बिहार मुखिया महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष और मकेर प्रखंड की कैतुकानंदन पंचायत के मुखिया मिथिलेश कुमार राय हाल ही में एक नए और अप्रत्याशित अंदाज में नजर आए। उन्होंने अपनी 'मुखियागिरी' छोड़कर क्रिकेट के मैदान में एक जबरदस्त शॉट लगाया, जिसे देखकर हर कोई हैरान रह गया। उनका शॉट देखते ही बन रहा था, और किसी ने नहीं सोचा था कि वे इस तरह का प्रभावशाली प्रदर्शन करेंगे। दरअसल, मिथिलेश कुमार राय अपनी ही पंचायत में आयोजित एक क्रिकेट टूर्नामेंट के उद्घाटन समारोह में पहुंचे थे। इस अवसर पर उन्हें सांकेतिक रूप से शॉट लगाना तो था, लेकिन उनके इस प्रदर्शन ने सभी को चकित कर दिया। अपने इस खेल के बाद, उन्होंने मैच में हिस्सा लेने वाले सभी खिलाड़ियों से परिचय प्राप्त किया, जिसके बाद टूर्नामेंट विधिवत रूप से शुरू हुआ। इस टूर्नामेंट में कौन सी टीम विजयी हुई या कौन हारी, इसकी विस्तृत जानकारी बाद की खबरों में दी जाएगी। पाठक मुखियाजी डॉट कॉम पर अधिक अपडेट के लिए बने रह सकते हैं।
बिहार मुखिया महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष और मकेर प्रखंड की कैतुकानंदन पंचायत के मुखिया मिथिलेश कुमार राय हाल ही में एक नए और अप्रत्याशित अंदाज में नजर आए। उन्होंने अपनी 'मुखियागिरी' छोड़कर क्रिकेट के मैदान में एक जबरदस्त शॉट लगाया, जिसे देखकर हर कोई हैरान रह गया। उनका शॉट देखते ही बन रहा था, और किसी ने नहीं सोचा था कि वे इस तरह का प्रभावशाली प्रदर्शन करेंगे। दरअसल, मिथिलेश कुमार राय अपनी ही पंचायत में आयोजित एक क्रिकेट टूर्नामेंट के उद्घाटन समारोह में पहुंचे थे। इस अवसर पर उन्हें सांकेतिक रूप से शॉट लगाना तो था, लेकिन उनके इस प्रदर्शन ने सभी को चकित कर दिया। अपने इस खेल के बाद, उन्होंने मैच में हिस्सा लेने वाले सभी खिलाड़ियों से परिचय प्राप्त किया, जिसके बाद टूर्नामेंट विधिवत रूप से शुरू हुआ। इस टूर्नामेंट में कौन सी टीम विजयी हुई या कौन हारी, इसकी विस्तृत जानकारी बाद की खबरों में दी जाएगी। पाठक मुखियाजी डॉट कॉम पर अधिक अपडेट के लिए बने रह सकते हैं।
- बिहार मुखिया महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष और मकेर प्रखंड की कैतुकानंदन पंचायत के मुखिया मिथिलेश कुमार राय हाल ही में एक नए और अप्रत्याशित अंदाज में नजर आए। उन्होंने अपनी 'मुखियागिरी' छोड़कर क्रिकेट के मैदान में एक जबरदस्त शॉट लगाया, जिसे देखकर हर कोई हैरान रह गया। उनका शॉट देखते ही बन रहा था, और किसी ने नहीं सोचा था कि वे इस तरह का प्रभावशाली प्रदर्शन करेंगे। दरअसल, मिथिलेश कुमार राय अपनी ही पंचायत में आयोजित एक क्रिकेट टूर्नामेंट के उद्घाटन समारोह में पहुंचे थे। इस अवसर पर उन्हें सांकेतिक रूप से शॉट लगाना तो था, लेकिन उनके इस प्रदर्शन ने सभी को चकित कर दिया। अपने इस खेल के बाद, उन्होंने मैच में हिस्सा लेने वाले सभी खिलाड़ियों से परिचय प्राप्त किया, जिसके बाद टूर्नामेंट विधिवत रूप से शुरू हुआ। इस टूर्नामेंट में कौन सी टीम विजयी हुई या कौन हारी, इसकी विस्तृत जानकारी बाद की खबरों में दी जाएगी। पाठक मुखियाजी डॉट कॉम पर अधिक अपडेट के लिए बने रह सकते हैं।1
- पटना के गांधी सेतु पर पिलर नंबर 14 के पास एक जोरदार एक्सीडेंट हुआ, जिसके कारण ट्रैफिक बाधित हो गया। इस घटना में 'शीत बसंत' की एक गाड़ी ने एक छोटी गाड़ी को टक्कर मार दी। गनीमत रही कि हादसे में दोनों गाड़ियों के ड्राइवर सुरक्षित हैं। दुर्घटना की जानकारी मिलने पर बिहार ड्राइवर महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष दिनेश कुमार राय अपने सहयोगियों अरुण राय, मनीष कुमार सिंह और अजीत सिंह के साथ तुरंत घटना स्थल पर पहुंचे।3
- आरा शहर के नवादा थाना क्षेत्र अंतर्गत मौलाबाग बीवीजान के हाता में बच्चों के बीच हुए झगड़े ने हिंसक रूप ले लिया, जिसके चलते एक महिला को गोली मार दी गई। जख्मी महिला के पेट में गोली लगी है, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गई। घटना के तुरंत बाद परिजनों द्वारा उसे इलाज के लिए शहर के बाबू बाजार स्थित एक निजी अस्पताल ले जाया गया। जानकारी के अनुसार, घायल महिला की पहचान नवादा थाना क्षेत्र के मौलाबाग बीवीजान का हाता निवासी धनजी कुमार की 21 वर्षीया पत्नी सपना देवी के रूप में हुई है। प्राथमिक उपचार के बाद उसकी चिंताजनक हालत को देखते हुए उसे पटना रेफर कर दिया गया है। इस घटना से आसपास के इलाके में सनसनी फैल गई है। सूचना मिलने पर नवादा थानाध्यक्ष बिपिन बिहार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और मामले की छानबीन शुरू कर दी है। जख्मी महिला के परिजनों ने भी बच्चों के झगड़े को लेकर गोली मारे जाने की घटना की पुष्टि की है।1
- manjulika Chhath karte hue ............................1
- कृषि मंत्री विजय सिन्हा मुजफ्फरपुर में जनसुनवाई कर रहे थे। यह जनसुनवाई लोगों की समस्याओं को सुनने और उनका समाधान करने के उद्देश्य से आयोजित की गई थी।1
- बिहार चिकित्सा एवं जन स्वास्थ्य कर्मचारी संघ के आह्वान पर, राजधानी पटना के गर्दनीबाग स्थित धरना स्थल पर स्वास्थ्य विभाग के विभिन्न संवर्गों के कर्मचारियों ने अपनी 26 सूत्री मांगों को लेकर एक दिवसीय विशाल धरना-प्रदर्शन किया। इस प्रदर्शन में राज्य के अलग-अलग जिलों से आए स्वास्थ्यकर्मियों ने सरकार से लंबित मांगों के शीघ्र समाधान की मांग उठाई। प्रदर्शन के दौरान, स्वास्थ्यकर्मियों ने परिचारिका श्रेणी "ए" (GNM), महिला स्वास्थ्य कार्यकर्ता (ANM), लिपिक और अन्य संवर्गों के सामूहिक स्थानांतरण पर तत्काल रोक लगाने, उन्हें सेवा सम्पुष्टि पत्र जारी करने तथा उनके गृह जिले अथवा निकटतम जिले में पदस्थापन सुनिश्चित करने की मांग की। इसके अतिरिक्त, संविदा एवं आउटसोर्सिंग पर कार्यरत कर्मियों के सेवा समायोजन का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया गया। कर्मचारियों ने अर्बन एएनएम और आउटसोर्सिंग कर्मियों को न्यूनतम वैधानिक मजदूरी ₹26,000 देने, ESI-EPF जैसी सामाजिक सुरक्षा सुविधाएं उपलब्ध कराने, स्वास्थ्य समिति कर्मचारियों के लिए संवर्ग नियमावली बनाने और रिक्त पदों पर नियमित नियुक्ति करने की भी मांग रखी। उन्होंने समय पर वेतन भुगतान सुनिश्चित करने और राज्य में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत बनाने पर भी जोर दिया। धरना स्थल पर मौजूद दंडाधिकारी ने प्रदर्शनकारियों से मुलाकात कर उनका मांगपत्र स्वीकार किया और उनकी मांगों को संबंधित अधिकारियों तक पहुंचाने का आश्वासन दिया। हालांकि, स्वास्थ्यकर्मियों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर जल्द ही कोई सकारात्मक कार्रवाई नहीं की गई, तो उनके आंदोलन को और भी व्यापक तथा उग्र रूप दिया जाएगा।1
- फतुहा से रसलपुर तक एक 'समाधान का दरबार' आयोजित किया गया। इस दौरान एक 'सहयोग शिविर' भी लगाया गया, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी।1
- “बच्चे मन के सच्चे, सारे जग की आंख के तारे! वो नन्हें फूल हैं जो भगवान को लगते प्यारे!!” — इन पंक्तियों के माध्यम से बच्चों की मासूमियत और उनके सरल स्वभाव को रेखांकित किया गया है। पटना से एक विशेष वीडियो साझा किया गया है, जिसमें दर्शकों से एक बच्चे के मूड को समझने और उसके 'मन के सच्चे' होने के भाव को अनुभव करने का आग्रह किया गया है। यह वीडियो इस धारणा को पुष्ट करता है कि बच्चे अपनी स्वाभाविक पवित्रता और सरलता में ही सबसे प्यारे होते हैं।1