हमीरपुर में सोमवार को मौदहा कस्बे के समाजवादी पार्टी कार्यालय में पूर्व राष्ट्रपति और प्रख्यात वैज्ञानिक डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम की पुण्यतिथि पर एक श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। इस अवसर पर पार्टी के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने डॉ. कलाम को श्रद्धांजलि अर्पित की। समाजवादी पार्टी के पूर्व जिला उपाध्यक्ष मेजर जावेद पहलवान ने डॉ. कलाम के व्यक्तित्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि डॉ. कलाम का जीवन सादगी, ईमानदारी, राष्ट्रभक्ति और वैज्ञानिक सोच का प्रतीक था। उन्होंने विज्ञान और प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में देश को नई पहचान दिलाई और युवाओं को बड़े सपने देखने तथा उन्हें साकार करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने बताया कि डॉ. कलाम का मानना था कि शिक्षा ही देश के विकास का सबसे सशक्त माध्यम है। कार्यक्रम में मौजूद अन्य वक्ताओं ने कहा कि राष्ट्रपति पद पर रहते हुए भी डॉ. कलाम ने अपनी सादगी और जनसरोकारों से लोगों का दिल जीता। उनका जीवन प्रत्येक नागरिक के लिए प्रेरणा का स्रोत है। वक्ताओं ने युवाओं से उनके आदर्शों को अपनाकर राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया। श्रद्धांजलि सभा में सरफराज, तबरेज, अंशु सोनकर, मुन्ना मेंबर, कुर्बान अली, मन्नू, मेराजुद्दीन, राजू, ओवैस, फरीद, सलमान, रमेश वर्मा, जाहिद मसूद सहित बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे। कार्यक्रम के समापन पर डॉ. कलाम के बताए मार्ग पर चलने और उनके आदर्शों को जन-जन तक पहुंचाने का संकल्प लिया गया।
हमीरपुर में सोमवार को मौदहा कस्बे के समाजवादी पार्टी कार्यालय में पूर्व राष्ट्रपति और प्रख्यात वैज्ञानिक डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम की पुण्यतिथि पर एक श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। इस अवसर पर पार्टी के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने डॉ. कलाम को श्रद्धांजलि अर्पित की। समाजवादी पार्टी के पूर्व जिला उपाध्यक्ष मेजर जावेद पहलवान ने डॉ. कलाम के व्यक्तित्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि डॉ. कलाम का जीवन सादगी, ईमानदारी, राष्ट्रभक्ति और वैज्ञानिक सोच का प्रतीक था। उन्होंने विज्ञान और प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में देश को नई पहचान दिलाई और युवाओं को बड़े सपने देखने तथा उन्हें साकार करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने बताया कि डॉ. कलाम का मानना था कि शिक्षा ही देश के विकास का सबसे सशक्त माध्यम है। कार्यक्रम में मौजूद अन्य वक्ताओं ने कहा कि राष्ट्रपति पद पर रहते हुए भी डॉ. कलाम ने अपनी सादगी और जनसरोकारों से लोगों का दिल जीता। उनका जीवन प्रत्येक नागरिक के लिए प्रेरणा का स्रोत है। वक्ताओं ने युवाओं से उनके आदर्शों को अपनाकर राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया। श्रद्धांजलि सभा में सरफराज, तबरेज, अंशु सोनकर, मुन्ना मेंबर, कुर्बान अली, मन्नू, मेराजुद्दीन, राजू, ओवैस, फरीद, सलमान, रमेश वर्मा, जाहिद मसूद सहित बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे। कार्यक्रम के समापन पर डॉ. कलाम के बताए मार्ग पर चलने और उनके आदर्शों को जन-जन तक पहुंचाने का संकल्प लिया गया।
- कानपुर नगर के घाटमपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत पतारा कस्बा में स्टेशन रोड स्थित एक स्कूल के पास सड़क किनारे बैठी 71 वर्षीय वृद्ध महिला नन्हकी को एक काले रंग की स्विफ्ट डिजायर कार ने बैक करते समय टक्कर मार दी। हादसे में रघुनाथपुर गांव निवासी नन्हकी गंभीर रूप से घायल हो गईं। वह रविवार दोपहर घाटमपुर नगर के एक गेस्ट हाउस में आयोजित सत्संग सभा में शामिल होकर वापस लौट रही थीं। हादसे के बाद कार सवार लोग घायल वृद्धा को गाड़ी में लादकर पतारा सीएचसी पहुंचे, जहां डॉक्टर ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। इसके बाद कार सवार अपनी गाड़ी को वहीं छोड़कर मौके से भाग निकले। सूचना मिलने पर पहुंची पतारा चौकी पुलिस ने परिजनों को जानकारी दी और वृद्धा के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस फिलहाल मामले की जांच-पड़ताल कर रही है।1
- उत्तर प्रदेश के हमीरपुर जनपद में प्रस्तावित UPIDA औद्योगिक गलियारा परियोजना को लेकर किसानों का विरोध तेज होता जा रहा है। मौदहा तहसील के रीवन, बिहुनी खुर्द और बिहुनी कलां गांवों के किसानों ने अलग-अलग ज्ञापन सौंपकर भूमि अधिग्रहण प्रक्रिया पर गंभीर आपत्तियां दर्ज कराईं। किसानों ने प्रशासन से पारदर्शिता, उचित मुआवजा और उपजाऊ कृषि भूमि की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है। ग्राम रीवन के किसानों ने उपजिलाधिकारी कर्णवीर सिंह के माध्यम से मुख्यमंत्री एवं UPIDA के मुख्य कार्यपालक अधिकारी को ज्ञापन भेजते हुए 303 हेक्टेयर से अधिक उपजाऊ कृषि भूमि के प्रस्तावित अधिग्रहण का विरोध किया। किसानों का कहना है कि अधिकांश परिवार पूरी तरह खेती पर निर्भर हैं और भूमि अधिग्रहण होने पर उनके सामने आजीविका का संकट खड़ा हो जाएगा। उन्होंने परियोजना के लिए कम उपजाऊ अथवा वैकल्पिक भूमि का चयन करने की मांग की। ज्ञापन के दौरान सुनील त्रिपाठी, संतोष कुमार त्रिपाठी, बाबूलाल, कमतु, संजीव कुमार, शिवकुमार सहित बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे। वहीं, बिहुनी खुर्द और बिहुनी कलां के किसानों ने जिलाधिकारी एवं UPIDA अधिकारियों को ज्ञापन सौंपकर भूमि अधिग्रहण प्रक्रिया में पूर्ण पारदर्शिता की मांग उठाई। किसानों ने अधिग्रहित की जाने वाली भूमि की मुआवजा दर, विस्तृत गणना-पत्र, पेड़, कुएं, भवन, ट्यूबवेल एवं अन्य परिसंपत्तियों के अलग-अलग मूल्यांकन की रिपोर्ट सार्वजनिक करने की मांग की। इसके साथ ही भूमि मालिकों को 100 प्रतिशत सोलैटियम, पुनर्वास पैकेज तथा प्रभावित परिवारों के योग्य सदस्यों को रोजगार देने की भी मांग की गई। किसानों ने प्रशासन से 15 दिनों के भीतर सभी बिंदुओं पर लिखित जानकारी उपलब्ध कराने का अनुरोध करते हुए चेतावनी दी कि यदि मांगों पर संतोषजनक कार्रवाई नहीं हुई तो वे कानूनी विकल्प अपनाने के लिए बाध्य होंगे। जिले में औद्योगिक गलियारा परियोजना को लेकर किसानों की बढ़ती नाराजगी अब प्रशासन के लिए एक महत्वपूर्ण चुनौती बनती दिखाई दे रही है।3
- कानपुर देहात के भोगनीपुर ब्लॉक में खरका से किशुनपर जाने वाली सड़क की हालत दयनीय है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस सड़क पर भारी मात्रा में मिट्टी पड़ी हुई है और पिछले 10 सालों से कोई निर्माण कार्य नहीं हुआ है। सड़क की इस दुर्दशा से क्षेत्र के लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।2
- उत्तर प्रदेश के हमीरपुर में समाजवादी अल्पसंख्यक सभा ने सोमवार को राज्यपाल के नाम संबोधित ज्ञापन प्रशासन को सौंपकर रामपुर स्थित मोहम्मद अली जौहर विश्वविद्यालय के 38 भवनों को ध्वस्त किए जाने की प्रस्तावित कार्रवाई का विरोध किया। सभा ने कहा कि इस कार्रवाई से हजारों छात्र-छात्राओं, शिक्षकों और कर्मचारियों का भविष्य प्रभावित होगा। संगठन ने इस कार्रवाई को छात्रहित और जनहित के विरुद्ध बताते हुए इसे निरस्त करने की मांग की। ज्ञापन में यह भी कहा गया कि विश्वविद्यालय के निर्माण के समय संबंधित क्षेत्र रामपुर विकास प्राधिकरण के विनियमित क्षेत्र में शामिल नहीं था, इसलिए वर्तमान कार्रवाई उचित नहीं है। साथ ही पूरे मामले में निष्पक्ष एवं न्यायसंगत कार्रवाई की मांग की गई। इस अवसर पर भारत रत्न पूर्व राष्ट्रपति डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम की पुण्यतिथि भी सपा अल्पसंख्यक सभा कार्यालय पर मनाई गई। उपस्थित लोगों ने उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी तथा उनके आदर्शों पर चलने का संकल्प लिया। कार्यक्रम में मो. रिजवान खान (जिलाध्यक्ष/पूर्व सभासद) के नेतृत्व में ज्ञापन सौंपा गया। इस दौरान अरशद मामा मौदहा, अनार सिंह यादव, लाला प्रधान, बीरबल सिंह चौधरी, ज्ञान सिंह यादव, गया प्रसाद अनुरागी (जिला सचिव) सहित संगठन के कई पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे।3
- शिकायतकर्ता अंकेत पुत्र लालाराम निवासी रोशनमऊ थाना रुरा से 10,000 रुपए की ऑनलाइन साइबर ठगी हो गई थी। पीड़ित ने इस संबंध में थाने में शिकायत दर्ज कराई। थाना रुरा की साइबर हेल्प डेस्क ने त्वरित कार्रवाई करते हुए शिकायतकर्ता के बैंक खाते में 10,000 रुपए वापस करा दिए। कार्रवाई करने वाले अधिकारियों में साइबर हेल्प डेस्क इंचार्ज जितेंद्र सिंह और हेड कॉन्स्टेबल श्याम सुंदर शामिल थे। शिकायतकर्ता ने जनपद कानपुर देहात पुलिस का धन्यवाद दिया। साथ ही, थाना रुरा साइबर हेल्प डेस्क ने लोगों से अपील की है कि वे अपनी बैंकिंग जानकारी, ओटीपी और पासवर्ड किसी अनजान व्यक्ति के साथ साझा न करें।1
- कानपुर में एक महिला ने होमगार्ड पर छेड़खानी का आरोप लगाया है। पीड़िता की ओर से होमगार्ड के खिलाफ छेड़छाड़ करने का आरोप सामने आया है।1