राजनांदगांव जिले के 7 परीक्षा केंद्रों में छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग द्वारा सूबेदार, उप निरीक्षक संवर्ग एवं प्लाटून कमांडर प्रारंभिक परीक्षा-2024 का शांतिपूर्ण आयोजन किया गया। यह परीक्षा सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। इस दौरान कलेक्टर जितेन्द्र यादव ने परीक्षा केंद्रों का औचक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने अभ्यर्थियों के प्रवेश, पहचान सत्यापन, बैठक व्यवस्था, पेयजल, बिजली, स्वच्छता और सुरक्षा व्यवस्था का निरीक्षण किया। कलेक्टर ने केंद्राध्यक्षों और ड्यूटी में तैनात अधिकारियों को आयोग के दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए परीक्षा को निष्पक्ष, पारदर्शी और शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराने के निर्देश दिए। साथ ही उन्होंने गोपनीयता बनाए रखने, प्रतिबंधित सामग्री की निगरानी करने और किसी भी अनियमितता पर तत्काल कार्रवाई करने को कहा।
राजनांदगांव जिले के 7 परीक्षा केंद्रों में छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग द्वारा सूबेदार, उप निरीक्षक संवर्ग एवं प्लाटून कमांडर प्रारंभिक परीक्षा-2024 का शांतिपूर्ण आयोजन किया गया। यह परीक्षा सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। इस दौरान कलेक्टर जितेन्द्र यादव ने परीक्षा केंद्रों का औचक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने अभ्यर्थियों के प्रवेश, पहचान सत्यापन, बैठक व्यवस्था, पेयजल, बिजली, स्वच्छता और सुरक्षा व्यवस्था का निरीक्षण किया। कलेक्टर ने केंद्राध्यक्षों और ड्यूटी में तैनात अधिकारियों को आयोग के दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए परीक्षा को निष्पक्ष, पारदर्शी और शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराने के निर्देश दिए। साथ ही उन्होंने गोपनीयता बनाए रखने, प्रतिबंधित सामग्री की निगरानी करने और किसी भी अनियमितता पर तत्काल कार्रवाई करने को कहा।
- राजनांदगांव के आदर्श कृषि उपज मंडी परिसर में विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने 20 करोड़ 1 लाख 67 हजार रुपये की लागत के विभिन्न विकास कार्यों का भूमिपूजन एवं लोकार्पण किया। इस कार्यक्रम में कृषि मंत्री रामविचार नेताम और सांसद संतोष पाण्डेय विशेष रूप से उपस्थित रहे। विकास कार्यों के तहत मंडी निधि से 2 करोड़ 39 लाख 17 हजार रुपये के कार्यों का लोकार्पण किया गया। इसके अतिरिक्त, राजनांदगांव विकासखंड की ग्राम पंचायतों में 16 करोड़ 32 लाख 98 हजार रुपये के 181 विकास कार्यों का भूमिपूजन और 9 ग्राम पंचायतों में 1 करोड़ 29 लाख 52 हजार रुपये के 18 निर्माण कार्यों का लोकार्पण संपन्न हुआ। कार्यक्रम के दौरान डॉ. रमन सिंह और कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए 13 क्लस्टर की 51 ग्राम पंचायतों के सरपंचों से विकास कार्यों की प्रगति की जानकारी ली। इस दौरान धान के स्थान पर अन्य फसल लेने वाले किसानों को अरहर और सोयाबीन के बीज वितरित किए गए। इसके साथ ही, मिनीमाता महिला स्वसहायता समूह पेण्ड्री को व्यवसाय संचालन के लिए 1 लाख 10 हजार रुपये का चेक भी प्रदान किया गया। विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने राजनांदगांव की आदर्श कृषि उपज मंडी को प्रदेश की प्रमुख मंडियों में से एक बताते हुए अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों को कड़ा निर्देश दिया कि विकास कार्यों की गुणवत्ता में किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। वहीं, कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने किसानों से फसल विविधीकरण अपनाने और धान के साथ मक्का, सोयाबीन, दलहन एवं तिलहन जैसी कम पानी वाली फसलों की खेती करने की अपील की। उन्होंने कहा कि किसान खेती के साथ पशुपालन, मत्स्य पालन, बकरी पालन, मुर्गी पालन और उद्यानिकी को अपनाकर अपनी आय बढ़ा सकते हैं।1
- राजनांदगांव के डोंगरगांव में किसानों की जमीन का विवाद एक बार फिर गरमा गया है। इस मामले में अब दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की जा रही है।1
- केसीजी जिले के छुईखदान थाना पुलिस ने अवैध मादक पदार्थों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत ग्राम खैरी में एक बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने अवैध रूप से गांजा बेचने के आरोप में 50 वर्षीय भारत मरकाम उर्फ नंदू को गिरफ्तार किया है। मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने ग्राम खैरी के मुख्य मार्ग पर स्थित कचरा शेड के पास घेराबंदी कर आरोपी को दबोचा। पूछताछ और तलाशी के दौरान आरोपी के पास मौजूद क्रीम रंग के थैले से 114 ग्राम गांजा बरामद हुआ। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से गांजे के साथ-साथ बिक्री के ₹350 नगद सहित कुल ₹3,150 का मशरूका जब्त किया है। इस मामले में आरोपी के खिलाफ छुईखदान थाने में अपराध क्रमांक 257/2026 के तहत एनडीपीएस एक्ट की धारा 20(बी) के अंतर्गत मामला दर्ज किया गया है। आवश्यक वैधानिक कार्रवाई पूरी करने के बाद आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर उपजेल सलोनी भेज दिया गया। पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जिले में अवैध मादक पदार्थों के कारोबार के खिलाफ यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।1
- छत्तीसगढ़ के रायपुर स्थित एमएमआई नारायणा हॉस्पिटल पर एक पीड़ित महिला ने इलाज के नाम पर "गोरखधंधा" करने और भारी अनियमितता का बेहद गंभीर आरोप लगाया है। अंबिकापुर की रहने वाली श्रीमती सुभद्रा गुप्ता ने एक वीडियो जारी कर अस्पताल प्रबंधन के खिलाफ न्याय की गुहार लगाई है। उनका आरोप है कि उनके पति के पास 15 लाख रुपये का इंश्योरेंस था, लेकिन अस्पताल ने बिना बताए बिल को बढ़ाकर 56 से 57 लाख रुपये तक पहुंचा दिया है। पीड़िता के अनुसार, उनके पति श्री भरत प्रसाद गुप्ता को गत 11 अप्रैल को पैरालिसिस का अटैक आया था, जिसके बाद उन्हें पहले अंबिकापुर के संजीवनी अस्पताल में भर्ती कराया गया और फिर 14 अप्रैल को रेफर कर रायपुर के एमएमआई नारायणा हॉस्पिटल लाया गया। महिला का आरोप है कि एक महीने से अधिक समय बीत जाने के बाद भी उनके पति के स्वास्थ्य में 1% भी सुधार नहीं हुआ है, जबकि बाहर से लगातार दवाइयां लाने के बावजूद अस्पताल का बिल लगातार बढ़ता ही जा रहा है। श्रीमती सुभद्रा गुप्ता ने रोते हुए मानसिक प्रताड़ना का आरोप लगाया और कहा कि वे अब तक 30 लाख रुपये जमा कर चुकी हैं, लेकिन अस्पताल प्रशासन उन्हें डिस्चार्ज करने के लिए 25-26 लाख रुपये और मांग रहा है। 5 लाख रुपये का तुरंत इंतजाम करने की बात कहने पर भी मरीज को डिस्चार्ज नहीं किया जा रहा है और उन्हें जमीन व घर बेचने के लिए उकसाया जा रहा है, जिससे वे आत्महत्या करने तक को मजबूर हो रही हैं। पीड़िता ने छत्तीसगढ़ सरकार, स्वास्थ्य विभाग और जनता से तत्काल जांच कर दोषियों पर कार्रवाई करने और उनके पति को बिना शर्त डिस्चार्ज कराने की गुहार लगाई है। इस गंभीर मामले पर फिलहाल अस्पताल प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है, जिससे स्वास्थ्य सेवाओं के व्यापार में तब्दील होने को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।1
- छत्तीसगढ़ के नवापारा-राजिम अंचल के वृंदावन हॉल में रविवार को वक्ता मंच और जन एकता फाउंडेशन के संयुक्त तत्वावधान में 'छत्तीसगढ़ प्रदेश स्तरीय अग्रगामी महिला सम्मान 2026' का भव्य आयोजन संपन्न हुआ। इस गरिमामयी समारोह में खेल, कला, शिक्षा, साहित्य, पुलिसिंग, प्रशासन, व्यवसाय, समाजसेवा, अधिवक्ता और पत्रकारिता सहित विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान देने वाली प्रदेशभर की 100 मातृशक्तियों को उनके प्रेरणादायी कार्यों के लिए सम्मानित किया गया। सम्मानित होने वाली इन सभी उत्कृष्ट महिलाओं को अतिथियों द्वारा मोमेंटो और अभिनंदन पत्र भेंट किए गए। समारोह में नवापारा-राजिम क्षेत्र से विशेष रूप से सम्मानित होने वाली महिलाओं में पीएम श्री हरिहर गोबरा नवापारा की प्राचार्या एफ.के. दानी, दावड़ा इंटरनेशनल स्कूल पटेवा एवं राजिम शाखा की सेंटर हेड कविता शर्मा, राजनीति के क्षेत्र से जुड़ी माधुरी साहू, साहित्य एवं समाजसेवा क्षेत्र से रुचि शर्मा और संत निरंकारी मिशन से जुड़ी वैशाली सचदेव शामिल रहीं। इस भव्य कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में बिलाईगढ़ विधायक कविता प्राण लहरे उपस्थित रहीं, जबकि विशिष्ट अतिथियों में डॉ. नलिनी मढ़रिया, डॉ. प्राची भट्टर, डॉ. रत्ना अग्रवाल, मनीषा सिन्हा और करुणा कुर्रे सहित कई गणमान्य नागरिक मौजूद रहे। मुख्य अतिथि विधायक कविता प्राण लहरे ने अपने संबोधन में कहा कि आज महिलाएं हर क्षेत्र में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा रही हैं। उन्होंने समाज से महिलाओं का सम्मान करने, उन पर विश्वास जताने और आगे बढ़ने के अवसर देने की अपील की ताकि विकसित भारत का सपना साकार हो सके। उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी और पूर्व राष्ट्रपति प्रतिभा देवी सिंह पाटिल का उल्लेख करते हुए बेटियों को शिक्षित व सशक्त बनाने, आत्मरक्षा का प्रशिक्षण दिलाने, नशे से दूर रहने और मृत्युभोज जैसी कुप्रथाओं को रोकने का आह्वान किया। विशिष्ट अतिथि डॉ. नलिनी मढ़रिया ने महिलाओं को अपनी शक्ति पहचानने और आत्मविश्वास के साथ अपनी सफलता की कहानी लिखने के लिए प्रेरित किया, जबकि डॉ. प्राची भट्टर ने नारी के विकास को देश और समाज के स्वाभिमान का आधार बताया। कार्यक्रम के अंत में सभी सम्मानित महिलाओं ने इस गौरवपूर्ण सम्मान के लिए आयोजक संस्थाओं के प्रति हृदय से आभार व्यक्त किया।1
- धमतरी के पुलिस अधीक्षक सूरज सिंह परिहार के कार्यकाल के आखिरी दिन पुलिस लाइन स्थित पुलिस कंपोजिट बिल्डिंग में एनडीपीएस (NDPS) एक्ट और सफेमा (SAFEMA) एक्ट के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर एक दिवसीय विशेष कार्यशाला का सफल आयोजन किया गया। इस कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य मादक पदार्थों के अवैध कारोबार के खिलाफ वैज्ञानिक और परिणामोन्मुखी कार्रवाई सुनिश्चित करना तथा अपराधियों द्वारा अपराध से अर्जित की गई अवैध संपत्तियों पर आर्थिक प्रहार की रणनीति को सशक्त बनाना था। एसपी सूरज सिंह परिहार के निर्देशन में आयोजित इस कार्यक्रम में पुलिस बल ने जिले से नशे के नेटवर्क को पूरी तरह ध्वस्त करने का संकल्प लिया। कार्यशाला में जिले के सीएसपी अभिषेक चतुर्वेदी, डीएसपी मोनिका मरावी, डीएसपी सुश्री मीना साहू, एसडीओपी नगरी विपिन रंगारी, डीपीओ अजय सिंह, रक्षित निरीक्षक दीपक शर्मा सहित समस्त थाना एवं चौकी प्रभारी और विवेचना अधिकारी उपस्थित रहे। प्रशिक्षण के दौरान पुलिस अधीक्षक सूरज सिंह परिहार, निरीक्षक चन्द्रकांत साहू और अन्य विशेषज्ञों द्वारा एनडीपीएस एक्ट के अंतर्गत अपराध पंजीयन, तलाशी व जब्ती की वैधानिक प्रक्रिया, इलेक्ट्रॉनिक और वैज्ञानिक साक्ष्यों के संरक्षण तथा गुणवत्तापूर्ण विवेचना पर मार्गदर्शन दिया गया। इसके अलावा, सफेमा एक्ट, 1976 के अंतर्गत नशीले पदार्थों की तस्करी से अर्जित अवैध चल-अचल संपत्तियों की पहचान, दस्तावेजी साक्ष्यों के संकलन और संपत्ति कुर्की की कानूनी प्रक्रिया के बारे में विस्तार से बताया गया। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक सूरज सिंह परिहार ने कहा कि नशे का अवैध कारोबार समाज और युवाओं के भविष्य के लिए गंभीर खतरा है। इस पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए केवल अपराधियों की गिरफ्तारी पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनकी अवैध संपत्तियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई कर उनकी आर्थिक कमर तोड़ना बेहद जरूरी है। उल्लेखनीय है कि धमतरी पुलिस द्वारा इस साल पहली बार एनडीपीएस मामलों में बड़ी कार्रवाई करते हुए करण धुरी, उषा धुरी और आरती रजक की अवैध संपत्तियों पर सफेमा अधिनियम के तहत कार्रवाई की जा चुकी है। कार्यशाला का समापन इस दृढ़ संकल्प के साथ हुआ कि धमतरी पुलिस जिले को सुरक्षित और नशामुक्त बनाने के लिए लगातार प्रभावी कार्रवाई जारी रखेगी।2
- राजनांदगांव जिले के 7 परीक्षा केंद्रों में छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग द्वारा सूबेदार, उप निरीक्षक संवर्ग एवं प्लाटून कमांडर प्रारंभिक परीक्षा-2024 का शांतिपूर्ण आयोजन किया गया। यह परीक्षा सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। इस दौरान कलेक्टर जितेन्द्र यादव ने परीक्षा केंद्रों का औचक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने अभ्यर्थियों के प्रवेश, पहचान सत्यापन, बैठक व्यवस्था, पेयजल, बिजली, स्वच्छता और सुरक्षा व्यवस्था का निरीक्षण किया। कलेक्टर ने केंद्राध्यक्षों और ड्यूटी में तैनात अधिकारियों को आयोग के दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए परीक्षा को निष्पक्ष, पारदर्शी और शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराने के निर्देश दिए। साथ ही उन्होंने गोपनीयता बनाए रखने, प्रतिबंधित सामग्री की निगरानी करने और किसी भी अनियमितता पर तत्काल कार्रवाई करने को कहा।1
- जोधपुर में एक घटना घटी है, जहां कुछ लड़कों ने मिलकर एक अकेले लड़के को खुलेआम तलवार से काट-पीट डाला। इस वारदात से यह साफ पता चलता है कि पुलिस पर अब किसी को भी कोई भरोसा नहीं रह गया है। सरेआम हुई इस घटना ने यह साबित कर दिया है कि पुलिस सिर्फ और सिर्फ तमाशा देखने के लिए ही है।1