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थाने में आकर हमको धमकायेंगे …वर्दी उतार दिए फिर ….? नेतागिरी कहीं और ..! पटना पुलिस के SHO ने प्रशांत किशोर को कहा ..!

2 hrs ago
user_Amardip Kumar
Amardip Kumar
सौर बाजार, सहरसा, बिहार•
2 hrs ago

थाने में आकर हमको धमकायेंगे …वर्दी उतार दिए फिर ….? नेतागिरी कहीं और ..! पटना पुलिस के SHO ने प्रशांत किशोर को कहा ..!

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  • थाने में आकर हमको धमकायेंगे …वर्दी उतार दिए फिर ….? नेतागिरी कहीं और ..! पटना पुलिस के SHO ने प्रशांत किशोर को कहा ..!
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    थाने में आकर हमको धमकायेंगे …वर्दी उतार दिए फिर ….? नेतागिरी कहीं और ..! 

पटना पुलिस के SHO ने प्रशांत किशोर को कहा ..!
    user_Amardip Kumar
    Amardip Kumar
    सौर बाजार, सहरसा, बिहार•
    2 hrs ago
  • सौर बाजार में नाग पंचमी मेले को लेकर तैयारी जोड़ों पर लोगों में खुशी नगर पंचायत सौर बाजार के सिलेट भगवती स्थान में नाग पंचमी के मौके पर लगने वाले मेले को लेकर तैयारी जोरशोर शोर से चल रही है। इसको लेकर आयोजन समिति के सदस्य ने बताया की प्रत्येक वर्ष की भांति इस वर्ष भी नाग पंचमी को लेकर भव्य मेले की तैयारी शुरू कर दी गई है। इस भगवती स्थान में लगभग 110 साल पूर्व से ही मेले का आयोजन होते आया है। इस बार भी 17 और 18 अगस्त को लगने वाले मेले में बृंदावन से कलाकार पहुंच रहे हैं जिसके द्वारा रात्रि में धार्मिक नाटक मंचन किया जाएगा। मेले में सभी प्रकार की श्रृंगार की दुकान एवं कई प्रकार के मिठाई के दुकान भी लगाए जाते हैं इसके अलावा बच्चों के मनोरंजन के लिए कई प्रकार के आकर्षक झूले भी लगाए जाते हैं। मेले को लेकर स्थानीय लोगों में काफी खुशी देखी जा रही है।
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    सौर बाजार में नाग पंचमी मेले को लेकर तैयारी जोड़ों पर लोगों में खुशी 
नगर पंचायत सौर बाजार के सिलेट भगवती स्थान में नाग पंचमी के मौके पर लगने वाले मेले को लेकर तैयारी जोरशोर शोर से चल रही है। इसको लेकर आयोजन समिति के सदस्य ने बताया की प्रत्येक वर्ष की भांति इस वर्ष भी नाग पंचमी को लेकर भव्य मेले की तैयारी शुरू कर दी गई है। इस भगवती स्थान में लगभग 110 साल पूर्व से ही मेले का आयोजन होते आया है। इस बार भी 17 और 18 अगस्त को लगने वाले मेले में बृंदावन से कलाकार पहुंच रहे हैं जिसके द्वारा रात्रि में धार्मिक नाटक मंचन किया जाएगा। मेले में सभी प्रकार की श्रृंगार की दुकान एवं कई प्रकार के मिठाई के दुकान भी लगाए जाते हैं इसके अलावा बच्चों के मनोरंजन के लिए कई प्रकार के आकर्षक झूले भी लगाए जाते हैं। मेले को लेकर स्थानीय लोगों में काफी खुशी देखी जा रही है।
    user_मिथिलेश कुमार
    मिथिलेश कुमार
    Teacher सौर बाजार, सहरसा, बिहार•
    4 hrs ago
  • 5 रुपये में नहीं चलेगी नौकरी! बिहार के 250 पशु टीकाकर्मियों का बगावत का ऐलान, FMD टीकाकरण अभियान ठप करने की चेतावनी बिहार के मधेपुरा से एक ऐसी खबर, जिसका असर सीधे लाखों पशुओं और हजारों पशुपालकों पर पड़ सकता है। जिले के करीब 250 पशु मैत्री और टीकाकर्मियों ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। आरोप है कि पूरे दिन मेहनत करने के बावजूद उन्हें सिर्फ 5 रुपये प्रति टीका का भुगतान मिलता है। अब उन्होंने साफ कह दिया है—"जब तक मांगें पूरी नहीं होंगी, तब तक एफएमडी यानी फुट एंड माउथ डिजीज का टीकाकरण नहीं होगा। मधेपुरा के कला भवन परिसर में बुधवार को बिहार राज्य पशु मैत्री एवं टीकाकर्मी संघ की जिला इकाई की बैठक हुई। जिले के अलग-अलग प्रखंडों से पहुंचे टीकाकर्मियों ने अपनी आर्थिक परेशानियों और विभागीय व्यवस्था पर नाराजगी जताई। लंबी चर्चा के बाद सर्वसम्मति से फैसला लिया गया कि एफएमडी राउंड-7 टीकाकरण अभियान का बहिष्कार किया जाएगा। यानी अब जिले में टीकाकरण कार्य पूरी तरह बंद रहेगा। टीकाकर्मियों का कहना है कि वे वर्षों से पशुओं को खतरनाक संक्रामक बीमारियों से बचाने का काम कर रहे हैं, लेकिन उनकी मेहनत का उचित मूल्य नहीं मिल रहा। उनका आरोप है कि सरकार पशुधन बचाने की बात तो करती है, लेकिन जमीन पर काम करने वाले कर्मियों की सुध लेने वाला कोई नहीं है। सबसे बड़ा सवाल पारिश्रमिक का है। वर्तमान व्यवस्था के अनुसार एक टीके पर सिर्फ 5 रुपये दिए जाते हैं। विभाग रोजाना 50 टीके लगाने का लक्ष्य देता है। यानी पूरे दिन की मेहनत के बाद एक टीकाकर्मी की अधिकतम कमाई सिर्फ 250 रुपये होती है। टीकाकर्मियों का कहना है कि बढ़ती महंगाई में इतनी आय से परिवार चलाना असंभव है। इसलिए प्रति टीका 25 रुपये भुगतान की मांग की जा रही है। संघ ने सरकार के सामने पांच प्रमुख मांगें रखी हैं। हर पंचायत में एक पशु मैत्री टीकाकर्मी की नियुक्ति, प्रति टीका 25 रुपये का भुगतान, सभी टीकाकर्मियों का बीमा, ओटीपी आधारित प्रक्रिया समाप्त करना और कार्य व्यवस्था को सरल एवं व्यावहारिक बनाना। उनका कहना है कि ये सुविधाएं किसी विशेष लाभ के लिए नहीं, बल्कि सम्मानजनक तरीके से काम करने के लिए जरूरी हैं। बैठक के बाद निर्णय लिया गया कि इन मांगों को लेकर जिला पशुपालन पदाधिकारी और जिला पदाधिकारी को ज्ञापन सौंपा जाएगा। साथ ही सरकार को चेतावनी दी गई कि यदि जल्द सकारात्मक निर्णय नहीं हुआ तो आंदोलन जिला से लेकर राज्य स्तर तक और तेज किया जाएगा। फिलहाल मांगें पूरी होने तक एफएमडी राउंड-7 टीकाकरण अभियान का बहिष्कार जारी रहेगा बैठक में जिला अध्यक्ष विपिन कुमार सहित निर्मल पासवान, कृष्ण केडिया, गणेश कुमार, अनमोल कुमार, सर्वेश कुमार और बड़ी संख्या में पशु मैत्री एवं टीकाकर्मी मौजूद रहे। सभी ने एक स्वर में कहा कि सम्मानजनक पारिश्रमिक और सुविधाएं मिलने तक उनका संघर्ष नहीं रुकेगा।
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    5 रुपये में नहीं चलेगी नौकरी! बिहार के 250 पशु टीकाकर्मियों का बगावत का ऐलान, FMD टीकाकरण अभियान ठप करने की चेतावनी
बिहार के मधेपुरा से एक ऐसी खबर, जिसका असर सीधे लाखों पशुओं और हजारों पशुपालकों पर पड़ सकता है। जिले के करीब 250 पशु मैत्री और टीकाकर्मियों ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। आरोप है कि पूरे दिन मेहनत करने के बावजूद उन्हें सिर्फ 5 रुपये प्रति टीका का भुगतान मिलता है। अब उन्होंने साफ कह दिया है—"जब तक मांगें पूरी नहीं होंगी, तब तक एफएमडी यानी फुट एंड माउथ डिजीज का टीकाकरण नहीं होगा।
मधेपुरा के कला भवन परिसर में बुधवार को बिहार राज्य पशु मैत्री एवं टीकाकर्मी संघ की जिला इकाई की बैठक हुई। जिले के अलग-अलग प्रखंडों से पहुंचे टीकाकर्मियों ने अपनी आर्थिक परेशानियों और विभागीय व्यवस्था पर नाराजगी जताई। लंबी चर्चा के बाद सर्वसम्मति से फैसला लिया गया कि एफएमडी राउंड-7 टीकाकरण अभियान का बहिष्कार किया जाएगा। यानी अब जिले में टीकाकरण कार्य पूरी तरह बंद रहेगा।
टीकाकर्मियों का कहना है कि वे वर्षों से पशुओं को खतरनाक संक्रामक बीमारियों से बचाने का काम कर रहे हैं, लेकिन उनकी मेहनत का उचित मूल्य नहीं मिल रहा। उनका आरोप है कि सरकार पशुधन बचाने की बात तो करती है, लेकिन जमीन पर काम करने वाले कर्मियों की सुध लेने वाला कोई नहीं है।
सबसे बड़ा सवाल पारिश्रमिक का है। वर्तमान व्यवस्था के अनुसार एक टीके पर सिर्फ 5 रुपये दिए जाते हैं। विभाग रोजाना 50 टीके लगाने का लक्ष्य देता है। यानी पूरे दिन की मेहनत के बाद एक टीकाकर्मी की अधिकतम कमाई सिर्फ 250 रुपये होती है। टीकाकर्मियों का कहना है कि बढ़ती महंगाई में इतनी आय से परिवार चलाना असंभव है। इसलिए प्रति टीका 25 रुपये भुगतान की मांग की जा रही है।
संघ ने सरकार के सामने पांच प्रमुख मांगें रखी हैं। हर पंचायत में एक पशु मैत्री टीकाकर्मी की नियुक्ति, प्रति टीका 25 रुपये का भुगतान, सभी टीकाकर्मियों का बीमा, ओटीपी आधारित प्रक्रिया समाप्त करना और कार्य व्यवस्था को सरल एवं व्यावहारिक बनाना। उनका कहना है कि ये सुविधाएं किसी विशेष लाभ के लिए नहीं, बल्कि सम्मानजनक तरीके से काम करने के लिए जरूरी हैं।
बैठक के बाद निर्णय लिया गया कि इन मांगों को लेकर जिला पशुपालन पदाधिकारी और जिला पदाधिकारी को ज्ञापन सौंपा जाएगा। साथ ही सरकार को चेतावनी दी गई कि यदि जल्द सकारात्मक निर्णय नहीं हुआ तो आंदोलन जिला से लेकर राज्य स्तर तक और तेज किया जाएगा। फिलहाल मांगें पूरी होने तक एफएमडी राउंड-7 टीकाकरण अभियान का बहिष्कार जारी रहेगा
बैठक में जिला अध्यक्ष विपिन कुमार सहित निर्मल पासवान, कृष्ण केडिया, गणेश कुमार, अनमोल कुमार, सर्वेश कुमार और बड़ी संख्या में पशु मैत्री एवं टीकाकर्मी मौजूद रहे। सभी ने एक स्वर में कहा कि सम्मानजनक पारिश्रमिक और सुविधाएं मिलने तक उनका संघर्ष नहीं रुकेगा।
    user_RAMAN KUMAR
    RAMAN KUMAR
    REPORTER मधेपुरा, मधेपुरा, बिहार•
    14 hrs ago
  • आप सभी को सावन एव 15अगस्त रक्षाबंधन के ढेर सारी शुभकामनाएं
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    आप सभी को सावन एव  15अगस्त रक्षाबंधन के ढेर सारी शुभकामनाएं
    user_Manoj Kumar
    Manoj Kumar
    निर्मली, सुपौल, बिहार•
    2 hrs ago
  • सुपौल जिले के पिपरा अंचल में स्थायी अंचलाधिकारी की नियुक्ति नहीं होने से राजस्व व्यवस्था पूरी तरह प्रभावित हो सुपौल जिले के पिपरा अंचल में स्थायी अंचलाधिकारी की नियुक्ति नहीं होने से राजस्व व्यवस्था पूरी तरह प्रभावित हो गई है। दाखिल-खारिज, परिमार्जन, भूमि विवाद और सरकारी जमीन से जुड़े महत्वपूर्ण मामलों का समय पर निपटारा नहीं हो पा रहा है। अतिरिक्त प्रभार में कार्यालय चलने के कारण लंबित फाइलों की संख्या लगातार बढ़ रही है, जिससे आम लोगों में आक्रोश व्याप्त है। पिपरा अंचल में लंबे समय से स्थायी अंचलाधिकारी का पद रिक्त है। इसके कारण दाखिल-खारिज, परिमार्जन, भूमि विवादों के निष्पादन सहित राजस्व से जुड़े कई अहम कार्य प्रभावित हो रहे हैं। प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग अपनी समस्याओं के समाधान के लिए अंचल कार्यालय पहुंचते हैं, लेकिन स्थायी अधिकारी के अभाव में उन्हें निराश होकर लौटना पड़ रहा है। फिलहाल राजस्व अधिकारी सुभाषचंद्र चौधरी को अंचलाधिकारी का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। अतिरिक्त जिम्मेदारी होने के कारण सभी फाइलों का समय पर निष्पादन संभव नहीं हो पा रहा है, जिससे लंबित मामलों का बोझ लगातार बढ़ता जा रहा है। इसका सीधा असर आम नागरिकों और किसानों पर पड़ रहा है। सूत्रों के अनुसार सरकार ने आकांक्षा कुमारी को पिपरा अंचल का प्रभार दिया है, लेकिन उनके लंबी छुट्टी पर रहने के कारण अब तक उन्होंने योगदान नहीं दिया है। हलाकि इस समंघ में जब एसडीओ को फोन पर पुछा गया तो उनहोंने कहा मेडिकल प्रॉब्लम है बहुत जल्द प्रभार लिया जाएगा ऐसे अभी आरो साहब काम कर रहे हैं थोड़े बहुत परेशानी है यह परेशानी जल्द होगी खत्म इसी वजह से स्थायी अंचलाधिकारी की नियुक्ति में देरी हो रही है और प्रशासनिक कार्य प्रभावित हैं। स्थानीय ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों ने जिला प्रशासन से पिपरा अंचल में शीघ्र स्थायी अंचलाधिकारी की पदस्थापना करने की मांग की है। लोगों का कहना है कि यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो वे धरना-प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे। ग्रामीणों का आरोप है कि राजस्व कार्य ठप रहने से आम जनता को अनावश्यक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है और महत्वपूर्ण सरकारी सेवाएं समय पर नहीं मिल पा रही हैं। अब देखना होगा कि जिला प्रशासन पिपरा अंचल में स्थायी अंचलाधिकारी की नियुक्ति कब तक सुनिश्चित करता है, ताकि लंबित राजस्व कार्यों का निष्पादन हो सके और आम लोगों को राहत मिल सके।
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    सुपौल जिले के पिपरा अंचल में स्थायी अंचलाधिकारी की नियुक्ति नहीं होने से राजस्व व्यवस्था पूरी तरह प्रभावित हो
सुपौल जिले के पिपरा अंचल में स्थायी अंचलाधिकारी की नियुक्ति नहीं होने से राजस्व व्यवस्था पूरी तरह प्रभावित हो गई है। दाखिल-खारिज, परिमार्जन, भूमि विवाद और सरकारी जमीन से जुड़े महत्वपूर्ण मामलों का समय पर निपटारा नहीं हो पा रहा है। अतिरिक्त प्रभार में कार्यालय चलने के कारण लंबित फाइलों की संख्या लगातार बढ़ रही है, जिससे आम लोगों में आक्रोश व्याप्त है।
पिपरा अंचल में लंबे समय से स्थायी अंचलाधिकारी का पद रिक्त है। इसके कारण दाखिल-खारिज, परिमार्जन, भूमि विवादों के निष्पादन सहित राजस्व से जुड़े कई अहम कार्य प्रभावित हो रहे हैं। प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग अपनी समस्याओं के समाधान के लिए अंचल कार्यालय पहुंचते हैं, लेकिन स्थायी अधिकारी के अभाव में उन्हें निराश होकर लौटना पड़ रहा है।
फिलहाल राजस्व अधिकारी सुभाषचंद्र चौधरी को अंचलाधिकारी का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। अतिरिक्त जिम्मेदारी होने के कारण सभी फाइलों का समय पर निष्पादन संभव नहीं हो पा रहा है, जिससे लंबित मामलों का बोझ लगातार बढ़ता जा रहा है। इसका सीधा असर आम नागरिकों और किसानों पर पड़ रहा है।
सूत्रों के अनुसार सरकार ने आकांक्षा कुमारी को पिपरा अंचल का प्रभार दिया है, लेकिन उनके लंबी छुट्टी पर रहने के कारण अब तक उन्होंने योगदान नहीं दिया है।  हलाकि इस समंघ में जब एसडीओ को फोन पर पुछा गया तो उनहोंने कहा मेडिकल प्रॉब्लम है बहुत जल्द प्रभार लिया जाएगा ऐसे अभी आरो साहब काम कर रहे हैं थोड़े बहुत परेशानी है यह परेशानी जल्द होगी खत्म इसी वजह से स्थायी अंचलाधिकारी की नियुक्ति में देरी हो रही है और प्रशासनिक कार्य प्रभावित हैं।
स्थानीय ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों ने जिला प्रशासन से पिपरा अंचल में शीघ्र स्थायी अंचलाधिकारी की पदस्थापना करने की मांग की है। लोगों का कहना है कि यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो वे धरना-प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे। ग्रामीणों का आरोप है कि राजस्व कार्य ठप रहने से आम जनता को अनावश्यक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है और महत्वपूर्ण सरकारी सेवाएं समय पर नहीं मिल पा रही हैं।
अब देखना होगा कि जिला प्रशासन पिपरा अंचल में स्थायी अंचलाधिकारी की नियुक्ति कब तक सुनिश्चित करता है, ताकि लंबित राजस्व कार्यों का निष्पादन हो सके और आम लोगों को राहत मिल सके।
    user_Laxman kumar
    Laxman kumar
    Auto Air-conditioning Service पिपरा, सुपौल, बिहार•
    6 hrs ago
  • अमहा पिपरा न्यूज़ सुपौल जिला यहां पर कुछ बहुत अनहोनी रात को चीज हो रहा है जैसे कि भर रात बिजली काटना बीच में बिजली का आना कभी-कभी तो बिल्ली पूरा रात नहीं आता है अमहा पिपरा न्यूज़ सुपौल जिला यहां पर कुछ बहुत अनहोनी रात को चीज हो रहा है जैसे कि भर रात बिजली काटना बीच में बिजली का आना कभी-कभी तो बिल्ली पूरा रात नहीं आता है
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    अमहा पिपरा न्यूज़ सुपौल जिला यहां पर कुछ बहुत अनहोनी रात को चीज हो रहा है जैसे कि भर रात बिजली काटना बीच में बिजली का आना कभी-कभी तो बिल्ली पूरा रात नहीं आता है 
अमहा पिपरा न्यूज़ सुपौल जिला यहां पर कुछ बहुत अनहोनी रात को चीज हो रहा है जैसे कि भर रात बिजली काटना बीच में बिजली का आना कभी-कभी तो बिल्ली पूरा रात नहीं आता है
    user_Satyam King
    Satyam King
    पिपरा, सुपौल, बिहार•
    11 hrs ago
  • 🚨 सहरसा में चोरों का तांडव! नया बाजार में एक रिटायर्ड फौजी के बंद घर को चोरों ने बनाया निशाना। छत के रास्ते दाखिल होकर अलमारी व सूटकेस तोड़े, 5 लाख रुपये मूल्य के गहने लेकर फरार। सवाल बड़ा है: आखिर सहरसा में पुलिस गश्त का खौफ कब दिखेगा? #SaharsaNews #CrimeUpdate #SaharsaPolice #BreakingNews #Saharsa
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    🚨 सहरसा में चोरों का तांडव!
नया बाजार में एक रिटायर्ड फौजी के बंद घर को चोरों ने बनाया निशाना। छत के रास्ते दाखिल होकर अलमारी व सूटकेस तोड़े, 5 लाख रुपये मूल्य के गहने लेकर फरार।
सवाल बड़ा है: आखिर सहरसा में पुलिस गश्त का खौफ कब दिखेगा?
#SaharsaNews #CrimeUpdate #SaharsaPolice #BreakingNews #Saharsa
    user_SAHARSA LIVE NEWS
    SAHARSA LIVE NEWS
    News Anchor कहरा, सहरसा, बिहार•
    17 hrs ago
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