सुल्तानपुर की तहसील सदर में मोटरसाइकिल स्टैंड ठेकेदार द्वारा की जा रही अवैध वसूली का एक फुटेज सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। हाल ही में नीलामी की प्रक्रिया पूरी करते हुए तहसील सदर में मोटरसाइकिल, फोर व्हीलर और साइकिल स्टैंड के लिए ठेकेदारी व्यवस्था लागू की गई थी। इसके बाद से ही ठेकेदार जिला प्रशासन को गुमराह करते हुए वाहन स्वामियों से मोटरसाइकिल के नाम पर ₹20 की वसूली कर रहा है, जबकि सरकार द्वारा निर्धारित रेट मात्र ₹10 ही है। इस धांधली के बावजूद जिला प्रशासन मौन धारण किए हुए है और इस अवैध वसूली से पूरी तरह बेखबर बना हुआ है। जब से तहसील सदर में यह नीलामी प्रक्रिया और ठेकेदारी व्यवस्था लागू हुई है, तब से अवैध वसूली को लेकर यह लगातार विवादों में है। ऐसे में यह बड़ा सवाल उठ रहा है कि दबंग व मनबढ़ ठेकेदार किसके सहारे वाहन स्वामियों से अवैध वसूली कर रहा है और तहसील प्रशासन इस पर संज्ञान क्यों नहीं ले रहा है।
सुल्तानपुर की तहसील सदर में मोटरसाइकिल स्टैंड ठेकेदार द्वारा की जा रही अवैध वसूली का एक फुटेज सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। हाल ही में नीलामी की प्रक्रिया पूरी करते हुए तहसील सदर में मोटरसाइकिल, फोर व्हीलर और साइकिल स्टैंड के लिए ठेकेदारी व्यवस्था लागू की गई थी। इसके बाद से ही ठेकेदार जिला प्रशासन को गुमराह करते हुए वाहन स्वामियों से मोटरसाइकिल के नाम पर ₹20 की वसूली कर रहा है, जबकि सरकार द्वारा निर्धारित रेट मात्र ₹10 ही है। इस धांधली के बावजूद जिला प्रशासन मौन धारण किए हुए है और इस अवैध वसूली से पूरी तरह बेखबर बना हुआ है। जब से तहसील सदर में यह नीलामी प्रक्रिया और ठेकेदारी व्यवस्था लागू हुई है, तब से अवैध वसूली को लेकर यह लगातार विवादों में है। ऐसे में यह बड़ा सवाल उठ रहा है कि दबंग व मनबढ़ ठेकेदार किसके सहारे वाहन स्वामियों से अवैध वसूली कर रहा है और तहसील प्रशासन इस पर संज्ञान क्यों नहीं ले रहा है।
- जिलाधिकारी प्रतापगढ़ अभिषेक पांडेय के निर्देशानुसार और लघु सिंचाई विभाग प्रतापगढ़ के सहयोग से पर्यावरण सेना द्वारा संचालित भूजल सप्ताह के समापन अवसर पर प्राथमिक विद्यालय बभनमई में भूजल जागरूकता रैली का आयोजन किया गया। पर्यावरण सेना प्रमुख ग्रीनमैन अजय क्रांतिकारी के नेतृत्व में निकली इस रैली में स्कूली बच्चों ने 'पेड़ लगाओ, भूजल बचाओ' और 'जन जन को समझाना है, भूजल पेड़ बचाना है' जैसे नारे लगाए। बच्चों ने नारों के माध्यम से लोगों को पेड़ और पानी का महत्व समझाते हुए जलवायु संरक्षण और भूजल बचाने के लिए प्रेरित किया। इस दौरान यूनेस्को अवॉर्डी एवं पर्यावरण सेना प्रमुख ग्रीनमैन अजय क्रांतिकारी ने कहा कि पर्यावरणीय संतुलन बनाए रखने के लिए पौधे लगाना और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करना आवश्यक है। उन्होंने लोगों से जल की बर्बादी रोकने की अपील करते हुए कहा कि जल संरक्षण के लिए सभी को पर्यावरण के अनुकूल व्यवहार अपनाना होगा।1
- रायबरेली जनपद के हरचंदपुर विधानसभा क्षेत्र स्थित बरौला गांव में पूर्व विधायक राकेश सिंह जनता की समस्याओं को अपनी समस्या समझकर दिन-रात मेहनत में जुटे हुए हैं। हरचंदपुर विधानसभा क्षेत्र की जनता के बीच उनकी इस मेहनत और लगन के तमाम वीडियो अब सोशल मीडिया पर लगातार वायरल हो रहे हैं।1
- अमेठी के जायस बहादुरपुर स्टेशन रोड स्थित आदर्श पब्लिक इंटर कॉलेज के स्कूली वाहनों में क्षमता से अधिक बच्चों को बैठाकर लाने-ले जाने का मामला सामने आया है। स्थानीय लोगों और अभिभावकों का आरोप है कि स्कूल के वाहनों में निर्धारित क्षमता से कहीं अधिक बच्चों को ठूंसकर बैठाया जाता है। कई बार बच्चे सीटों के बजाय एक-दूसरे से सटकर बैठने को मजबूर होते हैं, जिससे रास्ते में कोई दुर्घटना होने पर बड़े हादसे की आशंका जताई जा रही है। अभिभावकों का कहना है कि बच्चों की सुरक्षा के साथ किसी भी तरह का समझौता नहीं होना चाहिए और एक ही वाहन में क्षमता से अधिक बच्चे भरने से यातायात नियमों का उल्लंघन होने के साथ मासूमों की जान जोखिम में डाली जा रही है। इस स्थिति को देखते हुए स्थानीय लोगों ने प्रशासन और परिवहन विभाग से मामले की जांच करने के साथ-साथ स्कूल वाहनों की क्षमता, फिटनेस और सुरक्षा मानकों की जांच की मांग की है, ताकि समय रहते किसी संभावित गंभीर दुर्घटना को रोका जा सके। हालांकि, इस पूरे मामले में फिलहाल स्कूल प्रबंधन का पक्ष सामने नहीं आया है। प्रबंधन की ओर से कोई प्रतिक्रिया मिलने पर उसे भी प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा।1
- केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने बताया कि पिछले 24 घंटे में CJP को 4 बार बातचीत का निमंत्रण दिया जा चुका है, लेकिन अभी तक CJP की तरफ से कोई जवाब नहीं आया है। उन्होंने स्पष्ट किया है कि वे छात्रों से बातचीत करने के लिए पूरी तरह से तैयार हैं।1
- अमेठी के कोतवाली क्षेत्र में पड़ोसियों पर मासूम बच्चों के साथ मारपीट, अभद्रता और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगा है। स्थानीय स्तर पर उचित कार्रवाई न होने के कारण पीड़ित परिवार ने पुलिस अधीक्षक (एसपी) को प्रार्थना पत्र देकर न्याय की गुहार लगाई है। पीड़ित पक्ष का कहना है कि घटना के बाद से बच्चे बेहद भयभीत हैं और विरोध करने पर परिवार के अन्य सदस्यों को भी धमकाया गया। पीड़ित परिवार ने एसपी से मांग की है कि मासूम बच्चों का चिकित्सीय परीक्षण कराया जाए, पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच हो और दोषियों के खिलाफ सख्त विधिक कार्रवाई की जाए ताकि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो। वहीं, पुलिस अधीक्षक कार्यालय ने प्रार्थना पत्र प्राप्त कर मामले की जांच और आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया है। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही लगाए गए आरोपों की पुष्टि हो सकेगी।1
- प्रतापगढ़ के थाना महेशगंज क्षेत्र स्थित ग्राम अठाईसा में एक व्यक्ति का शव घर के अंदर मिलने की सूचना पर पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। घटनास्थल पर फोरेंसिक टीम द्वारा साक्ष्य संकलित किए जा रहे हैं और प्रकरण के सभी पहलुओं की गहनता से जांच की जा रही है। प्राप्त साक्ष्यों के आधार पर नियमानुसार अग्रिम विधिक कार्रवाई की जाएगी। इलाके में कानून-व्यवस्था की स्थिति पूरी तरह सामान्य है। इस पूरी घटना और स्थानीय पुलिस द्वारा की जा रही कार्रवाई के संबंध में अपर पुलिस अधीक्षक पश्चिमी बृजनन्दन राय ने स्थिति स्पष्ट की है।1
- अमेठी में शांति, सुरक्षा और कानून व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से पुलिस ने व्यापक पैदल गश्त और सघन चेकिंग अभियान चलाया है। पुलिस अधीक्षक सरवणन टी. के निर्देशन और अपर पुलिस अधीक्षक ज्ञानेन्द्र कुमार सिंह के पर्यवेक्षण में पूरे जिले में यह कार्रवाई संचालित की गई। इस दौरान 'मिशन शक्ति' के तहत महिलाओं और बालिकाओं में सुरक्षा व विश्वास का वातावरण सुदृढ़ करने के लिए क्षेत्राधिकारी मुसाफिरखाना अतुल कुमार सिंह ने पुलिस बल के साथ थाना भाले सुल्तान शहीद स्मारक क्षेत्र में पैदल गश्त की। इसके साथ ही जनपद के सभी थाना प्रभारियों ने अपने-अपने क्षेत्रों के भीड़भाड़ वाले स्थानों और संवेदनशील इलाकों में फ्लैग मार्च किया। अभियान के तहत मुख्य मार्गों, राष्ट्रीय राजमार्गों, प्रमुख चौराहों, रेलवे स्टेशन और शराब की दुकानों के आसपास विशेष चेकिंग की गई। पुलिस टीमों ने संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की गहन तलाशी लेते हुए आम जनता से सतर्क रहने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तत्काल सूचना पुलिस को देने की अपील की है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार जनपद में अपराध नियंत्रण, महिलाओं की सुरक्षा और आमजन में सुरक्षा की भावना बनाए रखने के लिए इस प्रकार के पैदल गश्त और चेकिंग अभियान आगे भी नियमित रूप से जारी रहेंगे।1
- प्रतापगढ़ के कुंडा विकास खंड अंतर्गत साधन सहकारी समिति डंडौली में यूरिया और डी.ए.पी. खाद की भीषण किल्लत से किसानों का गुस्सा चरम पर है। धान की रोपाई और फसल की देखरेख के एन वक्त पर सरकारी समिति से खाद न मिलने के कारण किसानों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इस मामले में भारतीय किसान यूनियन (अराजनैतिक) के ज़िला अध्यक्ष ओमप्रकाश पटेल ने ज़िला प्रशासन और कृषि विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए स्थानीय प्रशासन, L.I.U. तथा ज़िला कृषि अधिकारी को ज्ञापन सौंपकर एक सप्ताह का समय दिया है। संगठन के अनुसार सरकार द्वारा यूरिया का आधिकारिक मूल्य ₹266.50 से ₹267 प्रति बोरी तय किया गया है, लेकिन समिति पर खाद न होने का फायदा उठाकर निजी दुकानदार कालाबाजारी कर रहे हैं। मजबूरन किसानों को प्राइवेट दुकानों से ₹400 से ₹500 प्रति बोरी तक के अत्यधिक दामों पर खाद खरीदनी पड़ रही है और कृषि विभाग की अनदेखी से क्षेत्र में खाद की लूट चल रही है। भारतीय किसान यूनियन (अराजनैतिक) ने स्पष्ट किया है कि यदि 7 दिनों के भीतर साधन सहकारी समिति डंडौली में पर्याप्त मात्रा में यूरिया और डी.ए.पी. खाद की आपूर्ति बहाल नहीं की गई, तो संगठन ज़िला कृषि अधिकारी कार्यालय के समक्ष अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन और उग्र आंदोलन करेगा। संगठन का कहना है कि किसानों का उत्पीड़न बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और आंदोलन होने पर इसकी संपूर्ण ज़िम्मेदारी ज़िला कृषि अधिकारी तथा स्थानीय प्रशासन की होगी।1
- राजधानी लखनऊ के गुडंबा थाना क्षेत्र में सागर नाम के युवक पर उसके ससुराल पक्ष द्वारा कथित तौर पर जानलेवा हमला किए जाने का मामला सामने आया है। इस घटना के बाद पीड़ित ने पुलिस की भूमिका और कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। पीड़ित के अनुसार, उसकी शादी 2 फरवरी 2025 को आर्य समाज मंदिर में प्रियंका रस्तोगी से हुई थी। आरोप है कि शादी के कुछ महीनों बाद से ही ससुराल पक्ष उसे दहेज के झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी देने लगा था। पीड़ित का कहना है कि कुछ महीने पहले भी ससुराल वालों ने उसके साथ मारपीट की थी। उस दौरान जब उसने गुडंबा थाने में न्याय की गुहार लगाई, तो पुलिस ने कोई कार्रवाई करने के बजाय उसे ही डरा-धमकाकर मामला शांत करा दिया था। अब दूसरी बार हमला होने के बाद पीड़ित ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उसका कहना है कि गुडंबा थाना पुलिस उसकी मदद करने के बजाय ससुराल पक्ष का साथ दे रही है। पीड़ित ने सवाल उठाया है कि यदि उसके साथ कोई अप्रिय घटना होती है, तो इसकी जिम्मेदारी किसकी होगी।1