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उन्नाव जिले के हिलौली ब्लॉक के अंतर्गत आने वाले ग्राम गजराज खेड़ा (पोस्ट संदाना) में नाली की समस्या के कारण गंदा पानी जमा रहता है। नाली का गंदा पानी रुके रहने से ग्रामीणों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि इस समस्या के समाधान के लिए कोई भी उनकी बात सुनने को तैयार नहीं है और उनकी लगातार अनदेखी की जा रही है।
Kuldeep Singh
उन्नाव जिले के हिलौली ब्लॉक के अंतर्गत आने वाले ग्राम गजराज खेड़ा (पोस्ट संदाना) में नाली की समस्या के कारण गंदा पानी जमा रहता है। नाली का गंदा पानी रुके रहने से ग्रामीणों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि इस समस्या के समाधान के लिए कोई भी उनकी बात सुनने को तैयार नहीं है और उनकी लगातार अनदेखी की जा रही है।
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- Post by Ramakant1
- मध्य प्रदेश में डबल इंजन सरकार का एक नया कारनामा सामने आया है, जहां बीएड और अन्य शिक्षक प्रशिक्षण कॉलेजों की मान्यता में भारी घोटाला कर सत्ता ने सारी हदें पार कर दी हैं। तथाकथित रामराज में कागजों पर आलीशान और सुविधाओं से लैस दिखने वाले कई कॉलेज असलियत में खाली खेत या बंद पड़े खंडहर हैं। इन 'अदृश्य' कॉलेजों से हर साल आंकड़ों में सैकड़ों शिक्षक बनकर निकल रहे हैं। उदाहरण के तौर पर, भोपाल के विदिशा रोड पर स्थित 'श्रीराम कॉलेज' को दस्तावेजों में बड़ा कैंपस दिखाया गया है, लेकिन मौके पर सिर्फ खाली जमीन या दूसरे नाम के कॉलेज ही मिले हैं। हद तो यह है कि कहीं-कहीं एक ही कृषि भूमि पर कागजों में तीन-तीन संस्थान चल रहे हैं और सालों से बंद खंडहरों को डिग्री कॉलेज दिखाया गया है। इस गंभीर शैक्षणिक धोखाधड़ी पर अब बरकतुल्लाह यूनिवर्सिटी भी सवालों के घेरे में है, जहां चौकीदार ही चोर की भूमिका में नजर आ रहा है और विपक्ष ने इस ठगी पर कड़े सवाल उठाए हैं। इस महा ठगी का एक और बड़ा उदाहरण इंदौर के खजराना में सामने आया है, जहां 100 बिस्तरों वाला प्रस्तावित सरकारी अस्पताल पिछले 6 साल से सिर्फ कागजों पर ही चल रहा है। जून 2020 में मंजूर हुए इस 'लापता' अस्पताल के लिए अब तक जमीन भी आवंटित नहीं हुई है और ग्राउंड जीरो पर एक ईंट तक नहीं रखी गई। इसके बावजूद, अस्पताल के लिए स्वीकृत 87 डॉक्टरों, नर्सों और पैरामेडिकल स्टाफ की नियुक्तियां, तबादले और वेतन का खेल आंकड़ों में लगातार जारी है। कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों ने राज्य सरकार पर निशाना साधते हुए इसे जनता के स्वास्थ्य और सरकारी धन का भारी दुरुपयोग बताया है। वहीं, प्रशासनिक अधिकारियों और सरकार ने सफाई दी है कि जमीन न मिलने के कारण निर्माण कार्य रुका हुआ था और स्टाफ को बेकार बैठाने के बजाय दूसरे अस्पतालों और संजीवनी क्लीनिकों में समायोजित किया गया है।1
- कल ही शुरू हुए लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे पर व्यवस्था की पोल खुल गई है, जहां उद्घाटन के ठीक अगले ही दिन से लाइटें जलना बंद हो गई हैं। कल ही इस एक्सप्रेसवे का उद्घाटन कर इसे चालू किया गया था, लेकिन आज से ही यहां की लाइटें गुल हो चुकी हैं। इस लापरवाही को दिखाते हुए एक वीडियो भी साझा किया गया है, जिसमें साफ देखा जा सकता है कि चालू होने के तुरंत बाद ही एक्सप्रेसवे पर लाइटें काम नहीं कर रही हैं।1
- उत्तर प्रदेश में पूर्व IPS अमिताभ ठाकुर ने राम मंदिर ट्रस्ट के CEO पद के लिए आवेदन किया है। अमिताभ ठाकुर का कहना है कि वे इस पद के लिए आवश्यक सभी अहर्ताओं को पूरी तरह से पूरा करते हैं। हालांकि, असल सवाल यह खड़ा होता है कि क्या आरएसएस के प्रत्यक्ष या परोक्ष आशीर्वाद रूपी अर्हता के बिना वे राम मंदिर ट्रस्ट के CEO चुने जा सकेंगे? यह ट्रस्ट हमेशा से आरएसएस का था, आरएसएस का है और आरएसएस का ही रहेगा। चंपत राय, अनिल मिश्रा और गोपाल राव तो सिर्फ देह हैं; देह बदलती रहेगी, लेकिन इसकी आत्मा वही रहेगी।1
- लखनऊ के सरोजनी नगर में एक सार्वजनिक स्थल पर बहुत अधिक आक्रामक संक्रमण फैल रहा है, जिससे लोग परेशान हैं। इस सार्वजनिक स्थान पर हो रही दुर्दशा और गंदगी सभी को साफ़ तौर पर दिखाई दे रही है, जहाँ से लगातार भारी बदबू आ रही है। स्थानीय लोगों की माँग है कि इस गंभीर स्थिति पर जल्द से जल्द कोई न कोई कार्रवाई की जानी चाहिए। लोगों ने इस जगह की तुरंत और पूरी तरह से सफ़ाई करने की अपील की है।1
- लखनऊ के थाना गाजीपुर क्षेत्र के पॉलिटेक्निक पुलिस चौकी में एक नए अतिरिक्त कक्ष का विधिवत उद्घाटन किया गया है। पहले से संचालित चौकी परिसर में तैयार किए गए इस नए कक्ष का शुभारंभ डीसीपी पूर्वी डॉ. दीक्षा शर्मा ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना और वैदिक मंत्रोच्चार के साथ किया। इस खास मौके पर पूरे चौकी परिसर को गुब्बारों और आकर्षक सजावट से सजाया गया था, जिससे कार्यक्रम का माहौल काफी उत्साहपूर्ण रहा। इस उद्घाटन समारोह के दौरान पुलिस विभाग के कई वरिष्ठ अधिकारी और कर्मी मौजूद रहे। इनमें एडीसीपी पूर्वी अमोल मुरकुट, एसीपी गाज़ीपुर, थाना गाजीपुर के प्रभारी निरीक्षक राजेश कुमार मौर्य और पॉलिटेक्निक चौकी प्रभारी मनोज कुमार प्रमुख रूप से उपस्थित रहे। इनके साथ ही थाना गाजीपुर के सभी चौकी प्रभारी, उपनिरीक्षक, हेड कांस्टेबल, पुलिसकर्मी और क्षेत्र के कई समाजसेवी व गणमान्य नागरिक भी इस कार्यक्रम के साक्षी बने। इस नवनिर्मित कक्ष के शुरू होने से पुलिस व्यवस्था को और अधिक मजबूती मिलेगी। इससे पुलिस कार्यों के सुचारू संचालन, महत्वपूर्ण अभिलेखों के सुव्यवस्थित रखरखाव और चौकी में अपनी फरियाद लेकर आने वाले लोगों की सुनवाई के लिए बेहतर सुविधाएं उपलब्ध होंगी। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पुलिस सुविधाओं के इस विस्तार से आम जनता को और अधिक प्रभावी व बेहतर पुलिस सेवाएं प्रदान करने में मदद मिलेगी।1
- उत्तर प्रदेश के लखनऊ में माता-पिता के साथ फुटपाथ पर सो रही एक डेढ़ वर्षीय बच्ची को चोरी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश हुआ है। बीते 13 जुलाई की देर रात आरोपियों ने इस वारदात को अंजाम दिया था। बच्ची के गायब होने पर उसके माता-पिता ने तत्काल पुलिस को सूचना दी थी, जिसके बाद इस संबंध में मुकदमा दर्ज किया गया था। इस मामले की जांच में जुटी थाना चौक पुलिस और डीसीपी वेस्ट की क्राइम टीम ने एक संयुक्त ऑपरेशन चलाकर बड़ी कामयाबी हासिल की है। पुलिस ने इलाके के करीब 150 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालने और सर्विलांस की मदद से इस वारदात में शामिल एक डॉक्टर सहित पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान ऋषभ कश्यप, रोहित पासी, मो० सुल्तान, मो० इरशाद शाह और श्याम जी यादव के रूप में हुई है। पुलिस की गिरफ्त में आए इन आरोपियों ने पूछताछ में खुलासा किया है कि वे इस मासूम बच्ची का ₹2.5 लाख में सौदा करने वाले थे।1
- इटावा में प्रॉपर्टी डीलर आनंद राजपूत की हत्या के मामले में एक बेहद सनसनीखेज खुलासा हुआ है। पुलिस जांच में दावा किया गया है कि आनंद की पत्नी ने ही अपने कथित प्रेमी और उसके साथियों के साथ मिलकर अपने पति की हत्या की खूनी साजिश रची थी। इश्क के चक्कर में पति को रास्ते का रोड़ा बनते देख इस पूरी वारदात को अंजाम देने का आरोप पत्नी पर लगा है। इस हत्याकांड को अंजाम देने के लिए साजिशकर्ताओं ने पहले आनंद को गोलियां मारीं और उसके बाद गला दबाकर उसकी हत्या कर दी। पुलिस ने मामले की गहन जांच और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर इस पूरी साजिश का पर्दाफाश किया है। इस मामले में संलिप्त आरोपियों के खिलाफ पुलिस द्वारा कानूनी कार्रवाई जारी है।1
- उत्तर प्रदेश के नोएडा में थाना फेज-3 क्षेत्र के अंतर्गत मामूरा गांव की एक बहुमंजिला इमारत में भीषण आग लग गई, जिससे पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। आशंका जताई जा रही है कि ग्राउंड फ्लोर पर खड़ी एक ई-बाइक में स्पार्किंग होने के बाद यह आग लगी। देखते ही देखते कुछ ही मिनटों में पूरी इमारत घने धुएं और भीषण लपटों की चपेट में आ गई। हादसे के वक्त इस इमारत में 50 से अधिक लोग मौजूद थे। इमारत में चारों तरफ धुआं भर जाने के कारण सीढ़ियां और बाहर निकलने के रास्ते पूरी तरह बंद हो गए। ऐसे में अपनी जान बचाने के लिए लोग छतों और खिड़कियों पर आकर मदद की गुहार लगाने लगे। कुछ लोगों ने सूझबूझ दिखाते हुए बांस के सहारे एक छत से दूसरी छत पर पहुंचकर किसी तरह अपनी जान बचाई। घटना की सूचना मिलने पर फायर विभाग ने तुरंत मौके पर पहुंचकर रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया और अब तक 40 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है। चीफ फायर ऑफिसर के अनुसार, आग पर पूरी तरह से काबू पा लिया गया है। फिलहाल, आग लगने के असली कारणों की जांच की जा रही है।1