पोस्टर ने राजस्थान रॉयल्स (RR) की गुजरात टाइटंस (GT) के खिलाफ हार पर गहरी निराशा व्यक्त की है, यह सुझाव देते हुए कि RR ने जीत का एक स्पष्ट अवसर गंवा दिया। उनके अनुसार, यदि शुभमन गिल, साईं सुदर्शन और 'बटर' तीनों के विकेट 4 से 5 ओवर के भीतर गिर जाते, तो RR यह मैच जीत जाता। हार के अन्य काल्पनिक कारणों में यह भी शामिल है कि यदि आर्चर 3 विकेट निकाल देते, या 'पूजां' और 'बीरजेश' में से कोई भी 2 विकेट लेता, तो जीत पक्की थी। पोस्टर का कहना है कि RR ने अपनी मेहनत पानी में मिला ली और यदि टीम थोड़ा और 'सेवन' करती तथा '6:00' खेलती, तो जीत सकती थी, लेकिन वे ऐसा भी नहीं कर पाए। पोस्टर का मानना है कि यदि RR ने रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर (RCB) को हरा दिया होता, तो ट्रॉफी उसके नाम हो जाती, लेकिन टीम GT से हार गई। इस हार के बाद मुख्य प्रश्न यही है कि RR की जीत हो सकती थी, तो आखिर किस वजह से RR हार गया?
पोस्टर ने राजस्थान रॉयल्स (RR) की गुजरात टाइटंस (GT) के खिलाफ हार पर गहरी निराशा व्यक्त की है, यह सुझाव देते हुए कि RR ने जीत का एक स्पष्ट अवसर गंवा दिया। उनके अनुसार, यदि शुभमन गिल, साईं सुदर्शन और 'बटर' तीनों के विकेट 4 से 5 ओवर के भीतर गिर जाते, तो RR यह मैच जीत जाता। हार के अन्य काल्पनिक कारणों में यह भी शामिल है कि यदि आर्चर 3 विकेट निकाल देते, या 'पूजां' और 'बीरजेश' में से कोई भी 2 विकेट लेता, तो जीत पक्की थी। पोस्टर का कहना है कि RR ने अपनी मेहनत पानी में मिला ली और यदि टीम थोड़ा और 'सेवन' करती तथा '6:00' खेलती, तो जीत सकती थी, लेकिन वे ऐसा भी नहीं कर पाए। पोस्टर का मानना है कि यदि RR ने रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर (RCB) को हरा दिया होता, तो ट्रॉफी उसके नाम हो जाती, लेकिन टीम GT से हार गई। इस हार के बाद मुख्य प्रश्न यही है कि RR की जीत हो सकती थी, तो आखिर किस वजह से RR हार गया?
- पोस्टर ने राजस्थान रॉयल्स (RR) की गुजरात टाइटंस (GT) के खिलाफ हार पर गहरी निराशा व्यक्त की है, यह सुझाव देते हुए कि RR ने जीत का एक स्पष्ट अवसर गंवा दिया। उनके अनुसार, यदि शुभमन गिल, साईं सुदर्शन और 'बटर' तीनों के विकेट 4 से 5 ओवर के भीतर गिर जाते, तो RR यह मैच जीत जाता। हार के अन्य काल्पनिक कारणों में यह भी शामिल है कि यदि आर्चर 3 विकेट निकाल देते, या 'पूजां' और 'बीरजेश' में से कोई भी 2 विकेट लेता, तो जीत पक्की थी। पोस्टर का कहना है कि RR ने अपनी मेहनत पानी में मिला ली और यदि टीम थोड़ा और 'सेवन' करती तथा '6:00' खेलती, तो जीत सकती थी, लेकिन वे ऐसा भी नहीं कर पाए। पोस्टर का मानना है कि यदि RR ने रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर (RCB) को हरा दिया होता, तो ट्रॉफी उसके नाम हो जाती, लेकिन टीम GT से हार गई। इस हार के बाद मुख्य प्रश्न यही है कि RR की जीत हो सकती थी, तो आखिर किस वजह से RR हार गया?1
- भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) नगर मंडल ने 'आत्मनिर्भर मंडल कार्यक्रम' के निर्देशानुसार अपने शक्ति केंद्रों की बैठकें आयोजित कीं। यह पहल भाजपा जिला अध्यक्ष अशोक पटेल और जिला प्रभारी डॉ. जोगेंद्र राजपुरोहित के निर्देश पर की गई थी, जिसकी कार्ययोजना नगर मंडल कार्यकारिणी की बैठक में तय हुई थी। इन बैठकों का मुख्य उद्देश्य भाजपा के संगठनात्मक ढांचे को मजबूत करना, जनकल्याणकारी योजनाओं को जमीनी स्तर तक पहुंचाना, युवाओं और स्थानीय लोगों के साथ स्वरोजगार एवं सरकारी योजनाओं पर चर्चा करना था। इन संगठनात्मक बैठकों में चुनावी और संगठनात्मक रणनीतियों पर विचार-विमर्श किया गया, साथ ही आगामी अभियानों की समीक्षा, मतदाता सूची पुनरीक्षण, कार्यक्रमों और कार्यकर्ताओं के कार्यों की समीक्षा के साथ-साथ उनकी जिम्मेदारियां भी तय की गईं। भाजपा नगर उपाध्यक्ष प्रकाश लबाना ने बताया कि इन बैठकों की कार्ययोजना नवीन भाजपा कार्यालय में नगर मंडल कार्यकारिणी की बैठक में बनाई गई थी, जिसका मुख्य एजेंडा निचले स्तर पर कार्यकर्ताओं के साथ समन्वय स्थापित करते हुए संगठन को मजबूत करना है। इस कार्यक्रम के तहत नगर मंडल के सुभाष चंद्र बोस शक्ति केंद्र और महाराणा प्रताप शक्ति केंद्र में बैठकें आयोजित हुईं। इन बैठकों में शक्ति केंद्र संयोजक, शक्ति केंद्र प्रभारी, बूथ अध्यक्ष, शक्ति केंद्र महिला संयोजक, विधानसभा विस्तारक और नगर मंडल कार्यकारिणी के पदाधिकारी उपस्थित रहे। महाराणा प्रताप शक्ति केंद्र पर मनोहर पटेल, रीटा कुंवर, भरत जोशी, गोपाल पंचाल, राजेश जैन, शीनैश जैन, जयंतीलाल पंचाल, प्रकाश लबाना, तरुण भावसार, हिम्मत सिंह चौहान और विधानसभा विस्तारक रमेश चौधरी उपस्थित थे। इसी प्रकार, सुभाष चंद्र बोस शक्ति केंद्र पर सुनील चौबीसा, शंकर भाई श्रीमाल, रीटा कुंवर चौहान, भूपेंद्र सिंह राठौड़, शैलेश मेहता, मदन सिंह चौहान, धर्मिष्ठा श्रीमाल, प्रीति जैन, जयश कंसारा और विधानसभा विस्तारक रमेश चौधरी मौजूद रहे। मीटिंग का संचालन नगर उपाध्यक्ष शंकर भाई श्रीमाल ने किया, जबकि आत्मनिर्भर मंडल कार्यक्रम प्रभारी एवं पूर्व जिला अध्यक्ष महिला मोर्चा व पूर्व पार्षद रीटा कुंवर चौहान ने आभार व्यक्त किया।1
- डुंगरपुर में भारतीय जनता पार्टी नगर मंडल ने 'आत्मनिर्भर मंडल कार्यक्रम' के तहत अपने शक्ति केंद्रों की महत्वपूर्ण बैठकें आयोजित कीं। इन बैठकों का आयोजन भाजपा जिला अध्यक्ष अशोक पटेल और जिला प्रभारी डॉ. जोगेंद्र राजपुरोहित के निर्देशों पर हुआ, जिनकी कार्ययोजना नगर मंडल कार्यकारिणी की पूर्व बैठक में ही तय की गई थी। 'आत्मनिर्भर मंडल कार्यक्रम' और 'शक्ति केंद्र की बैठकें' भाजपा के संगठनात्मक ढांचे को सुदृढ़ करने और केंद्र व राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को जमीनी स्तर तक पहुंचाने के लिए आयोजित की जाती हैं। इन बैठकों का मुख्य उद्देश्य संगठन को मजबूत करना, सरकारी योजनाओं का व्यापक प्रसार करना, युवाओं और स्थानीय लोगों के साथ स्वरोजगार व सरकारी योजनाओं पर चर्चा करना है। साथ ही, चुनावी और संगठनात्मक रणनीतियाँ बनाना, आगामी अभियानों की समीक्षा करना, मतदाता सूची पुनरीक्षण पर विचार-विमर्श करना और कार्यकर्ताओं की जिम्मेदारियाँ तय करना भी इन बैठकों के एजेंडे में शामिल था। भाजपा नगर उपाध्यक्ष प्रकाश लबाना ने बताया कि इन बैठकों की विस्तृत कार्ययोजना नवीन भाजपा कार्यालय में हुई नगर मंडल कार्यकारिणी की बैठक में तैयार की गई थी। इसका प्राथमिक एजेंडा निचले स्तर पर कार्यकर्ताओं के साथ बेहतर समन्वय स्थापित करते हुए संगठन को और अधिक सशक्त बनाना था। इसी क्रम में, नगर मंडल के सुभाषचंद्र बोस शक्ति केंद्र और महाराणा प्रताप शक्ति केंद्र की बैठकें हुईं, जिनमें शक्ति केंद्र संयोजक, शक्ति केंद्र प्रभारी, बूथ अध्यक्ष, शक्ति केंद्र महिला संयोजक, विधानसभा विस्तारक और नगर मंडल कार्यकारिणी के पदाधिकारी उपस्थित रहे। महाराणा प्रताप शक्ति केंद्र की बैठक में मनोहर पटेल, रीटा कुंवर, भरत जोशी, गोपाल पंचाल, राजेश जैन, शीनैश जैन, जयंतीलाल पंचाल, प्रकाश लबाना, तरुण भावसार, हिम्मत सिंह चौहान और विधानसभा विस्तारक रमेश चौधरी जैसे पदाधिकारी मौजूद रहे। वहीं, सुभाषचंद्र बोस शक्ति केंद्र पर सुनील चौबीसा, शंकर भाई श्रीमाल, रीटा कुंवर चौहान, भूपेंद्रसिंह राठौड़, शैलेश मेहता, मदनसिंह चौहान, धर्मिष्ठा श्रीमाल, प्रीति जैन, जयश कंसारा और विधानसभा विस्तारक रमेश चौधरी ने भागीदारी की। इन बैठकों का संचालन नगर उपाध्यक्ष शंकर भाई श्रीमाल ने किया, जबकि आभार प्रदर्शन आत्मनिर्भर मंडल कार्यक्रम प्रभारी, पूर्व जिला अध्यक्ष महिला मोर्चा एवं पूर्व पार्षद रीटा कुंवर चौहान ने किया।1
- डूंगरपुर जिले के सागवाड़ा नगर पालिका क्षेत्र में प्रशासन ने अतिक्रमण के खिलाफ एक बार फिर सख्त कार्रवाई करते हुए पुराने बस स्टैंड के पास दुकानों के बाहर बने कई पक्के निर्माणों को बुलडोजर से ध्वस्त कर दिया। इस कार्रवाई को लोगों ने सराहा है। जानकारी के अनुसार, नगर पालिका सागवाड़ा को लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि कुछ लोगों द्वारा नगर पालिका द्वारा योजना अंतर्गत आवंटित और नीलाम की गई दुकानों के बाहर अवैध रूप से सेफ्टी टैंक, सीढ़ियां और अन्य पक्के निर्माण करके अतिक्रमण किया गया है। इन अवैध कब्जों के कारण आमजन को आवाजाही में परेशानी हो रही थी और सरकारी भूमि पर अतिक्रमण बढ़ रहा था। इन शिकायतों के बाद, नगर पालिका प्रशासन ने कार्रवाई शुरू की। नगर पालिका सागवाड़ा अतिक्रमण शाखा प्रभारी अमृतलाल मीणा के नेतृत्व में बुलडोजर की मदद से इन अवैध निर्माणों को हटाया गया। इस दौरान तहसीलदार रमेश चंद्र वढेरा भी मौके पर मौजूद रहे। नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी सोहेल शेख ने बताया कि अवैध निर्माणों को हटाकर क्षेत्र को अतिक्रमण मुक्त किया गया है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि नगर पालिका क्षेत्र में अवैध कब्जों और अतिक्रमण के खिलाफ भविष्य में भी लगातार कार्रवाई जारी रहेगी तथा सरकारी भूमि पर किसी प्रकार का अवैध निर्माण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस बुलडोजर कार्रवाई के बाद क्षेत्र के लोगों ने प्रशासन की पहल की सराहना करते हुए कहा कि इससे आमजन को राहत मिलेगी और बाजार क्षेत्र व्यवस्थित दिखाई देगा।1
- डूंगरपुर में एक महिला मरीज को अस्पताल में दो महीने पहले एक्सपायर हो चुकी ड्रिप चढ़ाए जाने का गंभीर मामला सामने आया है। निवर्तमान पार्षद नरेश यादव, जो महिला मरीज के पति हैं, ने इस लापरवाही को उजागर करते हुए आरोप लगाया है कि उनकी पत्नी को एक्सपायरी ड्रिप दी गई है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि उनकी पत्नी को कुछ भी होता है तो इसके लिए अस्पताल प्रबंधन ही पूरी तरह जिम्मेदार होगा। इस घटना के बाद अस्पताल के स्टॉक रूम की जांच की गई, जहाँ से एक्सपायरी डेट की कई अन्य दवाइयां भी मिली हैं।4
- Post by Bapulal Ahari1
- बंसवाड़ा जिले के बिलोदा स्थित यादव बस्ती में घरों के बिल्कुल नजदीक लगे बिजली के खंभों और उनसे गुजरने वाली ग्यारह केवी (11 KV) लाइन के तारों से बड़ा खतरा बना हुआ है। जानकारी के अनुसार, यहाँ आए दिन बिजली के तार टूटते रहते हैं, जिससे स्थानीय लोगों की जान को जोखिम है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि बिजली विभाग की लापरवाही के कारण किसी भी दिन कोई बड़ा हादसा हो सकता है, जिससे जान-माल का भारी नुकसान होने की आशंका है।1
- राजस्थान के डूंगरपुर जिले के झोंथरी ब्लॉक में भारत आदिवासी पार्टी (BAP) के बैनर तले आदिवासी समाज ने देश के गृह मंत्री अमित शाह द्वारा आदिवासियों को 'वनवासी' कहकर संबोधित करने के विरोध में सड़कों पर उतरकर जबरदस्त प्रदर्शन किया। समाज का आरोप है कि यह उनकी ऐतिहासिक पहचान को मिटाने की एक गहरी साजिश है, जिससे उनमें भारी आक्रोश है। इस विरोध प्रदर्शन के दौरान आक्रोशित आदिवासियों ने अमित शाह का पुतला दहन किया। समाज का कहना है कि वे सदियों से अपनी विशिष्ट संस्कृति, भाषा और जल-जंगल-जमीन की परंपराओं के साथ इस देश में रहते आए हैं, और उन्हें जानबूझकर उनकी वास्तविक पहचान से दूर करने की कोशिश की जा रही है। भारत आदिवासी पार्टी (BAP) के नेताओं ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि अब समाज जागरूक हो चुका है और अपने अधिकारों तथा संवैधानिक संरक्षण के लिए किसी भी हद तक संघर्ष करेगा। एक प्रदर्शनकारी नेता ने बयान देते हुए कहा कि 'वनवासी' कहकर उनकी पहचान को छोटा नहीं किया जाना चाहिए, क्योंकि वे इस देश के मालिक और आदिवासी हैं। प्रदर्शनकारियों ने मांग की है कि अमित शाह को अपने इस बयान के लिए पूरे देश के आदिवासियों से सार्वजनिक रूप से माफी मांगनी चाहिए।2