ग्राम विकास अधिकारी पर गंभीर आरोप, कल खंड विकास कार्यालय पर धरना प्रदर्शन की चेतावनी जलालाबाद। भारतीय किसान यूनियन महिला प्रकोष्ठ की जिला अध्यक्ष मालती कश्यप ने खंड विकास कार्यालय जलालाबाद पर कल सुबह 10:00 बजे धरना प्रदर्शन करने की घोषणा की है। मालती कश्यप ने बताया कि बीते दिनों वह अपनी शिकायत को लेकर खंड विकास कार्यालय पहुंची थीं। इसी दौरान ग्राम विकास अधिकारी रेनू यादव पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा गया कि उनके द्वारा अन्य व्यक्तियों से मालती कश्यप का गला दबवाने और मारपीट कराने का प्रयास किया गया। मालती कश्यप का कहना है कि इस घटना से वह और उनका संगठन बेहद आहत है और यदि संबंधित अधिकारी पर तत्काल कार्यवाही नहीं की गई, तो मजबूरन उन्हें धरना प्रदर्शन का रास्ता अपनाना पड़ेगा। उन्होंने प्रशासन से निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। वहीं इस मामले को लेकर खंड विकास कार्यालय परिसर में कल भारी संख्या में महिलाओं और किसान संगठनों के पहुंचने की संभावना जताई जा रही है।
ग्राम विकास अधिकारी पर गंभीर आरोप, कल खंड विकास कार्यालय पर धरना प्रदर्शन की चेतावनी जलालाबाद। भारतीय किसान यूनियन महिला प्रकोष्ठ की जिला अध्यक्ष मालती कश्यप ने खंड विकास कार्यालय जलालाबाद पर कल सुबह 10:00 बजे धरना प्रदर्शन करने की घोषणा की है। मालती कश्यप ने बताया कि बीते दिनों वह अपनी शिकायत को लेकर खंड विकास कार्यालय पहुंची थीं। इसी दौरान ग्राम विकास अधिकारी रेनू यादव पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा गया कि उनके द्वारा अन्य व्यक्तियों से मालती कश्यप का गला दबवाने और मारपीट कराने का प्रयास किया गया। मालती कश्यप का कहना है कि इस घटना से वह और उनका संगठन बेहद आहत है और यदि संबंधित अधिकारी पर तत्काल कार्यवाही नहीं की गई, तो मजबूरन उन्हें धरना प्रदर्शन का रास्ता अपनाना पड़ेगा। उन्होंने प्रशासन से निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। वहीं इस मामले को लेकर खंड विकास कार्यालय परिसर में कल भारी संख्या में महिलाओं और किसान संगठनों के पहुंचने की संभावना जताई जा रही है।
- शाहजहांपुर, 3 फरवरी 2026: जनपद के थाना परौर क्षेत्र के गांव कौही स्थित देसी शराब के ठेके पर ओवररेटिंग के विवाद में सेल्समैन ने ग्रामीण के साथ जमकर मारपीट की। पीड़ित गुड्डू पुत्र रामलड़ते (गांव ककोड़ा) का एक हाथ फ्रैक्चर हो गया और जेब से 12,500 रुपये भी लूट लिए गए।पीड़ित ने बताया कि वह कलांन से गांव लौटते समय कौही ठेके पर चार पौवे शराब के लिए 300 रुपये दिए। सेल्समैन सोनू पुत्र गोवर्धन ने 20 रुपये अतिरिक्त मांगे। निर्धारित दर से ज्यादा पैसे मांगने पर विवाद हो गया1
- #हरदोई-इको सवार अज्ञात बदमाशों ने तमंचे की नोक पर लूट की घटना को दिया अंजाम,लिफ्ट के बहाने गाड़ी में बैठाकर की लूट,बदमाशो ने दो लोगो से 10,500 रुपए की नगदी,मोबाइल व बैग लूटा,पीड़ित ने कोतवाली में दी तहरीर,शाहाबाद कोतवाली के हरई मोड़ के पास की घटना1
- फर्रुखाबाद व्यूरो रिपोर्ट राजेपुर में खंड विकास अधिकारी सुनील कुमार जायसवाल और वीडीयो पंचायत अजीत पाठक के नेतृत्व में एक स्वच्छता अभियान चलाया गया1
- Post by UTPAL Kumar1
- पत्रकार पर पुलिस की दबंगई! कैमरा छीना, गालियाँ दीं, जेल भेजने की धमकी – कानून के रखवाले ही बने कानून तोड़ने वाले शानू खान संवाददाता फर्रुखाबाद फर्रुखाबाद। उत्तर प्रदेश में पत्रकारों की सुरक्षा को लेकर सवाल एक बार फिर खड़े हो गए हैं। जनपद फर्रुखाबाद में एक दैनिक समाचार पत्र के क्राइम रिपोर्टर के साथ पुलिस कर्मियों द्वारा की गई बदसलूकी ने पुलिस प्रशासन की कार्यशैली पर गंभीर सवालिया निशान लगा दिए हैं। प्राप्त जानकारी के अनुसार 03 फरवरी 2026 को करीब 11 बजे मोहल्ला नलिया दरवाजे के पास थाना कोतवाली फर्रुखाबाद क्षेत्र में रिपोर्टिंग कर रहे पत्रकार ने पुलिस के दो सिपाहियों द्वारा दो लोगों की खुलेआम पिटाई का वीडियो बनाना शुरू किया। वीडियो बनते देख पुलिसकर्मी आग-बबूला हो गए और पत्रकार से अभद्र भाषा में सवाल-जवाब करने लगे। जब पत्रकार की पत्नी ने इसका विरोध किया तो पुलिस कर्मियों ने मां-बहन की गालियाँ दीं। इसके बाद दबंग सिपाहियों ने जबरन मोबाइल छीनकर वीडियो डिलीट किया, मोबाइल जमीन पर पटक दिया और लात-घूंसों व थप्पड़ों से मारपीट की। इतना ही नहीं, पत्रकार और उसकी पत्नी को झूठे मुकदमे में जेल भेजने की धमकी देकर मौके से भगा दिया गया। पीड़ित पत्रकार जब न्याय की आस में थाना कोतवाली फर्रुखाबाद पहुंचा, तो वहां भी उसे और उसकी पत्नी को थाने से भगा दिया गया, जिससे यह साफ हो गया कि पूरे मामले में पुलिस कर्मियों को खुला संरक्षण प्राप्त है। यह घटना केवल एक पत्रकार पर हमला नहीं, बल्कि प्रेस की स्वतंत्रता पर सीधा हमला है। सवाल यह है कि जब सच दिखाने वाला कैमरा ही पुलिस को चुभने लगे, तो आम जनता की आवाज कौन उठाएगा? अब देखना यह है कि वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, जिलाधिकारी और शासन इस मामले में दोषी पुलिस कर्मियों पर कार्रवाई कर पत्रकारों को सुरक्षा का भरोसा दिलाते हैं या फिर यह मामला भी फाइलों में दफन कर दिया जाएगा। पत्रकार संगठनों और जनमानस में इस घटना को लेकर भारी आक्रोश है और दोषियों के खिलाफ तत्काल निलंबन व एफआईआर की मांग उठ रही है।1
- पीलीभीत पहुंचे अलंकार अग्निहोत्री, बोले 7 फरवरी तक फैसला नहीं हुआ वापस तो होगा बड़ा आंदोलन1
- Post by UTPAL Kumar1
- मिश्रीपुर ब्लॉक भावल खेड़ा पर की है या वीडियो कुछ लड़के लड़ाई करके भाग रहे हैं1
- बैठे बैठे अचानक इस आदमी के साथ किया घटना घटी1