नामांतरण के नाम पर पैसे लेने का आरोप, नायब तहसीलदार ने बताया निराधार नामांतरण के नाम पर पैसे लेने का आरोप, नायब तहसीलदार ने बताया निराधार निवाड़ी जिले के जेरोन क्षेत्र के समरया निवासी बृजेंद्र कुशवाहा ने जेरोन की महिला नायब तहसीलदार वंदना राजपूत पर नामांतरण के नाम पर पैसे लेने का गंभीर आरोप लगाया है। मामले को लेकर फरियादी ने निवाड़ी कलेक्टर एवं पृथ्वीपुर एसडीएम से शिकायत कर कार्रवाई की मांग की है। शिकायत सामने आने के बाद प्रशासनिक गलियारों में चर्चा का माहौल बना हुआ है। फरियादी बृजेंद्र कुशवाहा का आरोप है कि सुन्नू लाल कुशवाहा के नाम से वसीयतनामा के आधार पर मजल एवं लुहरगुवा हल्के में स्थित जमीन के नामांतरण के लिए नायब तहसीलदार द्वारा ₹25 हजार लिए गए। आरोप है कि नामांतरण की प्रक्रिया पूरी होने के बाद भी रिकॉर्ड में सुधार नहीं किया गया और बाद में फिर से ₹25 हजार की मांग की गई। बृजेंद्र कुशवाहा ने कहा कि वह लगातार कार्यालय के चक्कर लगाने को मजबूर हैं और उन्हें मानसिक रूप से परेशान किया जा रहा है। वहीं मामले में जेरोन की नायब तहसीलदार वंदना राजपूत ने सभी आरोपों को पूरी तरह निराधार बताया है। उनका कहना है कि वह फरियादी बृजेंद्र कुशवाहा को न तो व्यक्तिगत रूप से जानती हैं और न ही वह कभी उनके कोर्ट में उपस्थित हुआ है। उन्होंने बताया कि नामांतरण से संबंधित जो कार्य उनके स्तर का था, वह पूरा कर दिया गया है। हालांकि रिकॉर्ड अमल में कुछ तकनीकी त्रुटियां सामने आई हैं, जिसके कारण प्रक्रिया लंबित है। नायब तहसीलदार वंदना राजपूत के अनुसार फरियादी की जमीन दो अलग-अलग हल्कों में दर्ज है, जिससे रिकॉर्ड में लगभग 20 वर्ष पुरानी त्रुटि सामने आई है। इस संबंध में दोनों हल्का पटवारियों से प्रतिवेदन मांगा गया है और प्रतिवेदन एसडीएम कार्यालय में प्रस्तुत किया जाएगा। उन्होंने बताया कि पांच वर्ष से अधिक पुरानी त्रुटियों के सुधार की अनुमति कलेक्टर स्तर से प्राप्त होती है। अनुमति मिलने के बाद नियमानुसार रिकॉर्ड सुधार की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल मामले की शिकायत प्रशासनिक स्तर पर जांच के लिए पहुंच गई है।
नामांतरण के नाम पर पैसे लेने का आरोप, नायब तहसीलदार ने बताया निराधार नामांतरण के नाम पर पैसे लेने का आरोप, नायब तहसीलदार ने बताया निराधार निवाड़ी जिले के जेरोन क्षेत्र के समरया निवासी बृजेंद्र कुशवाहा ने जेरोन की महिला नायब तहसीलदार वंदना राजपूत पर नामांतरण के नाम पर पैसे लेने का गंभीर आरोप लगाया है। मामले को लेकर फरियादी ने निवाड़ी कलेक्टर एवं पृथ्वीपुर एसडीएम से शिकायत कर कार्रवाई की मांग की है। शिकायत सामने आने के बाद प्रशासनिक गलियारों में चर्चा का माहौल बना हुआ है। फरियादी बृजेंद्र कुशवाहा का आरोप है कि सुन्नू लाल कुशवाहा के नाम से वसीयतनामा के आधार पर मजल एवं लुहरगुवा हल्के में स्थित जमीन के नामांतरण के लिए नायब तहसीलदार द्वारा ₹25 हजार लिए गए। आरोप है कि नामांतरण की प्रक्रिया पूरी होने के बाद भी रिकॉर्ड में सुधार नहीं किया गया और बाद में फिर से ₹25 हजार की मांग की गई। बृजेंद्र कुशवाहा ने कहा कि वह लगातार कार्यालय के चक्कर लगाने को मजबूर हैं और उन्हें मानसिक रूप से परेशान किया जा रहा है। वहीं मामले में जेरोन की नायब तहसीलदार वंदना राजपूत ने सभी आरोपों को पूरी तरह निराधार बताया है। उनका कहना है कि वह फरियादी बृजेंद्र कुशवाहा को न तो व्यक्तिगत रूप से जानती हैं और न ही वह कभी उनके कोर्ट में उपस्थित हुआ है। उन्होंने बताया कि नामांतरण से संबंधित जो कार्य उनके स्तर का था, वह पूरा कर दिया गया है। हालांकि रिकॉर्ड अमल में कुछ तकनीकी त्रुटियां सामने आई हैं, जिसके कारण प्रक्रिया लंबित है। नायब तहसीलदार वंदना राजपूत के अनुसार फरियादी की जमीन दो अलग-अलग हल्कों में दर्ज है, जिससे रिकॉर्ड में लगभग 20 वर्ष पुरानी त्रुटि सामने आई है। इस संबंध में दोनों हल्का पटवारियों से प्रतिवेदन मांगा गया है और प्रतिवेदन एसडीएम कार्यालय में प्रस्तुत किया जाएगा। उन्होंने बताया कि पांच वर्ष से अधिक पुरानी त्रुटियों के सुधार की अनुमति कलेक्टर स्तर से प्राप्त होती है। अनुमति मिलने के बाद नियमानुसार रिकॉर्ड सुधार की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल मामले की शिकायत प्रशासनिक स्तर पर जांच के लिए पहुंच गई है।
- *टीकमगढ़: गेहूं तुलाई न होने से नाराज किसानों ने मंडी गेट पर लगाई सैकड़ों ट्रैक्टर-ट्राली, प्रशासन ने बनाई टोकन व्यवस्था* *टीकमगढ़* – बड़ागांव धसान मंडी में गेहूं की तुलाई न होने से नाराज किसानों ने मंडी गेट के बाहर सैकड़ों ट्रैक्टर-ट्राली खड़ी कर विरोध जताया। किसानों का आरोप है कि मंडी प्रांगण में तुलाई के पुख्ता इंतजाम नहीं किए गए हैं, जिससे घंटों इंतजार के बाद भी गेहूं नहीं तौला जा रहा। स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने अव्यवस्था नियंत्रित करने के लिए टोकन व्यवस्था लागू करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। किसानों में गहरी नाराजगी है और उन्होंने जल्द तुलाई शुरू करने की मांग की है।1
- नामांतरण के नाम पर पैसे लेने का आरोप, नायब तहसीलदार ने बताया निराधार नामांतरण के नाम पर पैसे लेने का आरोप, नायब तहसीलदार ने बताया निराधार निवाड़ी जिले के जेरोन क्षेत्र के समरया निवासी बृजेंद्र कुशवाहा ने जेरोन की महिला नायब तहसीलदार वंदना राजपूत पर नामांतरण के नाम पर पैसे लेने का गंभीर आरोप लगाया है। मामले को लेकर फरियादी ने निवाड़ी कलेक्टर एवं पृथ्वीपुर एसडीएम से शिकायत कर कार्रवाई की मांग की है। शिकायत सामने आने के बाद प्रशासनिक गलियारों में चर्चा का माहौल बना हुआ है। फरियादी बृजेंद्र कुशवाहा का आरोप है कि सुन्नू लाल कुशवाहा के नाम से वसीयतनामा के आधार पर मजल एवं लुहरगुवा हल्के में स्थित जमीन के नामांतरण के लिए नायब तहसीलदार द्वारा ₹25 हजार लिए गए। आरोप है कि नामांतरण की प्रक्रिया पूरी होने के बाद भी रिकॉर्ड में सुधार नहीं किया गया और बाद में फिर से ₹25 हजार की मांग की गई। बृजेंद्र कुशवाहा ने कहा कि वह लगातार कार्यालय के चक्कर लगाने को मजबूर हैं और उन्हें मानसिक रूप से परेशान किया जा रहा है। वहीं मामले में जेरोन की नायब तहसीलदार वंदना राजपूत ने सभी आरोपों को पूरी तरह निराधार बताया है। उनका कहना है कि वह फरियादी बृजेंद्र कुशवाहा को न तो व्यक्तिगत रूप से जानती हैं और न ही वह कभी उनके कोर्ट में उपस्थित हुआ है। उन्होंने बताया कि नामांतरण से संबंधित जो कार्य उनके स्तर का था, वह पूरा कर दिया गया है। हालांकि रिकॉर्ड अमल में कुछ तकनीकी त्रुटियां सामने आई हैं, जिसके कारण प्रक्रिया लंबित है। नायब तहसीलदार वंदना राजपूत के अनुसार फरियादी की जमीन दो अलग-अलग हल्कों में दर्ज है, जिससे रिकॉर्ड में लगभग 20 वर्ष पुरानी त्रुटि सामने आई है। इस संबंध में दोनों हल्का पटवारियों से प्रतिवेदन मांगा गया है और प्रतिवेदन एसडीएम कार्यालय में प्रस्तुत किया जाएगा। उन्होंने बताया कि पांच वर्ष से अधिक पुरानी त्रुटियों के सुधार की अनुमति कलेक्टर स्तर से प्राप्त होती है। अनुमति मिलने के बाद नियमानुसार रिकॉर्ड सुधार की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल मामले की शिकायत प्रशासनिक स्तर पर जांच के लिए पहुंच गई है।1
- मध्य प्रदेश के पृथ्वीपुर में पूर्व BJP विधायक शिशुपाल यादव पर जमीन हड़पने का आरोप लगा है। कुशवाहा समाज के लोगों ने यह आरोप लगाया, जिसके विरोध में एक किसान 40 फीट ऊंची पानी की टंकी पर चढ़ गया। यह मामला राजनीतिक गलियारों में गरमा गया है।1
- टिकमगढ़ के दिगौड़ा क्षेत्र में एक शादी समारोह में डांस देखने को लेकर दो युवकों में जमकर विवाद हो गया। विवाद बढ़ने पर एक युवक के साथ बेरहमी से मारपीट की गई।1
- टीकमगढ़ जिले के दिगौड़ा कस्बे में पुरानी पुलिस चौकी के पास स्थित एक कपड़ों की दुकान में अचानक भीषण आग लग गई। इस घटना से दुकान को भारी नुकसान पहुंचा है।1
- टीकमगढ़ में अवैध शराब का वीडियो वायरल, पुलिस जांच में जुटी!* अपने क्षेत्र की सभी खबरें देखने और खबरें शेयर करके कमाई करने के लिए डाउनलोड करें शुरू ऐप (Shuru Ap टीकमगढ़ में अवैध शराब का वीडियो वायरल, पुलिस जांच में जुटी!* अपने क्षेत्र की सभी खबरें देखने और खबरें शेयर करके कमाई करने के लिए डाउनलोड करें शुरू ऐप (Shuru Ap1
- 25000 मेगावाट बिजली मध्यप्रदेश में बन रहीं सीएम डॉ मोहन यादव 25000 मेगावाट बिजली मध्यप्रदेश में बन रहीं सीएम डॉ मोहन यादव1
- रेत का अवैध उत्खनन कर रही एलएनटी मशीन को किया जप्त (टीकमगढ़)उपरारा :- टीकमगढ़ जिले की लिधौरा तहसील के अंतर्गत आने वाली ग्राम पंचायत उपरारा खास मे उपरारा सरपंच आकाश श्रोत्रिय की बालू माफियाओं द्वारा रेत का अवैध उत्खनन करने की शिकायत पर प्रशासनिक अमले की टीम ने इतवार की शाम 6:00 बजे जतारा SDM लिधौरा तहसीलदार निशांत चौरसिया एवं जेवर चौकी प्रभारी रेवाराम सिंह गौड़ ने उपरारा की सुखनई नदी पर कार्रवाई की।1