सोचिए, ऐसा क्या गुनाह किया था इन बच्चों ने कि इन्हें गोली मार दी गई? इन्होंने सरकार से सिर्फ़ तीन चीजें माँगी थीं शिक्षा, रोज़गार, और जवाबदेही। एक छात्र के पैर की हड्डी AK 47 की गोली से टूट गई। सेना में जाकर देश की सेवा करने का उसका सपना भी उसी के साथ चला गया। दो और छात्रों के कंधों को गोली चीरती हुई निकल गई। ये अपराधी नहीं थे। ये ग़रीब घरों के वो बच्चे थे जो अपने परिवार के सपने लेकर पढ़ने निकले थे किसी को अच्छी नौकरी चाहिए थी, किसी को अपने घर के हालात बदलने थे। गोली के घाव भर जाएंगे पर जो डर इन बच्चों के भीतर बैठ गया है, उसका इलाज किस अस्पताल में होता है? प्रधानमंत्री जी, मुख्यमंत्री जी इनकी टूटी हड्डी तो जुड़ जाएगी। क्या इनका टटा हआ सपना आप लौटा सकते हैं? सोचिए, ऐसा क्या गुनाह किया था इन बच्चों ने कि इन्हें गोली मार दी गई? इन्होंने सरकार से सिर्फ़ तीन चीजें माँगी थीं शिक्षा, रोज़गार, और जवाबदेही। एक छात्र के पैर की हड्डी AK 47 की गोली से टूट गई। सेना में जाकर देश की सेवा करने का उसका सपना भी उसी के साथ चला गया। दो और छात्रों के कंधों को गोली चीरती हुई निकल गई। ये अपराधी नहीं थे। ये ग़रीब घरों के वो बच्चे थे जो अपने परिवार के सपने लेकर पढ़ने निकले थे किसी को अच्छी नौकरी चाहिए थी, किसी को अपने घर के हालात बदलने थे। गोली के घाव भर जाएंगे पर जो डर इन बच्चों के भीतर बैठ गया है, उसका इलाज किस अस्पताल में होता है? प्रधानमंत्री जी, मुख्यमंत्री जी इनकी टूटी हड्डी तो जुड़ जाएगी। क्या इनका टटा हआ सपना आप लौटा सकते हैं?
सोचिए, ऐसा क्या गुनाह किया था इन बच्चों ने कि इन्हें गोली मार दी गई? इन्होंने सरकार से सिर्फ़ तीन चीजें माँगी थीं शिक्षा, रोज़गार, और जवाबदेही। एक छात्र के पैर की हड्डी AK 47 की गोली से टूट गई। सेना में जाकर देश की सेवा करने का उसका सपना भी उसी के साथ चला गया। दो और छात्रों के कंधों को गोली चीरती हुई निकल गई। ये अपराधी नहीं थे। ये ग़रीब घरों के वो बच्चे थे जो अपने परिवार के सपने लेकर पढ़ने निकले थे किसी को अच्छी नौकरी चाहिए थी, किसी को अपने घर के हालात बदलने थे। गोली के घाव भर जाएंगे पर जो डर इन बच्चों के भीतर बैठ गया है, उसका इलाज किस अस्पताल में होता है? प्रधानमंत्री जी, मुख्यमंत्री जी इनकी टूटी हड्डी तो जुड़ जाएगी। क्या इनका टटा हआ सपना आप लौटा सकते हैं? सोचिए, ऐसा क्या गुनाह किया था इन बच्चों ने कि इन्हें गोली मार दी गई? इन्होंने सरकार से सिर्फ़ तीन चीजें माँगी थीं शिक्षा, रोज़गार, और जवाबदेही। एक छात्र के पैर की हड्डी AK 47 की गोली से टूट गई। सेना में जाकर देश की सेवा करने का उसका सपना भी उसी के साथ चला गया। दो और छात्रों के कंधों को गोली चीरती हुई निकल गई। ये अपराधी नहीं थे। ये ग़रीब घरों के वो बच्चे थे जो अपने परिवार के सपने लेकर पढ़ने निकले थे किसी को अच्छी नौकरी चाहिए थी, किसी को अपने घर के हालात बदलने थे। गोली के घाव भर जाएंगे पर जो डर इन बच्चों के भीतर बैठ गया है, उसका इलाज किस अस्पताल में होता है? प्रधानमंत्री जी, मुख्यमंत्री जी इनकी टूटी हड्डी तो जुड़ जाएगी। क्या इनका टटा हआ सपना आप लौटा सकते हैं?
- सोचिए, ऐसा क्या गुनाह किया था इन बच्चों ने कि इन्हें गोली मार दी गई? इन्होंने सरकार से सिर्फ़ तीन चीजें माँगी थीं शिक्षा, रोज़गार, और जवाबदेही। एक छात्र के पैर की हड्डी AK 47 की गोली से टूट गई। सेना में जाकर देश की सेवा करने का उसका सपना भी उसी के साथ चला गया। दो और छात्रों के कंधों को गोली चीरती हुई निकल गई। ये अपराधी नहीं थे। ये ग़रीब घरों के वो बच्चे थे जो अपने परिवार के सपने लेकर पढ़ने निकले थे किसी को अच्छी नौकरी चाहिए थी, किसी को अपने घर के हालात बदलने थे। गोली के घाव भर जाएंगे पर जो डर इन बच्चों के भीतर बैठ गया है, उसका इलाज किस अस्पताल में होता है? प्रधानमंत्री जी, मुख्यमंत्री जी इनकी टूटी हड्डी तो जुड़ जाएगी। क्या इनका टटा हआ सपना आप लौटा सकते हैं? सोचिए, ऐसा क्या गुनाह किया था इन बच्चों ने कि इन्हें गोली मार दी गई? इन्होंने सरकार से सिर्फ़ तीन चीजें माँगी थीं शिक्षा, रोज़गार, और जवाबदेही। एक छात्र के पैर की हड्डी AK 47 की गोली से टूट गई। सेना में जाकर देश की सेवा करने का उसका सपना भी उसी के साथ चला गया। दो और छात्रों के कंधों को गोली चीरती हुई निकल गई। ये अपराधी नहीं थे। ये ग़रीब घरों के वो बच्चे थे जो अपने परिवार के सपने लेकर पढ़ने निकले थे किसी को अच्छी नौकरी चाहिए थी, किसी को अपने घर के हालात बदलने थे। गोली के घाव भर जाएंगे पर जो डर इन बच्चों के भीतर बैठ गया है, उसका इलाज किस अस्पताल में होता है? प्रधानमंत्री जी, मुख्यमंत्री जी इनकी टूटी हड्डी तो जुड़ जाएगी। क्या इनका टटा हआ सपना आप लौटा सकते हैं?1
- 🌸🚩 आज गाँव-गाँव जनसंपर्क अभियान 🚩🌸 आज गाँव-गाँव जाकर हर वर्ग के लोगों से आत्मीय संवाद किया। 🙏❤️ हर चेहरे पर मुस्कान दिखी, बुजुर्गों का आशीर्वाद और प्यार मिला, माताओं-बहनों का स्नेह मिला और युवाओं का भरपूर उत्साह देखने को मिला। 💪🌸 घर-घर जाकर कमल के फूल के निशान पर मतदान करने की अपील करते हुए सभी को जागरूक किया। 🪷🚩 आज गाँव-गाँव एक ही आवाज़ गूंज रही है— कमल का फूल, भाजपा की जीत! 🪷🚩 जय भाजपा! जय हिंद! 🇮🇳🚩 🌸🚩 आज गाँव-गाँव जनसंपर्क अभियान 🚩🌸 आज गाँव-गाँव जाकर हर वर्ग के लोगों से आत्मीय संवाद किया। 🙏❤️3
- गौवत्स द्वादशी (बछ बारस) का पर्व श्रद्धा और पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ मनाया गया। मारवाड़ मूंडवा। शहर में मंगलवार को गौवत्स द्वादशी (बछ बारस) का पर्व श्रद्धा और पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ मनाया गया। इस अवसर पर स्टेशन रोड हनुमान जी के चबूतरे के पास किया महिलाओं ने गाय और बछड़े का पूजन कर परिवार की सुख-समृद्धि तथा संतान की लंबी आयु की कामना की। पर्व को लेकर सुबह से ही पारंपरिक बेशभूषा धारण कर महिलाओं में उत्साह नजर आया। महिलाओं ने गाय और बछड़े को स्नान करवाकर तिलक लगाया तथा विधि-विधान से ब्राह्मण परिवार की महिलाओं के निर्देश में पूजा-अर्चना की। इसके बाद गाय को चारा और अन्य सामग्री अर्पित कर आशीर्वाद लिया। इस अवसर पर महिलाओं ने अपने पुत्रों को तिलक लगा कर लड्डू खिलाया ओर उनकी लंबी आयु और अच्छे स्वास्थ्य की कामना की। बछ बारस के दिन परंपरा के अनुसार महिलाएं चाकू से कटी हुई खाद्य सामग्री का सेवन नहीं करती हैं। इसके अलावा गाय के दूध, दही और घी से बने खाद्य पदार्थों का भी सेवन वर्जित माना जाता है। महिलाओं ने दिनभर इन परंपराओं का पालन करते हुए अपने घरों में साबुत मोठ की सब्जी, खड़ी, एवं बाजरे की रोटी बनाई। यहां पूजा-अर्चना के बाद महिलाओं ने परिवार की खुशहाली और संतान की दीर्घायु के लिए प्रार्थना की। व्यास परिवार की महिलाओं द्वारा यहां गौवत्स द्वादशी की कहानी भी सुनाई गई1
- अशोक गहलोत का जोधपुर दौरा—जनसभा पर टिकीं सभी की नजरें। अशोक गहलोत का जोधपुर दौरा पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत 9 सितंबर को दोपहर 3 बजे घंटाघर, जोधपुर में आयोजित जनसभा को संबोधित करेंगे।1
- वाटर बॉक्स वाले खुद ही टैंकर भरवा कर भेज रहे हैं टैंकरों की लाइन लगी हुई है तो फिर गांव के अंदर पाइपलाइन में कहां से आएगा पानी और गांव वाले कैसे पियेंगे सरकार कोई कार्रवाई नहीं कर रही फिर कहता है पानी की वाटर बॉक्स वाले यही बोलते हैं आज पानी आया नहीं कल आया नहीं आने आएगा जब गांव में देंगे और यह तो टैंकर भरवा भरवा कर भेज रहे हैं और पैसे कमाने में लगे हुए हैं1
- निकाय चुनाव को लेकर रियांबड़ी में फ्लैग मार्च, पुलिस प्रशासन ने दिखाया सुरक्षा का दम। रियाँबड़ी(नागौर),,रियांबड़ी नगर पालिका मंडल के निकाय चुनाव को लेकर प्रशासन एवं पुलिस विभाग ने संयुक्त रूप से फ्लैग मार्च निकालकर क्षेत्र में कानून-व्यवस्था एवं शांतिपूर्ण मतदान का संदेश दिया।एसडीएम कार्यालय से फ्लैग मार्च शुरू हुआ, जो कस्बे के विभिन्न प्रमुख मार्गों से होकर निकला।फ्लैग मार्च में उपखंड अधिकारी विनीत कुमार, तहसीलदार अशोक कुमार, डेगाना वृत्ताधिकारी अजीत पाल तथा पादूकलां थाना अधिकारी देवीलाल बिश्नोई एवं थांवला थाना अधिकारी उमराव चौधरी के नेतृत्व में पुलिस एवं प्रशासन की टीम शामिल रही। अधिकारियों एवं पुलिस जवानों ने विभिन्न मार्गों से गुजरते हुए आमजन को निष्पक्ष,शांतिपूर्ण एवं भयमुक्त वातावरण में मतदान का संदेश दिया। निकाय चुनाव के मद्देनजर प्रशासन की ओर से सुरक्षा व्यवस्था को लेकर विशेष सतर्कता बरती जा रही है। फ्लैग मार्च के दौरान पुलिस जवानों की मौजूदगी से कस्बे में सुरक्षा व्यवस्था का संदेश पहुंचा। अधिकारियों ने चुनाव के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने तथा किसी भी प्रकार की अव्यवस्था से निपटने के लिए प्रशासन एवं पुलिस की मुस्तैदी का भरोसा दिलाया। फ्लैग मार्च के माध्यम से प्रशासन ने मतदाताओं से लोकतांत्रिक प्रक्रिया में निर्भीक होकर भाग लेने तथा शांतिपूर्ण माहौल में मतदान करने की अपील की।3
- *नगर निकाय आम चुनाव-2026* *लोकतंत्र के उत्सव में सहभागी बनें, मतदान अवश्य करें* *- जिला निर्वाचन अधिकारी ने आमजन से मतदान दिवस पर घरों से निकलकर मताधिकार का प्रयोग करने का किया आह्वान* जोधपुर, 7 सितंबर। जिला निर्वाचन अधिकारी (जिला कलक्टर), जोधपुर श्री आलोक रंजन ने जिलेवासियों से नगर निकाय आम चुनाव-2026 में सक्रिय सहभागिता निभाते हुए अपने मताधिकार का अनिवार्य रूप से प्रयोग करने की अपील की है। श्री रंजन ने कहा कि नगर निकाय चुनाव लोकतंत्र की जमीनी व्यवस्था को सशक्त बनाने का महत्वपूर्ण अवसर है। उन्होंने आमजन से अपील की कि निर्धारित मतदान दिवस पर अपने दैनिक कार्यों में से कुछ समय निकालकर मतदान केन्द्र पर पहुंचें और अपने मताधिकार का प्रयोग करें। नगर पालिकाओं के लिए 9 सितंबर तथा जोधपुर नगर निगम के लिए 11 सितंबर को मतदान होगा। उन्होंने कहा कि प्रत्येक मत महत्वपूर्ण है। लोकतंत्र के इस उत्सव में उत्साहपूर्वक सहभागी बनें और अपने बूथ पर पहुंचकर मतदान अवश्य करें। आमजन की सक्रिय भागीदारी से ही लोकतंत्र की आधारभूत संस्थाएं और अधिक सशक्त होंगी।1
- सचिन पायलट एवं विनोद जाखड़ के जन्मदिवस पर आयोजित विशाल रक्तदान शिविर संपन्न रिपोर्टर सुरेश कुमार शर्वा जोधपुर राजस्थान सचिन पायलट एवं विनोद जाखड़ के जन्मदिवस पर आयोजित विशाल रक्तदान शिविर संपन्न जोधपुर। रक्तकोष फाउंडेशन जोधपुर के तत्वावधान में राष्ट्रीय महासचिव AICC एवं पूर्व उपमुख्यमंत्री जननेता श्री सचिन पायलट तथा NSUI के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री विनोद जाखड़ के जन्मदिवस के अवसर पर आरती ग्रीन सिटी, नांदड़ा कल्ला में आयोजित विशाल रक्तदान एवं चिकित्सा शिविर सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। शिविर में 187 यूनिट रक्तदान हुआ, वहीं 251 मरीजों का निःशुल्क स्वास्थ्य परीक्षण एवं चिकित्सा परामर्श किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि विधायक गीता जी बरवड़, महेंद्र जी बिश्नोई, नीरज जी गुर्जर, राजेंद्र जी चौधरी, मुकेश मेघवंशी, रतनाराम जी ठोलिया, रविंद्र सिंह जी राणावत, पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष कुणाल सिंह जी भाटी, गोपाराम डोली, श्रवण सिंह जोधा, दिव्या जी चौधरी, मोनालिसा जी पुरोहित एवं विजयलक्ष्मी जी पटेल सहित सभी अतिथियों ने शिरकत की। शिविर में चिकित्सा टीम के रूप में जीत हॉस्पिटल का विशेष सहयोग रहा। डेंटल विभाग में कृष्णा डेंटल हॉस्पिटल, पाल रोड एवं डॉ. राजेश विश्नोई के सहयोग से मरीजों का दंत परीक्षण एवं परामर्श किया गया। वहीं रक्त संग्रहण में मथुरादास माथुर हॉस्पिटल एवं उम्मेद हॉस्पिटल की टीमों ने महत्वपूर्ण सहयोग दिया। शिविर के दौरान पौधारोपण कार्यक्रम भी आयोजित किया गया। अतिथियों एवं आयोजकों ने पौधे लगाकर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया और लोगों से पौधों की देखभाल करने का आह्वान किया। आयोजक एवं झ, अभिषेक मेहरा, कैलाश मेहरा, जितेंद्र बांता, भरत मेहरा, बबलू निम्बडिया, राहुल सिंह चौहान, एवं समस्त कार्यकर्ताओं का महत्वपूर्ण सहयोग रहा।4