अमेठी जनपद के विकासखंड बाजार शुकुल की 4 ग्राम पंचायतों में केंद्र और प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी जल जीवन मिशन योजना ग्रामीणों के लिए परेशानी का सबब बन गई है। खालिस बहादुरपुर, विशंभर पट्टी, दारानगर और हरखू मऊ ग्राम पंचायतों में इस योजना के तहत बिछाई गई पाइपलाइनें और टोंटियां क्षतिग्रस्त हो गई हैं। इससे लगातार होने वाले पानी के रिसाव के कारण गांवों के मुख्य रास्ते दलदल और कीचड़ में तब्दील हो गए हैं, जिससे लोगों को आने-जाने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों के अनुसार, हर घर तक स्वच्छ पेयजल पहुंचाने के उद्देश्य से शुरू की गई इस योजना का पानी अब घरों से ज्यादा सड़कों पर बह रहा है, जिससे रास्ते क्षतिग्रस्त हो रहे हैं। इस फिसलन और जलभराव के कारण बुजुर्गों, महिलाओं और स्कूली बच्चों का रास्तों पर चलना जोखिम भरा हो गया है। इस समस्या से परेशान होकर ग्राम प्रधानों ने संपूर्ण समाधान दिवस में शिकायती पत्र सौंपकर प्रशासन से क्षतिग्रस्त पाइपलाइनों व खराब टोंटियों की जल्द मरम्मत कराने और रास्तों को दुरुस्त कराने की मांग की है। ग्रामीणों को उम्मीद है कि प्रशासन जल्द ही आवश्यक कार्रवाई करेगा ताकि उन्हें जलभराव और कीचड़ की समस्या से निजात मिल सके।
अमेठी जनपद के विकासखंड बाजार शुकुल की 4 ग्राम पंचायतों में केंद्र और प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी जल जीवन मिशन योजना ग्रामीणों के लिए परेशानी का सबब बन गई है। खालिस बहादुरपुर, विशंभर पट्टी, दारानगर और हरखू मऊ ग्राम पंचायतों में इस योजना के तहत बिछाई गई पाइपलाइनें और टोंटियां
क्षतिग्रस्त हो गई हैं। इससे लगातार होने वाले पानी के रिसाव के कारण गांवों के मुख्य रास्ते दलदल और कीचड़ में तब्दील हो गए हैं, जिससे लोगों को आने-जाने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों के अनुसार, हर घर तक स्वच्छ पेयजल पहुंचाने के उद्देश्य से शुरू
की गई इस योजना का पानी अब घरों से ज्यादा सड़कों पर बह रहा है, जिससे रास्ते क्षतिग्रस्त हो रहे हैं। इस फिसलन और जलभराव के कारण बुजुर्गों, महिलाओं और स्कूली बच्चों का रास्तों पर चलना जोखिम भरा हो गया है। इस समस्या से परेशान होकर ग्राम प्रधानों ने संपूर्ण
समाधान दिवस में शिकायती पत्र सौंपकर प्रशासन से क्षतिग्रस्त पाइपलाइनों व खराब टोंटियों की जल्द मरम्मत कराने और रास्तों को दुरुस्त कराने की मांग की है। ग्रामीणों को उम्मीद है कि प्रशासन जल्द ही आवश्यक कार्रवाई करेगा ताकि उन्हें जलभराव और कीचड़ की समस्या से निजात मिल सके।
- उत्तर प्रदेश के अमेठी में भ्रष्टाचार के खिलाफ एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) और विजिलेंस की कार्रवाई लगातार तेज हो रही है। इस अभियान के तहत 18 जुलाई 2026 को एक बड़ी कार्रवाई करते हुए एंटी करप्शन टीम ने सीएमओ कार्यालय में तैनात सहायक संजय मिश्रा को 50 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। संजय मिश्रा पर अपने ही विभाग के एक कर्मचारी से काम कराने के एवज में यह रिश्वत मांगने का आरोप है। इस ताजा कार्रवाई के बाद से जिले के सरकारी महकमों में एक बार फिर हड़कंप मच गया है। पिछले पांच वर्षों के दौरान अमेठी में पुलिस, राजस्व, स्वास्थ्य, पंचायत, शिक्षा और अन्य कई विभागों के कई अधिकारी व कर्मचारी रिश्वतखोरी के मामलों में रंगे हाथ पकड़े जा चुके हैं, जिसके बाद से भ्रष्टाचार के खिलाफ यह शिकंजा लगातार कड़ा होता जा रहा है।1
- उत्तर प्रदेश के बांदा में फर्जी SDM और RTO बनकर लोगों से अवैध वसूली करने वाले एक शातिर गैंग का पर्दाफाश हुआ है। बांदा की कोतवाली नगर पुलिस ने इस फर्जीवाड़े में शामिल चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह आरोपी एक बोलेरो वाहन में सवार होकर ई-रिक्शा चालकों को रोकते थे और खुद को RTO अधिकारी बताकर चालान व भारी जुर्माने का डर दिखाकर पैसे वसूलते थे। शुक्रवार दोपहर को मिली एक गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने यह बड़ी कार्रवाई की है। मामले की सूचना मिलते ही कोतवाली नगर पुलिस की टीम सादे वाहन से मौके पर पहुंची और दूर से ही आरोपियों की गतिविधियों पर नजर रखी। पुलिस ने देखा कि आरोपी ई-रिक्शा चालकों को रोककर उनसे पूछताछ और वसूली कर रहे थे, जिसके बाद पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए चारों को दबोच लिया। शुरुआत में आरोपियों ने पुलिस कर्मियों पर भी अपना रौब जमाने की कोशिश की, लेकिन जब पुलिस ने सख्ती से पूछताछ की तो उनका पूरा फर्जीवाड़ा सामने आ गया। पुलिस ने इन जालसाजों के कब्जे से एक लैपटॉप, वसूली के 5,400 रुपये नकद और एक बोलेरो वाहन बरामद किया है। पकड़े गए आरोपियों में से एक मध्य प्रदेश के रीवा का रहने वाला है, जबकि अन्य तीन आरोपी चित्रकूट जिले के निवासी हैं। पुलिस अब इन सभी आरोपियों के आपराधिक इतिहास को खंगाल रही है और यह पता लगाने में जुटी है कि इस गैंग ने अब तक कितने लोगों को अपनी ठगी का शिकार बनाया है। इसके साथ ही लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है कि यदि वे सड़क पर किसी व्यक्ति को खुद को अधिकारी बताकर वसूली करते देखें, तो बिना जांचे-परखे कोई पैसा न दें और तुरंत पुलिस को सूचित करें।2
- अमेठी में स्कूल चलो अभियान के तहत ब्लॉक संसाधन केंद्र (बीआरसी) अमेठी की ओर से शनिवार को एक जागरूकता रैली का आयोजन किया गया। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी संजय तिवारी के निर्देश और खंड शिक्षा अधिकारी पूजा देवी के नेतृत्व में निकाली गई इस रैली का मुख्य उद्देश्य अधिक से अधिक बच्चों का विद्यालयों में नामांकन सुनिश्चित करना तथा लोगों को शिक्षा के प्रति जागरूक करना था। इस रैली का शुभारंभ अमेठी के गायत्री मंदिर से हुआ, जिसके बाद यह अंबेडकर तिराहा और दुर्गापुर रोड सहित विभिन्न मार्गों से होकर गुजरी। इस जागरूकता रैली में सैकड़ों स्कूली बच्चों ने हाथों में शिक्षा से जुड़े संदेशों वाली तख्तियां लेकर भाग लिया और पूरे रास्ते नारे लगाकर लोगों को जागरूक किया। इस मौके पर खंड शिक्षा अधिकारी पूजा देवी ने अभिभावकों से अपने बच्चों का नामांकन सरकारी स्कूलों में कराने और उन्हें नियमित रूप से स्कूल भेजने का आग्रह किया ताकि कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित न रहे। रैली में छात्र-छात्राओं के साथ बड़ी संख्या में शिक्षक, शिक्षामित्र, अनुदेशक और शिक्षा विभाग के अन्य कर्मचारी भी मौजूद रहे।4
- रायबरेली जिले के लालगंज क्षेत्र अंतर्गत मानपुर के रहने वाले विमल कुमार ने क्षेत्र के विकास से जुड़े बड़े राज उजागर किए हैं। उन्होंने हरचंदपुर में हुए विकास कार्यों के पीछे के सच का खुलासा कर दिया है। विमल कुमार के इस खुलासे के बाद अब हर तरफ यही उत्सुकता बनी हुई है कि आखिर हरचंदपुर में हुए विकास कार्यों के पीछे असली हाथ किसका है।1
- सतना के कलेक्टर डॉ. सतीश कुमार एस ने "नशे से दूरी है ज़रूरी 2.0" के तहत लोगों से एक विशेष संकल्प लेने की अपील की है। उनका कहना है कि नशामुक्त युवा ही समृद्ध सतना और सशक्त मध्यप्रदेश की सबसे बड़ी पहचान हैं। कलेक्टर ने सभी से आह्वान किया है कि वे नशे का रास्ता छोड़कर अपने जीवन में शिक्षा, स्वास्थ्य, संस्कार और उज्ज्वल भविष्य को चुनें।1
- अमेठी जनपद के विकासखंड बाजार शुकुल की 4 ग्राम पंचायतों में केंद्र और प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी जल जीवन मिशन योजना ग्रामीणों के लिए परेशानी का सबब बन गई है। खालिस बहादुरपुर, विशंभर पट्टी, दारानगर और हरखू मऊ ग्राम पंचायतों में इस योजना के तहत बिछाई गई पाइपलाइनें और टोंटियां क्षतिग्रस्त हो गई हैं। इससे लगातार होने वाले पानी के रिसाव के कारण गांवों के मुख्य रास्ते दलदल और कीचड़ में तब्दील हो गए हैं, जिससे लोगों को आने-जाने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों के अनुसार, हर घर तक स्वच्छ पेयजल पहुंचाने के उद्देश्य से शुरू की गई इस योजना का पानी अब घरों से ज्यादा सड़कों पर बह रहा है, जिससे रास्ते क्षतिग्रस्त हो रहे हैं। इस फिसलन और जलभराव के कारण बुजुर्गों, महिलाओं और स्कूली बच्चों का रास्तों पर चलना जोखिम भरा हो गया है। इस समस्या से परेशान होकर ग्राम प्रधानों ने संपूर्ण समाधान दिवस में शिकायती पत्र सौंपकर प्रशासन से क्षतिग्रस्त पाइपलाइनों व खराब टोंटियों की जल्द मरम्मत कराने और रास्तों को दुरुस्त कराने की मांग की है। ग्रामीणों को उम्मीद है कि प्रशासन जल्द ही आवश्यक कार्रवाई करेगा ताकि उन्हें जलभराव और कीचड़ की समस्या से निजात मिल सके।4
- अमेठी के जामों थाना क्षेत्र के बंधवा गांव के पास शारदा सहायक खंड-49 नहर में बोरे में बंद एक अज्ञात युवक का शव मिलने से सनसनी फैल गई है। ग्रामीणों से मिली सूचना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने जब बोरे को बाहर निकलवाया, तो युवक का शव लोहे की जंजीर और भारी पत्थर से बंधा हुआ मिला। शव की यह हालत देखकर आशंका जताई जा रही है कि युवक की हत्या करने के बाद लाश को ठिकाने लगाने के उद्देश्य से नहर में फेंका गया था। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, बरामद हुआ यह शव कई दिन पुराना लग रहा है। इस सनसनीखेज वारदात की सूचना मिलते ही जामों थाना पुलिस के साथ एसओजी (SOG) टीम भी मौके पर पहुंच गई। टीमों ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण करते हुए साक्ष्य जुटाए हैं। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मृतक की पहचान करने की कोशिशें तेज कर दी हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने और अन्य साक्ष्य मिलने के बाद ही आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस खौफनाक घटना के बाद से पूरे इलाके में दहशत और तरह-तरह की चर्चाओं का माहौल बना हुआ है।2