उत्तराखंड के बागेश्वर जनपद के कपकोट ब्लॉक स्थित विश्व प्रसिद्ध पिंडारी ग्लेशियर में ट्रैकिंग के दौरान नोएडा निवासी 28 वर्षीय अभिषेक चौहान के लापता हुए एक हफ़्ते से अधिक का समय बीत चुका है। उनकी खोज के लिए पुलिस और प्रशासन ने अपनी पूरी ताक़त झोंक दी है, जिसके तहत खाती गाँव से आगे पिंडारी घाटी के दुर्गम इलाकों में बड़े पैमाने पर सर्च एंड रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया जा रहा है। जिलाधिकारी बागेश्वर के निर्देशन में, गुमशुदा अभिषेक की तलाश के लिए कपकोट पुलिस, स्थानीय ग्रामीणों, SDRF, NDRF, फायर ब्रिगेड और वन विभाग की टीमें संयुक्त रूप से एक व्यापक अभियान चला रही हैं। क्षेत्र की चुनौतीपूर्ण भौगोलिक परिस्थितियों को देखते हुए, गहरी घाटियों, जंगलों और अत्यंत कठिन रास्तों में सुराग लगाने के लिए आधुनिक ड्रोन कैमरों और डॉग स्क्वायड की मदद ली जा रही है। टीमें घटना स्थल के आसपास के प्रत्येक हिस्से की बारीकी से छानबीन कर रही हैं। इसके साथ ही, पुलिस टीम अभिषेक के परिवार के साथ लगातार समन्वय बनाए हुए है और उनके दोस्तों, करीबियों तथा रिश्तेदारों से संपर्क कर हर संभावित इनपुट जुटाया जा रहा है। बागेश्वर पुलिस ने गुमशुदा के सुरक्षित बरामदगी के हर संभव प्रयास के तहत आसपास के सभी जनपदों और थानों को उनके पंपलेट भेजकर सूचित किया है। लापता युवक अभिषेक चौहान की पहचान 28 वर्षीय अभिषेक चौहान के रूप में हुई है, जिनके पिता का नाम रघुराज चौहान है। वह वर्तमान में नोएडा (दिल्ली एनसीआर) के निवासी हैं और मूल रूप से ग्राम शेखूपूरा, पोस्ट कन्डेला, तहसील कैराना, जिला शामली (उत्तर प्रदेश) के रहने वाले हैं। बागेश्वर पुलिस गुमशुदा की सुरक्षित बरामदगी के लिए हर संभव प्रयास कर रही है।
उत्तराखंड के बागेश्वर जनपद के कपकोट ब्लॉक स्थित विश्व प्रसिद्ध पिंडारी ग्लेशियर में ट्रैकिंग के दौरान नोएडा निवासी 28 वर्षीय अभिषेक चौहान के लापता हुए एक हफ़्ते से अधिक का समय बीत चुका है। उनकी खोज के लिए पुलिस और प्रशासन ने अपनी पूरी ताक़त झोंक दी है, जिसके तहत खाती गाँव से आगे पिंडारी घाटी के दुर्गम इलाकों में बड़े पैमाने पर सर्च एंड रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया जा रहा है। जिलाधिकारी बागेश्वर के निर्देशन में, गुमशुदा अभिषेक की तलाश के लिए कपकोट पुलिस, स्थानीय ग्रामीणों, SDRF, NDRF, फायर ब्रिगेड और वन विभाग की टीमें संयुक्त रूप से एक व्यापक अभियान चला रही हैं। क्षेत्र की चुनौतीपूर्ण भौगोलिक परिस्थितियों को देखते हुए, गहरी घाटियों, जंगलों और अत्यंत कठिन रास्तों में सुराग लगाने के लिए आधुनिक ड्रोन कैमरों और डॉग स्क्वायड की मदद ली जा रही है। टीमें घटना स्थल के आसपास के प्रत्येक हिस्से की बारीकी से छानबीन कर रही हैं। इसके साथ ही, पुलिस टीम अभिषेक के परिवार के साथ लगातार समन्वय बनाए हुए है और उनके दोस्तों, करीबियों तथा रिश्तेदारों से संपर्क कर हर संभावित इनपुट जुटाया जा रहा है। बागेश्वर पुलिस ने गुमशुदा के सुरक्षित बरामदगी के हर संभव प्रयास के तहत आसपास के सभी जनपदों और थानों को उनके पंपलेट भेजकर सूचित किया है। लापता युवक अभिषेक चौहान की पहचान 28 वर्षीय अभिषेक चौहान के रूप में हुई है, जिनके पिता का नाम रघुराज चौहान है। वह वर्तमान में नोएडा (दिल्ली एनसीआर) के निवासी हैं और मूल रूप से ग्राम शेखूपूरा, पोस्ट कन्डेला, तहसील कैराना, जिला शामली (उत्तर प्रदेश) के रहने वाले हैं। बागेश्वर पुलिस गुमशुदा की सुरक्षित बरामदगी के लिए हर संभव प्रयास कर रही है।
- उत्तराखंड के बागेश्वर जनपद के कपकोट ब्लॉक स्थित विश्व प्रसिद्ध पिंडारी ग्लेशियर में ट्रैकिंग के दौरान नोएडा निवासी 28 वर्षीय अभिषेक चौहान के लापता हुए एक हफ़्ते से अधिक का समय बीत चुका है। उनकी खोज के लिए पुलिस और प्रशासन ने अपनी पूरी ताक़त झोंक दी है, जिसके तहत खाती गाँव से आगे पिंडारी घाटी के दुर्गम इलाकों में बड़े पैमाने पर सर्च एंड रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया जा रहा है। जिलाधिकारी बागेश्वर के निर्देशन में, गुमशुदा अभिषेक की तलाश के लिए कपकोट पुलिस, स्थानीय ग्रामीणों, SDRF, NDRF, फायर ब्रिगेड और वन विभाग की टीमें संयुक्त रूप से एक व्यापक अभियान चला रही हैं। क्षेत्र की चुनौतीपूर्ण भौगोलिक परिस्थितियों को देखते हुए, गहरी घाटियों, जंगलों और अत्यंत कठिन रास्तों में सुराग लगाने के लिए आधुनिक ड्रोन कैमरों और डॉग स्क्वायड की मदद ली जा रही है। टीमें घटना स्थल के आसपास के प्रत्येक हिस्से की बारीकी से छानबीन कर रही हैं। इसके साथ ही, पुलिस टीम अभिषेक के परिवार के साथ लगातार समन्वय बनाए हुए है और उनके दोस्तों, करीबियों तथा रिश्तेदारों से संपर्क कर हर संभावित इनपुट जुटाया जा रहा है। बागेश्वर पुलिस ने गुमशुदा के सुरक्षित बरामदगी के हर संभव प्रयास के तहत आसपास के सभी जनपदों और थानों को उनके पंपलेट भेजकर सूचित किया है। लापता युवक अभिषेक चौहान की पहचान 28 वर्षीय अभिषेक चौहान के रूप में हुई है, जिनके पिता का नाम रघुराज चौहान है। वह वर्तमान में नोएडा (दिल्ली एनसीआर) के निवासी हैं और मूल रूप से ग्राम शेखूपूरा, पोस्ट कन्डेला, तहसील कैराना, जिला शामली (उत्तर प्रदेश) के रहने वाले हैं। बागेश्वर पुलिस गुमशुदा की सुरक्षित बरामदगी के लिए हर संभव प्रयास कर रही है।1
- बागेश्वर पुलिस ने बिना इंश्योरेंस, बिना प्रदूषण प्रमाण पत्र और बिना ड्राइविंग लाइसेंस के वाहन चलाने वालों के खिलाफ एक सख्त अभियान चलाया है। इस व्यापक कार्रवाई के दौरान, पुलिस ने कुल 22 वाहनों पर आवश्यक नियमों का पालन न करने के लिए कार्रवाई की।1
- अल्मोड़ा के हवालबाग में आयोजित राज्य स्तरीय "खेत बचाओ अभियान" कार्यक्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने किसानों से कृषि भूमि, मिट्टी और प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण का संकल्प लेने का आह्वान किया। इस दौरान उन्होंने अल्मोड़ा जनपद में लगभग छह करोड़ रुपये की लागत से तारबाड़ योजना के तहत कार्य कराए जाने की घोषणा भी की। मुख्यमंत्री ने इस अभियान को अब केवल एक सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि जनभागीदारी से जुड़ा जनआंदोलन बताया। मुख्यमंत्री धामी ने जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों के बीच मिट्टी की उर्वरा शक्ति बनाए रखने और पारंपरिक फसलों के संरक्षण की बढ़ती आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि किसान केवल अन्नदाता नहीं, बल्कि देश की शक्ति हैं और उनसे नियमित मिट्टी परीक्षण, जल संसाधनों के विवेकपूर्ण उपयोग तथा वैज्ञानिक सलाह के अनुरूप खेती अपनाने की अपील की। उन्होंने यह भी बताया कि किसानों की आय बढ़ाने के लिए राज्य बजट में ₹200 करोड़ का प्रावधान किया गया है। सरकार बागवानी, पॉलीहाउस, फलोत्पादन, कोल्ड स्टोरेज, मेगा फूड पार्क और सुगंधित फसलों को बढ़ावा देने के लिए विभिन्न योजनाएं चला रही है। प्रदेश में लगभग 23 हजार हेक्टेयर क्षेत्र में सुगंधित फसलों का उत्पादन प्रोत्साहित किया जा रहा है, साथ ही मोटे अनाजों को भी बढ़ावा दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने पर्यावरण संरक्षण और आर्थिक विकास को एक-दूसरे का पूरक बताया। कृषि मंत्री गणेश जोशी ने किसानों से प्राकृतिक और जैविक खेती अपनाने का आह्वान करते हुए कृषि क्षेत्र को मजबूत करने के लिए सरकार के निरंतर प्रयासों पर प्रकाश डाला। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में किसानों, महिला समूहों, जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने कृषि संरक्षण तथा जलवायु अनुकूल खेती को बढ़ावा देने का संकल्प लिया। उत्कृष्ट कार्य करने वाले किसानों को सम्मानित भी किया गया। कार्यक्रम में विधायक रानीखेत डॉ. प्रमोद नैनवाल, विधायक जागेश्वर मोहन सिंह मेहरा, विधायक सल्ट महेश जीना, जिला पंचायत अध्यक्ष हेमा गैड़ा, गंगा बिष्ट, गोविंद पिलख्वाल, मेयर अजय वर्मा, कृषि सचिव सुरेंद्र नारायण पांडे, मुख्य विकास अधिकारी रामजी शरण शर्मा, भाजपा जिलाध्यक्ष महेश नयाल सहित कई अन्य जनप्रतिनिधि, अधिकारी और जनता उपस्थित रहे।1
- एक पोस्ट के माध्यम से ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण में AIIMS की स्थापना के लिए आगामी तीन महीने बाद एक 'क्रांति' देखने की बात कही गई है। इस आह्वान के तहत, 'एक पोस्ट एक आवाज' के माध्यम से जनता से पूछा गया है कि क्या वे इस क्रांति के लिए तैयार हैं। यह 'जनता की आवाज' और 'पहाड़ के अधिकार' की मांग को दर्शाते हुए, 'गैरसैंण में AIIMS' की स्थापना को प्रमुख मुद्दा बनाया गया है। इसमें '2027 परिवर्तन' के लक्ष्य का भी जिक्र है, साथ ही 'कॉकराच जनता पार्टी' का भी उल्लेख किया गया है।1
- नैनीताल में झील के किनारे अपने अद्भुत जादुई हुनर से पर्यटकों को मंत्रमुग्ध कर देने वाले एक छोटे बच्चे का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। अपनी कम उम्र के बावजूद, यह बच्चा जिस निपुणता से जादू दिखाता है, उससे दर्शक दंग रह जाते हैं और हर ट्रिक के साथ तालियाँ अपने आप बजने लगती हैं। इस मासूम बच्चे के हुनर ने न सिर्फ इंटरनेट यूजर्स को भावुक कर दिया है, बल्कि देश के जाने-माने उद्योगपति और महिंद्रा ग्रुप के चेयरमैन आनंद महिंद्रा भी उसके टैलेंट के मुरीद हो गए हैं। आनंद महिंद्रा ने अपने एक्स (X) अकाउंट पर इस बच्चे का लगभग 1 मिनट 39 सेकंड का वीडियो साझा करते हुए उसकी मदद करने की इच्छा व्यक्त की है। वीडियो में, बच्चा अत्यंत आत्मविश्वास और मासूमियत के साथ जादू प्रदर्शित करता दिखाई देता है, और उसकी कला, प्रस्तुति तथा चेहरे के हावभाव ने हर किसी को गहराई से प्रभावित किया है। वीडियो के साथ आनंद महिंद्रा ने लिखा है कि यह बच्चा बेहद प्रतिभाशाली है और वे न केवल उसकी पढ़ाई में मदद करना चाहते हैं, बल्कि जादू के प्रति उसकी रुचि को भी आगे बढ़ाना चाहते हैं, ताकि वह दुनिया के सर्वश्रेष्ठ जादूगरों में से एक बन सके। उन्होंने यह भी पूछा कि क्या वह अक्सर नैनीताल की सड़कों पर प्रदर्शन करता है। आनंद महिंद्रा की इस संवेदनशील पहल की सोशल मीडिया पर भारी सराहना हो रही है। अब तक हजारों लोगों ने इस वीडियो को पसंद किया है, जबकि बड़ी संख्या में यूजर्स ने टिप्पणी और साझा कर बच्चे के उज्ज्वल भविष्य की कामना की है। नैनीताल की सड़कों पर अपने छोटे-छोटे हाथों से जादू दिखाने वाला यह बच्चा अब उम्मीद, प्रतिभा और सपनों की एक नई मिसाल बन गया है, जो सोशल मीडिया की उस खूबसूरती को उजागर करता है जहाँ गुमनाम प्रतिभाओं को पहचान मिलती है और किसी का भविष्य बदलने के लिए मदद के हाथ आगे बढ़ते हैं।1
- अल्मोड़ा के दौरे पर देवतुल्य जनता से मिले असीम स्नेह, आत्मीयता और अभूतपूर्व समर्थन से हृदय अभिभूत हो गया है। यह विश्वास और आशीर्वाद, प्रदेश के विकास एवं जनसेवा के प्रति हमारी प्रतिबद्धता को और अधिक दृढ़ करता है।1
- अंतरराष्ट्रीय हिंदू परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रवीण तोगड़िया शनिवार को टनकपुर पहुँचे, जहाँ उन्होंने शारदा घाट पर आयोजित माँ शारदा की भव्य आरती में भाग लिया और पूजा-अर्चना की। इस अवसर पर उन्होंने पर्यावरण संरक्षण, सामाजिक एकजुटता और सांस्कृतिक मूल्यों को मजबूत करने के लिए सभी से आह्वान किया।2
- सुरक्षित और सुगम यातायात सुनिश्चित करने की दिशा में एक और महत्वपूर्ण पहल हुई है। इस कदम के तहत, यातायात पुलिस को नए संसाधन प्राप्त हुए हैं, जिससे यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने में मदद मिलेगी।1