"बीमार बच्चों की कवरेज से डॉक्टरों में हड़कंप, पत्रकार को पीटकर निकाला बाहर!" Video Description सहरसा सदर अस्पताल से एक बेहद शर्मनाक मामला सामने आया है। प्रभात खबर डिजिटल के पत्रकार अभिषेक जब मध्याह्न भोजन (Mid-Day Meal) खाने से बीमार पड़े बच्चों की कवरेज करने अस्पताल पहुंचे, तो वहां मौजूद डॉक्टर और मेडिकल स्टाफ भड़क गए। आरोप है कि डॉ. एसके आजाद और स्टाफ ने पत्रकार के साथ बदतमीजी की, अपशब्द कहे और बुरी तरह पिटाई कर अस्पताल से बाहर निकाल दिया। इस पूरी घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। अब बड़ा सवाल यह है कि स्वास्थ्य मंत्री और प्रशासन इन डॉक्टरों पर क्या कार्रवाई करेंगे? पत्रकार अभिषेक ने ऐलान किया है कि जब तक हमलावर डॉक्टर और स्टाफ की गिरफ्तारी नहीं होती, तब तक वे डीएम कार्यालय के बाहर अनशन पर बैठेंगे। अपनी राय कमेंट में जरूर बताएं: क्या सच दिखाना अब गुनाह बन चुका है? वीडियो को लाइक और शेयर करें ताकि सच सबके सामने आ सके। "बीमार बच्चों की कवरेज से डॉक्टरों में हड़कंप, पत्रकार को पीटकर निकाला बाहर!" Video Description सहरसा सदर अस्पताल से एक बेहद शर्मनाक मामला सामने आया है। प्रभात खबर डिजिटल के पत्रकार अभिषेक जब मध्याह्न भोजन (Mid-Day Meal) खाने से बीमार पड़े बच्चों की कवरेज करने अस्पताल पहुंचे, तो वहां मौजूद डॉक्टर और मेडिकल स्टाफ भड़क गए। आरोप है कि डॉ. एसके आजाद और स्टाफ ने पत्रकार के साथ बदतमीजी की, अपशब्द कहे और बुरी तरह पिटाई कर अस्पताल से बाहर निकाल दिया। इस पूरी घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। अब बड़ा सवाल यह है कि स्वास्थ्य मंत्री और प्रशासन इन डॉक्टरों पर क्या कार्रवाई करेंगे? पत्रकार अभिषेक ने ऐलान किया है कि जब तक हमलावर डॉक्टर और स्टाफ की गिरफ्तारी नहीं होती, तब तक वे डीएम कार्यालय के बाहर अनशन पर बैठेंगे। अपनी राय कमेंट में जरूर बताएं: क्या सच दिखाना अब गुनाह बन चुका है? वीडियो को लाइक और शेयर करें ताकि सच सबके सामने आ सके।
"बीमार बच्चों की कवरेज से डॉक्टरों में हड़कंप, पत्रकार को पीटकर निकाला बाहर!" Video Description सहरसा सदर अस्पताल से एक बेहद शर्मनाक मामला सामने आया है। प्रभात खबर डिजिटल के पत्रकार अभिषेक जब मध्याह्न भोजन (Mid-Day Meal) खाने से बीमार पड़े बच्चों की कवरेज करने अस्पताल पहुंचे, तो वहां मौजूद डॉक्टर और मेडिकल स्टाफ भड़क गए। आरोप है कि डॉ. एसके आजाद और स्टाफ ने पत्रकार के साथ बदतमीजी की, अपशब्द कहे और बुरी तरह पिटाई कर अस्पताल से बाहर निकाल दिया। इस पूरी घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। अब बड़ा सवाल यह है कि स्वास्थ्य मंत्री और प्रशासन इन डॉक्टरों पर क्या कार्रवाई करेंगे? पत्रकार अभिषेक ने ऐलान किया है कि जब तक हमलावर डॉक्टर और स्टाफ की गिरफ्तारी नहीं होती, तब तक वे डीएम कार्यालय के बाहर अनशन पर बैठेंगे। अपनी राय कमेंट में जरूर बताएं: क्या सच दिखाना अब गुनाह बन चुका है? वीडियो को लाइक और शेयर करें ताकि सच सबके सामने आ सके। "बीमार बच्चों की कवरेज से डॉक्टरों में हड़कंप, पत्रकार को पीटकर निकाला बाहर!" Video Description सहरसा सदर अस्पताल से एक बेहद शर्मनाक मामला सामने आया है। प्रभात खबर डिजिटल के पत्रकार अभिषेक जब मध्याह्न भोजन (Mid-Day Meal) खाने से बीमार पड़े बच्चों की कवरेज करने अस्पताल पहुंचे, तो वहां मौजूद डॉक्टर और मेडिकल स्टाफ भड़क गए। आरोप है कि डॉ. एसके आजाद और स्टाफ ने पत्रकार के साथ बदतमीजी की, अपशब्द कहे और बुरी तरह पिटाई कर अस्पताल से बाहर निकाल दिया। इस पूरी घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। अब बड़ा सवाल यह है कि स्वास्थ्य मंत्री और प्रशासन इन डॉक्टरों पर क्या कार्रवाई करेंगे? पत्रकार अभिषेक ने ऐलान किया है कि जब तक हमलावर डॉक्टर और स्टाफ की गिरफ्तारी नहीं होती, तब तक वे डीएम कार्यालय के बाहर अनशन पर बैठेंगे। अपनी राय कमेंट में जरूर बताएं: क्या सच दिखाना अब गुनाह बन चुका है? वीडियो को लाइक और शेयर करें ताकि सच सबके सामने आ सके।
- "योगापट्टी के चुनाहवा पुल पर पिकअप और बाइक की जोरदार टक्कर, दो युवक गंभीर रूप से घायल!" वीडियो डिस्क्रिप्शन (Description) बिहार के पश्चिम चंपारण जिले अंतर्गत योगापट्टी थाना क्षेत्र के चुनाहवा पुल के पास रविवार को एक भीषण सड़क हादसा हो गया। यहां तेज रफ्तार पिकअप वाहन और मोटरसाइकिल के बीच जोरदार आमने-सामने की भिड़ंत हो गई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बाइक सवार दोनों युवक सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के तुरंत बाद मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई। स्थानीय लोगों की मदद से दोनों घायलों को तुरंत नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज जारी है। घायलों की पहचान कुड़ियां रमपुरवा गांव निवासी शंभू यादव और योगेश यादव के रूप में हुई है। दोनों एक ही बाइक पर सवार होकर जा रहे थे। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। ताजा खबरों और अपडेट्स के लिए चैनल को फॉलो/सब्सक्राइब जरूर करें। "योगापट्टी के चुनाहवा पुल पर पिकअप और बाइक की जोरदार टक्कर, दो युवक गंभीर रूप से घायल!" वीडियो डिस्क्रिप्शन (Description) बिहार के पश्चिम चंपारण जिले अंतर्गत योगापट्टी थाना क्षेत्र के चुनाहवा पुल के पास रविवार को एक भीषण सड़क हादसा हो गया। यहां तेज रफ्तार पिकअप वाहन और मोटरसाइकिल के बीच जोरदार आमने-सामने की भिड़ंत हो गई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बाइक सवार दोनों युवक सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के तुरंत बाद मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई। स्थानीय लोगों की मदद से दोनों घायलों को तुरंत नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज जारी है। घायलों की पहचान कुड़ियां रमपुरवा गांव निवासी शंभू यादव और योगेश यादव के रूप में हुई है। दोनों एक ही बाइक पर सवार होकर जा रहे थे। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। ताजा खबरों और अपडेट्स के लिए चैनल को फॉलो/सब्सक्राइब जरूर करें।1
- चमैनिया बड़ा नहर में नहाने के दौरान एक बच्चा डूबा अभी तक कोई पता नहीं चला चमैनिया बड़ा नहर में नहाने के दौरान एक बच्च डूबा जिसमें लगातार SDRF की टीम नहर में लगा रहा चकर1
- सीएमओ के छापे से हिला स्वास्थ्य माफिया, 2 अस्पताल सील, 6 के आवेदन निरस्त, 22 को नोटिस इंडियन कम्युनिकेशन न्यूज पडरौना / कुशीनगर जिले में निजी अस्पतालों में लापरवाही और मरीजों की संदिग्ध मौतों के मामलों को लेकर युवाओं के एक दल ने बीते सप्ताह मुख्य चिकित्सा अधिकारी से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा था। ज्ञापन में स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार और दोषी अस्पतालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की गई थी। ज्ञापन का संज्ञान लेते हुए सीएमओ कुशीनगर ने 8 जांच टीमें गठित कीं। टीमों ने जिले के चार दर्जन से अधिक संदिग्ध निजी अस्पतालों पर छापेमारी की। जांच के दौरान बड़ी अनियमितताएं सामने आईं। कार्रवाई करते हुए विभाग ने 2 अस्पतालों को सील कर दिया, जबकि मानक पूरे न करने पर 6 अस्पतालों के रजिस्ट्रेशन आवेदन निरस्त कर दिए गए। इसके अलावा 22 ऐसे अस्पताल पाए गए जहां जिस डॉक्टर के नाम पर रजिस्ट्रेशन था, वो मौके पर नदारद मिले। ऐसे सभी अस्पतालों को विभाग ने नोटिस जारी किया है। इधर, कार्रवाई के बाद ज्ञापन सौंपने वाले युवाओं ने विभागीय जांच पर संतोष जताया है, लेकिन सवाल भी उठाया है। युवाओं का कहना है कि कहीं इस बार भी कार्रवाई सिर्फ कागजों तक सीमित न रह जाए, जैसे पहले की जांचों में होता रहा है।1
- किसान-मजदूरों का पटना कूच! 28 सितंबर को राजभवन मार्च की तैयारी, बेतिया में जुटे जन संगठन बेतिया के बलिराम भवन सभागार में किसान, मजदूर, छात्र, नौजवान और महिला संगठनों के साथ एटक की ओर से एक दिवसीय कन्वेंशन का आयोजन किया गया। कन्वेंशन का मुख्य उद्देश्य आगामी 28 सितंबर को पटना में होने वाले राजभवन मार्च को सफल बनाने और पश्चिम चंपारण से बड़ी संख्या में लोगों की भागीदारी सुनिश्चित करना रहा। अशोक मिश्र, राजेन्द्र साह, आरती, मनोज साह, लालबाबु राम, साधना देवी और आदर्श मणि तिवारी की संयुक्त अध्यक्ष मंडली में आयोजित इस कन्वेंशन का विधिवत उद्घाटन राज्य किसान नेता विजय शंकर सिंह ने किया। इस दौरान किसानों, मजदूरों, छात्रों, नौजवानों और महिलाओं की मौजूदा समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की गई और उनके समाधान के लिए 28 सितंबर को पश्चिम चंपारण से हजारों की संख्या में पटना पहुंचकर राजभवन मार्च में शामिल होने का आह्वान किया गया। कन्वेंशन के मुख्य अतिथि राज्य किसान सभा के महासचिव रामचंद्र महतो ने केंद्र और राज्य सरकार पर किसान, मजदूर, छात्र, नौजवान और महिला विरोधी नीतियां अपनाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि अपनी मांगों को लेकर बड़ी संख्या में किसान, मजदूर, छात्र, नौजवान, महिलाएं तथा संगठित और असंगठित क्षेत्र के श्रमिक पटना की सड़कों पर उतरेंगे और राजभवन मार्च के माध्यम से बिहार के राज्यपाल को मांग पत्र सौंपेंगे। वहीं एटक बिहार के डिप्टी जनरल सेक्रेटरी ओम प्रकाश क्रांति ने आशा कार्यकर्ताओं, रसोइया, सेविका-सहायिका और आउटसोर्सिंग कर्मचारियों समेत तमाम संविदा कर्मियों से अपने अधिकारों और अस्तित्व की रक्षा के लिए बड़ी संख्या में पटना चलने का आह्वान किया। उन्होंने सभी संविदा कर्मियों की सेवा स्थायी करने, स्कीम वर्कर्स को कम से कम 26 हजार रुपये मानदेय देने और आउटसोर्सिंग कर्मचारियों की सेवा स्थायी करने समेत कई मांगों को प्रमुखता से उठाया। कन्वेंशन को किसान नेता राधामोहन यादव, खेत मजदूर नेता सुबोध मुखिया, नौजवान नेता एन.डी. तिवारी, महिला नेत्री समेत विभिन्न संगठनों के नेताओं ने भी संबोधित किया। नेताओं ने कहा कि मांगों को लेकर आंदोलन को मजबूत करने के लिए व्यापक स्तर पर लोगों को एकजुट किया जा रहा है। बैठक के दौरान 27 सितंबर को 5216 ट्रेन से पटना कूच करने का भी आह्वान किया गया। पश्चिम चंपारण से बड़ी संख्या में किसान, मजदूर, छात्र, नौजवान और महिलाएं पटना पहुंचकर 28 सितंबर के राजभवन मार्च में अपनी आवाज बुलंद करेंगे।1
- 🇮🇳 दुनिया में बढ़ा भारत का सम्मान! PM मोदी को कई देशों के सर्वोच्च सम्मान, मजबूत हुई वैश्विक पहचान 🌍1
- श्रीकृष्ण जन्मभूमि मुक्ति विजय अभियान को लेकर निकली भव्य शोभायात्रा महंत अवैद्यनाथ की पुण्यतिथि पर आयोजित हुआ श्रद्धांजलि समारोह, हजारों कार्यकर्ताओं ने लिया हिस्सा पडरौना- कुशीनगर विश्व हिंदू महासंघ के प्रदेश उपाध्यक्ष राजन जायसवाल की अगुवाई में शुक्रवार को पडरौना नगर में श्रीकृष्ण जन्मभूमि मुक्ति विजय अभियान एवं विजय यज्ञ के तहत भव्य शोभायात्रा निकाली गई।कार्यक्रम का आयोजन ब्रह्मलीन राष्ट्र संत एवं पूर्व गोरक्षपीठाधीश्वर महंत अवैद्यनाथ जी महाराज की पुण्यतिथि के अवसर पर जेपी पैलेस लॉन में किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत महंत अवैद्यनाथ जी महाराज के चित्र पर माल्यार्पण एवं पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि देने के साथ हुई। इसके बाद साधु-संतों के नेतृत्व में यज्ञाचार्य द्वारा सामूहिक विजय महायज्ञ कराया गया। कार्यक्रम में विश्व हिंदू महासंघ के पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने संगठन के प्रदेश अध्यक्ष भिखारी प्रजापति के निर्देश पर श्रीकृष्ण जन्मभूमि मुक्ति विजय अभियान को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया। इसके बाद जेपी पैलेस से भव्य शोभायात्रा निकाली गई। सैकड़ों दोपहिया वाहनों पर सवार कार्यकर्ता नारे लगाते हुए आगे बढ़े। शोभायात्रा साहबगंज, तिलक चौक, कोतवाली रोड, सुभाष चौक, रामकोला रोड, बावली चौराहा, साहबगंज, धर्मशाला एवं विवाह भवन रोड होते हुए पुनः जेपी पैलेस पहुंचकर समाप्त हुई। समापन के अवसर पर आयोजित सभा को संबोधित करते हुए प्रदेश उपाध्यक्ष राजन जायसवाल ने कहा कि संगठन हिंदू समाज के पुनर्जागरण और श्रीकृष्ण जन्मभूमि से जुड़े अभियान को लेकर निरंतर कार्य करता रहेगा। उन्होंने कहा कि संगठन के प्रदेश अध्यक्ष भिखारी प्रजापति के नेतृत्व में प्रदेश के सभी जनपद मुख्यालयों पर अभियान के तहत कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।उन्होंने कार्यक्रम में शामिल सभी पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं का आभार जताते हुए कहा कि विपरीत मौसम के बावजूद कार्यकर्ताओं ने पूरे उत्साह के साथ कार्यक्रम को सफल बनाया। कार्यक्रम के अंत में श्रद्धालुओं एवं कार्यकर्ताओं को मिष्ठान प्रसाद वितरित किया गया।इस दौरान जिलाध्यक्ष संतोष जायसवाल, जिला उपाध्यक्ष नरेंद्र मिश्रा, श्रीराम हनुमान सेवा दल के जिलाध्यक्ष श्याम मदन यादव, गौ रक्षा प्रकोष्ठ अध्यक्ष कैलाश कुशवाहा, महामंत्री फूलदीन कुशवाहा, युवा प्रकोष्ठ जिला महामंत्री दूधनाथ वर्मा, पडरौना नगर प्रभारी बृजमोहन जायसवाल, नगर अध्यक्ष राजेंद्र चौरसिया, जिला महामंत्री रविंद्र गुप्ता, जिला मंत्री जुगनू राय सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी, कार्यकर्ता एवं साधु-संत मौजूद रहे।1
- आठ सूत्री मांगों को लेकर उर्वरक खुदरा विक्रेता संघ ने सौंपा ज्ञापन, खाद नहीं उठाने की चेतावनी ।। उर्वरक खुदरा विक्रेता संघ की ओर से अपनी विभिन्न समस्याओं और मांगों को लेकर जिला कृषि पदाधिकारी को आठ सूत्री मांगों का ज्ञापन सौंपा गया। संघ ने मांगों का शीघ्र समाधान नहीं होने पर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने की चेतावनी दी है। संघ के प्रखंड अध्यक्ष प्रेम साह ने बताया कि खुदरा उर्वरक विक्रेताओं को लगातार कई तरह की समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है, जिससे व्यवसाय प्रभावित हो रहा है। ज्ञापन में सभी खुदरा दुकानदारों को एफओआर (FOR) सुविधा उपलब्ध कराने, सभी उर्वरक दुकानों से टैगिंग व्यवस्था समाप्त करने तथा सभी विक्रेताओं को समानुपातिक रूप से उर्वरक उपलब्ध कराने की मांग की गई है। इसके अलावा विक्रेताओं की समस्याओं के समाधान के लिए टोल फ्री नंबर जारी करने की भी मांग रखी गई है। संघ ने कहा कि भूमि के अनुसार उर्वरक लेने वाले किसानों की जांच होनी चाहिए। जांच में गलत पाए जाने वाले किसानों के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई की जाए, ताकि उर्वरक वितरण व्यवस्था में पारदर्शिता बनी रहे। वहीं पीओएस मर्जिंग की राशि विक्रेताओं के खाते में हस्तांतरित करने की मांग भी की गई है। इसके साथ ही सभी खुदरा विक्रेताओं को फार्मो ओ से सीधे जोड़ने तथा जिला स्तरीय बैठक में प्रत्येक प्रखंड से उर्वरक विक्रेताओं के एक प्रतिनिधि के बैठने के लिए एक सीट निर्धारित करने की मांग की गई। प्रेम साह ने बताया कि कृषि निदेशालय, बिहार पटना के ज्ञापन संख्या 1284 (ऊपा-17), दिनांक 17 अगस्त 2026 के आलोक में जब तक सभी विक्रेताओं को खाद उपलब्ध नहीं कराई जाती, तब तक संघ अनिश्चितकालीन हड़ताल पर रहेगा। इस दौरान दुकानें खुली रहेंगी, लेकिन विक्रेता खाद का उठाव नहीं करेंगे।इस मौके पर सचिव विकास कुमार पाण्डेय, कोषाध्यक्ष अमरूल आलम ,अनवर आलम, कृष्णा प्रसाद ,मालिक साह,दीपक कुशवाहा ,नंदू प्रसाद आदि खाद विक्रेता शामिल रहे।1
- "बीमार बच्चों की कवरेज से डॉक्टरों में हड़कंप, पत्रकार को पीटकर निकाला बाहर!" Video Description सहरसा सदर अस्पताल से एक बेहद शर्मनाक मामला सामने आया है। प्रभात खबर डिजिटल के पत्रकार अभिषेक जब मध्याह्न भोजन (Mid-Day Meal) खाने से बीमार पड़े बच्चों की कवरेज करने अस्पताल पहुंचे, तो वहां मौजूद डॉक्टर और मेडिकल स्टाफ भड़क गए। आरोप है कि डॉ. एसके आजाद और स्टाफ ने पत्रकार के साथ बदतमीजी की, अपशब्द कहे और बुरी तरह पिटाई कर अस्पताल से बाहर निकाल दिया। इस पूरी घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। अब बड़ा सवाल यह है कि स्वास्थ्य मंत्री और प्रशासन इन डॉक्टरों पर क्या कार्रवाई करेंगे? पत्रकार अभिषेक ने ऐलान किया है कि जब तक हमलावर डॉक्टर और स्टाफ की गिरफ्तारी नहीं होती, तब तक वे डीएम कार्यालय के बाहर अनशन पर बैठेंगे। अपनी राय कमेंट में जरूर बताएं: क्या सच दिखाना अब गुनाह बन चुका है? वीडियो को लाइक और शेयर करें ताकि सच सबके सामने आ सके। "बीमार बच्चों की कवरेज से डॉक्टरों में हड़कंप, पत्रकार को पीटकर निकाला बाहर!" Video Description सहरसा सदर अस्पताल से एक बेहद शर्मनाक मामला सामने आया है। प्रभात खबर डिजिटल के पत्रकार अभिषेक जब मध्याह्न भोजन (Mid-Day Meal) खाने से बीमार पड़े बच्चों की कवरेज करने अस्पताल पहुंचे, तो वहां मौजूद डॉक्टर और मेडिकल स्टाफ भड़क गए। आरोप है कि डॉ. एसके आजाद और स्टाफ ने पत्रकार के साथ बदतमीजी की, अपशब्द कहे और बुरी तरह पिटाई कर अस्पताल से बाहर निकाल दिया। इस पूरी घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। अब बड़ा सवाल यह है कि स्वास्थ्य मंत्री और प्रशासन इन डॉक्टरों पर क्या कार्रवाई करेंगे? पत्रकार अभिषेक ने ऐलान किया है कि जब तक हमलावर डॉक्टर और स्टाफ की गिरफ्तारी नहीं होती, तब तक वे डीएम कार्यालय के बाहर अनशन पर बैठेंगे। अपनी राय कमेंट में जरूर बताएं: क्या सच दिखाना अब गुनाह बन चुका है? वीडियो को लाइक और शेयर करें ताकि सच सबके सामने आ सके। 1