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शादी की खुशियाँ मातम में बदली... 😔 जब एक पति घर लौटा, तो उसने वो मंजर देखा शादी की खुशियाँ मातम में बदली... 😔 जब एक पति घर लौटा, तो उसने वो मंजर देखा जिसकी कल्पना भी नहीं की जा सकती थी। घर का दरवाजा खुला था, ट्रैक्टर गायब था और कमरे में उसकी जीवनसंगिनी का लहूलुहान शव पड़ा था। पीड़ित किसान का कहना है कि हमलावरों ने बेरहमी से गोली मारकर उनकी पत्नी की जान ली। क्या यह महज लूट है या कोई गहरी रंजिश? आखिर कब तक सुरक्षित रहेंगी हमारी माँ-बहनें?
Chandrabhan Solanki Journalist
शादी की खुशियाँ मातम में बदली... 😔 जब एक पति घर लौटा, तो उसने वो मंजर देखा शादी की खुशियाँ मातम में बदली... 😔 जब एक पति घर लौटा, तो उसने वो मंजर देखा जिसकी कल्पना भी नहीं की जा सकती थी। घर का दरवाजा खुला था, ट्रैक्टर गायब था और कमरे में उसकी जीवनसंगिनी का लहूलुहान शव पड़ा था। पीड़ित किसान का कहना है कि हमलावरों ने बेरहमी से गोली मारकर उनकी पत्नी की जान ली। क्या यह महज लूट है या कोई गहरी रंजिश? आखिर कब तक सुरक्षित रहेंगी हमारी माँ-बहनें?
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- शादी की खुशियाँ मातम में बदली... 😔 जब एक पति घर लौटा, तो उसने वो मंजर देखा जिसकी कल्पना भी नहीं की जा सकती थी। घर का दरवाजा खुला था, ट्रैक्टर गायब था और कमरे में उसकी जीवनसंगिनी का लहूलुहान शव पड़ा था। पीड़ित किसान का कहना है कि हमलावरों ने बेरहमी से गोली मारकर उनकी पत्नी की जान ली। क्या यह महज लूट है या कोई गहरी रंजिश? आखिर कब तक सुरक्षित रहेंगी हमारी माँ-बहनें?1
- जैसलमेर, नीति आयोग, भारत सरकार के आकांक्षी जिला/ब्लॉक कार्यक्रम की तर्ज पर राज्य सरकार द्वारा संचालित गुरु गोलवलकर आकांक्षी ब्लॉक विकास योजना की समीक्षा बैठक बुधवार को जिला कलक्टर अनुपमा जोरवाल की अध्यक्षता में जिला कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित की गई। बैठक में तीन माह में प्रमुख संकेतकों को संतृप्त करने के उद्देश्य से संचालित संपूर्णता अभियान की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई। बैठक के दौरान बताया गया कि एस्पिरेशनल डिस्ट्रिक्ट प्रोग्राम (ADP) के तहत जिले की रैंकिंग में उल्लेखनीय सुधार हुआ है एवं जिले ने सराहनीय प्रगति दर्ज की है। जिला कलक्टर ने मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी को निर्देश दिए कि सभी विद्यालयों में बालिकाओं के लिए शौचालय की समुचित एवं सुचारू व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। मुख्य आयोजना अधिकारी ने जानकारी दी कि गत वर्ष की तुलना में इस वर्ष विद्यार्थियों का नामांकन कम रहा है। इस पर जिला कलक्टर ने शिक्षा विभाग को निर्देशित किया कि प्रवेश उत्सव आयोजित कर तथा घर-घर संपर्क अभियान चलाकर अभिभावकों को जागरूक किया जाए एवं नामांकन में वृद्धि सुनिश्चित की जाए। मुख्य शिक्षा अधिकारी ने अवगत कराया कि जिन विद्यालयों में बालिका शौचालय नहीं हैं, उनकी सूची शीघ्र ही जिला प्रशासन को प्रेषित की जाएगी तथा आवश्यकतानुसार अन्य योजनाओं एवं भामाशाह सहयोग से शौचालय निर्माण कराया जाएगा। मुख्य कार्यकारी अधिकारी ने निर्देश दिए कि सभी विद्यालयों का डेटा समय पर यू-डाईस प्लस (UDISE+) पोर्टल पर अपलोड किया जाए एवं अपलोड से पूर्व डेटा का पूर्ण सत्यापन किया जाए। किसी भी प्रकार की त्रुटि पाए जाने पर संबंधित विभाग की जिम्मेदारी तय कर कार्रवाई की जाएगी। साथ ही सभी आंगनवाड़ी केंद्रों एवं विद्यालयों में पेयजल एवं शौचालय की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने तथा प्रत्येक संस्थान का भौतिक निरीक्षण कर नियमित मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए गए। जिन शौचालयों में मरम्मत की आवश्यकता है, उन्हें पंचायत स्तर पर उपलब्ध संसाधनों से शीघ्र दुरुस्त करने के लिए कहा गया। साथ ही निजी विद्यालयों को भी यू-डाईस प्लस (UDISE+) पोर्टल पर अपना डेटा नियमित रूप से अपलोड करने के लिए निर्देशित किया गया। जिला कलक्टर जोरवाल ने सीडीओ को निर्देशित किया कि जिले के विद्यालयों में स्मार्ट क्लासरूम स्थापित करने के लिए परीक्षण कर औचित्यपूर्ण प्रस्ताव तैयार कर राज्य स्तर पर भेजे जाएं। साथ ही यह सुनिश्चित किया जाए कि किसी अन्य योजना के अंतर्गत ऐसे प्रस्ताव लंबित न हों, ताकि संसाधनों का प्रभावी एवं समन्वित उपयोग सुनिश्चित हो सके। इस अवसर पर मुख्य कार्यकारी अधिकारी जिला परिषद रश्मि रानी, उपखंड अधिकारी फतेहगढ़ भरतराम गुर्जर, मुख्य आयोजना अधिकारी सोमेश्वर देवड़ा, शिक्षा विभाग के जिला स्तरीय अधिकारी सहित सभी ब्लॉकों के ब्लॉक शिक्षा अधिकारी उपस्थित रहे।1
- पृथ्वी दिवस पर मातेश्वरी विद्या मंदिर भियाड़ में आयोजित किया कार्यक्रम.. शिव उपखंड क्षेत्र के भियाड़ में मातेश्वरी विद्या मंदिर में आज पृथ्वी दिवस पर कई कार्यक्रम आयोजित किए गए..1
- कांग्रेस के 'संगठन बढ़ाओ, लोकतंत्र बचाओ' अभियान के तहत शुक्रवार, 24 अप्रैल को पोकरण विधानसभा क्षेत्र के फलसूंड में जिला स्तरीय कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। इस महत्वपूर्ण सम्मेलन की अध्यक्षता राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा करेंगे। कार्यक्रम को लेकर पूरे जैसलमेर जिले के कार्यकर्ता व पदाधिकारी जुटे हैं और फलसूंड में सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अमरदीन फकीर ने बताया कि इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य संगठन की जड़ों को और अधिक सशक्त करना व वर्तमान राजनीतिक परिदृश्य में लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा करना है। उन्होंने कहा कि पीसीसी अध्यक्ष कार्यकर्ताओं में नए जोश का संचार करेंगे और आगामी रणनीतियों पर चर्चा करेंगे। फलसूंड को इस आयोजन के लिए विशेष रूप से सजाया गया है, जहाँ जिले भर से हजारों कार्यकर्ताओं के जुटने की उम्मीद है।1
- बाड़मेर बाड़मेर सांसद उम्मेदाराम बेनीवाल ने कहा पचपदरा रिफाइनरी की भीषण आगजनी और PM सुरक्षा में हुई चूक पर सरकार का रवैया "खिसियानी बिल्ली खंभा नोचे" जैसा है। विश्व स्तरीय अत्याधुनिक तकनीक वाली HPCL रिफाइनरी में प्रधानमंत्री श्री Narendra Modi जी के 21 अप्रैल 2026 को प्रस्तावित दौरे से मात्र 20 घंटे पहले 20 अप्रैल को मुख्य प्रोसेसिंग CDU-VDU यूनिट में आग लग जाना अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत की छवि और PM की सुरक्षा में चूक व गंभीर लापरवाही पर बड़ा प्रश्नचिह्न है। लेकिन बड़ा अफसोस यह हैं कि इतनी बड़ी घटना के बावजूद चार दिन बाद भी किसी पर स्पष्ट जवाबदेही तय नहीं की गई। इस घटना के लिए जिम्मेदार कौन है, यह अब तक स्पष्ट नहीं किया गया। केवल पचपदरा थानाधिकारी, CI अचलाराम ढाका को निलंबित किया गया है। क्या इतनी गंभीर घटना पर यही जवाबदेही तय होती है? कारण यह बताया गया कि 20 अप्रैल 2026 को शाम 07:00 बजे एक युवक ने सभास्थल के पांडाल में वीआईपी मूवमेंट क्षेत्र, मंच और डी-ब्लॉक के पास जाकर वीडियो बना लिया। जबकि इससे पहले शाम 05:00 बजे पेट्रोलियम मंत्रालय ने X (ट्विटर) पर प्रधानमंत्री के कार्यक्रम के स्थगित होने की घोषणा कर दी थी। इसके तुरंत बाद 06:50 बजे मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा जी ने भी कार्यक्रम रद्द/स्थगित होने की सूचना जारी कर दी थी। ऐसे में आगजनी जैसी गंभीर घटना को नजरअंदाज कर इस प्रकार के कारण प्रस्तुत करना न केवल हास्यास्पद प्रतीत होता है, बल्कि यह शासन और सुरक्षा एजेंसियों की संवेदनशीलता पर भी सवाल खड़े करता है। जब कार्यक्रम पहले ही रद्द हो चुका था, तब खाली मंच पर किसी युवक द्वारा वीडियो बना लेना “प्रधानमंत्री की सुरक्षा में चूक” मानकर SHO को निलंबित करना क्या न्यायसंगत है? वहीं दूसरी ओर, रिफाइनरी में हुई भीषण आगजनी, जिससे देश की संपत्ति को करोड़ों का नुकसान हुआ, उस पर अब तक ठोस कार्रवाई क्यों नहीं की गई? – तो क्या प्रधानमंत्री की सुरक्षा में वास्तविक चूक वह आगजनी नहीं थी, बल्कि कार्यक्रम रद्द होने के बाद बना यह वीडियो था? – क्या PM और CM के दौरे की सुरक्षा व्यवस्था का जिम्मा सिर्फ एक थानेदार पर होता है? जबकि प्रधानमंत्री की सुरक्षा की जिम्मेदारी SPG और उच्चाधिकारियों के अधीन होती है। – रिफाइनरी के अंदर हुई आगजनी की घटना क्या सुरक्षा तंत्र की लापरवाही, प्रबंधन की तकनीकी खामियों और संभावित भ्रष्टाचार को भी उजागर नहीं करती हैं? इस दिशा में अब तक कोई ठोस कार्रवाई क्यों नहीं हुई? – चार दिन बाद भी जवाबदेही तय करने के बजाय लीपापोती क्यों की जा रही है? यह गंभीर संदेह उत्पन्न करता है कि आखिर किसे बचाने का प्रयास किया जा रहा है? – यदि घटना के 7 घंटे बाद PM के कार्यक्रम के स्थगन का आधिकारिक आदेश जारी हो चुका था और टेंट/डोम लगाने वाली कंपनी ने अपना सामान समेटना शुरू कर दिया था, तो शाम 07:00 बजे किस प्रकार की सुरक्षा का प्रश्न रह जाता है? वहीं पिछले वर्ष 25 सितंबर 2025 को बांसवाड़ा जिले के नापला गांव में PM मोदी जी की जनसभा के दौरान तकनीकी खराबी के कारण 10 मिनट के लिए वीडियो सिस्टम बंद हो गया था। उस समय सूचना प्रौद्योगिकी एवं संचार विभाग (DOIT) की एक IAS अधिकारी को उसी दिन तत्काल APO कर दिया गया था। लेकिन पचपदरा रिफाइनरी की इस गंभीर घटना जिसने प्रधानमंत्री की सुरक्षा, देश की संपत्ति और अंतरराष्ट्रीय छवि तीनों को प्रभावित किया उसमें चार दिन बाद भी किसी जिम्मेदार अधिकारी पर ठोस कार्रवाई क्यों नहीं हुई? – क्या रिफाइनरी में आग लगना इतनी बड़ी घटना नहीं है कि 4 दिन बाद भी किसी जिम्मेदार पर कार्रवाई न हो? – क्या जांच एजेंसियों को अब तक किसी की गलती नजर नहीं आई है? – क्या एक वीडियो सिस्टम की तकनीकी खराबी, प्रधानमंत्री की सुरक्षा से जुड़ी इस गंभीर घटना से बड़ी थी? – क्या बांसवाड़ा की तकनीकी खराबी, रिफाइनरी में हुए करोड़ों के नुकसान से भी अधिक गंभीर थी, जिस पर तत्काल कार्रवाई हुई? पचपदरा की इस भीषण आगजनी और सुरक्षा में इतनी बड़ी ढिलाई पर अब तक किसी पर कार्रवाई क्यों नहीं हुई, इससे यह साफ है कि बड़ी मछलियों को बचाने के लिए छोटे अधिकारियों को बलि का बकरा बनाया जा रहा है। सरकार बताए कि आखिर किसे बचाने की कोशिश की जा रही है?1
- barmer1
- Post by Gena Ran2
- जैसलमेर में बदमाशों ने किसान की पत्नी की हत्या कर दी। आरोपी ट्रैक्टर और जीरा भी चुरा ले गए। हत्या के समय महिला घर पर अकेले ही थी। किसान किसी शादी में गया हुआ था। पति बुधवार दोपहर घर लौटा तो लहूलुहान हालत में पत्नी की बॉडी मकान के अंदर पड़ी हुई थी। सिर पर गंभीर चोट के निशान थे। एक आंख फूटकर बाहर आ चुकी थी और जबड़ा भी टूटा हुआ था। किसान ने पुलिस को सूचना दी। घटना झिझनियाली गांव से 2 किलोमीटर दूर बीरे की ढाणी की है। मृतका हथु देवी (50) और उसका पति अमराराम चौधरी मूल रूप से कानोड़ (बायतु) के निवासी हैं। करीब 13 साल से अपने खेत में लगे ट्यूबवेल पर रह रहे थे।1