गरीब, बिना भक्ति क्या होत है, भावैं कासी करौंत लेह। मिटे नहीं मन बासना, बहुबिधि भर्म संदेह।। काशी नगर के विषय में ब्राह्मणों ने दंतकथा बताई थी कि भगवान शिव ने काशी की भूमि को वरदान दे रखा था कि जो यहाँ मरेगा, वह स्वर्ग जाएगा। जब देखा कि काशी में वृद्धों की भीड़ लग गई तो नया षड़यंत्र रखा। गंगा दरिया के किनारे एक करौंत स्थापित किया जो लकड़ी काटने के काम आता है तथा भ्रम फैलाया कि जो शीघ्र स्वर्ग जाना चाहता है, वह करौंत से गर्दन कटाए और तुरंत स्वर्ग जाए। संत गरीबदास जी ने कहा है कि यह सब झूठ है। सत्य साधना से जीव का मोक्ष होता है। किसी स्थान विशेष से नहीं हो सकता। करौंत लेने से कोई लाभ नहीं होगा। #SacrificedAll_LostMoksha #GodKabirNirvanDiwas #कबीर_परमेश्वर_निर्वाण_दिवस #NirvanDiwasOfGodKabir #moksha #salvation #ganges #maghar #kashi #banaras #varanasi #nirvana #om #meditation #yoga #jaishreeram #hanumanchalisa #sanatandharma #SantRampalJiMaharaj ✰कबीर परमेश्वर निर्वाण दिवस ✰ इस पावन शुभ अवसर पर दिनांक *27, 28, 29 जनवरी 2026* पर होने वाले विश्व के सबसे बड़े नि:शुल्क खुले भंडारे में आप सभी परिवार सहित सतलोक आश्रम सोजत, पाली, राजस्थान में सादर आमंत्रित है। अधिक जानकारी के लिए संपर्क करें: 𝟴𝟴𝟴𝟮𝟵𝟭𝟰𝟵𝟰𝟲, 𝟴𝟴𝟴𝟮𝟵𝟭𝟰𝟵𝟰𝟳
गरीब, बिना भक्ति क्या होत है, भावैं कासी करौंत लेह। मिटे नहीं मन बासना, बहुबिधि भर्म संदेह।। काशी नगर के विषय में ब्राह्मणों ने दंतकथा बताई थी कि भगवान शिव ने काशी की भूमि को वरदान दे रखा था कि जो यहाँ मरेगा, वह स्वर्ग जाएगा। जब देखा कि काशी में वृद्धों की भीड़ लग गई तो नया षड़यंत्र रखा। गंगा दरिया के किनारे एक करौंत स्थापित किया जो लकड़ी काटने के काम आता है तथा भ्रम फैलाया कि जो शीघ्र स्वर्ग जाना चाहता है, वह करौंत से गर्दन कटाए और तुरंत स्वर्ग जाए। संत
गरीबदास जी ने कहा है कि यह सब झूठ है। सत्य साधना से जीव का मोक्ष होता है। किसी स्थान विशेष से नहीं हो सकता। करौंत लेने से कोई लाभ नहीं होगा। #SacrificedAll_LostMoksha #GodKabirNirvanDiwas #कबीर_परमेश्वर_निर्वाण_दिवस #NirvanDiwasOfGodKabir #moksha #salvation #ganges #maghar #kashi #banaras #varanasi #nirvana #om #meditation #yoga #jaishreeram #hanumanchalisa #sanatandharma #SantRampalJiMaharaj ✰कबीर परमेश्वर निर्वाण दिवस ✰ इस पावन शुभ अवसर पर दिनांक *27, 28, 29 जनवरी 2026* पर होने वाले विश्व के सबसे बड़े नि:शुल्क खुले भंडारे में आप सभी परिवार सहित सतलोक आश्रम सोजत, पाली, राजस्थान में सादर आमंत्रित है। अधिक जानकारी के लिए संपर्क करें: 𝟴𝟴𝟴𝟮𝟵𝟭𝟰𝟵𝟰𝟲, 𝟴𝟴𝟴𝟮𝟵𝟭𝟰𝟵𝟰𝟳
- महेन्द्र प्रसाद सिंह मुन्नू सिंहचैनपुर, कैमूर (भभुआ), बिहारजय प्रभु संत रामपाल जी महाराज2 hrs ago
- गरीब, बिना भक्ति क्या होत है, भावैं कासी करौंत लेह। मिटे नहीं मन बासना, बहुबिधि भर्म संदेह।। काशी नगर के विषय में ब्राह्मणों ने दंतकथा बताई थी कि भगवान शिव ने काशी की भूमि को वरदान दे रखा था कि जो यहाँ मरेगा, वह स्वर्ग जाएगा। जब देखा कि काशी में वृद्धों की भीड़ लग गई तो नया षड़यंत्र रखा। गंगा दरिया के किनारे एक करौंत स्थापित किया जो लकड़ी काटने के काम आता है तथा भ्रम फैलाया कि जो शीघ्र स्वर्ग जाना चाहता है, वह करौंत से गर्दन कटाए और तुरंत स्वर्ग जाए। संत गरीबदास जी ने कहा है कि यह सब झूठ है। सत्य साधना से जीव का मोक्ष होता है। किसी स्थान विशेष से नहीं हो सकता। करौंत लेने से कोई लाभ नहीं होगा। #SacrificedAll_LostMoksha #GodKabirNirvanDiwas #कबीर_परमेश्वर_निर्वाण_दिवस #NirvanDiwasOfGodKabir #moksha #salvation #ganges #maghar #kashi #banaras #varanasi #nirvana #om #meditation #yoga #jaishreeram #hanumanchalisa #sanatandharma #SantRampalJiMaharaj ✰कबीर परमेश्वर निर्वाण दिवस ✰ इस पावन शुभ अवसर पर दिनांक *27, 28, 29 जनवरी 2026* पर होने वाले विश्व के सबसे बड़े नि:शुल्क खुले भंडारे में आप सभी परिवार सहित सतलोक आश्रम सोजत, पाली, राजस्थान में सादर आमंत्रित है। अधिक जानकारी के लिए संपर्क करें: 𝟴𝟴𝟴𝟮𝟵𝟭𝟰𝟵𝟰𝟲, 𝟴𝟴𝟴𝟮𝟵𝟭𝟰𝟵𝟰𝟳2
- Post by Awaaz -e-Bharat1
- दुर्गावती में खड़ी ऑटो में ट्रक ने मारी टक्कर ऑटो चालक की इलाज के दौरान हुई मौत, ट्रक सहित चालक और खलासी को पुलिस ने हिरासत में लिया। मृतक दुर्गावती थाना क्षेत्र के भानपुर गांव निवासी राम जटी राम का पुत्र सिद्धू राम बताया जाता है।1
- Post by Tohid Khan1
- जिला रोहतास, स्थान -पाठक सेमरी रोहतास जिला के पाठक सेमरी में प्रत्येक वर्ष की भांति इस बार भी मानिक ब्रह्म बाबा का मनी जयंती समारोह, जयंती समारोह में पहुंचे संत लक्ष्मी प्रपना जियर स्वामी महाराज को देख लोगों में दिखा काफी उत्साह!2
- अंडे से निकला नन्हा सा चूजा 🐣 | हमारे घर हुआ चमत्कार 😍 | Santosh Kumar Vlog1
- चहनिया, चन्दौली।क्षेत्र के डेरवा-बलुआ गांव में बृहस्पतिवार को दोपहर 11 बजे अंतरराष्ट्रीय हिन्दू परिषद के संस्थापक डॉ. प्रवीण भाई तोगड़िया के आह्वान पर कार्यकर्ता सम्मेलन का आयोजन किया गया।सम्मेलन को संबोधित करते हुए डॉ. तोगड़िया ने राम मंदिर आंदोलन की ऐतिहासिक पृष्ठभूमि पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि वर्ष 1979 में राम मंदिर को लेकर हुंकार उठी, परंतु मांगें तत्काल स्वीकार नहीं की गईं। इसके बाद 1990 में संगठित प्रयासों के तहत शिलान्यास की दिशा में निर्णायक कदम उठे। न्यायिक प्रक्रिया के दौरान वैज्ञानिक और पुरातात्विक जांच से स्थल से संबंधित तथ्य सामने आए, जिसके बाद दीर्घ संघर्ष के पश्चात मंदिर निर्माण का मार्ग प्रशस्त हुआ। उन्होंने यह भी बताया कि मंदिर निर्माण के लिए सरकार से धन नहीं लिया गया, बल्कि राम मंदिर न्यास समिति के माध्यम से करोड़ों परिवारों के छोटे-छोटे योगदान से संसाधन जुटाए गए और तैयार पत्थरों को अंततः मंदिर निर्माण में समर्पित किया गया। कार्यक्रम में राम मंदिर आंदोलन के दौरान साहस दिखाने वाले कारसेवकों—रणजीत यादव, राजेंद्र पाण्डेय एवं परशुराम सिंह—को सम्मानित किया गया। डॉ. तोगड़िया ने उन्हें आंदोलन का वास्तविक नायक बताते हुए माला पहनाकर और मुंह मीठा कराकर सम्मानित किया। अपने संबोधन के अंत में उन्होंने समाज में नैतिकता, अनुशासन और स्वास्थ्य के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने परिवारों से प्रतिदिन सायंकाल हनुमान चालीसा पाठ तथा प्रत्येक मंगलवार व शनिवार को सामूहिक पाठ करने का आह्वान किया, जिससे समाज सुरक्षित, संगठित और स्वस्थ रह सके। इस अवसर पर सूर्यमुनी तिवारी, राजेंद्र पाण्डेय, दीनानाथ पाण्डेय, रणजीत यादव, बृक्ष बंधु परशुराम सिंह, रामप्यारे पाण्डेय, कलेश्वर पाण्डेय, चंदन पाण्डेय, वेदप्रकाश तिवारी, सौरभ पाण्डेय सहित सैकड़ों लोग उपस्थित रहे।1
- Post by Awaaz -e-Bharat1