संगम नगरी प्रयागराज में शुक्रवार को हजारों की संख्या में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले छात्रों ने कैंडल मार्च निकाला। इस कैंडल मार्च के माध्यम से प्रतियोगी छात्रों ने सरकार से यह मांग की है कि परीक्षाओं में धांधली करने वाले नकल माफियाओं के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। कैंडल मार्च निकाल रहे छात्रों का कहना है कि लेखपाल भर्ती परीक्षा, यूपीएसआई और नीट जैसी परीक्षाओं सहित अन्य सभी प्रतियोगी परीक्षाओं पर सवाल उठ रहे हैं, क्योंकि इनके पेपर अक्सर लीक हो जाते हैं। छात्रों ने आरोप लगाया कि सरकार भले ही निष्पक्ष और नकलविहीन भर्ती परीक्षाओं के दावे करती है, लेकिन अक्सर या तो पेपर लीक हो जाते हैं या फिर भर्ती परीक्षाओं की तारीखें बदल दी जाती हैं। इससे तमाम प्रतियोगी छात्रों को भारी खामियाजा उठाना पड़ता है, जिससे उनका समय भी खराब होता है। छात्रों ने सरकार से अपील की है कि भर्ती परीक्षाएं न केवल नकलविहीन हों बल्कि उनमें पूरी पारदर्शिता भी बनी रहे। उनकी मांग है कि सरकार को भर्ती परीक्षाओं में धांधली करने वालों से सख्ती से निपटना चाहिए, ताकि परिक्षार्थियों को किसी प्रकार की दिक्कत का सामना न करना पड़े।
संगम नगरी प्रयागराज में शुक्रवार को हजारों की संख्या में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले छात्रों ने कैंडल मार्च निकाला। इस कैंडल मार्च के माध्यम से प्रतियोगी छात्रों ने सरकार से यह मांग की है कि परीक्षाओं में धांधली करने वाले नकल माफियाओं के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। कैंडल मार्च निकाल रहे छात्रों का कहना है कि लेखपाल भर्ती परीक्षा, यूपीएसआई और नीट जैसी परीक्षाओं सहित अन्य सभी प्रतियोगी परीक्षाओं पर सवाल उठ रहे हैं, क्योंकि इनके पेपर अक्सर लीक हो जाते हैं। छात्रों ने आरोप लगाया कि सरकार भले ही निष्पक्ष और नकलविहीन भर्ती परीक्षाओं के दावे करती है, लेकिन अक्सर या तो पेपर लीक हो जाते हैं या फिर भर्ती परीक्षाओं की तारीखें बदल दी जाती हैं। इससे तमाम प्रतियोगी छात्रों को भारी खामियाजा उठाना पड़ता है, जिससे उनका समय भी खराब होता है। छात्रों ने सरकार से अपील की है कि भर्ती परीक्षाएं न केवल नकलविहीन हों बल्कि उनमें पूरी पारदर्शिता भी बनी रहे। उनकी मांग है कि सरकार को भर्ती परीक्षाओं में धांधली करने वालों से सख्ती से निपटना चाहिए, ताकि परिक्षार्थियों को किसी प्रकार की दिक्कत का सामना न करना पड़े।
- लखनऊ के पारा थाना क्षेत्र में एक महिला सब-इंस्पेक्टर ने अपने ससुराल पक्ष पर मानसिक और घरेलू प्रताड़ना के गंभीर आरोप लगाए हैं। प्रयागराज में तैनात बताई जा रही पीड़िता ने शिकायत दर्ज कराई है, जिसमें उन्होंने अपने पति, सास, ससुर और ननद पर प्रताड़ित करने का आरोप लगाया है। हंसखेड़ा निवासी इस महिला दरोगा का कहना है कि शिकायत दर्ज कराए जाने के कई दिन बाद भी पुलिस ने इस मामले में कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की है। पुलिस की अनदेखी से नाराज होकर, वह अपने परिजनों के साथ थाने पहुंचीं और पुलिस प्रशासन के खिलाफ विरोध जताया। पीड़िता ने अपनी पीड़ा व्यक्त करते हुए कहा कि यदि एक महिला पुलिस अधिकारी की शिकायत पर ही सुनवाई नहीं हो रही है, तो आम लोगों की स्थिति का अंदाजा सहज ही लगाया जा सकता है। हालांकि, इस पूरे मामले पर स्थानीय पुलिस की ओर से समाचार लिखे जाने तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया था। इस प्रकरण को लेकर आगे की कार्रवाई पर सभी की नजरें बनी हुई हैं।1
- संगम नगरी प्रयागराज में शुक्रवार को हजारों की संख्या में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले छात्रों ने कैंडल मार्च निकाला। इस कैंडल मार्च के माध्यम से प्रतियोगी छात्रों ने सरकार से यह मांग की है कि परीक्षाओं में धांधली करने वाले नकल माफियाओं के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। कैंडल मार्च निकाल रहे छात्रों का कहना है कि लेखपाल भर्ती परीक्षा, यूपीएसआई और नीट जैसी परीक्षाओं सहित अन्य सभी प्रतियोगी परीक्षाओं पर सवाल उठ रहे हैं, क्योंकि इनके पेपर अक्सर लीक हो जाते हैं। छात्रों ने आरोप लगाया कि सरकार भले ही निष्पक्ष और नकलविहीन भर्ती परीक्षाओं के दावे करती है, लेकिन अक्सर या तो पेपर लीक हो जाते हैं या फिर भर्ती परीक्षाओं की तारीखें बदल दी जाती हैं। इससे तमाम प्रतियोगी छात्रों को भारी खामियाजा उठाना पड़ता है, जिससे उनका समय भी खराब होता है। छात्रों ने सरकार से अपील की है कि भर्ती परीक्षाएं न केवल नकलविहीन हों बल्कि उनमें पूरी पारदर्शिता भी बनी रहे। उनकी मांग है कि सरकार को भर्ती परीक्षाओं में धांधली करने वालों से सख्ती से निपटना चाहिए, ताकि परिक्षार्थियों को किसी प्रकार की दिक्कत का सामना न करना पड़े।1
- NEET परीक्षा से जुड़े मुद्दों को लेकर देश भर में एक बड़े आंदोलन की तैयारी की चर्चाएँ तेज हो गई हैं। इन चर्चाओं के बीच, अरविंद केजरीवाल और कांग्रेस इस मुद्दे पर एक साथ आए हैं, जिससे यह सवाल उठ रहा है कि क्या वे मिलकर कोई बड़ा राष्ट्रव्यापी आंदोलन करेंगे।1
- एक महिला सब इंस्पेक्टर ने अपने ससुराल पक्ष पर प्रताड़ना का गंभीर आरोप लगाया है, जिसके बाद उन्होंने लखनऊ के पारा थाने पहुंचकर पुलिस पर भी कार्यवाही न करने का आरोप लगाया है। पीड़ित महिला दरोगा ने बताया कि वह स्वयं प्रयागराज में तैनात हैं और हंस खेड़ा की निवासी हैं। उन्होंने अपनी सास, ससुर, पति और नंनद पर उत्पीड़न का आरोप लगाया है। महिला दरोगा ने बताया कि वह कई दिनों से पारा पुलिस से न्याय के लिए गुहार लगा रही थीं, लेकिन पुलिस ने उनके मामले में कोई कार्यवाही नहीं की और उनका मुकदमा दर्ज नहीं किया जा रहा था। इसी निष्क्रियता के कारण, वह अपने परिजनों के साथ थाने पहुंचीं। उन्होंने आक्रोश व्यक्त करते हुए कहा कि जब स्वयं एक दरोगा होने के बावजूद, प्रयागराज में तैनात होने पर भी उनका मुकदमा नहीं लिखा जा रहा है, तो आम लोगों का क्या होता होगा। इस घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिससे यह सवाल उठ रहा है कि अब दरोगा भी सुरक्षित नहीं हैं।1
- प्रयागराज में समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने सिविल लाइंस स्थित सुभाष चौराहा पर पेट्रोल, डीजल और गैस सिलेंडर की बढ़ती कीमतों के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन विशेष रूप से महंगाई के विरोध में समाजवादी पार्टी द्वारा आयोजित किया गया था।1
- प्रयागराज में अब ग्राहकों के लिए एक ऐसा आईफोन बाजार मौजूद है जहाँ सस्ते दामों पर आईफोन खरीदने की सुविधा दी जा रही है। यह बाजार शहर में सबसे किफायती आईफोन विकल्पों के लिए जाना जाता है।1
- प्रयागराज में लेखपाल भर्ती के अभ्यर्थियों ने पेपर लीक, धांधली, परीक्षा केंद्र दूर होने और पारदर्शिता की कमी जैसे गंभीर मुद्दों को लेकर सड़कों पर उतरकर कैंडल मार्च निकाला है। इतनी बड़ी संख्या में छात्रों के विरोध प्रदर्शन पर सवाल उठ रहा है कि आखिर सरकार एक निष्पक्ष और समयबद्ध जांच कराने से क्यों बच रही है।1
- मोदी के गुरु ने एक ऐसा बयान दे दिया है, जिसने मोदी-शाह की नींद उड़ा दी है। इस बयान के कारण मोदी और शाह की बेचैनी बढ़ गई है।1