इटावा के ग्राम ईकरी में पारंपरिक फाग गायन के साथ हुआ भव्य होलिका दहन विकास खंड महेवा के ग्राम ईकरी में सोमवार रात पारंपरिक फाग गायन की मधुर स्वर लहरियों के बीच पूरे विधि-विधान से होलिका दहन किया गया। गांव में वर्षों पुरानी फाग गायन की परंपरा आज भी जीवंत है, जिसे ग्रामीण पूरे उत्साह और श्रद्धा के साथ निभा रहे हैं। ईकरी फाग मंडली के सर्वेश तिवारी, देवनारायण त्रिपाठी, गोविन्द दुबे, पप्पू तिवारी सहित अन्य ग्रामीणों ने भक्ति एवं होली के पारंपरिक गीत प्रस्तुत कर वातावरण को भक्तिमय और उल्लासपूर्ण बना दिया। ढोलक और मंजीरे की थाप पर गूंजते फाग गीतों ने उपस्थित लोगों को झूमने पर मजबूर कर दिया। ग्रामीणों ने पारंपरिक रीति-रिवाजों के अनुसार होलिका की पूजा-अर्चना कर अग्नि प्रज्वलित की। बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक सभी ने होलिका के चारों ओर परिक्रमा कर सुख-समृद्धि और परिवार की खुशहाली की कामना की। और सभी ग्रामीण अपने घर से लाए गन्ना व उस पर लगी गेहूं व जौ के पेड़ बाध सेकते नजर आए। इस उत्साह को देखते ही बनता है। ग्रामीणों ने बताया कि होलिका दहन की कथा भक्त प्रह्लाद से जुड़ी है। मान्यता के अनुसार दैत्यराज हिरण्यकश्यप ने अपने पुत्र प्रह्लाद को भगवान विष्णु की भक्ति से रोकने के लिए अनेक प्रयास किए। इसी क्रम में उसकी बहन होलिका, जिसे अग्नि से न जलने का वरदान प्राप्त था, प्रह्लाद को गोद में लेकर अग्नि में बैठ गई। किंतु भगवान की कृपा से प्रह्लाद सुरक्षित रहे और होलिका अग्नि में भस्म हो गई। तभी से यह पर्व बुराई पर अच्छाई की विजय के प्रतीक के रूप में मनाया जाता है। गांव-गांव में सजाई गई होलिका के चारों ओर श्रद्धालु एकत्रित होकर पूजा-अर्चना कर रहे हैं। पूरे क्षेत्र में रंगों के इस पावन पर्व को लेकर उल्लासपूर्ण और भाईचारे का वातावरण बना हुआ है।
इटावा के ग्राम ईकरी में पारंपरिक फाग गायन के साथ हुआ भव्य होलिका दहन विकास खंड महेवा के ग्राम ईकरी में सोमवार रात पारंपरिक फाग गायन की मधुर स्वर लहरियों के बीच पूरे विधि-विधान से होलिका दहन किया गया। गांव में वर्षों पुरानी फाग गायन की परंपरा आज भी जीवंत है, जिसे ग्रामीण पूरे उत्साह और श्रद्धा के साथ निभा रहे हैं। ईकरी फाग मंडली के सर्वेश तिवारी, देवनारायण त्रिपाठी, गोविन्द दुबे, पप्पू तिवारी सहित अन्य ग्रामीणों ने भक्ति एवं होली के पारंपरिक गीत प्रस्तुत कर वातावरण को भक्तिमय और उल्लासपूर्ण बना दिया। ढोलक और मंजीरे की थाप पर गूंजते फाग गीतों ने उपस्थित लोगों को झूमने पर मजबूर कर दिया। ग्रामीणों ने पारंपरिक रीति-रिवाजों के अनुसार होलिका की पूजा-अर्चना कर अग्नि प्रज्वलित की। बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक सभी ने होलिका के चारों ओर परिक्रमा कर सुख-समृद्धि और परिवार की खुशहाली की कामना की। और सभी ग्रामीण अपने
घर से लाए गन्ना व उस पर लगी गेहूं व जौ के पेड़ बाध सेकते नजर आए। इस उत्साह को देखते ही बनता है। ग्रामीणों ने बताया कि होलिका दहन की कथा भक्त प्रह्लाद से जुड़ी है। मान्यता के अनुसार दैत्यराज हिरण्यकश्यप ने अपने पुत्र प्रह्लाद को भगवान विष्णु की भक्ति से रोकने के लिए अनेक प्रयास किए। इसी क्रम में उसकी बहन होलिका, जिसे अग्नि से न जलने का वरदान प्राप्त था, प्रह्लाद को गोद में लेकर अग्नि में बैठ गई। किंतु भगवान की कृपा से प्रह्लाद सुरक्षित रहे और होलिका अग्नि में भस्म हो गई। तभी से यह पर्व बुराई पर अच्छाई की विजय के प्रतीक के रूप में मनाया जाता है। गांव-गांव में सजाई गई होलिका के चारों ओर श्रद्धालु एकत्रित होकर पूजा-अर्चना कर रहे हैं। पूरे क्षेत्र में रंगों के इस पावन पर्व को लेकर उल्लासपूर्ण और भाईचारे का वातावरण बना हुआ है।
- विकास खंड महेवा के ग्राम ईकरी में सोमवार रात पारंपरिक फाग गायन की मधुर स्वर लहरियों के बीच पूरे विधि-विधान से होलिका दहन किया गया। गांव में वर्षों पुरानी फाग गायन की परंपरा आज भी जीवंत है, जिसे ग्रामीण पूरे उत्साह और श्रद्धा के साथ निभा रहे हैं। ईकरी फाग मंडली के सर्वेश तिवारी, देवनारायण त्रिपाठी, गोविन्द दुबे, पप्पू तिवारी सहित अन्य ग्रामीणों ने भक्ति एवं होली के पारंपरिक गीत प्रस्तुत कर वातावरण को भक्तिमय और उल्लासपूर्ण बना दिया। ढोलक और मंजीरे की थाप पर गूंजते फाग गीतों ने उपस्थित लोगों को झूमने पर मजबूर कर दिया। ग्रामीणों ने पारंपरिक रीति-रिवाजों के अनुसार होलिका की पूजा-अर्चना कर अग्नि प्रज्वलित की। बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक सभी ने होलिका के चारों ओर परिक्रमा कर सुख-समृद्धि और परिवार की खुशहाली की कामना की। और सभी ग्रामीण अपने घर से लाए गन्ना व उस पर लगी गेहूं व जौ के पेड़ बाध सेकते नजर आए। इस उत्साह को देखते ही बनता है। ग्रामीणों ने बताया कि होलिका दहन की कथा भक्त प्रह्लाद से जुड़ी है। मान्यता के अनुसार दैत्यराज हिरण्यकश्यप ने अपने पुत्र प्रह्लाद को भगवान विष्णु की भक्ति से रोकने के लिए अनेक प्रयास किए। इसी क्रम में उसकी बहन होलिका, जिसे अग्नि से न जलने का वरदान प्राप्त था, प्रह्लाद को गोद में लेकर अग्नि में बैठ गई। किंतु भगवान की कृपा से प्रह्लाद सुरक्षित रहे और होलिका अग्नि में भस्म हो गई। तभी से यह पर्व बुराई पर अच्छाई की विजय के प्रतीक के रूप में मनाया जाता है। गांव-गांव में सजाई गई होलिका के चारों ओर श्रद्धालु एकत्रित होकर पूजा-अर्चना कर रहे हैं। पूरे क्षेत्र में रंगों के इस पावन पर्व को लेकर उल्लासपूर्ण और भाईचारे का वातावरण बना हुआ है।2
- दलीप नगर मढैयन तहसील चकर नगर इटावा उ प्र1
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- Post by Rohit Kumar1
- औरैया जनपद में आगामी होली, रमज़ान एवं अन्य त्योहारों के मद्देनज़र पुलिस प्रशासन पूरी तरह सतर्क नजर आ रहा है। इसी क्रम में पुलिस अधीक्षक अभिषेक भारती के नेतृत्व में व्यापक फ्लैग मार्च निकाला गया। फ्लैग मार्च का उद्देश्य आमजन में सुरक्षा की भावना को मजबूत करना तथा असामाजिक तत्वों को सख्त संदेश देना रहा। यह फ्लैग मार्च थाना क्षेत्र बिधूना के संवेदनशील और मिश्रित आबादी वाले इलाकों में भारी पुलिस बल के साथ निकाला गया। इस दौरान अपर पुलिस अधीक्षक (एएसपी) और क्षेत्राधिकारी (सीओ) बिधूना भी मौजूद रहे। पुलिस टीम ने मुख्य बाजार, भीड़भाड़ वाले स्थानों और पूर्व में चिन्हित संवेदनशील क्षेत्रों में पैदल मार्च कर हालात का जायजा लिया। एसपी अभिषेक भारती ने आम नागरिकों से शांति एवं सौहार्द बनाए रखने की अपील करते हुए कहा कि त्योहार आपसी भाईचारे और प्रेम का संदेश देते हैं। किसी भी प्रकार की अफवाह पर ध्यान न दें और संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें। उन्होंने स्पष्ट किया कि सोशल मीडिया पर भ्रामक या भड़काऊ पोस्ट करने वालों पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है। आगामी 2 मार्च 2026 को होने वाले होलिका दहन को लेकर भी विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए हैं। संबंधित थाना प्रभारियों को संवेदनशील स्थलों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात करने, नियमित गश्त बढ़ाने और शरारती तत्वों की गतिविधियों पर पैनी नजर रखने के आदेश दिए गए हैं। पुलिस प्रशासन ने दो टूक चेतावनी दी है कि त्योहारों के दौरान माहौल बिगाड़ने की कोशिश करने वाले अराजक तत्वों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। फ्लैग मार्च के दौरान पुलिस अधिकारियों ने स्थानीय लोगों से संवाद स्थापित कर उन्हें सुरक्षा का भरोसा दिलाया और सहयोग की अपील की। प्रशासन का कहना है कि सभी त्योहार शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने के लिए पुलिस पूरी तरह प्रतिबद्ध है।3
- इटावा में होली और रमज़ान सहित आगामी त्योहारों को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न कराने के लिए प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में नजर आ रहा है। किसी भी प्रकार की अवांछनीय घटना, अफवाह या सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने की कोशिशों को रोकने के उद्देश्य से जिला प्रशासन और पुलिस विभाग ने संयुक्त रूप से सुरक्षा व्यवस्था मजबूत कर दी है। इसी क्रम में थाना भरथना और थाना जसवंतनगर क्षेत्र में भारी पुलिस बल के साथ फ्लैग मार्च निकाला गया, जिससे आमजन में सुरक्षा का विश्वास कायम हो सके। फ्लैग मार्च का नेतृत्व जिलाधिकारी शुभ्रांत कुमार शुक्ल और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बृजेश कुमार श्रीवास्तव ने किया। अधिकारियों ने प्रमुख बाजारों, भीड़भाड़ वाले इलाकों और संवेदनशील क्षेत्रों का भ्रमण कर हालात का जायजा लिया। इस दौरान व्यापारियों और स्थानीय नागरिकों से संवाद कर उन्हें आश्वस्त किया गया कि प्रशासन हर स्थिति से निपटने के लिए तैयार है। अधिकारियों ने सोशल मीडिया पर अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी है। पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि त्योहार आपसी भाईचारे और सद्भाव के साथ मनाएं तथा किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत प्रशासन को दें।2
- Post by Kanhaiya lal1
- Post by Rohit Kumar1