प्रबोधक संघ का जिला सम्मेलन में पुरानी सेवा की गणना की उठी मांग शाहपुरा भैरू लाल लक्षकार अखिल राजस्थान प्रबोधक संघ कोटडी ब्लॉक में बनका खेड़ा पंचायत स्थित श्री देवनारायण मंदिर मोचडियो का मंड में जिला शैक्षिक सम्मेलन आयोजित हुआ। प्रबोधक संघ के जिलाध्यक्ष किशन सिंह के अनुसार प्रबोधक जिला शैक्षिक सम्मेलन बनका खेड़ा पंचायत स्थित श्री देवनारायण मंदिर मोचडियो का मंड में 18 वा जिला शैक्षिक सम्मेलन कोटड़ी भाजपा मंडल अध्यक्ष प्रहलाद सेन के मुख्य आतिथ्य आरम्भ हुआ। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि प्रबोधको की वाजिब मांग है जिसको सरकार तक पहुंचाएंगे। वही कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रबोधक संघ के जिला अध्यक्ष किशन सिंह राठौड़ ने की। जिसमें जिले की पंचायत समितियां के प्रबोधक शिक्षको ने भाग लिया । सम्मेलन में विद्यालय हित में होने वाली विभिन्न गतिविधियों, छात्र-छात्राओं के नामांकन गुणवत्तापूर्ण शिक्षण एवं नवाचार से संबंधित साथ ही प्रबोधकों की विभिन्न समस्याओं के बारे में मंथन किया गया। जिसमें प्रबोधको की एक ही मुख्य मांग पुरानी सेवा गणना की उठी। विशिष्ट अतिथि पंचायत समिति सदस्य दिलीप सिंह महाराज सा,पूर्व जिला परिषद सदस्य धर्मचंद जीनगर, पूर्व जिला परिषद सदस्य अमरचंद गाडरी,भीलवाड़ा के प्रारंभिक जिला शिक्षा अधिकारी रामेश्वर लाल जीनगर,अतिरिक्त प्रारंभिक जिला शिक्षा अधिकारी जगजितेंद्र सिंह,कोटडी के मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी जगदीश प्रसाद मीणा, बिजोलिया के मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी राजेश शर्मा, पूर्व मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी रामेश्वर बाल्दी, पूर्व मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी उदयलाल स्वर्णकार, सत्यनारायण शास्त्री, सुठेपा के पूर्व सरपंच रमेश चंद्र शर्मा, कर्मचारी महासंघ के जिला अध्यक्ष ईश्वर सिंह तंवर, एकीकृत शिक्षक संघ के प्रदेश अध्यक्ष सीपी जोशी, अखिल राजस्थान प्रबोधक संघ के प्रदेश उपाध्यक्ष नरेंद्र सिंह राणावत,आईटी सेल प्रदेश प्रभारी गजराज सिंह राठौड़, जिला अध्यक्ष किशन सिंह राठौड़,जिला वरिष्ठ महामंत्री ललित तिवारी ब्लॉक अध्यक्ष देवराज सिंह, संयोजक मंडल के हरिशंकर जाट,विमल आचार्य ने समारोह को संबोधित किया। इस अवसर पर सेवानिवृत्ति होने वाले प्रबोधको, उत्कृष्ट कार्य करने वाले प्रबोधको को सम्मानित किया गया। इस अवसर पर भीलवाड़ा जिले से विभिन्न पंचायत समितियो के गांव गांव ढाणी मजरों से प्रबोधको एवं शिक्षक जनप्रतिनिधियों ने भाग लिया। इस अवसर पर उपस्थित अतिथियों का अभिनंदन किया गया। कार्यक्रम का मंच नरेंद्र सिंह राणावत ने किया l
प्रबोधक संघ का जिला सम्मेलन में पुरानी सेवा की गणना की उठी मांग शाहपुरा भैरू लाल लक्षकार अखिल राजस्थान प्रबोधक संघ कोटडी ब्लॉक में बनका खेड़ा पंचायत स्थित श्री देवनारायण मंदिर मोचडियो का मंड में जिला शैक्षिक सम्मेलन आयोजित हुआ। प्रबोधक संघ के जिलाध्यक्ष किशन सिंह के अनुसार प्रबोधक जिला शैक्षिक सम्मेलन बनका खेड़ा पंचायत स्थित श्री देवनारायण मंदिर मोचडियो का मंड में 18 वा जिला शैक्षिक सम्मेलन कोटड़ी भाजपा मंडल अध्यक्ष प्रहलाद सेन के मुख्य आतिथ्य आरम्भ हुआ। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि प्रबोधको की वाजिब मांग है जिसको सरकार तक पहुंचाएंगे। वही कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रबोधक संघ के जिला अध्यक्ष किशन सिंह राठौड़ ने की। जिसमें जिले की पंचायत समितियां के प्रबोधक शिक्षको ने भाग लिया । सम्मेलन में विद्यालय हित में होने वाली विभिन्न गतिविधियों, छात्र-छात्राओं के नामांकन गुणवत्तापूर्ण शिक्षण एवं नवाचार से संबंधित साथ ही प्रबोधकों की विभिन्न समस्याओं के बारे में मंथन किया गया। जिसमें प्रबोधको की एक ही मुख्य मांग पुरानी सेवा गणना की उठी। विशिष्ट अतिथि पंचायत समिति सदस्य दिलीप सिंह महाराज सा,पूर्व जिला
परिषद सदस्य धर्मचंद जीनगर, पूर्व जिला परिषद सदस्य अमरचंद गाडरी,भीलवाड़ा के प्रारंभिक जिला शिक्षा अधिकारी रामेश्वर लाल जीनगर,अतिरिक्त प्रारंभिक जिला शिक्षा अधिकारी जगजितेंद्र सिंह,कोटडी के मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी जगदीश प्रसाद मीणा, बिजोलिया के मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी राजेश शर्मा, पूर्व मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी रामेश्वर बाल्दी, पूर्व मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी उदयलाल स्वर्णकार, सत्यनारायण शास्त्री, सुठेपा के पूर्व सरपंच रमेश चंद्र शर्मा, कर्मचारी महासंघ के जिला अध्यक्ष ईश्वर सिंह तंवर, एकीकृत शिक्षक संघ के प्रदेश अध्यक्ष सीपी जोशी, अखिल राजस्थान प्रबोधक संघ के प्रदेश उपाध्यक्ष नरेंद्र सिंह राणावत,आईटी सेल प्रदेश प्रभारी गजराज सिंह राठौड़, जिला अध्यक्ष किशन सिंह राठौड़,जिला वरिष्ठ महामंत्री ललित तिवारी ब्लॉक अध्यक्ष देवराज सिंह, संयोजक मंडल के हरिशंकर जाट,विमल आचार्य ने समारोह को संबोधित किया। इस अवसर पर सेवानिवृत्ति होने वाले प्रबोधको, उत्कृष्ट कार्य करने वाले प्रबोधको को सम्मानित किया गया। इस अवसर पर भीलवाड़ा जिले से विभिन्न पंचायत समितियो के गांव गांव ढाणी मजरों से प्रबोधको एवं शिक्षक जनप्रतिनिधियों ने भाग लिया। इस अवसर पर उपस्थित अतिथियों का अभिनंदन किया गया। कार्यक्रम का मंच नरेंद्र सिंह राणावत ने किया l
- प्रबोधक संघ का जिला सम्मेलन में पुरानी सेवा की गणना की उठी मांग शाहपुरा भैरू लाल लक्षकार अखिल राजस्थान प्रबोधक संघ कोटडी ब्लॉक में बनका खेड़ा पंचायत स्थित श्री देवनारायण मंदिर मोचडियो का मंड में जिला शैक्षिक सम्मेलन आयोजित हुआ। प्रबोधक संघ के जिलाध्यक्ष किशन सिंह के अनुसार प्रबोधक जिला शैक्षिक सम्मेलन बनका खेड़ा पंचायत स्थित श्री देवनारायण मंदिर मोचडियो का मंड में 18 वा जिला शैक्षिक सम्मेलन कोटड़ी भाजपा मंडल अध्यक्ष प्रहलाद सेन के मुख्य आतिथ्य आरम्भ हुआ। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि प्रबोधको की वाजिब मांग है जिसको सरकार तक पहुंचाएंगे। वही कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रबोधक संघ के जिला अध्यक्ष किशन सिंह राठौड़ ने की। जिसमें जिले की पंचायत समितियां के प्रबोधक शिक्षको ने भाग लिया । सम्मेलन में विद्यालय हित में होने वाली विभिन्न गतिविधियों, छात्र-छात्राओं के नामांकन गुणवत्तापूर्ण शिक्षण एवं नवाचार से संबंधित साथ ही प्रबोधकों की विभिन्न समस्याओं के बारे में मंथन किया गया। जिसमें प्रबोधको की एक ही मुख्य मांग पुरानी सेवा गणना की उठी। विशिष्ट अतिथि पंचायत समिति सदस्य दिलीप सिंह महाराज सा,पूर्व जिला परिषद सदस्य धर्मचंद जीनगर, पूर्व जिला परिषद सदस्य अमरचंद गाडरी,भीलवाड़ा के प्रारंभिक जिला शिक्षा अधिकारी रामेश्वर लाल जीनगर,अतिरिक्त प्रारंभिक जिला शिक्षा अधिकारी जगजितेंद्र सिंह,कोटडी के मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी जगदीश प्रसाद मीणा, बिजोलिया के मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी राजेश शर्मा, पूर्व मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी रामेश्वर बाल्दी, पूर्व मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी उदयलाल स्वर्णकार, सत्यनारायण शास्त्री, सुठेपा के पूर्व सरपंच रमेश चंद्र शर्मा, कर्मचारी महासंघ के जिला अध्यक्ष ईश्वर सिंह तंवर, एकीकृत शिक्षक संघ के प्रदेश अध्यक्ष सीपी जोशी, अखिल राजस्थान प्रबोधक संघ के प्रदेश उपाध्यक्ष नरेंद्र सिंह राणावत,आईटी सेल प्रदेश प्रभारी गजराज सिंह राठौड़, जिला अध्यक्ष किशन सिंह राठौड़,जिला वरिष्ठ महामंत्री ललित तिवारी ब्लॉक अध्यक्ष देवराज सिंह, संयोजक मंडल के हरिशंकर जाट,विमल आचार्य ने समारोह को संबोधित किया। इस अवसर पर सेवानिवृत्ति होने वाले प्रबोधको, उत्कृष्ट कार्य करने वाले प्रबोधको को सम्मानित किया गया। इस अवसर पर भीलवाड़ा जिले से विभिन्न पंचायत समितियो के गांव गांव ढाणी मजरों से प्रबोधको एवं शिक्षक जनप्रतिनिधियों ने भाग लिया। इस अवसर पर उपस्थित अतिथियों का अभिनंदन किया गया। कार्यक्रम का मंच नरेंद्र सिंह राणावत ने किया l2
- *दशलक्षण पर्व तृतीय दिवस को आर्जव धर्म पर्व के रूप मे*मनाया* *आर्जव धर्म आत्मा का स्वभाव है, हर प्राणी में मौजूद है, पुरुषार्थ के द्वारा प्राप्त किया जा सकता है-आर्यिका सुरम्य मतीजी* *दशलक्षण पर्व तृतीय दिवस को आर्जव धर्म पर्व के रूप मे*मनाया* *आर्जव धर्म आत्मा का स्वभाव है, हर प्राणी में मौजूद है, पुरुषार्थ के द्वारा प्राप्त किया जा सकता है-आर्यिका सुरम्य मतीजी* .*केकड़ी 18 सितम्बर (ब्यूरो )* आर्जव धर्म आत्मा का स्वभाव है, हर प्राणी में मौजूद है, पुरुषार्थ के द्वारा प्राप्त किया जा सकता है। परिणामों में सरलता निर्मलता भाव रखना होता है। वक्रता, कुटिलता एवं मायाचार को छोड़कर ऋजुता, सरलता, अवक्रता, अपना कर आर्जव धर्म का पालन करने की आवश्यकता है। जिसके चित्त में रागाद्वेष भरा है उसे आत्म दर्शन की अनुभूति नहीं होती है। यदि चित्त में कुटिलता है तो धर्म जगत में प्रवेश नहीं हो सकते। अंतरंग विशुद्धि के बिना बाह्य वेश का कोई महत्त्व नहीं है। जिस समय स्पर्शन इंद्रिय की तीव्र लोलुपता हो जाती है, उस समय अपनी वासनाओं की पूर्ति के लिए कुटिल प्रपंचो को रच लेते हैं। आर्जव धर्म मनुष्य का आभूषण है, सुख शांति के इच्छुक मानव को भव्य जीव दुःख का कारण मायाचारी को छोड़ देना चाहिए। आर्जव धर्म हृदय को स्वच्छ रखने की शिक्षा देता है। सरल परिणामी जीव सर्व मान्य होता है, और यही रत्नत्रय धर्म का भी अधिकारी होता है। जो प्राणी अपने जीवन को सरल बना लेता है परमात्मा के समीप भी पहुंच सकता है। क्रोध में लिया गया निर्णय और जल्दबाजी में बोला गया शब्द दोनों बाद में पछतावा देते हैं। जीवन में गया हुआ पैसा वापस आ सकता है लेकिन बीता हुआ समय कभी भी वापस नहीं आ सकता है। संस्कार जीवन को सार्थक बनाते हैं। निष्कलंक, राग द्वेष रहित भावना बनाने से ही आर्जव धर्म प्रकट हो सकता है। लक्ष्य सही सरल होना चाहिए। कषाय भाव वाले व्यक्ति को ठग लेते हैं ऐसे मायाचारी से बच कर रहना चाहिए। आचार्य सुन्दरसागर महाराज की शिष्या आर्यिका सुरम्यमति माताजी ने चातुर्मासिक धर्म देशना के अंतर्गत आयोजित धर्म सभा में अपने धर्मोपदेश में कहे। प्रातः जिनाभिषेक, शांतिधारा, जिनेन्द्र अर्चना सहित दैनिक धार्मिक क्रियाएं आर्यिका संघस्थ के सान्निध्य में सम्पन्न हुई। मध्यान्ह में आर्यिका माताजी द्वारा दैनिक स्वाध्याय के अंतर्गत उमास्वामी विरचित तत्त्वार्थ सूत्र के तीसरे अध्याय का विवेचन एवं जिज्ञासा समाधान किया। मीडिया प्रभारी रमेश बंसल एवं पारस जैन ने बताया कि आचार्यश्री के चित्र अनावरण दीप प्रज्वलन पाद प्रक्षालन एवं शास्त्र भेंट सौधर्म इंद्र परिवार द्वारा किया गया। बा.ब्र. कनक दीदी एवं पं. निकेत शास्त्री के निर्देशन में मय संगीत सस्वर गान के साथ सौधर्म इंद्र परिवार द्वारा दश लक्षण धर्म विधान के आर्जव धर्म की पूजन एवं स्थापना की गई एवं सकल दिगंबर जैन धर्मावलंबियों ने श्रद्धा भक्ति के साथ पूजा आराधना की गई। सौधर्म इंद्र बनने का सौभाग्य टीकमचंद, विपिन कुमार, जितेश कुमार, सानिध्य मित्तल रामथला परिवार ने प्राप्त किया। श्री जी की शांतिधारा करने का पुण्यार्जन विमल कुमार, चेतन कुमार, अभिषेक, मोहित, नीरज, आशीष, ऋषभ बंसल बिसून्दनी परिवार एवं भागचन्द, विजय कुमार, संचित, नमित धून्धरी परिवार ने प्राप्त किया। दिलीप जैन के अनुसार शाम को आरती, जिनाभिषेक एवं आर्यिका माताजी द्वारा आनंद यात्रा, सामायिक, प्रतिक्रमण कराया गया। श्री नेमिनाथ पाठशाला के बच्चों द्वारा फैंसी ड्रेस प्रतियोगिता अलका जैन कुहाड़ा के निर्देशन में हुई।4
- अनुकम्पा स्काई सिटी क्लाउड्स बिलिया में गणेश उत्सव खेल प्रतियोगिता अनुकम्पा स्काई सिटी क्लाउड्स बिलिया, भीलवाड़ा आवरी माता चौक के पास कालोनी में गणेश उत्सव बड़े ही जोश उल्लास से मनाया जा रहा हे ,गुरुवार 17.09.2026 को आरती ,नित्य भजन के बाद खेल प्रतियोगिता आयोजित की गई , बच्चो ओर सभी सदस्यों के लिए मनोरंजन गेम करवाए गए, कपल ओर पार्टनर गेम बड़े ही रोचक थे ,पत्नी की आवाज पहचानो ,माला पहनाओं ,इत्यादि हुए ।4
- RTI से मिली कॉपियों में मूल्यांकन को लेकर विद्यार्थियों ने जताई आपत्ति, रिवैल्यूएशन में बदले अंक लोकेशन भीलवाड़ा राजस्थान राजाराम जैन MDSU की उत्तरपुस्तिकाओं की जांच पर उठे गंभीर सवाल RTI से मिली कॉपियों में मूल्यांकन को लेकर विद्यार्थियों ने जताई आपत्ति, रिवैल्यूएशन में बदले अंक भीलवाड़ा। महर्षि दयानंद सरस्वती विश्वविद्यालय (MDSU), अजमेर की परीक्षा मूल्यांकन व्यवस्था को लेकर विद्यार्थियों के बीच असंतोष सामने आया है। विद्यार्थियों का आरोप है कि कई मामलों में उत्तरपुस्तिकाओं का समुचित मूल्यांकन नहीं किया गया, जिसके चलते उन्हें अपेक्षा से कम अंक मिले और कई विद्यार्थी अनुत्तीर्ण हो गए। मामला उस समय और गंभीर हो गया, जब कुछ विद्यार्थियों ने सूचना के अधिकार (RTI) के माध्यम से अपनी परीक्षा उत्तरपुस्तिकाओं की प्रतियां प्राप्त कीं। विद्यार्थियों के अनुसार, इन उत्तरपुस्तिकाओं में लिखे गए उत्तरों और दिए गए अंकों के बीच कथित रूप से कई विसंगतियां सामने आई हैं। कुछ विद्यार्थियों का कहना है कि उत्तर लिखे होने के बावजूद संबंधित प्रश्नों में अंक नहीं दिए गए या अपेक्षाकृत कम अंक प्रदान किए गए। वहीं, रिवैल्यूएशन के बाद कुछ विद्यार्थियों के अंकों में बदलाव होने की बात भी सामने आई है। विद्यार्थियों का कहना है कि यदि पहली बार उत्तरपुस्तिकाओं का मूल्यांकन पूरी तरह निर्धारित मापदंडों के अनुसार किया गया था, तो पुनर्मूल्यांकन के दौरान अंकों में अंतर कैसे सामने आया। विश्वविद्यालय से उठाए सवाल इसी संदर्भ में माणिक्यलाल वर्मा महाविद्यालय (अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद) भीलवाड़ा के इकाई सचिव विठ्ठल शर्मा ने विश्वविद्यालय की मूल्यांकन प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की है। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों के भविष्य से जुड़े परीक्षा परिणामों में पारदर्शिता अत्यंत आवश्यक है और RTI के माध्यम से प्राप्त उत्तरपुस्तिकाओं में यदि मूल्यांकन संबंधी विसंगतियां सामने आ रही हैं, तो विश्वविद्यालय को इसकी गंभीरता से जांच करनी चाहिए। विठ्ठल शर्मा ने विश्वविद्यालय से सवाल किया कि यदि विद्यार्थियों द्वारा RTI के माध्यम से प्राप्त उत्तरपुस्तिकाओं में लिखे गए उत्तरों के अनुरूप अंक नहीं दिए गए हैं और रिवैल्यूएशन में अंकों में बदलाव हुआ है, तो ऐसी स्थिति के लिए जिम्मेदारी किसकी है और मूल्यांकन प्रक्रिया की निगरानी किस प्रकार की जाती है। निष्पक्ष जांच की मांग विद्यार्थियों की ओर से मांग की गई है कि RTI के माध्यम से प्राप्त उत्तरपुस्तिकाओं और रिवैल्यूएशन के परिणामों की निष्पक्ष जांच कराई जाए। साथ ही, यदि जांच में मूल्यांकन प्रक्रिया में किसी प्रकार की अनियमितता सामने आती है तो उसके लिए जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की जाए और प्रभावित विद्यार्थियों को उचित राहत दी जाए। परीक्षा परिणाम विद्यार्थियों के आगे के अध्ययन, प्रवेश और करियर को सीधे प्रभावित करते हैं। ऐसे में विद्यार्थियों का कहना है कि उत्तरपुस्तिकाओं का मूल्यांकन पारदर्शी, निष्पक्ष और निर्धारित नियमों के अनुसार होना चाहिए। मामले में MDSU प्रशासन का आधिकारिक पक्ष सामने आना भी महत्वपूर्ण है, ताकि RTI में प्राप्त उत्तरपुस्तिकाओं और रिवैल्यूएशन में सामने आए अंकों के अंतर की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सके।1
- ब्रेकिंग न्यूज " गुदली में ग्रामीणों ने पैंथर को पकड़ा, वन विभाग को दी सूचना, कर्मचारियों ने पिंजरे में सुरक्षित रेस्क्यू कर उपचार के लिए पहुंचाया भीलवाड़ा :राजकुमार गोयल " ब्रेकिंग न्यूज " गुदली में ग्रामीणों ने पैंथर को पकड़ा, वन विभाग को दी सूचना, कर्मचारियों ने पिंजरे में सुरक्षित रेस्क्यू कर उपचार के लिए पहुंचाया भीलवाड़ा :राजकुमार गोयल गुदली। ग्राम पंचायत कोचरिया के निकट स्थित गुदली ग्राम पंचायत क्षेत्र में आज ग्रामीणों ने एक पैंथर को देखकर हिम्मत दिखाते हुए उसे पकड़ लिया। इसके बाद ग्रामीणों ने तत्काल वन विभाग को सूचना दी। सूचना मिलने पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और पैंथर को सुरक्षित रूप से पिंजरे में रेस्क्यू किया। इसके बाद वन विभाग के कर्मचारियों ने पैंथर को उपचार के लिए सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया। वन विभाग के अधिकारियों के अनुसार पैंथर बीमार एवं कमजोर स्थिति में था, जिसके कारण वह ग्रामीणों पर अधिक आक्रामक तरीके से हमला नहीं कर पाया। ग्रामीणों ने सावधानी बरतते हुए उसे पकड़कर वन विभाग के सुपुर्द कर दिया। पैंथर के मिलने की सूचना से क्षेत्र में कुछ समय के लिए कौतूहल का माहौल बन गया। वन विभाग की टीम ने पैंथर को सुरक्षित रेस्क्यू कर उपचार के लिए पहुंचाया। अधिकारियों द्वारा उसके स्वास्थ्य की जांच एवं आवश्यक उपचार किया जा रहा है। ग्रामीणों की तत्परता और वन विभाग की टीम की कार्रवाई से पैंथर को सुरक्षित बचाकर उपचार के लिए पहुंचाया जा सका।1
- तीन दिवसीय सवाई भोज मेला पूरे परवान पर नगर पालिका आसींद द्वारा किया जाता है तीन दिवसीय पशु मेले का आयोजित गुर्जर समाज का अंतरराष्ट्रीय तीर्थ स्थल श्री सवाई भोज भगवान देवनारायण मंदिर आसींद भगवान देवनारायण के नील घर घोड़े के 1115 वे अवतरण दिवस भादवी छठ पर गुर्जर समाज के अंतरराष्ट्रीय तीर्थ स्थल श्री सवाई भोज एवं भगवान देवनारायण के मंदिर पर भक्तों का आना जारी है वही पालिका प्रशासन द्वारा यहां पर तीन दिवसीय पशु मेले का आयोजन किया जाता है जिसके चलते आज दूसरे दिन मेले में हजारों की संख्या में लोगों की आवक जारी है साथ ही मनोरंजन के लिए बड़े-बड़े झूले चकरी एवं डोलरों में झूल कर लोग मेले का आनंद ले रहे हैं वही सुरक्षा को लेकर अतिरिक्त पुलिसकर्मी भी तैनात किए गए हैं तथा कल इस मेले का समापन हो जाएगा आसींद मंजूर 94138895964
- तीन थानों की की कार्यवाही में 25लाख का मादक पदार्थ जब्त, महिला सहित पांच आरोपी की गिरफ्तार। तीन थानों की की कार्यवाही में 25लाख का मादक पदार्थ जब्त, महिला सहित पांच आरोपी की गिरफ्तार। दूनी/टोंक(हरि शंकर माली)। पुलिस ने क्षेत्र में लगभग 25 लाख रुपए का मादक पदार्थ जप्त कर एक महिला सहित 5 आरोपी गिरफ्तार, अलग-अलग तीन थानों की कार्रवाई DST टीम टोंक व थाना मेहन्दवास, बरोनी व घाड़:- रोशन मीना SP टोेंक के निर्देशन में नशा मुक्त टोंक अभियान के तहत नशे के कारोबार को किया ध्वस्त। टोेंक पुलिस द्वारा अवैध नशे के विरुद्ध लगातार ताबडतोड़ कार्यवाही जारी, जिला स्पेशल टीम टोंक व तीन थानों की टीमों द्वारा अवैध नशे के विरूद्ध कार्यवाही करते हुये करीबन 22 लाख 50 हजार रुपये कीमत का 45 किलोग्राम अवैध मादक पदार्थ गांजा व 01 लाख 60 हजार रुपये कीमत की 08 ग्राम स्मैक बरामद। अवैध मादक पदार्थ परिवहन में प्रयुक्त 02 कार व 01 मोटरसाईकिल जब्त कर 05 आरोपीयो को गिरफतार किया जाकर 03 प्रकरण दर्ज किये गये। गिरफ्तार आरोपित लालाराम पुत्र कंवरपाल गुर्जर निवासी सोहेला सुनीता पत्नी लालाराम गुर्जर निवासी सोहेला, मुकेश महावर पुत्र बद्रीलाल कोली निवासी सुभाष नगर टोंक, मनोज पुत्र सीताराम निवासी दूनी , कालूराम गुर्जर पुत्र भंवर लाल गुर्जर निवासी कालाकांकरा दूनी1
- पालना जी देवनारायण मंदिर पर दो दिवसीय मेला श्रद्धा और भक्ति के साथ सम्पन्न हजारों श्रद्धालुओं ने किए भगवान देवनारायण के दर्शन, बगड़ावत गायन और भजनों से गूंजा मेला परिसर भीलवाड़ा :राजकुमार गोयल पालना जी देवनारायण मंदिर पर दो दिवसीय मेला श्रद्धा और भक्ति के साथ सम्पन्न हजारों श्रद्धालुओं ने किए भगवान देवनारायण के दर्शन, बगड़ावत गायन और भजनों से गूंजा मेला परिसर भीलवाड़ा :राजकुमार गोयल भीलवाड़ा के नेशनल हाईवे के समीप स्थित प्रसिद्ध श्री देवनारायण पालना जी धाम पर आयोजित दो दिवसीय वार्षिक मेला श्रद्धा, भक्ति और उत्साह के साथ सम्पन्न हुआ। श्री देवनारायण पालना जी मंदिर ट्रस्ट की ओर से आयोजित मेले में दूर-दराज के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। श्रद्धालुओं ने भगवान श्री देवनारायण के दर्शन कर सुख-समृद्धि की कामना की और अपनी मनोकामनाएं मांगी। मेले के प्रथम दिन बगड़ावत गायन की प्रस्तुति ने श्रद्धालुओं को भक्तिरस में सराबोर कर दिया। वहीं दूसरे दिन भजन गायकों की प्रस्तुतियों ने पूरे वातावरण को भक्तिमय बना दिया। भजनों पर श्रद्धालु देर तक झूमते नजर आए और मंदिर परिसर भगवान देवनारायण के जयकारों से गूंजता रहा। झंडे लेकर पहुंचे श्रद्धालु, डीजे की धुन पर झूमे भक्त पालना जी धाम की आस्था का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि दूर-दराज के क्षेत्रों से श्रद्धालु हाथों में ध्वजा और झंडे लेकर पैदल तथा वाहनों से मेले में पहुंचे। कई श्रद्धालु डीजे की धुन पर नाचते-गाते हुए भगवान देवनारायण के दरबार तक पहुंचे। मंदिर में दर्शन एवं पूजा-अर्चना के बाद श्रद्धालुओं ने अपनी मनोकामनाओं के पूर्ण होने की प्रार्थना की। चमत्कारी मान्यता से जुड़ा है पालना जी धाम स्थानीय मान्यता के अनुसार पालना जी धाम का संबंध भगवान श्री देवनारायण की बाल लीलाओं से है। मान्यता है कि इसी पवित्र स्थान पर भगवान देवनारायण को शेरनी ने दूध पिलाया था तथा उनके आशीर्वाद से सूखे पेड़ों में भी हरियाली आ गई थी। इन्हीं लोक मान्यताओं के चलते यह स्थान पालना जी देवनारायण धाम के नाम से प्रसिद्ध हुआ। श्रद्धालुओं में इस पवित्र स्थल के प्रति गहरी आस्था है और दूर-दूर से लोग यहां दर्शन करने पहुंचते हैं। पुलिस प्रशासन की पुख्ता व्यवस्था, श्रद्धालुओं को नहीं हुई परेशानी मेले में उमड़ी हजारों की भीड़ को देखते हुए पुलिस प्रशासन की ओर से भी सुरक्षा एवं यातायात की पुख्ता व्यवस्थाएं की गईं। पुलिस जवानों ने मेला स्थल एवं आसपास के क्षेत्रों में व्यवस्था संभाली तथा श्रद्धालुओं की आवाजाही को सुचारू बनाए रखने में सहयोग किया। पुलिस प्रशासन की मुस्तैदी के चलते मेले के दौरान किसी भी श्रद्धालु को किसी तरह की परेशानी का सामना नहीं करना पड़ा और मेला शांतिपूर्ण एवं व्यवस्थित तरीके से सम्पन्न हुआ। मेले में उमड़ा जनसैलाब, आकर्षण का केंद्र बनीं दुकानें दो दिवसीय मेले में विभिन्न प्रकार की स्टॉलें लगाई गईं। खान-पान की दुकानों पर तरह-तरह के व्यंजनों का लोगों ने आनंद लिया। वहीं बच्चों के लिए खिलौने, झूले, चकरी सहित मनोरंजन के विभिन्न साधन आकर्षण का केंद्र रहे। परिवार सहित पहुंचे लोगों ने खरीदारी के साथ मेले का जमकर आनंद लिया। श्री देवनारायण पालना जी मंदिर ट्रस्ट की ओर से श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए विभिन्न व्यवस्थाएं की गईं। ट्रस्ट की व्यवस्थाओं और पुलिस प्रशासन के सहयोग से दो दिवसीय धार्मिक मेला शांतिपूर्ण, सुरक्षित और भक्तिमय वातावरण में सम्पन्न हुआ। मेले के समापन पर श्रद्धालुओं ने भगवान श्री देवनारायण के जयकारे लगाए और अगले वर्ष पुनः मेले में आने का संकल्प लेकर विदाई ली।1