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कोटा, राजस्थान की ग्राम पंचायत देवली मांझी में सरकार का 'पिला पंजा' चला, जहाँ सरकारी जमीन को अतिक्रमण से मुक्त कराया गया। पंचायत भवन के सामने कई दिनों से आम जनता द्वारा सरकारी जमीन पर कब्जा किया गया था, जिसे आज ग्राम पंचायत ने प्रशासक की मदद से हटवा दिया। इस अवसर पर ग्राम पंचायत प्रशासक श्रीमती शंकुतला मेघवाल, नायब तहसीलदार, एसडियम साहब और अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
Ramavtar Meghwal
कोटा, राजस्थान की ग्राम पंचायत देवली मांझी में सरकार का 'पिला पंजा' चला, जहाँ सरकारी जमीन को अतिक्रमण से मुक्त कराया गया। पंचायत भवन के सामने कई दिनों से आम जनता द्वारा सरकारी जमीन पर कब्जा किया गया था, जिसे आज ग्राम पंचायत ने प्रशासक की मदद से हटवा दिया। इस अवसर पर ग्राम पंचायत प्रशासक श्रीमती शंकुतला मेघवाल, नायब तहसीलदार, एसडियम साहब और अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
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- ऐतिहासिक, धार्मिक और प्राकृतिक धरोहरों से समृद्ध झालावाड़ जिले में गागरोन दुर्ग आज भी सबसे प्रमुख पर्यटन पहचान बना हुआ है। देश-विदेश से पर्यटक इस विश्व प्रसिद्ध जलदुर्ग को देखने पहुंचते हैं, जिसकी स्थापत्य कला और ऐतिहासिक महत्व नदियों से घिरे होने के कारण इसे जिले के अन्य पर्यटन स्थलों से अलग पहचान दिलाता है। पर्यटन विशेषज्ञों के अनुसार, गागरोन दुर्ग झालावाड़ का सबसे चर्चित और सर्वाधिक आकर्षण वाला पर्यटन स्थल माना जाता है। इसकी मुख्य विशेषता यह है कि यह तीन ओर से जल से घिरा हुआ है, जिसके कारण इसे 'जलदुर्ग' की श्रेणी में शामिल किया गया है। यह स्थल ऐतिहासिक विरासत और प्राकृतिक सौंदर्य का अद्भुत संगम प्रस्तुत करता है। हालांकि झालरापाटन का सूर्य मंदिर, गढ़ पैलेस, चंद्रभागा मंदिर, भवानी नाट्यशाला और कोलवी की बौद्ध गुफाएं भी जिले के प्रमुख पर्यटन स्थलों में शामिल हैं, लेकिन लोकप्रियता और पहचान के मामले में गागरोन दुर्ग को जिले का नंबर-1 पर्यटन स्थल माना जाता है। पर्यटन से जुड़े लोगों का मानना है कि यदि गागरोन दुर्ग के आसपास आधारभूत सुविधाओं और प्रचार-प्रसार को और बढ़ावा दिया जाए, तो यह स्थल अंतरराष्ट्रीय स्तर पर और अधिक पर्यटकों को आकर्षित कर सकता है।1
- अमझार नदी में पानी की एक पाइपलाइन फटने से हजारों लीटर पानी लगातार बर्बाद हो रहा है, जिसके कारण गांव में पानी की गंभीर समस्या उत्पन्न हो गई है। जलदाय विभाग द्वारा इस ओर कोई ध्यान नहीं दिए जाने से ग्रामीणों में भारी आक्रोश है। यह घटना ईश्वरपुरा से अमझार को जोड़ने वाली संपर्क सड़क के निर्माण कार्य के दौरान हुई। अमझार नदी के ऊपर एक उच्च स्तरीय सीमेंट पुलिया का निर्माण कार्य भी चल रहा था, जो अब अंतिम चरण में है। पुलिया निर्माण के दौरान, एक जेसीबी मशीन ने अमझार में पानी की सप्लाई करने वाली पाइपलाइन को तोड़कर निकाल दिया, जिससे गांव में पानी की आपूर्ति बाधित हो गई। पाइपलाइन के क्षतिग्रस्त होने से गुस्साए ग्रामीणों ने जलदाय विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और क्षतिग्रस्त पाइपलाइन को जल्द से जल्द ठीक कराने की मांग की। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि प्रशासन ने पाइपलाइन को तुरंत दुरुस्त नहीं करवाया तो वे आंदोलन करेंगे। अभी गांव में पानी की सप्लाई टैंकरों से हो रही है, लेकिन ग्रामीणों का कहना है कि बारिश के मौसम में पानी के टैंकरों की सप्लाई बंद हो जाएगी। इसलिए, वे पानी की पाइपलाइन की स्थायी मरम्मत और नियमित पानी की आपूर्ति सुनिश्चित करने की मांग कर रहे हैं।4
- पिपलिया क्षेत्र के गुराडिया झाला गांव में थाना भवानीमंडी और पिपलिया चौकी पुलिस द्वारा एक संयुक्त साइबर जागरूकता अभियान का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में भवानीमंडी थाना से लटूर जी मीणा और उनकी टीम के साथ-साथ पिपलिया चौकी प्रभारी जयदीप सिंह और उनकी टीम ने भाग लिया। अभियान का मुख्य उद्देश्य ग्रामीणों को साइबर अपराधों से सुरक्षित रहने और उनसे बचाव के तरीकों के बारे में विस्तृत जानकारी प्रदान करना था।1
- हिमालय की पहाड़ियों में स्थित शिमला, कुल्लू और मनाली में सैलानी बेहद शानदार नज़ारों का आनंद ले रहे हैं। यहाँ का दृश्य इतना मनमोहक है कि जो एक बार इस जगह घूमने आता है, उसका वापस जाने का मन नहीं करता। अटल टनल के पास का नज़ारा वाकई देखने लायक है, जहाँ सैलानी हिमालय की वादियों में खूब लुत्फ़ उठा रहे हैं।4
- मंगलवार रात को कोटा जंक्शन पर पश्चिम मध्य रेलवे के कोटा मंडल का चिकित्सा दल 24 वर्षीय सोनी देवी के लिए देवदूत बनकर सामने आया, जिन्हें वलसाड-सूबेदारगंज स्पेशल ट्रेन (गाड़ी संख्या 04120) में यात्रा के दौरान अचानक प्रसव पीड़ा शुरू हो गई थी। मूसलाधार बारिश के बीच रेलवे चिकित्सा दल ने अपनी तत्परता दिखाते हुए चलती ट्रेन में सुरक्षित प्रसव करवाया। इस त्वरित कार्रवाई के परिणामस्वरूप मां और बच्चा दोनों सुरक्षित हैं। यह घटना रेलवे की त्वरित चिकित्सा व्यवस्था और मानवीय संवेदनशीलता का एक उत्कृष्ट उदाहरण है, जहां कोटा मंडल के चिकित्सा दल ने तूफानी बारिश में मां-बेटे का रक्षक बनकर एक नई मिसाल पेश की।1
- झालावाड़ में पुरुषोत्तम मास की कमला एकादशी के शुभ अवसर पर आज श्री कृष्ण गौशाला को एक विशेष भेंट प्राप्त हुई। मनोरमा देवी खंडेलवाल ने, जो स्वर्गीय बद्री केदार खंडेलवाल झालावाड़ की धर्मपत्नी हैं, गौशाला को सवा पांच किलो का घंटा सप्रेम भेंट किया। इस भेंट के साथ खंडेलवाल परिवार पर गौ माता की कृपा सदैव बनी रहने और उनके हर दिन मंगलमय होने की कामना की गई।1
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