ईडब्ल्यूएस प्रमाण पत्र अब एक वर्ष तक रहेगा मान्य, छात्रों के लिए छात्रावास की भी तैयारी : राजकुमार सिंह मुंगेर। उच्च जातियों के लिए आयोग (सवर्ण आयोग) के सदस्य राजकुमार सिंह ने कहा कि आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (ईडब्ल्यूएस) का प्रमाण पत्र अब निर्गत होने की तिथि से पूरे एक वर्ष तक मान्य रहेगा। इससे अभ्यर्थियों को बार-बार प्रमाण पत्र बनवाने की परेशानी से राहत मिलेगी और विभिन्न भर्ती एवं शैक्षणिक प्रक्रियाओं में सुविधा होगी। शुक्रवार को मुंगेर पहुंचे राजकुमार सिंह ने सबसे पहले एक नंबर ट्रैफिक चौक स्थित बाबू वीर कुंवर सिंह की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। इसके बाद जिला अतिथि गृह में आयोजित प्रेस वार्ता में उन्होंने सरकार की ओर से ईडब्ल्यूएस वर्ग के लिए किए जा रहे प्रयासों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि हाल ही में संपन्न 19,800 से अधिक सिपाही भर्ती में ईडब्ल्यूएस श्रेणी के 1,983 अभ्यर्थियों का चयन हुआ है। वहीं संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) की परीक्षा में भी ईडब्ल्यूएस वर्ग के 26 अभ्यर्थियों ने सफलता हासिल की है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार के सर्वेक्षण के अनुसार सवर्ण समाज के करीब 52 प्रतिशत लोग ईडब्ल्यूएस के दायरे में आते हैं। राजकुमार सिंह ने कहा कि आयोग का प्रयास है कि अन्य आरक्षण प्राप्त वर्गों की तरह ईडब्ल्यूएस श्रेणी के विद्यार्थियों को भी शिक्षा, छात्रावास और अन्य सरकारी सुविधाओं का समान लाभ मिले। उन्होंने बताया कि ईडब्ल्यूएस वर्ग के छात्रों के लिए प्रमंडल स्तर पर छात्रावास निर्माण तथा बेहतर शैक्षणिक सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में सरकार कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि आयोग आर्थिक रूप से कमजोर सवर्ण परिवारों के बच्चों को शिक्षा और रोजगार के क्षेत्र में अधिक अवसर उपलब्ध कराने के लिए लगातार प्रयासरत है। प्रेस वार्ता के दौरान आयोग की विभिन्न योजनाओं और सरकार की पहलों की भी जानकारी दी गई। ईडब्ल्यूएस प्रमाण पत्र अब एक वर्ष तक रहेगा मान्य, छात्रों के लिए छात्रावास की भी तैयारी : राजकुमार सिंह मुंगेर। उच्च जातियों के लिए आयोग (सवर्ण आयोग) के सदस्य राजकुमार सिंह ने कहा कि आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (ईडब्ल्यूएस) का प्रमाण पत्र अब निर्गत होने की तिथि से पूरे एक वर्ष तक मान्य रहेगा। इससे अभ्यर्थियों को बार-बार प्रमाण पत्र बनवाने की परेशानी से राहत मिलेगी और विभिन्न भर्ती एवं शैक्षणिक प्रक्रियाओं में सुविधा होगी। शुक्रवार को मुंगेर पहुंचे राजकुमार सिंह ने सबसे पहले एक नंबर ट्रैफिक चौक स्थित बाबू वीर कुंवर सिंह की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। इसके बाद जिला अतिथि गृह में आयोजित प्रेस वार्ता में उन्होंने सरकार की ओर से ईडब्ल्यूएस वर्ग के लिए किए जा रहे प्रयासों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि हाल ही में संपन्न 19,800 से अधिक सिपाही भर्ती में ईडब्ल्यूएस श्रेणी के 1,983 अभ्यर्थियों का चयन हुआ है। वहीं संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) की परीक्षा में भी ईडब्ल्यूएस वर्ग के 26 अभ्यर्थियों ने सफलता हासिल की है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार के सर्वेक्षण के अनुसार सवर्ण समाज के करीब 52 प्रतिशत लोग ईडब्ल्यूएस के दायरे में आते हैं। राजकुमार सिंह ने कहा कि आयोग का प्रयास है कि अन्य आरक्षण प्राप्त वर्गों की तरह ईडब्ल्यूएस श्रेणी के विद्यार्थियों को भी शिक्षा, छात्रावास और अन्य सरकारी सुविधाओं का समान लाभ मिले। उन्होंने बताया कि ईडब्ल्यूएस वर्ग के छात्रों के लिए प्रमंडल स्तर पर छात्रावास निर्माण तथा बेहतर शैक्षणिक सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में सरकार कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि आयोग आर्थिक रूप से कमजोर सवर्ण परिवारों के बच्चों को शिक्षा और रोजगार के क्षेत्र में अधिक अवसर उपलब्ध कराने के लिए लगातार प्रयासरत है। प्रेस वार्ता के दौरान आयोग की विभिन्न योजनाओं और सरकार की पहलों की भी जानकारी दी गई।
ईडब्ल्यूएस प्रमाण पत्र अब एक वर्ष तक रहेगा मान्य, छात्रों के लिए छात्रावास की भी तैयारी : राजकुमार सिंह मुंगेर। उच्च जातियों के लिए आयोग (सवर्ण आयोग) के सदस्य राजकुमार सिंह ने कहा कि आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (ईडब्ल्यूएस) का प्रमाण पत्र अब निर्गत होने की तिथि से पूरे एक वर्ष तक मान्य रहेगा। इससे अभ्यर्थियों को बार-बार प्रमाण पत्र बनवाने की परेशानी से राहत मिलेगी और विभिन्न भर्ती एवं शैक्षणिक प्रक्रियाओं में सुविधा होगी। शुक्रवार को मुंगेर पहुंचे राजकुमार सिंह ने सबसे पहले एक नंबर ट्रैफिक चौक स्थित बाबू वीर कुंवर सिंह की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। इसके बाद जिला अतिथि गृह में आयोजित प्रेस वार्ता में उन्होंने सरकार की ओर से ईडब्ल्यूएस वर्ग के लिए किए जा रहे प्रयासों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि हाल ही में संपन्न 19,800 से अधिक सिपाही भर्ती में ईडब्ल्यूएस श्रेणी के 1,983 अभ्यर्थियों का चयन हुआ है। वहीं संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) की परीक्षा में भी ईडब्ल्यूएस वर्ग के 26 अभ्यर्थियों ने सफलता हासिल की है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार के सर्वेक्षण के अनुसार सवर्ण समाज के करीब 52 प्रतिशत लोग ईडब्ल्यूएस के दायरे में आते हैं। राजकुमार सिंह ने कहा कि आयोग का प्रयास है कि अन्य आरक्षण प्राप्त वर्गों की तरह ईडब्ल्यूएस श्रेणी के विद्यार्थियों को भी शिक्षा, छात्रावास और अन्य सरकारी सुविधाओं का समान लाभ मिले। उन्होंने बताया कि ईडब्ल्यूएस वर्ग के छात्रों के लिए प्रमंडल स्तर पर छात्रावास निर्माण तथा बेहतर शैक्षणिक सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में सरकार कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि आयोग आर्थिक रूप से कमजोर सवर्ण परिवारों के बच्चों को शिक्षा और रोजगार के क्षेत्र में अधिक अवसर उपलब्ध कराने के लिए लगातार प्रयासरत है। प्रेस वार्ता के दौरान आयोग की विभिन्न योजनाओं और सरकार की पहलों की भी जानकारी दी गई। ईडब्ल्यूएस प्रमाण पत्र अब एक वर्ष तक रहेगा मान्य, छात्रों के लिए छात्रावास की भी तैयारी : राजकुमार सिंह मुंगेर। उच्च जातियों के लिए आयोग (सवर्ण आयोग) के सदस्य राजकुमार सिंह ने कहा कि आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (ईडब्ल्यूएस) का प्रमाण पत्र अब निर्गत होने की तिथि से पूरे एक वर्ष तक मान्य रहेगा। इससे अभ्यर्थियों को बार-बार प्रमाण पत्र बनवाने की परेशानी से राहत मिलेगी और विभिन्न भर्ती एवं शैक्षणिक प्रक्रियाओं में सुविधा होगी। शुक्रवार को मुंगेर पहुंचे राजकुमार सिंह ने सबसे पहले एक नंबर ट्रैफिक चौक स्थित बाबू वीर कुंवर सिंह की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। इसके बाद जिला अतिथि गृह में आयोजित प्रेस वार्ता में उन्होंने सरकार की ओर से ईडब्ल्यूएस वर्ग के लिए किए जा रहे प्रयासों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि हाल ही में संपन्न 19,800 से अधिक सिपाही भर्ती में ईडब्ल्यूएस श्रेणी के 1,983 अभ्यर्थियों का चयन हुआ है। वहीं संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) की परीक्षा में भी ईडब्ल्यूएस वर्ग के 26 अभ्यर्थियों ने सफलता हासिल की है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार के सर्वेक्षण के अनुसार सवर्ण समाज के करीब 52 प्रतिशत लोग ईडब्ल्यूएस के दायरे में आते हैं। राजकुमार सिंह ने कहा कि आयोग का प्रयास है कि अन्य आरक्षण प्राप्त वर्गों की तरह ईडब्ल्यूएस श्रेणी के विद्यार्थियों को भी शिक्षा, छात्रावास और अन्य सरकारी सुविधाओं का समान लाभ मिले। उन्होंने बताया कि ईडब्ल्यूएस वर्ग के छात्रों के लिए प्रमंडल स्तर पर छात्रावास निर्माण तथा बेहतर शैक्षणिक सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में सरकार कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि आयोग आर्थिक रूप से कमजोर सवर्ण परिवारों के बच्चों को शिक्षा और रोजगार के क्षेत्र में अधिक अवसर उपलब्ध कराने के लिए लगातार प्रयासरत है। प्रेस वार्ता के दौरान आयोग की विभिन्न योजनाओं और सरकार की पहलों की भी जानकारी दी गई।
- ईडब्ल्यूएस प्रमाण पत्र अब एक वर्ष तक रहेगा मान्य, छात्रों के लिए छात्रावास की भी तैयारी : राजकुमार सिंह मुंगेर। उच्च जातियों के लिए आयोग (सवर्ण आयोग) के सदस्य राजकुमार सिंह ने कहा कि आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (ईडब्ल्यूएस) का प्रमाण पत्र अब निर्गत होने की तिथि से पूरे एक वर्ष तक मान्य रहेगा। इससे अभ्यर्थियों को बार-बार प्रमाण पत्र बनवाने की परेशानी से राहत मिलेगी और विभिन्न भर्ती एवं शैक्षणिक प्रक्रियाओं में सुविधा होगी। शुक्रवार को मुंगेर पहुंचे राजकुमार सिंह ने सबसे पहले एक नंबर ट्रैफिक चौक स्थित बाबू वीर कुंवर सिंह की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। इसके बाद जिला अतिथि गृह में आयोजित प्रेस वार्ता में उन्होंने सरकार की ओर से ईडब्ल्यूएस वर्ग के लिए किए जा रहे प्रयासों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि हाल ही में संपन्न 19,800 से अधिक सिपाही भर्ती में ईडब्ल्यूएस श्रेणी के 1,983 अभ्यर्थियों का चयन हुआ है। वहीं संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) की परीक्षा में भी ईडब्ल्यूएस वर्ग के 26 अभ्यर्थियों ने सफलता हासिल की है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार के सर्वेक्षण के अनुसार सवर्ण समाज के करीब 52 प्रतिशत लोग ईडब्ल्यूएस के दायरे में आते हैं। राजकुमार सिंह ने कहा कि आयोग का प्रयास है कि अन्य आरक्षण प्राप्त वर्गों की तरह ईडब्ल्यूएस श्रेणी के विद्यार्थियों को भी शिक्षा, छात्रावास और अन्य सरकारी सुविधाओं का समान लाभ मिले। उन्होंने बताया कि ईडब्ल्यूएस वर्ग के छात्रों के लिए प्रमंडल स्तर पर छात्रावास निर्माण तथा बेहतर शैक्षणिक सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में सरकार कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि आयोग आर्थिक रूप से कमजोर सवर्ण परिवारों के बच्चों को शिक्षा और रोजगार के क्षेत्र में अधिक अवसर उपलब्ध कराने के लिए लगातार प्रयासरत है। प्रेस वार्ता के दौरान आयोग की विभिन्न योजनाओं और सरकार की पहलों की भी जानकारी दी गई। ईडब्ल्यूएस प्रमाण पत्र अब एक वर्ष तक रहेगा मान्य, छात्रों के लिए छात्रावास की भी तैयारी : राजकुमार सिंह मुंगेर। उच्च जातियों के लिए आयोग (सवर्ण आयोग) के सदस्य राजकुमार सिंह ने कहा कि आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (ईडब्ल्यूएस) का प्रमाण पत्र अब निर्गत होने की तिथि से पूरे एक वर्ष तक मान्य रहेगा। इससे अभ्यर्थियों को बार-बार प्रमाण पत्र बनवाने की परेशानी से राहत मिलेगी और विभिन्न भर्ती एवं शैक्षणिक प्रक्रियाओं में सुविधा होगी। शुक्रवार को मुंगेर पहुंचे राजकुमार सिंह ने सबसे पहले एक नंबर ट्रैफिक चौक स्थित बाबू वीर कुंवर सिंह की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। इसके बाद जिला अतिथि गृह में आयोजित प्रेस वार्ता में उन्होंने सरकार की ओर से ईडब्ल्यूएस वर्ग के लिए किए जा रहे प्रयासों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि हाल ही में संपन्न 19,800 से अधिक सिपाही भर्ती में ईडब्ल्यूएस श्रेणी के 1,983 अभ्यर्थियों का चयन हुआ है। वहीं संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) की परीक्षा में भी ईडब्ल्यूएस वर्ग के 26 अभ्यर्थियों ने सफलता हासिल की है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार के सर्वेक्षण के अनुसार सवर्ण समाज के करीब 52 प्रतिशत लोग ईडब्ल्यूएस के दायरे में आते हैं। राजकुमार सिंह ने कहा कि आयोग का प्रयास है कि अन्य आरक्षण प्राप्त वर्गों की तरह ईडब्ल्यूएस श्रेणी के विद्यार्थियों को भी शिक्षा, छात्रावास और अन्य सरकारी सुविधाओं का समान लाभ मिले। उन्होंने बताया कि ईडब्ल्यूएस वर्ग के छात्रों के लिए प्रमंडल स्तर पर छात्रावास निर्माण तथा बेहतर शैक्षणिक सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में सरकार कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि आयोग आर्थिक रूप से कमजोर सवर्ण परिवारों के बच्चों को शिक्षा और रोजगार के क्षेत्र में अधिक अवसर उपलब्ध कराने के लिए लगातार प्रयासरत है। प्रेस वार्ता के दौरान आयोग की विभिन्न योजनाओं और सरकार की पहलों की भी जानकारी दी गई।1
- गृह मंत्री की अनुपस्थिति का उठा मुद्दा, पप्पू यादव ने साधू वेश में चंदा चोरी का उठाया मुद्दा गृह मंत्री की अनुपस्थिति का उठा मुद्दा, पप्पू यादव ने साधू वेश में चंदा चोरी का उठाया मुद्दा1
- मध्य विद्यालय राटन के समीप वार्ड नंबर 8 में बनाए गए यात्री प्रतिक्षालय करीब 15 लाख से बनाया गया नगर परिषद गोगरी जमालपुर के द्वारा छः महीने में देखिए क्या हाल है यात्री प्रतिक्षालय का Samrat Choudhary Information & Public Relations Department, Government of Bihar Urban Development & Housing Dept, Govt. of Bihar Nitish Mishra District Administration, Khagaria - Bihar #zerotolerancepolicy #Corruption Nagar Parishad Gogri Jamalpur1
- गोगरी अनुमंडलीय अस्पताल में 12 महिलाओं का सफल बंध्याकरण, पुरुष नसबंदी के लिए जागरूकता अभियान तेज गोगरी अनुमंडल अस्पताल में शुक्रवार को परिवार नियोजन कार्यक्रम के तहत बंध्याकरण शिविर का आयोजन किया गया। वहीं दूसरी ओर प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. चंद्र प्रकाश के निर्देश पर क्षेत्र में आशा एवं ममता कार्यकर्ताओं द्वारा परिवार नियोजन को लेकर लोगों को जागरूक किया गया। शिविर में महिला चिकित्सक डॉ. शोभा रानी ने कुल 12 महिलाओं का सफल बंध्याकरण ऑपरेशन किया। सभी महिलाओं का ऑपरेशन सुरक्षित तरीके से संपन्न कराया गया तथा उन्हें आवश्यक चिकित्सकीय देखभाल भी उपलब्ध कराई गई। प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. चंद्र प्रकाश ने शुक्रवार की शाम छह बजे बताया कि सरकार के निर्देशानुसार परिवार नियोजन कार्यक्रम को प्रभावी बनाने के लिए आशा एवं ममता कार्यकर्ताओं को गांव-गांव जाकर लोगों को जागरूक करने का निर्देश दिया गया है। उन्होंने कहा कि अब केवल महिलाओं ही नहीं, बल्कि पुरुषों को भी नसबंदी के प्रति प्रेरित और जागरूक किया जा रहा है, ताकि परिवार नियोजन की जिम्मेदारी दोनों की सहभागिता से पूरी हो सके। उन्होंने लोगों से अपील की कि छोटे एवं स्वस्थ परिवार के निर्माण के लिए सरकार द्वारा संचालित परिवार नियोजन कार्यक्रम का लाभ उठाएं तथा आवश्यक जानकारी के लिए अपने नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र या आशा कार्यकर्ता से संपर्क करें।1
- हवेली खड़गपुर में फिर से चला अतिक्रमण हटाओ अभियान अतिक्रमण अंबेडकर चौक से लेकर लालू एकता पार्क तक हवेली खड़गपुर। नगर परिषद प्रशासन की ओर से शुक्रवार को शहर में अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया गया। नगर परिषद कार्यालय से शुरू हुआ अभियान अंबेडकर चौक, लालू एकता पार्क, सब्जी मार्केट, पुराना पुल होते हुए थाना मोड़ तक चलाया गया। इस दौरान सड़क किनारे और सार्वजनिक स्थानों पर किए गए अतिक्रमण को हटाया गया। अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई को लेकर जहां कुछ लोगों ने राहत की सांस ली, वहीं स्थानीय लोगों में इस बात को लेकर नाराजगी भी दिखी कि अभियान बार-बार चलाने के बावजूद स्थायी समाधान नहीं हो पा रहा है। लोगों का कहना है कि अतिक्रमण हटाने के कुछ ही दिनों बाद फिर से सड़क किनारे दुकानें और अस्थायी संरचनाएं लग जाती हैं, जिससे शहर की सड़कें दोबारा संकरी हो जाती हैं। स्थानीय लोगों ने कहा कि 10-15 दिन के अंतराल पर अतिक्रमण हटाने का अभियान चलाया जाता है, लेकिन कार्रवाई के बाद दोबारा अतिक्रमण करने वालों पर प्रभावी रोक नहीं लग पाती। इससे आम लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। लोगों का आरोप है कि कई जगहों पर बार-बार अतिक्रमण करने वालों के खिलाफ स्थायी कार्रवाई नहीं होने के कारण समस्या बनी हुई है। लोगों ने नगर परिषद प्रशासन से मांग की है कि केवल अतिक्रमण हटाने तक अभियान सीमित न रहे, बल्कि दोबारा अतिक्रमण करने वालों पर जुर्माना और नियमानुसार कार्रवाई की जाए। साथ ही प्रमुख बाजार और चौक-चौराहों पर नियमित निगरानी की व्यवस्था की जाए, ताकि सड़कें दोबारा अतिक्रमण की चपेट में न आएं।4
- बिहार के बांकीपुर उपचुनाव का पेरिस मतदान परसेंट कम होने पर बेगूसराय कांग्रेस नगर अध्यक्ष बृजेश कुमार प्रिंस ने बांकीपुर उपचुनाव पर बड़ा बयान दिया 3 अगस्त को रिजल्ट आना बाकी है उससे पहले नेताओं का बयान.2
- बोलबम के नारे के साथ कांवड़ यात्रा पर निकले नौनीहालों ने शिव मंदिर में किया जलाभिषेक बोलबम के नारे के साथ कांवड़ यात्रा पर निकले नौनीहालों ने शिव मंदिर में किया जलाभिषेक1
- डूबते पीयूष राज को एनडीआरएफ 9 बटालियन ने 15 मिनट में रेस्क्यू किया सुपौल के थुंबा में डूब रहे पीयूष राज की जानकारी जब एनडीआरएफ 9 बटालियन के टीम को मिली तो विंग कमांडर भवेश झा की निगरानी में टीम ने मात्र 15 मिनट के अंदर पीयूष राज को रेस्क्यू कर लिया और सीपीआर देते हुए सदर अस्पताल सुपौल भेजो वहां पर डॉक्टरों ने पीयूष राज को मृ * त्यु घोषित कर दिया इस घटना से लोगों में शोक का माहौल है।1