छतरपुर जिले के गढ़ी मलहरा थाना क्षेत्र में एक युवक पर आधा दर्जन लोगों द्वारा कथित रूप से जानलेवा हमला किया गया है। घायल युवक ने आरोप लगाया है कि उसे धारदार हथियार और लाठी-डंडों से पीटा गया, लेकिन पुलिस आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई नहीं कर रही है। फिलहाल युवक का अस्पताल में इलाज जारी है। घायल युवक गोलू रैकवार, निवासी गढ़ी मलहरा, ने बताया कि सोमवार शाम करीब 6 बजे वह अपने साथी के साथ था, तभी छह लोगों ने मिलकर उस पर हमला कर दिया। पीड़ित के अनुसार, हमलावरों ने पहले उसके सिर पर मछली काटने वाले धारदार हथियार (बका) से वार किया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। इसके बाद अन्य आरोपियों ने लाठी-डंडों से उसकी बेरहमी से पिटाई की। गोलू ने इस हमले के लिए मुन्ना रैकवार, मुल्लू रैकवार, हलकई रैकवार, राहुल रैकवार, छिंगे रैकवार और नीरज रैकवार को जिम्मेदार ठहराया है। पीड़ित का आरोप है कि घटना के बाद जब वह गढ़ी मलहरा थाने पहुंचा, तो पुलिस ने उसकी शिकायत को गंभीरता से नहीं लिया और उसे समय पर अस्पताल भी नहीं पहुंचाया। अधिक खून बहने के कारण उसके भाई ने एक निजी वाहन से उसे अस्पताल में भर्ती कराया। गोलू रैकवार का यह भी कहना है कि पुलिस ने अस्पताल में उसके बयान तो दर्ज किए, लेकिन आरोपियों के प्रभाव के चलते उचित धाराओं में कार्रवाई नहीं की जा रही है, और दबाव के कारण पुलिस मामले को कमजोर करने की कोशिश कर रही है। घायल युवक ने न्याय की मांग करते हुए चेतावनी दी है कि यदि स्थानीय स्तर पर निष्पक्ष कार्रवाई नहीं हुई, तो वह जिला पुलिस अधीक्षक (एसपी) से शिकायत करेगा।
छतरपुर जिले के गढ़ी मलहरा थाना क्षेत्र में एक युवक पर आधा दर्जन लोगों द्वारा कथित रूप से जानलेवा हमला किया गया है। घायल युवक ने आरोप लगाया है कि उसे धारदार हथियार और लाठी-डंडों से पीटा गया, लेकिन पुलिस आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई नहीं कर रही है। फिलहाल युवक का अस्पताल में इलाज जारी है। घायल युवक गोलू रैकवार, निवासी गढ़ी मलहरा, ने बताया कि सोमवार शाम
करीब 6 बजे वह अपने साथी के साथ था, तभी छह लोगों ने मिलकर उस पर हमला कर दिया। पीड़ित के अनुसार, हमलावरों ने पहले उसके सिर पर मछली काटने वाले धारदार हथियार (बका) से वार किया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। इसके बाद अन्य आरोपियों ने लाठी-डंडों से उसकी बेरहमी से पिटाई की। गोलू ने इस हमले के लिए मुन्ना रैकवार, मुल्लू रैकवार, हलकई
रैकवार, राहुल रैकवार, छिंगे रैकवार और नीरज रैकवार को जिम्मेदार ठहराया है। पीड़ित का आरोप है कि घटना के बाद जब वह गढ़ी मलहरा थाने पहुंचा, तो पुलिस ने उसकी शिकायत को गंभीरता से नहीं लिया और उसे समय पर अस्पताल भी नहीं पहुंचाया। अधिक खून बहने के कारण उसके भाई ने एक निजी वाहन से उसे अस्पताल में भर्ती कराया। गोलू रैकवार का यह भी कहना है कि
पुलिस ने अस्पताल में उसके बयान तो दर्ज किए, लेकिन आरोपियों के प्रभाव के चलते उचित धाराओं में कार्रवाई नहीं की जा रही है, और दबाव के कारण पुलिस मामले को कमजोर करने की कोशिश कर रही है। घायल युवक ने न्याय की मांग करते हुए चेतावनी दी है कि यदि स्थानीय स्तर पर निष्पक्ष कार्रवाई नहीं हुई, तो वह जिला पुलिस अधीक्षक (एसपी) से शिकायत करेगा।
- नौगांव में राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस के अवसर पर, केयर इंग्लिश स्कूल नौगांव के छात्रों ने सिविल हॉस्पिटल नौगांव का दौरा किया। इस गतिविधि का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को समाज में डॉक्टरों के अमूल्य योगदान से परिचित कराना और उन्हें स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करना था। छात्रों ने अस्पताल का भ्रमण कर डॉक्टरों के महत्व को करीब से जाना।1
- टीकमगढ़ पुलिस ने 'सेफ क्लिक अभियान 2.0' के अंतर्गत एक व्यापक साइबर जागरूकता अभियान शुरू किया है। इस पहल का उद्देश्य जनता के बीच साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाना है।1
- झांसी जिले में सरकारी अस्पतालों की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए गए हैं, जहाँ आरोप है कि ये अस्पताल 'लूट के अड्डे' में तब्दील हो चुके हैं। बताया गया है कि इन सरकारी अस्पतालों में डॉक्टर अनुपस्थित रहते हैं और निजी क्लीनिकों में आराम से अपना समय बिताते हैं। इस स्थिति के कारण मरीजों को पैसे देने के लिए मजबूर होना पड़ता है। रिपोर्ट में इस बात पर जोर दिया गया है कि आखिर क्यों इन अस्पतालों की कोई जांच नहीं होती, जबकि आरोप है कि यहाँ दलालों के सहारे मिली-जुली साठगांठ चल रही है। यह समस्या उत्तर प्रदेश के बुंदेलखंड क्षेत्र से सामने आई है, और इस पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से संज्ञान और कार्रवाई की अपेक्षा की गई है।1
- मेरठ के मवाना में समाजवादी पार्टी के एक कार्यक्रम में PDA (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) एकता को मजबूत करने के प्रयासों को उस समय करारा झटका लगा, जब सपा के सेक्टर प्रभारी सतपाल यादव ने सार्वजनिक मंच पर दो दलित नेताओं के प्रति अभद्र व्यवहार किया। कार्यक्रम में सपा के पूर्व विधायक योगेश वर्मा और प्रभुदयाल बाल्मीकि जी PDA एकता को बढ़ावा देने की बात कर रहे थे। इसी दौरान, सतपाल यादव मंच पर पहुंचे और उन्होंने योगेश वर्मा व प्रभुदयाल बाल्मीकि जी की जमकर 'मां बहन' कर डाली। सतपाल यादव ने खुलेआम यह कहते हुए अपनी नाराजगी व्यक्त की कि यह "यादवों की ही पार्टी है" और मंच पर यादवों को नहीं बुलाया जा रहा है। इस घटना पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए, लेखक ने समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष को तुरंत ऐसे नेताओं के खिलाफ कार्रवाई करने की चेतावनी दी है। लेखक ने गारंटी के साथ कहा कि अगर समय रहते ऐसे नेताओं को पार्टी से बाहर नहीं निकाला गया, तो "2027 में यही यादव जी" पार्टी को ले डूबेंगे, जिससे सपा को भारी नुकसान उठाना पड़ सकता है।1
- मध्य प्रदेश के बड़ामलहरा स्थित दरगुआ तिगड्डा में कुछ लड़के खुलेआम हवा में हथियार लहराते हुए देखे गए हैं। इस घटना के बाद से पूरे गांव में भय का माहौल बना हुआ है। आरोप है कि यह खुलेआम गुंडागर्दी का नतीजा है और क्षेत्र में अपराध लगातार बढ़ते जा रहे हैं। इस गंभीर स्थिति को लेकर सरकार और प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए जा रहे हैं। स्थानीय लोगों का पूछना है कि प्रशासन आखिर इन अपराधियों को पकड़ने में क्यों असमर्थ है, जबकि ऐसी घटनाओं से आम जनता में दहशत फैल रही है।1
- जवाहर नवोदय विद्यालय नौगांव के उप प्राचार्य एन. पी. चंचल अपने सेवाकाल को सफलतापूर्वक पूर्ण कर सेवानिवृत्त हो गए हैं। इस अवसर पर विद्यालय प्राचार्य मनोज कुमार श्रीवास्तव ने श्री चंचल को शाल और श्रीफल भेंट कर सम्मानित किया। विद्यालय स्टाफ ने भी उन्हें फूल मालाएं पहनाकर एवं उपहार देकर उनकी नई पारी की शुरुआत के लिए अपनी शुभकामनाएं व्यक्त कीं। सेवानिवृत्ति के इस खास मौके पर, सभी ने एन. पी. चंचल के उत्तम स्वास्थ्य, सुखमय एवं आनंदमय जीवन की कामना की, और यह भी कहा कि विद्यालय परिवार उनके अमूल्य योगदान को सदैव स्मरण रखेगा।1
- छतरपुर जिले के गढ़ी मलहरा थाना क्षेत्र में एक युवक पर आधा दर्जन लोगों द्वारा कथित रूप से जानलेवा हमला किया गया है। घायल युवक ने आरोप लगाया है कि उसे धारदार हथियार और लाठी-डंडों से पीटा गया, लेकिन पुलिस आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई नहीं कर रही है। फिलहाल युवक का अस्पताल में इलाज जारी है। घायल युवक गोलू रैकवार, निवासी गढ़ी मलहरा, ने बताया कि सोमवार शाम करीब 6 बजे वह अपने साथी के साथ था, तभी छह लोगों ने मिलकर उस पर हमला कर दिया। पीड़ित के अनुसार, हमलावरों ने पहले उसके सिर पर मछली काटने वाले धारदार हथियार (बका) से वार किया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। इसके बाद अन्य आरोपियों ने लाठी-डंडों से उसकी बेरहमी से पिटाई की। गोलू ने इस हमले के लिए मुन्ना रैकवार, मुल्लू रैकवार, हलकई रैकवार, राहुल रैकवार, छिंगे रैकवार और नीरज रैकवार को जिम्मेदार ठहराया है। पीड़ित का आरोप है कि घटना के बाद जब वह गढ़ी मलहरा थाने पहुंचा, तो पुलिस ने उसकी शिकायत को गंभीरता से नहीं लिया और उसे समय पर अस्पताल भी नहीं पहुंचाया। अधिक खून बहने के कारण उसके भाई ने एक निजी वाहन से उसे अस्पताल में भर्ती कराया। गोलू रैकवार का यह भी कहना है कि पुलिस ने अस्पताल में उसके बयान तो दर्ज किए, लेकिन आरोपियों के प्रभाव के चलते उचित धाराओं में कार्रवाई नहीं की जा रही है, और दबाव के कारण पुलिस मामले को कमजोर करने की कोशिश कर रही है। घायल युवक ने न्याय की मांग करते हुए चेतावनी दी है कि यदि स्थानीय स्तर पर निष्पक्ष कार्रवाई नहीं हुई, तो वह जिला पुलिस अधीक्षक (एसपी) से शिकायत करेगा।4