शिक्षा के मंदिर में 'रील' का रोर: मर्यादा तार-तार, रील के चक्कर में स्कूल बना 'स्टूडियो' बांदीकुई | जहाँ बच्चों के भविष्य की नींव रखी जाती है, वहां अब 'लाइक्स' और 'व्यूज' की भूख मर्यादाओं की धज्जियां उड़ा रही है। सोशल मीडिया का नशा इस कदर हावी हो गया है कि अब सरकारी स्कूल भी इससे अछूते नहीं रहे। ताजा मामला राजगढ़ क्षेत्र (संभावित) के एक सरकारी स्कूल का है, जहाँ एक बाहरी महिला ने न केवल नियमों को ताक पर रखकर स्कूल में प्रवेश किया, बल्कि छात्राओं को साथ लेकर फिल्मी गानों पर ठुमके लगाए और इसका वीडियो सोशल मीडिया पर गर्व से साझा कर दिया। 🛑 सुरक्षा व्यवस्था पर बड़ा सवाल: प्रशासन को भनक तक नहीं? हैरानी की बात यह है कि स्कूल परिसर में घंटों तक यह 'फिल्मी तमाशा' चलता रहा, लेकिन जिम्मेदार कुंभकर्णी नींद में सोए रहे। वीडियो वायरल होने के बाद शिक्षा विभाग की कार्यप्रणाली कटघरे में है। क्या गेट पर कोई रोक-टोक नहीं थी? क्या कक्षाओं के समय बाहरी गतिविधियों की अनुमति दी जा रही है? क्या स्कूल प्रशासन की मिलीभगत से यह सब हुआ? 😡 अभिभावकों का फूटा गुस्सा: "बेटियों की सुरक्षा का क्या?" इस वीडियो के सामने आने के बाद ग्रामीणों और अभिभावकों में भारी आक्रोश है। सोशल मीडिया पर लोग तीखी प्रतिक्रिया देते हुए पूछ रहे हैं: निजता का हनन: बिना अनुमति छात्राओं को इस तरह के वीडियो में शामिल करना उनकी सुरक्षा और निजता का गंभीर उल्लंघन है। बेखौफ घुसपैठ: अगर कोई अनजान व्यक्ति इतनी आसानी से छात्राओं तक पहुँच सकता है, तो स्कूल की सुरक्षा व्यवस्था महज एक दिखावा है। नैतिक पतन: शिक्षा के केंद्र में इस तरह का फूहड़ प्रदर्शन बच्चों के मानसिक विकास पर क्या असर डालेगा? 🔍 जांच के घेरे में विद्यालय: विभाग की 'गुपचुप' तैयारी फिलहाल इस बात की आधिकारिक पुष्टि नहीं हो पाई है कि यह वीडियो राजगढ़ के किस सटीक स्कूल का है, लेकिन वायरल क्लिप के बैकग्राउंड और दृश्यों के आधार पर विभाग जांच में जुट गया है। हालांकि, अभी तक शिक्षा विभाग के किसी भी उच्चाधिकारी ने कैमरे के सामने आकर कुछ भी कहने से परहेज किया है, लेकिन सूत्रों के अनुसार लापरवाही बरतने वाले स्टाफ पर गाज गिरना तय है। "बड़ा सवाल यह है कि क्या चंद सेकेंड की रील के लिए स्कूलों की गरिमा को इसी तरह नीलाम किया जाता रहेगा? क्या प्रशासन केवल वीडियो वायरल होने का इंतजार करता है या कोई सख्त नीति भी बनाई जाएगी?"
शिक्षा के मंदिर में 'रील' का रोर: मर्यादा तार-तार, रील के चक्कर में स्कूल बना 'स्टूडियो' बांदीकुई | जहाँ बच्चों के भविष्य की नींव रखी जाती है, वहां अब 'लाइक्स' और 'व्यूज' की भूख मर्यादाओं की धज्जियां उड़ा रही है। सोशल मीडिया का नशा इस कदर हावी हो गया है कि अब सरकारी स्कूल भी इससे अछूते नहीं रहे। ताजा मामला राजगढ़ क्षेत्र (संभावित) के एक सरकारी स्कूल का है, जहाँ एक बाहरी महिला ने न केवल नियमों को ताक पर रखकर स्कूल में प्रवेश किया, बल्कि छात्राओं को साथ लेकर फिल्मी गानों पर ठुमके लगाए और इसका वीडियो सोशल मीडिया पर गर्व से साझा कर दिया। 🛑 सुरक्षा व्यवस्था पर बड़ा सवाल: प्रशासन को भनक तक नहीं? हैरानी की बात यह है कि स्कूल परिसर में घंटों तक यह 'फिल्मी तमाशा' चलता रहा, लेकिन जिम्मेदार कुंभकर्णी नींद में सोए रहे। वीडियो वायरल होने के बाद शिक्षा विभाग की कार्यप्रणाली कटघरे में है। क्या गेट पर कोई रोक-टोक नहीं थी? क्या कक्षाओं के समय बाहरी गतिविधियों की अनुमति दी जा रही है? क्या स्कूल प्रशासन की मिलीभगत से यह सब हुआ? 😡 अभिभावकों का फूटा गुस्सा: "बेटियों की सुरक्षा का क्या?" इस वीडियो के सामने आने के बाद ग्रामीणों और अभिभावकों में भारी आक्रोश है। सोशल मीडिया पर लोग तीखी प्रतिक्रिया देते हुए पूछ रहे हैं: निजता का हनन: बिना अनुमति छात्राओं को इस तरह के वीडियो में शामिल करना उनकी सुरक्षा और निजता का गंभीर उल्लंघन है। बेखौफ घुसपैठ: अगर कोई अनजान व्यक्ति इतनी आसानी से छात्राओं तक पहुँच सकता है, तो स्कूल की सुरक्षा व्यवस्था महज एक दिखावा है। नैतिक पतन: शिक्षा के केंद्र में इस तरह का फूहड़ प्रदर्शन बच्चों के मानसिक विकास पर क्या असर डालेगा? 🔍 जांच के घेरे में विद्यालय: विभाग की 'गुपचुप' तैयारी फिलहाल इस बात की आधिकारिक पुष्टि नहीं हो पाई है कि यह वीडियो राजगढ़ के किस सटीक स्कूल का है, लेकिन वायरल क्लिप के बैकग्राउंड और दृश्यों के आधार पर विभाग जांच में जुट गया है। हालांकि, अभी तक शिक्षा विभाग के किसी भी उच्चाधिकारी ने कैमरे के सामने आकर कुछ भी कहने से परहेज किया है, लेकिन सूत्रों के अनुसार लापरवाही बरतने वाले स्टाफ पर गाज गिरना तय है। "बड़ा सवाल यह है कि क्या चंद सेकेंड की रील के लिए स्कूलों की गरिमा को इसी तरह नीलाम किया जाता रहेगा? क्या प्रशासन केवल वीडियो वायरल होने का इंतजार करता है या कोई सख्त नीति भी बनाई जाएगी?"
- चारदीवारी क्षेत्र में थार का कहर अब व्यापारी व आम राहगीर चार दिवारी के बाजारों में भी हाइवे की तरह असुरक्षित महसूस करेगा। ये घटना जयंती बाजार एक्सटेंशन में अभी जिसमें बाइक सवार व्यक्ति की घटना स्थल पर ही मृत्यु हो गई।और एक युवती जिसका इलाज सवाई मानसिंह अस्पताल में चल रहा है, ड्राइवर को गिरफ्तार कर लिया गया2
- बांदीकुई | जहाँ बच्चों के भविष्य की नींव रखी जाती है, वहां अब 'लाइक्स' और 'व्यूज' की भूख मर्यादाओं की धज्जियां उड़ा रही है। सोशल मीडिया का नशा इस कदर हावी हो गया है कि अब सरकारी स्कूल भी इससे अछूते नहीं रहे। ताजा मामला राजगढ़ क्षेत्र (संभावित) के एक सरकारी स्कूल का है, जहाँ एक बाहरी महिला ने न केवल नियमों को ताक पर रखकर स्कूल में प्रवेश किया, बल्कि छात्राओं को साथ लेकर फिल्मी गानों पर ठुमके लगाए और इसका वीडियो सोशल मीडिया पर गर्व से साझा कर दिया। 🛑 सुरक्षा व्यवस्था पर बड़ा सवाल: प्रशासन को भनक तक नहीं? हैरानी की बात यह है कि स्कूल परिसर में घंटों तक यह 'फिल्मी तमाशा' चलता रहा, लेकिन जिम्मेदार कुंभकर्णी नींद में सोए रहे। वीडियो वायरल होने के बाद शिक्षा विभाग की कार्यप्रणाली कटघरे में है। क्या गेट पर कोई रोक-टोक नहीं थी? क्या कक्षाओं के समय बाहरी गतिविधियों की अनुमति दी जा रही है? क्या स्कूल प्रशासन की मिलीभगत से यह सब हुआ? 😡 अभिभावकों का फूटा गुस्सा: "बेटियों की सुरक्षा का क्या?" इस वीडियो के सामने आने के बाद ग्रामीणों और अभिभावकों में भारी आक्रोश है। सोशल मीडिया पर लोग तीखी प्रतिक्रिया देते हुए पूछ रहे हैं: निजता का हनन: बिना अनुमति छात्राओं को इस तरह के वीडियो में शामिल करना उनकी सुरक्षा और निजता का गंभीर उल्लंघन है। बेखौफ घुसपैठ: अगर कोई अनजान व्यक्ति इतनी आसानी से छात्राओं तक पहुँच सकता है, तो स्कूल की सुरक्षा व्यवस्था महज एक दिखावा है। नैतिक पतन: शिक्षा के केंद्र में इस तरह का फूहड़ प्रदर्शन बच्चों के मानसिक विकास पर क्या असर डालेगा? 🔍 जांच के घेरे में विद्यालय: विभाग की 'गुपचुप' तैयारी फिलहाल इस बात की आधिकारिक पुष्टि नहीं हो पाई है कि यह वीडियो राजगढ़ के किस सटीक स्कूल का है, लेकिन वायरल क्लिप के बैकग्राउंड और दृश्यों के आधार पर विभाग जांच में जुट गया है। हालांकि, अभी तक शिक्षा विभाग के किसी भी उच्चाधिकारी ने कैमरे के सामने आकर कुछ भी कहने से परहेज किया है, लेकिन सूत्रों के अनुसार लापरवाही बरतने वाले स्टाफ पर गाज गिरना तय है। "बड़ा सवाल यह है कि क्या चंद सेकेंड की रील के लिए स्कूलों की गरिमा को इसी तरह नीलाम किया जाता रहेगा? क्या प्रशासन केवल वीडियो वायरल होने का इंतजार करता है या कोई सख्त नीति भी बनाई जाएगी?"1
- बेटे के उड़न भर कर देख कर बॉलीवुड का आना रो पड़ा बॉलीवुड के अभिनेता सुनील शेट्टी अपने बेटे की सफलता देखकर बहुत हो गए या रो पड़े1
- सांभरलेक एसडीएम ऋषि राज कपिल ने अपनी संवेदना और सामाजिक सरोकार का परिचय देते हुए भामाशाहों के सहयोग से जरूरतमंद 5528 बच्चों को स्वेटर वितरित करवाए। सांभरलेक के पीएम श्री दरबार स्कूल मे भामाशाह सम्मान और स्वेटर वितरित कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में भामाशाह दिनेश कुमावत, संयम जैन और दशरथ सिंह मोरसर का सम्मान किया गया और 5528 स्वेटर सांभरलेक ब्लॉक के सरकारी स्कूल के बच्चों के लिए वितरित किए गए। एसडीएम ने समाजसेवियों, स्वयंसेवी संगठनों और जागरूक नागरिकों से समाज सेवा की भावना के साथ आगे आने का आह्वान किया। ताकि इस पहल से न केवल बच्चों को ठंड से राहत मिले, बल्कि समाज में सहयोग, करुणा और जिम्मेदारी का संदेश भी प्रसारित हो। वही स्वेटर पाकर बच्चों के चेहरों पर मुस्कान नजर आई। वही कार्यक्रम में भामाशाहों ने भी बच्चों को जीत का मंत्र दिया। इस दौरान भामाशाह शिक्षा विभाग के अधिकारी, प्रधानाचार्य टीकमचंद मालाकार, शिक्षक, शिक्षिकाएं सहित बच्चे कार्यक्रम में मौजूद रहे।1
- जिला कोटपूतली गांव कलुहेडा मेआने जाने में समस्या गांव का कुछ भी काम नहीं हो रहा1
- लालसोट : लालसोट उपखंड में भगवान श्री देवनारायण जी के 1114 जन्मोत्सव पर श्री देवनारायण सेवा समिति लालसोट द्वारा देवनारायण भगवान की भव्य शोभायात्रा झण्डे व डीजे के साथ निकाली गई। शोभायात्रा दोपहर 1:00 बजे देवनारायण भगवान मंदिर चांदसेन से रवाना हुई। जो शहर से प्रमुख मार्गो जिसमें कर्नल बैंसला सर्किल, अशोक सर्किल, ज्योतिबा फूले सर्किल होते हुए देवनारायण मंदिर चांदसेन पहुंची। शोभायात्रा में घोड़ी पर सवार घुड़सवारों द्वारा कई कलाओं का प्रदर्शन किया । वही शोभायात्रा का जगह-जगह पुष्प वर्षा कर भविष्य स्वागत सत्कार किया गया। शोभा यात्रा का समाजसेवी शिव शंकर बलया जोशी द्वारा भी पुष्प वर्षा कर देवनारायण भगवान की शोभायात्रा का स्वागत किया गया। जिसमें समस्त गुर्जर समाज के लोगों ने बढ़ चढ़कर हिस्सा लिया वहीं महिलाओं ने भी इस शोभायात्रा में अपनी सहभागिता निभाई। लोग शोभायात्रा में डीजे की धुन पर नाचते गाते हुए रवाना हुए। इस दौरान समाज के अनेक गण्यमान्य लोग मौजूद रहे। जिसमें राजेश गुर्जर चांदसेन, राय सिंह गुर्जर टौरडा़, शिवपाल गुर्जर उपाध्यक्ष प्यार सिंह बीड़, मानसिंह गुर्जर टौरडा़, रामजीलाल डोई पक्का धौरा, पुखराज गुर्जर शाहपुरा, बाबूलाल छावडी लालसोट, नाथूलाल आंधी शील, लल्लू कंसाना टोरडा़, मुकेश गुर्जर घाटा, लोकेश गुर्जर खोहरापाड़ा, सुमेर सिंह कसाना, मुन्ना गुर्जर, मुकेश चायवाला, रामनारायण गुर्जर शहीद कई गण्या मान्य नागरिक रहे मौजूद ।4
- 6 घंटे तक शव को लेकर सड़क पर बैठे रहे लोग #दौसा : शव का दाह संस्कार नहीं करने देने को लेकर शव के साथ रास्ते में बैठे लोग । पुलिस प्रशासन पहुंचा मौके पर , ग्रामीणों से पुलिस कर रही समझाइश बसवा थाना क्षेत्र के जैतपुरा गांव का है मामला तहसीलदार पहुंचा मौके पर, ग्रामीणों से बात चीत जारी2
- mobile repairing course in jaipur Rajasthan@hkitjaipur 99820554491
- सांभरलेक थाना पुलिस को दो शातिर स्थाई वारंटी को गिरफ्तार करने में सफलता हाथ लगी है सांभरलेक थानाधिकारी राममिलन मीणा ने बताया कि स्थाई वारंटी नोरतमल बावरिया और राजकुमार साड़ीवाल को गिरफ्तार किया गया है दोनों स्थाई वारंटी पिछले 3-4 साल से फरारी काट रहे थे और पुलिस से बचने के लिए जयपुर, अजमेर और भीलवाड़ा जिले में छुपकर फरारी काट रहे थे। ऐसे में जयपुर ग्रामीण एसपी के निर्देशन में वारंटीयो की धरपकड़ पकड़ अभियान को लेकर पुलिस ने पुलिस उपाधीक्षक सांभरलेक अनुपम मिश्रा के निर्देशन में विशेष टीम का गठन कर स्थाई वारंटी नोरतमल बावरिया को जयपुर के भांकरोटा से दबिश देकर गिरफ्तार किया, वहीं दूसरे स्थाई वारंटी राजकुमार साड़ीवाल को सांभरलेक रेलवे स्टेशन से दबिश देखकर गिरफ्तार किया गया। दोनों स्थाई वारंटी को गिरफ्तार करने में सांभरलेक थानाधिकारी राममिलन मीणा, हेड कांस्टेबल रामनिवास, बलवीर सिंह, कांस्टेबल रमेश कुमार और मेवाराम टीम मौजूद रहे।1