ज कर विवेचना में लिया गया है। यह कार्रवाई इंदौर संभाग उपायुक्त आबकारी श्री इंदरसिंह जामोद और आलीराजपुर कलेक्टर श्रीमती नीतू माथुर के आदेशानुसार, तथा जिला आबकारी अधिकारी श्री आर.एस. राय के निर्देश पर की गई। सहायक जिला आबकारी अधिकारी श्री जी.एस. रावत के नेतृत्व में आबकारी उपनिरीक्षक सुश्री जयश्री त्रिपाठी द्वारा सर्वश्री गंभीरसिंह वास्कले, मोहित बिरला, प्रधान आरक्षक शैलेन्द्र रावत, अमानुल्लाह खान, आरक्षक कालू सिंह बघेल, हितेंद्र सिंह चावड़ा, आयुष रावत, विवेक बरडे और सैनिक सिलास की संयुक्त टीम के सहयोग से मदिरा जब्त की गई। जिलाधिकारी ने बताया कि अवैध मदिरा और अन्य मादक द्रव्य/पदार्थ के विरुद्ध विभाग की कार्रवाई निरंतर जारी रहेगी।1